ग्राम कुसुमकसा के टोला पारा मे गांव के भूमियार देव का भूमिपुजन जनपद सदस्य संजय बैस के द्वारा किया गया इस कार्यक्रम सरपंच शिवराम सिंन्द्रामे समाज प्रमुख मोहन हिड़को जगन्नाथ सिवना जोगी राम गांव के बैगा जन उपस्तिथ रहे सर्व प्रथम भूमियार देव पर पूजा अर्चना कर कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया अतिथियों के स्वागत पश्चात ग्रामीन सिमिति के प्रमुख जगन्नाथ सिवना ने स्वागत उदबोधन मे कहा की आज भूमियार देव का निर्माण कार्य का भूमिपुजन हम सभी गांव के लोगो का स्वपन जैसा सैकड़ो वर्ष पूर्व हमारे टोला पारा को बसाने वाले जिनके कृपा दृष्टि से हम गांव मे सुख शान्ति से रहते है हम सभी हमारे जनपद सदस्य का आभार मनाते है हमारे गांव के पुरखा देव स्थल का निर्माण कार्य करने के लिये अपनी निधि से राशि स्वीकृति कर इसे सजाने का जिम्मा लिया सरपंच शिवराम सिंन्द्रामे ने कहा की वर्षो से कई जनप्रतिनिधियों से ग्रामीन जन मांग करते आ रहे थे भूमियार देव स्थल के निर्माण कार्य कराने के लिये पर आज जाकर हमारे जनपद सदस्य संजय बैस जी ने पूरा किया कार्यक्रम के मुख्यातिथि जनपद सदस्य संजय बैस ने सम्बोधित करते हुये कहा की आज मेरा सोभाग्य है देव स्थल भूमियार देव का निर्माण मेरे जनपद निधि से हो रहा है ग्रामीन जन की मांग पर आज देव स्थल का निर्माण कार्य प्रारम्भ हुवा ये हमारे गांव की धरोवर के साथ हमारी गांव की संस्कृति है जिसे सजोने की जिम्मेदारी हम सबकी है वर्षो पूर्व टोला पारा पर मिटकू मारकम जी ने इस गांव को बासया और उन्ही से गांव की शुरवात हुयी उनका पुण्य प्रताप से गांव खुशहाल है उनका आशीर्वाद हम सब पर सदा बना रहे इस अवसर पर जोगी राम रावटे मोहन हिड़को जागेश्वर भोई नारायण यादव किरतून ठाकुर मान सिंग तारम और ग्रामीन जन उपस्तिथ रहे
वार्ड क्रमांक 5 में शंकर साहू के नेतृत्व में मातृशक्ति का किया गया सम्मान
दल्लीराजहरा पूर्व पार्षद एवं विश्व हिंदू परिषद नगर अध्यक्ष शंकर साहू के नेतृत्व में नव निवार्चित मंडल अध्यक्ष महेंद्र सिंग गुड्डू मंडल महामंत्री रमेश गुर्जर का शिकारी बाबा वार्ड 5 के दुर्गा मंच में वार्ड की मात्र शक्तियों एवं वार्ड वासियों द्वारा भव्य स्वागत किया तत् पश्चात वार्ड के महतारी वंदन योजना के लाभार्थी महिलाओं का मंडल अध्यक्ष महेंद्र सिंग मंडल महामंत्री रमेश गुर्जर पूर्व पार्षद श्रीमति नीलावती साहु, सुरेन्द्र बेहरा खिलावन दास मानिकपुर, सोनू मानिकपुरी द्वारा श्रीफल देकर सम्मान किया गया । जिसमे मुख्य रूप से सरिता साहु, प्रतिमा, जानकी सिन्हा, शीतल यादव , निमीन देवांगन ,कविता, धान बाई, भारती भास्कर , सुरुचि, पदमा, नीलम जायसवाल, जानकी पांडे ,ममता, सविता , सती साहु, भगवतीं साहु,किरण साहु, का अभिनंदन कर टीका लगाकर उन्हें नारियल फल से सम्मान किया गया।

धान खरीदी के लिए बारदानों की उपलब्धता सुनिश्चित करने कहा कलेक्टर हरिस एस ने
- अवकाश के दिनों में होता रहेगा धान का उठाव
- हमालों की व्यवस्था करने कलेक्टर ने दी हिदायत
जगदलपुर कलेक्टर हरिस एस ने कहा है कि जिले में धान खरीदी की व्यवस्था में बारदाने की उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए खरीदी केंद्रों से धान का उठाव जल्द करवाएं। धान के नियमित उठाव के लिए अवकाश के दिनों में भी हमालों की उपलब्धता सुनिश्चित करें।

