संजय बैंस के मदत से अब 1000 मिलेंगे तो मैं तो पूरी तरह से उम्मीद ही छोड़ दी थी,भगवान बनकर आए मेरे लिए संजय बेटा ।” यह कहते हुए 70 वर्षीय गणेशिया बाई देशमुख की आंखें भर आईं। कुसुमकसा निवासी गणेशिया बाई पिछले कई महीनों से महतारी वंदन योजना की आधी-अधूरी राशि के कारण परेशान थीं। सरकारी योजना में महिलाओं को 1000 रुपये मिलते हैं, लेकिन उनके खाते में हर माह सिर्फ 500 रुपये ही पहुंच रहे थे।दरअसल, फॉर्म भरते समय हुई विभागीय त्रुटि ने गणेशिया बाई का सहारा छीन लिया था। उनके आवेदन में गलती हो गया, जबकि उन्होंने कभी वृद्धा पेंशन के लिए आवेदन ही नहीं किया था। नतीजा यह हुआ कि महतारी वंदन योजना से 1000 की जगह केवल 500 रुपये मिलने लगे। बार-बार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के चक्कर काटने पर भी उन्हें सिर्फ आश्वासन मिला, समाधान नहीं।गणेशिया बाई अपने पति के साथ रहती हैं। दोनों की उम्र 70 पार है और उनकी कोई संतान नहीं है। बुढ़ापे में जीवनयापन का एकमात्र सहारा सरकार की यह योजना ही थी। आधा पैसा मिलने से घर चलाना मुश्किल हो रहा था।हताश होकर गणेशिया बाई ने पूर्व जनपद सदस्य संजय बैंस से गुहार लगाई। संजय बैंस ने मामले को गंभीरता से लिया और तुरंत विभागीय अधिकारियों से संपर्क कर पूरी जानकारी जुटाई। उनकी पहल पर विभागीय चूक सुधारी गई और इस माह से गणेशिया बाई के खाते में पूरे 1000 रुपये आना शुरू हो गए हैं।खाते में पूरी राशि देखकर गणेशिया बाई भावुक हो गईं। उन्होंने कहा, “संजय भैया ने बुढ़ापे में हमारा सहारा बनकर दिखाया। अब दो वक्त की रोटी की चिंता थोड़ी कम होगी।”स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि संजय बैंस ने फिर साबित किया है कि जनप्रतिनिधि संवेदनशील हो तो कागजों में अटकी योजनाएं भी जमीन पर उतरती हैं। यह मामला बताता है कि एक छोटी सी लिपिकीय गलती किसी बुजुर्ग की जिंदगी कितनी मुश्किल बना सकती है।इस पर संजय बैंस ने कहा, “प्रशासन और जनता के बीच सेतु बनना हमारा फर्ज है। जब कोई बुजुर्ग मदद के लिए आता है तो उसकी समस्या को टालना नहीं चाहिए। आज गणेशिया बाई के चेहरे की मुस्कान देखकर लगता है कि प्रयास सार्थक हुआ।” एक जनप्रतिनिधि की पहल ने न सिर्फ 70 साल की बुजुर्ग महिला को उसका हक दिलाया, बल्कि यह संदेश भी दिया कि व्यवस्था में संवेदना जिंदा हो तो समाधान निकल ही आता है।
कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने ग्राम भैंसबोड़ में आयोजित जनसमसया निवारण शिविर के अवसर पर जनजातीय गरिमा उत्सव 2026 का किया शुभारंभ
जिले में 18 से 25 मई तक आयोजित कार्यक्रम के दौरान चयनित ग्रामों में विभिन्न गतिविधियों का किया जाएगा आयोजन
बालोद, 19 मई 2026 जनजातीय कार्य मंत्रालय भारत सरकार के निर्देशानुसार कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने सोमवार 18 मई को जिले के डौण्डी विकासखण्ड के ग्राम भैंसबोड़ में सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित जनसमसया निवारण शिविर के अवसर पर जनजातीय गरिमा उत्सव 2026 का शुभारंभ किया। इस दौरान कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने सभी विभाग प्रमुखों को इस उत्सव के माध्यम से जनजातीय हितग्राहियों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित कराने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस मौके पर सभी विभाग प्रमुखों को कार्यक्रम की रूपरेखा की जानकारी देने के अलावा कार्ययोजना के संबंध में उन्मुखीकरण भी किया गया। सहायक आयुक्त आदिवासी विकास