15 किलोग्राम का ट्यूमर सफलतापूर्वक किया गया निष्कासित – महिला को मिला नया जीवन

0
953

बिटाल की 39 वर्षीय महिला, पिछले तीन महीनों से पेट में तेज़ दर्द और एक बढ़ती हुई गांठ से परेशान थीं। जब वह अस्पताल पहुँचीं, तो डॉक्टरों ने देखा कि पेट का लगभग पूरा हिस्सा एक ठोस मास से भरा हुआ था। जांच के दौरान सीटी स्कैन में 31×15×24 सेंटीमीटर का एक विशाल गांठ पाया गया, जो सामान्य आकार की तुलना में कई गुना बड़ा था।

10 फरवरी 2025 को की गई अल्ट्रासोनोग्राफी में यह मास retroperitoneal क्षेत्र में कुछ भागों के साथ देखा गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए 08/06/2025 को मरीज की Exploratory Laparotomy के साथ TAH और बाईं ओवरी को हटाने की प्रक्रिया की गई।

यह जटिल और जोखिमपूर्ण ऑपरेशन डॉ. शीला कुंडू ( स्त्री रोग विशेषज्ञ ) के मार्गदर्शन और डॉ.शैबाल जाना के नेतृत्व में संपन्न हुआ,जिसमें डॉ. प्रीती अधिकारी, श्री नरेश उइके, श्रीमती बंसाला एवं श्री कीर्तन ने सहायक भूमिका निभाई। ऑपरेशन के दौरान निकाले गए ट्यूमर का वजन लगभग 15 किलोग्राम था।

सर्जरी पूरी तरह सफल रही और रोगी अब स्वस्थ हैं। ट्यूमर के सैंपल को आगे की पुष्टि के लिए हिस्टोपैथोलॉजिकल परीक्षण (HPE) हेतु भेजा गया है।

डॉ.जाना ने बताया,”इतना बड़ा फाइब्रॉइड बहुत ही दुर्लभ होता है, और इसकी समय रहते पहचान और सर्जिकल हस्तक्षेप ने रोगी की जान बचाई जा सकती है ।”

यह सफलता स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं की दक्षता और समर्पण को दर्शाती है। अस्पताल प्रबंधन ने सर्जन व उनकी टीम को इस जटिल ऑपरेशन को सफलतापूर्वक संपन्न करने पर बधाई दी है