कलेक्टर ने टीओ कटवाने की स्थिति और खरीदी केंद्रों में धान जाम की स्थिति का भी समीक्षा की। कलेक्टर ने मंगलवार को जिला कार्यालय के प्रेरणा सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की बैठक में अधिकारियों को निर्देशित किए। कलेक्टर ने नियद नेल्लानार योजना के लिए डाटा एंट्री कार्य की समीक्षा की और डाटा को ग्राम पंचायतवार जानकारी के आधार पर अपडेट करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने अग्रणी बैंक, आदिम जाति कल्याण विभाग, उद्योग, कृषि, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम, महिला एवं बाल विकास, राजस्व विभाग, श्रम विभाग, समाज कल्याण, स्वास्थ्य विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, वन विभाग दूरसंचार, क्रेडा तथा ऊर्जा विभाग के योजनाओं को सेचुरेशन करने कहा। कलेक्टर ने सातों ब्लॉक के एक- एक गांव को चिंहाकित कर सेचुरेशन के लिए 27 दिसंबर से शिविर आयोजित कर योजनाओं के हितग्राहियों को लाभान्वित किए जाने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने पीएम आवास योजना की प्रगति हेतु प्रतिदिन मॉनिटरिंग करने और योजना के लंबित निर्माण कार्यो वालों गावों में कैंप कर प्रगति लाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही जनपद पंचायतवार आवास योजना के कार्यों के निरीक्षण हेतु जिला पंचायत के अधिकारियों को फील्ड पर जाने को कहा। उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन के कार्यो में ओडीएफ प्लस मॉडल ग्रामों के कार्यों की प्रगति, सामुदायिक शौचालय निर्माण कार्य, सेग्रीगेशन शेड, नाडेप टैंक, वर्मी टैंक एवं सोकपिट निर्माण कार्य की समीक्षा की। उन्होंने बैंक लिग्केज प्रोग्रेस की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को बैंक को जाकर ऋण सुविधा को बढ़ाने तथा प्रकरणों के निराकरण में आ रही दिक्कतों को दूर करने के निर्देश दिए। वहीं ऋण सुविधा के प्रकरण में आवश्यक सहयोग नहीं करने वाले बैंकर्स के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कहा।कलेक्टर ने कहा कि महतारी वंदन योजना का बेहतर क्रियान्वयन करें। साथ ही योजना के हितग्राहियों की मृत्यु होने पर संबंधित का नाम कटवाने की कार्यवाही कर पंजी संधारित करें। खाद्य विभाग के अधिकारियों से खाद्यान्न भण्डारण की स्थिति की समीक्षा करते हुए दिसंबर एवं जनवरी माह के भंडारण समय पर करने के निर्देश दिए। उन्होने धान खरीदी की व्यवस्था में बारदाने की उपलब्धता के संबध में संज्ञान लेते हुए खरीदी केन्द्रों से धान का उठाव जल्द करवाने कहा। उन्होंने टीओ कटवाने की स्थिति और खरीदी केंद्रों में धान जाम की स्थिति का भी समीक्षा किए। अवकाश के दिनों में भी लोडिंग करवाने हेतु हमालों की व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होने पीडीएस बारदाना संकलन की स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी पीडीएस दुकानों में बारदाना की उपलब्धता की जांच पटवारी से करवाकर जानकारी देने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने किसान क्रेडिट कार्ड के कार्यो में पशुधन विकास एवं मत्स्यपालन विभाग द्वारा योजना के क्रियान्वयन में लापरवाही बरतने पर नाराजगी जाहिर की। साथ ही पीएम किसान सम्मान निधि योजनांतर्गत नवीन पंजीयन और रबी वर्ष 