श्री विजय सिंह कंवर ने बताया कि बालोद जिले में 18 से 25 मई तक आयोजित इस जनजातीय गरिमा उत्सव के दौरान धरती आबा अंतर्गत जिले के चयनित आदिवासी बहुल ग्रामों में विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि जनजातीय गरिमा उत्सव के इस राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम के दौरान जनजातीय समुदायों की गरिमा, विरासत, योगदान एवं उपलब्धियों का सम्मान सुनिश्चित करने के अलावा जनजातीय कार्य मंत्रालय की समग्र जनजातीय विकास और सशक्तिकरण के लिए विभिन्न उपक्रमों और योजनाओं के परिवर्तनकारी प्रभाव को सामने लाने का प्रयास किया जाएगा। सहायक आयुक्त आदिवासी विकास ने बताया कि यह उत्सव एक जनभागीदारी अभियान है जिसकी थीम ‘‘सबसे दूर, सबसे पहले’’ है। इस दौरान उन्होंने इसके अंतर्गत प्रत्येक दिवसों में आयोजित की जाने वाली विभिन्न गतिविधियों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इसके अंतर्गत इसका समुचित प्रचार-प्रसार, लाभार्थी संतृप्ति, स्वास्थ्य शिविर, ट्रांसेक्ट वॉक, वृक्षारोपण सेवा केंद्र में जनसुनवाई आदि गतिविधियां शामिल है। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुनील चंद्रवंशी, अपर कलेक्टर चंद्रकांत कौशिक एवं राज्य एथेलेटिक संघ के उपाध्यक्ष श्री सौरभ लुनिया, जनपद अध्यक्ष मुकेश कौड़ो, जनपद उपाध्यक्ष भोलाराम नेताम, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि मनीष झा, जिला पंचायत सदस्य मिथलेश निरोटी एवं सुश्री नीलिमा श्याम सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
जब मिले देश के धर्मयोगी और बस्तर के कर्मयोगी
धर्म गुरु मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ से महापौर सनातनी संजय पाण्डेय की खास मुलाकात
संजय पाण्डेय को क्या गुरु मंत्र दे गए महंत योगी आदित्य नाथ
-अर्जुन झा–
जगदलपुर जब धर्म और कर्म का मेल होता है, तो उसका लाभ आम जन मानस को अवश्य मिलता है। ऐसा ही एक अनूठा और अविस्मरणीय मेल आज जगदलपुर में देखने को मिला, जब देश दुनिया में विख्यात धर्म गुरु मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सनातनी कर्मयोगी महापौर संजय पांडेय की बड़ी दिलचस्प मुलाकात हुई।धर्म और कर्म का यह मेल क्या जगदलपुर के इतिहास के पन्नों में नया अध्याय लिखेगा? इस बात की चर्चा यहां जोरों पर है। उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ जगदलपुर में मंगलवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक में भाग लेने आए थे। एक तरफ जहां योगी आदित्य नाथ की एक झलक पाने लोग लालायित नजर आ रहे थे और कई दिग्गज नेता उनसे मिलने के लिए आतुर थे, मगर मिल नहीं पाए।
वहीं मेयर संजय पाण्डेय की योगी आदित्य नाथ से दो बार मुलाकात हुई। पहली भेंट जगदलपुर के हवाई अड्डे पर हुई, जहां संजय पाण्डेय ने योगी जी का स्वागत किया और योगी जी ने महापौर की पीठ थपथपा कर उन्हें मुस्कुराते हुए आशीर्वाद दिया,युवा एवं सनातनी महापौर संजय पाण्डेय की दूसरी मुलाकात कई मायने निकालने वाली रही। ये मायने समय आने पर सामने आएंगे, लेकिन योगी जी ने जिस प्रकार सनातनी महापौर संजय पाण्डेय को महत्व दिया है, उसके दूरगामी परिणाम जगदलपुर और बस्तर को अवश्य देखने को मिलेंगे। फिलहाल नक्सल मुक्त बस्तर में आए योगी आदित्यनाथ ने महापौर संजय पाण्डेय को विशेष महत्व दिया है। चूंकि भाजपा संगठन में योगी आदित्य नाथ की अच्छी पैठ है। इस लिहाज से उनके साथ हुई मेयर संजय पाण्डेय की विशेष मुलाकात के राजनैतिक मायने भी हो सकते हैं। एक हैं शहर की राजनीति के धुरंधर खिलाड़ी संजय पाण्डेय और दूसरे देश के प्रख्यात हिंदू हृदय सम्राट न्यायप्रिय बुलडोजर बाबा योगी आदित्य नाथ, जिनके डर से उत्तरप्रदेश के बड़े बड़े माफिया भी थर थर कांपते हैं। सुरक्षा के साथ विकास के मूल मंत्र पर चलने वाले धर्मयोगी योगी आदित्य नाथ ने जगदलपुर के कर्मयोगी सनातनी महापौर को जरूर कुछ न कुछ गुरु मंत्र दिए होंगे। इस गुरु मंत्र से जगदलपुर शहर के लोगों को धर्म और कर्म के मिलन का लाभ जरूर निकट भविष्य में मिलेगा, ऎसी उम्मीद है।
मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक शुरू
जगदलपुर मध्य क्षेत्रीय परिषद की 26वीं बैठक जगदलपुर में शुरू हो गई है। बैठक केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ले रहे हैं। बैठक में भाजपा शासित चार राज्यों छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री भाग ले रहे हैं।
माँ दन्तेश्वरी की पावन धरा बस्तर पहुँचे उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने जगदलपुर विमानतल पर किया भव्य आत्मीय स्वागत
जगदलपुर प्राकृतिक सौन्दर्य, समृद्ध आदिवासी संस्कृति और लोक परम्पराओं से पोषित माँ दंतेश्वरी की पावन भूमि बस्तर के प्रवास पर मंगलवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जगदलपुर आगमन हुआ। जगदलपुर स्थित माँ दन्तेश्वरी विमानतल (हवाईअड्डे) पर भारतीय जनता पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने भाजपा पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ उनका आत्मीय स्वागत किया।इस अवसर पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री देव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को बस्तर की पावन धरा पर अगवानी करते हुए उन्हें बस्तर की पारम्परिक कलाकृति और स्मृति चिह्न भेंट कर छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से हार्दिक अभिनन्दन किया। इस मौके पर श्री देव ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन से छत्तीसगढ़ और विशेषकर बस्तर अंचल में विकास, सुशासन और जन-कल्याण के संकल्पों को और अधिक गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के स्वागत के लिए माँ दन्तेश्वरी विमानतल पर भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों में अभूतपूर्व उत्साह देखा गया। पारंपरिक बस्तरिया अंदाज और लोक संस्कृति की झलक के साथ अतिथि-सत्कार किया गया। इस दौरान बस्तर संभाग के वरिष्ठ भाजपा नेता, स्थानीय विधायक, जनप्रतिनिधि तथा भारी संख्या में प्रबुद्ध नागरिक व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री द्वय यादव व धामी और मप्र के कैबिनेट मंत्री विजयवर्गीय का बस्तर पहुँचने पर स्वागत
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष देव ने बस्तर आगमन पर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्करसिंह धामी एवं मध्यप्रदेश सरकार के वरिष्ठ कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का मंगलवार को बस्तर पहुँचने पर आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर उनके साथ छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप, सांसद महेश कश्यप सहित पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारीगण एवं भारी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। ने राष्ट्रीय व प्रादेशिक नेतृत्व का स्वागत करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के साथ-साथ छत्तीसगढ़ और बस्तर विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। डबल इंजन की सरकार के इस दौर में विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं का बस्तर आगमन यह दर्शाता है कि केंद्र और भाजपा नेतृत्व के लिए बस्तर का विकास और यहाँ की जनता का कल्याण सर्वोपरि हैं।