2024-25 के तहत किसान क्रेडिट कार्ड लक्ष्य पूर्ति पर काम करने निर्देश दिए। उन्होने स्वास्थ्य विभाग के योजनाओं की समीक्षा करते हुए आयुष्मान कार्ड के निर्माण की प्रगति मे नागरिकों को मोबलाइज करने के निर्देश दिए और आयुष्मान कार्ड धारकों की मृत्यु होने पर कार्ड को निरस्त करवाने की कार्यवाही करने कहा। उन्होने एचआरपी स्टेटस की स्थिति, सिकलसेल रिर्पोट, एनआरसी रिपोर्ट, सघन मोतियाबिंद जांच एवं उपचार और टीबी नियंत्रण की स्थिति और स्वास्थ्य केंद्र के भवन निर्माण के विकास कार्यो की प्रगति की भी समीक्षा की। कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को चिरायु योजना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों में जांच करवानें कहा। इसके अलावा नक्सल प्रभावितों को केंद्र-राज्य की योजनाओं का सेचुरेशन की स्थिति की समीक्षा किए। जल जीवन मिशन के कार्यो की विद्युत कनेक्शन की स्थिति, हर घर जल की कार्यो एवं जल जीवन मिशन फेस-2 में क्रेडा के कार्यो की प्रगति का समीक्षा किए। कौशल विकास के तहत प्रशिक्षण देने वाले बैचों को एमसीसी से पहले प्रारंभ करने के निर्देश दिए। समय सीमा के प्रकरणों पर चर्चा विभागों को आवश्यक कार्यवाही कर निराकरण करने के निर्देश दिए। बैठक में सीईओ जिला पंचायत प्रतिष्ठा ममगाई, डीएफओ उत्तम गुप्ता, अपर कलेक्टर सीपी बघेल सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।
बस्तर जिले के मेला मड़ई में फिर चलने लगा खड़खड़िया जुए का खेल, पुलिस दे रही संरक्षण
- जुए के खेल में सरेआम लूटे जा रहे हैं ग्रामीण
- खड़खड़ी वालों पर पुलिस वाले क्यों हैं मेहरबान
–अर्जुन झा–
बकावंड बस्तर जिले में मेले मड़ई का दौर चल रहा है। इन मेला मड़ई में खड़खड़ी जुआ खिलाने वाले चांदी काट रहे हैं। चंद रुपयों के लोभ में पुलिस वाले उन्हें खुला संरक्षण देते नजर आ रहे हैं। खड़खड़ी जुए में यहां के ग्रामीण लूटे जा रहे हैं।
बस्तर जिले की करपावंड तहसील अंतर्गत सांवरा में रविवार को वार्षिक मेला मड़ई का आयोजन किया गया था। मड़ई के दौरान दो स्थानों पर खड़खड़ी जुआ खुलेआम चलता रहा। इन दोनों जगहों पर ग्रामीण बाजी लगाकर रुपए हारते रहे। किसान, मजदूर, युवा अपनी गाढ़ी कमाई जुए में लगाते रहे। मड़ई में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस जवानों की भी ड्यूटी लगी थी, मगर वे जानबूझ कर अनजान बने रहे। ग्रामीणों का कहना है कि खड़खड़ी खेलाने वालों ने पहले ही पुलिस कर्मियों को सेट कर लिया था। मेले के अंदर दो अलग-अलग जगह पर जुआ खड़खड़िया खुलेआम चलाया जा रहा था। मेले का आनंद लेने आए अंचल के तमाम उम्र के लोगों का आकर्षण का केंद्र यही खड़खड़ी जुआ बना हुआ था। धान बेचने से मिली कमाई किसान चंद मिनट में लुटा देते रहे और फिर खाली हाथ घर लौटे। कई लोग जुआ में हारने के बाद निराशा के गर्त में चले जाते हैं और नशे का शिकार हो जाते हैं। नशा कर घर लौटते समय उनके साथ दुर्घटना हो जाती है अथवा घर में वाद विवाद की स्थिति पैदा होती है। इस बारे में थाने में पूछे जाने पर पुलिस कर्मियों ने मड़ई में खड़खड़ी जुआ चलने से साफ इंकार कर दिया। सांवरा पंचायत की मेला समिति के लोगों ने बताया कि इस मामले की करपावडं थाना को जानकारी भी दी गई थी और मेला स्थल में जुआ चलाने को लेकर कुछ लेन-देन का भी जिक्र सांवरा पंचायत व समिति वालों ने किया। ज्ञात हो कि बस्तर पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिंहा के मार्गदर्शन में अवैध गतिविधियों पर लगाम लगाने हेतु उच्च स्तरीय प्रयास जारी हैं, किंतु अवैध गतिविधियों पर जानबूझकर मैदानी अमले द्वारा कार्रवाई नहीं की जाती। ज्ञात हो कि पूरे बस्तर संभाग के ग्रामीण इलाकों में मड़ई के दौरान खड़खड़ी जुआ चलाने वाले तत्व सक्रिय हो जाते हैं। जुआ खिलाने वाले ज्यादातर लोग पड़ोसी राज्य ओड़िशा से आते हैं तथा कुछ स्थानीय भी होते हैं। इन लोगों की मड़ई ड्यूटी में तैनात पुलिस कर्मियों को अच्छी खासी रकम दे दी जाती है, जिसकी वजह से वे उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं करते।
अटल परिसर का भूमिपूजन कल
जगदलपुर भारतरत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के 100वें जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में अटल परिसर का विडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से मुख्यमंत्री विष्णु देव साय भूमिपूजन करेंगे। कार्यक्रम शहर के वीर सावरकर भवन में 25 दिसंबर को दोपहर 1.30 बजे आयोजित होगा। नगर निगम आयुक्त निर्भय कुमार साहू ने बताया कि भूमिपूजन कार्यक्रम लालबाग मैदान दुर्गा मंदिर के सामने संपन्न होगा। उन्होंने नागरिकों से कार्यक्रम में उपस्थिति की अपील की है।
त्रिस्तरीय आम निर्वाचन के लिए आरक्षण 28 व 29 दिसंबर को
जगदलपुर त्रिस्तरीय आम निर्वाचन 2024-25 हेतु जिला पंचायत सदस्य, जनपद पंचायत के अध्यक्ष, सदस्य के आरक्षण एवं महिलाओं के प्रवर्गवार स्थानों के आबंटन-आरक्षण की प्रक्रिया 29 दिसम्बर को सुबह 11 बजे से जिला कार्यालय के प्रेरणा सभा कक्ष में पूरी जाएगी। इसके साथ ही ग्राम पंचायतों के वार्डों के आरक्षण एव ग्राम पंचायत के सरपंच- पंच पदों के प्रवर्गवार एवं महिलाओं के प्रवर्गवार स्थानों के आबंटन-आरक्षण की कार्यवाही पूर्ण करने 28 दिसम्बर को सुबह 11 बजे से संबंधित जनपद पंचायत के सभाकक्ष में चक्रानुक्रम एवं लॉट के माध्यम से आरक्षण की कार्यवाही की जाएगी।
लाल पानी का दुष्प्रभाव रोकने के बनेगी उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति
- नेरली-धुरली जल प्रदाय योजना के सभी गांवों में हो पेयजल आपूर्ति: कमिश्नर
जगदलपुर बस्तर के संभाग आयुक्त डोमन सिंह ने कहा है कि दंतेवाड़ा जिले के नेरली और धुरली जल प्रदाय योजनाओं के माध्यम से ईलाके के सभी गांवों में शुद्ध पेयजल की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करें। इस दिशा में जिन गांवों में पाईप लाईन विस्तार तथा अन्य कार्य प्रगति पर हैं, उसे जल्द पूर्ण करने के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
आयुक्त ने कहा कि दोनों योजनाओं से जलापूर्ति हेतु ईलाके के सभी गांवों का सेचुरेशन शीघ्र सुनिश्चित करें। राष्ट्रीय खनिज विकास निगम के बैलाडीला आयरन ओर प्रोजेक्ट के खनन क्षेत्र के ईलाके में लाल पानी के प्रभाव को रोकने हेतु स्थायी समाधान जरूरी है, इसे मद्देनजर रखते हुए उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति गठित करने के लिए प्रस्ताव राज्य शासन को प्रेषित किया जाएगा। कमिश्नर सिंह सोमवार को आयुक्त कार्यालय के सभागार में नेरली एवं धुरली जल प्रदाय योजनाओं के क्रियान्वयन स्थिति सहित खनन क्षेत्र के नगरीय