सनातनी महापौर ने योगी आदित्य नाथ का किया आध्यात्मिक अभिनंदन
जगदलपुर पहुंचे योगी का किरण सिंह देव और मंत्री केदार कश्यप ने भी किया स्वागत
जगदलपुर मध्य क्षेत्र परिषद की बैठक में भाग लेने जगदलपुर पहुंचे उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जगदलपुर के धर्मप्रेमी सनातनी महापौर संजय पाण्डेय ने आत्मीय और आध्यात्मिक स्वागत किया। संजय पाण्डेय के माथे पर लगे त्रिपुंड और उनकी बातचीत की शैली से प्रभावित मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संजय पाण्डेय की पीठ थपथपा कर उन्हें आशीर्वाद दिया। जगदलपुर के मां दंतेश्वरी एयरपोर्ट पर उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का भव्य स्वागत प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण सिंह देव, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप और महापौर संजय पांडेय ने किया। विदित हो कि बस्तर से नक्सल समस्या को समाप्त करने के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने इस क्षेत्र को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने जगदलपुर में मध्य क्षेत्र परिषद से जुड़े चार राज्यों के मुख्यमंत्रियों की आज 19 मई को हाई लेवल बैठक बुलाई है।

ये चारों राज्य भाजपा शासित हैं। इन राज्यों में से मध्यप्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री कल शाम से ही जगदलपुर पहुंच चुके हैं। छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णुदेव साय लगातार तीन दिन से गृहमंत्री के साथ हैं। आज सुबह उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी जगदलपुर पहुंच गए। यहां एयर पोर्ट पर योगी आदित्यनाथ का हुआ अभिनंदन देखने लायक था। लोगों का सबसे ज्यादा आकर्षण का केंद्र रहा योगी आदित्यनाथ और जगदलपुर के प्रखर सनातनी महापौर संजय पाण्डेय का मिलन।

संजय पाण्डेय हमेशा अपने मस्तक पर त्रिपुण्ड लगाए रखते हैं।उनकी वेशभूषा और शैली को देख योगी आदित्य नाथ बेहद प्रभावित नजर आए। उन्होंने मुस्कुराते हुए संजय पाण्डेय का अभिवादन स्वीकार किया और मुस्कुराते हुए उनकी पीठ थपथपाई। यह दृश्य देख लोग अभिभूत हो उठे। वहीं प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण सिंह देव ने योगी आदित्य नाथ को झुक कर प्रणाम किया। वन मंत्री केदार कश्यप ने बड़ा गुलदस्ता भेंट कर योगी जी का स्वागत किया। कुल मिलाकर बस्तर के लिए यह पल अविस्मरणीय बन गया।दोपहर में उक्त हाई प्रोफाइल बैठक शुरू होगी
बस्तर की उड़न परी कुसुम शार्दुल को हल्बा समाज ने किया सम्मानित
42 किमी मैराथन दौड़ में बस्तर की बेटी कुसुम शार्दुल रही है प्रथम
जगदलपुर मार्च माह में आयोजित बस्तर हैरिटेज मैराथन में 42 किलोमीटर की फुल मैराथन में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली बस्तर की बेटी और उड़न परी कुसुम शार्दूल को 32 गढ़ महासभा हल्बा समाज ने गढ़ मधोता में आयोजित समारोह में सम्मानित किया। हल्बा समाज ने अपनी बेटी की उपलब्धि को गौरव का विषय बताते हुए कहा कि कुसुम ने पूरे बस्तर अंचल का नाम रौशन किया है। कुसुम ने मैराथन की चुनौतीपूर्ण दूरी मात्र 3 घंटे 18 मिनट 43 सेकंड में पूरी कर अपनी दृढ़ता और मेहनत का परिचय दिया था। ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाली कुसुम की यह सफलता क्षेत्र की अन्य युवतियों के लिए प्रेरणा बन गई है। सम्मान समारोह में समाज के पदाधिकारियों ने कुसुम को मंच पर बुलाकर शील्ड, शॉल, श्रीफल और सहयोग राशि भेंट की। इस दौरान उपस्थित लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ उनका स्वागत किया।