एवं ग्रामीण इलाकों में लाल पानी के प्रभाव को रोकने सम्बन्धी कार्ययोजना की विस्तृत समीक्षा कर रहे थे। कमिश्नर ने नेरली समूह जल प्रदाय योजनांतर्गत शामिल 8 गांवों में से शेष 5 गांव बेंगपाल, मदाड़ी, चोलनार, कलेपाल और समलवार में पाईपलाइन विस्तार सहित अन्य सभी कार्यों को जल्द पूर्ण करने कहा। साथ ही टेस्टिंग करने के बाद पेयजल आपूर्ति शुरू किए जाने के निर्देश दिए। वहीं धुरली समूह जल प्रदाय योजनांतर्गत शामिल 17 गांवों में नियमित तौर पर जलापूर्ति सुनिश्चित करने पर बल देते हुए कहा कि वर्तमान में गंजेनार एवं मसेनार में नियमित जल प्रदाय के लिए जो कार्य प्रगतिरत हैं, उसे शीघ्र पूर्ण कर ग्रामीणों को लाभान्वित किया जाए। बैठक में अवगत कराया गया कि नेरली समूह जल प्रदाय योजनांतर्गत शामिल 8 गांवों में से वर्तमान मे नेरली, बेहनार, पिनाबचेली में जलापूर्ति किया जा रहा है। वहीं धुरली समूह जल प्रदाय योजनांतर्गत शामिल 17 गांवों में से गमावाड़ा, धुरली, भांसी, पोरोकमेली, बड़े कमेली, दुगेली, खुटेपाल, श्यामगिरी, नकुलनार, कुंआकोण्डा, हल्बारास, मोखपाल, मैलावाडा, हितावर एवं गोंगपाल में नियमित रूप से जलप्रदाय किया जा रहा है। इन दोनों योजनाओं में शामिल शेष ग्रामों में प्रगतिरत कार्यो को जल्द पूर्ण करने के पश्चात इन गांवों में जलापूर्ति की जाएगी।
लाल पानी के प्रभाव पर मंथन
कमिश्नर ने दंतेवाड़ा जिले के अंतर्गत एनएमडीसी के बैलाडीला आयरन ओर प्रोजेक्ट के अधिकारियों को खनन क्षेत्र के ईलाके में लाल पानी के प्रभाव को रोकने के लिए स्थायी समाधान सुनिश्चित करने निर्देशित करते हुए कहा कि यह हम सब की जिम्मेदारी है। वहां के वाशिंदों को इस समस्या से पूरी तरह निजात दिलाएं। विशेषकर ग्रामीणों एवं किसानों को जो प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित हैं उनकी उर्वर खेती की भूमि का जतन सर्वाधिक जरूरी है। इसके साथ ही शुद्ध पेयजल की उपलब्धता और पर्यावरण संरक्षण के मद्देनजर लाल पानी के प्रभाव को रोकने के लिए समुचित और स्थायी समाधान आवश्यक है और इस हेतु राज्य स्तर से पहल किए जाने की स्थिति को देखते हुए उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति गठित करने के लिए प्रस्ताव राज्य शासन को प्रेषित किया जाएगा। उक्त विशेषज्ञ समिति में तकनीकी विशेषज्ञों को भी शामिल करने का अनुरोध किया गया है। इस विशेषज्ञ समिति के प्रतिवेदन के अनुरूप सभी समन्वित कार्यवाही एवं पहल की जाएगी। उन्होंने इस दिशा में अभी चल रहे सभी कार्यों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। बैठक में डिप्टी कमिश्नर बीएस सिदार, मुख्य अभियंता लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी बस्तर परिक्षेत्र हेमराज मर्सकोले सहित पीएचई परियोजना खण्ड जगदलपुर तथा पीएचई दंतेवाड़ा के अधिकारी और राष्ट्रीय खनिज विकास निगम बचेली एवं किरंदुल परियोजना के अधिकारी मौजूद थे।
छत्तीसगढ़ के गांवों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है हमारी सरकार: वनमंत्री केदार कश्यप
- 38 करोड़ से अधिक के 203 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन
- प्रभारी मंत्री केदार कश्यप ने दी बड़ी सौगात