कार्यक्रम में हल्बा समाज के अध्यक्ष रतुराम मांझी ने कहा कि कुसुम की जीत यह साबित करती है कि लगन और परिश्रम से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। सचिव गुड्डू नाग और कोषाध्यक्ष पदम नाग ने कहा कि कुसुम जैसी बेटियां समाज के लिए गर्व का विषय हैं। संरक्षक परशुराम माझी, न्याय समिति अध्यक्ष लक्ष्मीनाथ मांझी, महिला अध्यक्ष कमला मांझी ने भी कुसुम के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। समारोह में सुखदास नाग, रणवीर कोकड़िया, घसु मांझी, लखमू नाग, भोला शांडिल्य, बजनाथ शांडिल्य, महेश्वर, रामनिवास देहारी सहित समाज के वरिष्ठजन, युवा और महिलाएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने कहा कि कुसुम की उपलब्धि बस्तर की बेटियों को खेल और शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी। पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई कि कुसुम आगे चलकर राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर भी बस्तर का गौरव बढ़ाएगी और अंतर्राष्ट्रीय धाविका उड़न परी पी टी उषा की तरह ख्याति अर्जित करेगी।
अब नक्सल प्रभावित नहीं रहा नेतानार, गांव में पहुंच गई डिजिटल सरकार
गृहमंत्री अमित शाह ने शहीद वीर गुंडाधुर सेवा डेरा का किया उद्घाटन
चखा बस्तर की इमली का स्वाद, कहा- मीठी है यह इमली
एक ही छत के नीचे सभी प्रकार की ऑनलाईन सुविधाएं उपलब्ध
जगदलपुर केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह सोमवार को बस्तर जिले के नेतानार ग्राम में सीआरपीएफ कैंप पहुंचे। यहाँ उन्होंने शहीद वीर गुंडाधुर सेवा डेरा (जन सुविधा केंद्र) का उद्घाटन किया। अमित शाह ने इमली प्रसंस्करण केंद्र में प्रशिक्षण ले रही स्व सहायता समूह की महिलाओं से जाना कि कैसे वे इमली बिक्री कर अपनी आय में वृद्धि कर रही हैं। श्री शाह ने बस्तर की इमली का स्वाद चखा और कहा कि यहां की इमली में बहुत मिठास है। समूह की लंबी नाग ने बताया कि इस समूह से जुड़कर वे सालाना एक लाख रु तक आय अर्जित कर सकेंगी। गुंडाधुर महिला स्व सहायता समूह में महिलाएं इमली का प्रसंस्करण करके उच्च गुणवत्ता युक्त इमली पल्प तैयार कर रही हैं।

शाह सेवा सेतु केंद्र पहुंचे। यहां वे ग्राम नेतानार निवासी सुखदेवी से मिले। सुखदेवी ने बताया कि उन्होंने अभी अपनी पांच माह की बेटी पद्मा का आधार कार्ड बनवाया है। आधार सेवा केंद्र खुलने से पहले उन्हें 10 किलोमीटर पैदल चलकर नानगुर तक जाना पड़ता था। अब यहां पर ग्रामीणों को नया आधार, आधार अपडेट, केवायसी, मोबाइल नम्बर अपडेट, ई-आधार जैसी सुविधाएं मिल सकेंगी। सेवा सेतु केंद्र में सोनामनी ने बताया कि वे बहुत दिन महतारी वंदन योजना का ई केवायसी कराना चाहती थीं लेकिन दूरी अधिक होने के कारण वे जा नहीं पा रहीं थीं। गांव में ही केंद्र खुल जाने के कारण आज ही उन्होंने ई केवायसी करा लिया है। उल्लेखनीय है कि ग्रामीण यहां पर विभिन्न प्रकार के ऑनलाइन प्रमाण पत्र का लाभ ले सकेंगे ।