जगदलपुर केंद्र और छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकारों द्वारा क्षेत्र के समग्र विकास को गति देने के लिए विभिन्न योजनाओं और परियोजनाओं का लगातार क्रियान्वयन किया जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को सुकमा जिले के प्रभारी मंत्री केदार कश्यप ने दोरनापाल स्थित रेस्ट हाउस प्रांगण में लोकार्पण और भूमिपूजन कार्यक्रम में शिरकत की।
कार्यक्रम के दौरान 203 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन किया गया, जिनकी कुल लागत लगभग 38 करोड़ 46 लाख रुपए है। मंत्री केदार कश्यप ने बताया कि 55 कार्यों का लोकार्पण किया गया है, जिनकी लागत 11 करोड़ 55 लाख 96 हजार रुपये है, जबकि 148 कार्यों का भूमिपूजन किया गया, जिनकी लागत 26 करोड़ 90 लाख 76 हजार रुपए है। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के माध्यम से क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं में उल्लेखनीय बढ़ोत्तरी होगी।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि सरकार का उद्देश्य सुकमा जिले को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है। महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए महतारी वंदन योजना के तहत सीधे उनके खातों में आर्थिक सहायता दी जा रही है। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना और वनाधिकार पत्र जैसी योजनाओं के जरिए लोगों की रोजमर्रा की जरूरतें पूरी की जा रही हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि हर गांव तक पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के लिए सरकार निरंतर प्रयासरत हैl
हितग्राहियों दिए प्रमाण पत्र
कार्यक्रम के दौरान मंत्री
कश्यप ने कृषि और उद्यानिकी विभाग के माध्यम से हितग्राहियों को सब्जी- बीज वितरण किया। इसके अलावा बच्चों को जाति प्रमाण पत्र, महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। तेंदूपत्ता संग्राहक हितग्राही को प्रतीकात्मक रूप से 1 लाख 15 हजार रुपये का चेक भी प्रदान किया गया। कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव, डीएफओ अशोक कुमार पटेल, अपर कलेक्टर गजेंद्र सिंह ठाकुर, एएपी अभिषेक वर्मा, भाजपा जिला अध्यक्ष धनीराम बारसे, उपाध्यक्ष संजय शुक्ला, नुपुर वैदिक, पी. विजय, कोरसा सून्नू, अरूण सिंह भदौरिया, सोयम मूका, विकास मरकाम, अरुण सिंह भदौरिया, अन्य जनप्रतिनिधि एवं नागरिक उपस्थित थे।
त्रिस्तरीय आम निर्वाचन के लिए आरक्षण 28-29 दिसंबर को
जगदलपुर,24 दिसंबर 2024/ त्रिस्तरीय आम निर्वाचन 2024-25 हेतु जिला पंचायत सदस्य, जनपद पंचायत के अध्यक्ष, सदस्य की आरक्षण एवं महिलाओं के प्रवर्गवार स्थानों के आबंटन-आरक्षण की कार्यवाही 29 दिसम्बर 2024 को सुबह 11 बजे से जिला कार्यालय के प्रेरणा सभा कक्ष में किया जाएगा। इसके साथ ही ग्राम पंचायतों के वार्डों के आरक्षण एव ग्राम पंचायत के सरपंच- पंच पदों के प्रवर्गवार एवं महिलाओं के प्रवर्गवार स्थानों के आबंटन-आरक्षण की कार्यवाही पूर्ण करने 28 दिसम्बर को सुबह 11 बजे से संबंधित जनपद पंचायत के सभाकक्ष में चक्रानुक्रम एवं लॉट के माध्यम से आरक्षण की कार्यवाही किया जाएगा।
पिछड़ा वर्ग की चार सूत्रीय मांगों को लेकर 30 को बस्तर संभाग बंद और चक्काजाम का अल्टीमेटम
- निकायों में आरक्षित सीटें घटाए जाने से आक्रोश
जगदलपुर छत्तीसगढ़ सर्व पिछड़ा वर्ग समाज बस्तर संभाग स्थानीय निकाय व पंचायत में पिछड़े वर्ग के आरक्षण में कटौती को बड़ा मुद्दा बना रहा है।राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, राज्यपाल व उपमुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन कलेक्टर को सौंपागया है।
पिछड़ा वर्ग अध्यक्ष तरुण धाकड़ सहित प्रतिनिधियों ने यह ज्ञापन सौंपा। पिछड़ा वर्ग समाज ने चार मुद्दों की ओर ध्यान आकर्षित किया है। पंचायती राज अधिनियम के तहत 2024 में आरक्षण को संशोधित करते हुए पिछड़ा वर्ग समाज के लिए निर्धारित 25 प्रतिशत को 50 प्रतिशत करने का प्रावधान किया गया है, जो कि बस्तर संभाग संभाग एवं दुर्ग संभाग के दो जिले मोहला मानपुर एवं बालोद जिला के पिछड़ा वर्ग के लोगों के लिए लगभग शून्य है क्योंकि 50 प्रतिशत आरक्षण बस्तर एवं सरगुजा संभाग को नहीं मिल पा रहा है। पंचायत एवं नगरीय क्षेत्रों में सीटों का आरक्षण लागू किया जा रहा है। आरक्षण रोस्टर के अवलोकन से स्पष्ट है कि विगत चुनाव के मुकाबले 2024 के आरक्षण रोस्टर में ओबीसी वर्ग के सीटों की संख्या काफी कम हुई है। ऐसा आरक्षण किस आधार पर हुआ है? इसका भी ज्ञान ओबीसी समुदाय को नहीं हो पा रहा है । आरक्षण व्यवस्था पूर्णतः त्रुटिपूर्ण है जिसका सुधार किया जाना अति आवश्यक है। बस्तर संभाग के अलावा मानपुर एवं बालोद जिलों में निवासरत पिछड़ा वर्ग समाज के अधिकारों के साथ पूरी तरह से खिलवाड़ व छलावा है, जिसके फलस्वरूप ग्राम पंचायत, नगर पंचायत,नगर पालिका एवं नगर निगमों में पिछड़ा वर्ग समाज की सीटों में कटौती करते हुए अनारक्षित किया गया है। कहा गया है कि शासन के इस निर्णय से पूरा पिछड़ा वर्ग समुदाय नाराज एवं आक्रोशित है। इस पर यथाशीघ्र पुनर्विचार करते हुए अनारक्षित सीटों में की गई बढ़ोतरी को कम करते हुए पिछड़ा वर्ग समाज हेतु सीटों को आरक्षित करने का आग्रह किया गया है। दंतेवाड़ा जिला के कलेक्टर और मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत दंतेवाड़ा को जिले से तत्काल हटाने की मांग की गई है। कहा गया है कि इन दोनों अधिकारियों द्वारा न्यूसेंस पैदा किया जा रहा है। दंतेवाड़ा पिछड़ा वर्ग समाज के प्रतिनिधियों के साथ एवं आम लोगों के साथ दोनों अधिकारियों द्वारा किए जा रहे बर्ताव, कार्यशैली एवं व्यवहार से लोग आक्रोशित हैं। ज्ञापन में आसकरण पटेल ग्राम कलगांव तहसील अंतागढ़ जिला कांकेर का पिछड़ा वर्ग समाज द्वारा राजाराव पठार में किए जा रहे आंदोलन के दौरान 13 सितंबर को आकस्मिक मृत्यु हुई है।आसकरण पटेल के परिवार को 50 लाख का मुआवजा दिए जाने की मांग की गई है। वीणा गजेंद्र पिता पुरुषोत्तम गजेंद्र ग्राम तहसील चारामा जिला कांकेर का एमएमआई नारायणा हॉस्पिटल में अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही से 26 नवंबर को मौत हुई है। इस संबंध में समाज द्वारा बस्तर संभाग के सभी जिलों से ज्ञापन के माध्यम से शासन- प्रशासन को अवगत कराते हुए एमएमआई नारायणा हॉस्पिटल की लापरवाही की न्यायिक जांच करते हुए दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की मांग की गई थी किंतु आज तक कार्यवाही नहीं हुई है। इन मांगों को सात दिन में अमल न होने पर 30 दिसंबर को बस्तर संभाग के सभी जिला मुख्यालयों में छत्तीसगढ़ सर्व पिछड़ा वर्ग समाज बस्तर संभाग के नेतृत्व में महाबंद एवं चक्काजाम करने की चेतावनी दी गई है।