इस केंद्र में जन्म, आय, जाति आदि प्रमाण पत्र आसानी से एक ही जगह बनाए जा सकेंगे। इस केंद्र में महिलाओं को बैंक सखी का भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है। बैंक सखी के माध्यम से महिलाएं गांव में ही पैसा जमा करना, पैसा निकालना, स्व सहायता समूह के लिए खाता खोलना, केवायसी, बैंक खाते में मोबाईल नंबर अपडेट, एसएचजी क्रेडिट लिंकेज जैसी सुविधाएं पा सकेंगी। अमित शाह ने सिलाई प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षण पा रही महिलाओं से भी मुलाकात की । यहां पर महिलाओं को बेसिक एवं एडवांस सिलाई का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। विजय कुमारी ने बताया कि यहां से सिलाई सीखने के बाद वे अच्छे से अपने परिवार का पालन पोषण कर पाएंगी। गृहमंत्री अमित शाह ने धान ढेकी प्रशिक्षण केंद्र में ग्रामीण महिलाओं से चर्चा की। इसके माध्यम से चावल बिक्री से ग्रामीणों महिलाओं की आय वृद्धि तो होगी साथ ही निकलने वाली धान की भूसी से पशुओं को पौष्टिक आहार भी मिलेगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, मुख्य सचिव विकासशील एवं नागरिक उपस्थित रहे।

रेत माफियाओं और लोहा चोरों के वाहनों ने निकाला सड़क का कचूमर
ओवर लोडेड गाड़ियों की वजह से सड़क की दुर्गति
अर्जुन झा
बकावंड विकासखंड के दर्जनों गांव से होकर गुजर कर जगदलपुर से ओड़िशा को जोड़ने वाली सड़क रेत माफियाओं के ओवर लोडेड ट्रकों, डंपरों और टिप्परों की वजह से बुरी तरह खस्ताहाल हो गई है। सड़क की दुर्दशा ग्रामीणों के लिए परेशानी की वजह बन गई है। यह सड़क नगरनार स्टील प्लांट, विकासखंड बकावंड की ग्राम पंचायत बनियागांव के आश्रित ग्राम बेलगांव से होती हुई उड़ीसा सीमा पर समाप्त होती है। ओड़िशा और जिला मुख्यालय जगदलपुर जाने के लिए यही सड़क सबसे महत्वपूर्ण है। फिर भी लोक निर्माण विभाग के अधिकारी इस ओर जरा भी ध्यान नहीं दे रहे हैं। सड़क से गुजरने वाली भारी वाहन हाइवा और ट्रक जब तीस से ज्यादा टन का बोझ लेकर गुजरते हैं। इन वाहनों के दबाव से सड़क का कचूमर निकल गया है। सड़क जगह जगह से टूट फूट गई है। रेत माफियाओं के ट्रक और नगरनार स्टील प्लांट से निकलने वाले लोहा चोरी करने वालों के वाहन इसी मार्ग से गुजरते हैं।

इन्ही अवैध वाहनों ने सड़क का बेड़ागर्क कर डाला है।निर्माण एजेंसी लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से कई बार शिकायत करने के बावजूद अब तक इस सड़क का सुधार नहीं हो पा रहा है।बकावंड ब्लॉक के तारापुर, बनियागांव, बेलगांव से निकलने वाले रेत से भरे हैवी ट्रक टिप्पर से सड़क की दुर्दशा हो गई है।ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि ओवरलोड ट्रकों पर तुरंत रोक लगाने और सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जनप्रतिनिधि ध्यान दें तो तत्काल कार्रवाई हो सकती है। अभी ध्यान न देने की वजह से आम जनता परेशान है। ग्रामीणों का कहना है कि बकावंड एसडीएम और लोक निर्माण विभाग को मौके का निरीक्षण करके सड़क मरम्मत का प्रस्ताव भेजना चाहिए। साथ ही परिवहन विभाग को ओवरलोड वाहनों पर सख्ती से कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि भविष्य में सड़क फिर से खराब न हो।
बस्तर संभाग में 1.62 करोड़ का धान घोटाला
छिंदगढ़ के आधा दर्जन खरीदी केंद्रों से 3 हजार क्विंटल धान गायब
मैनेजर एवं खरीदी प्रभारी से होगी एक करोड़ से अधिक की रिकवरी == डीएमओ की भी साठगांठ की हो रही है चर्चा
-अर्जुन झा-
जगदलपुर बस्तर संभाग में धान घोटाला का बड़ा मामला सामने आया है। संभाग के सुकमा जिले के छिंदगढ़ विकासखंड के आधा दर्जन धान खरीदी केंद्रों में एक करोड़ 62 लाख रूपये अधिक का धान गायब कर दिया गया है। इस धान की मात्रा सवा तीन हजार क्विंटल से भी अधिक है। मामले की जांच रिपोर्ट तहसीलदार अमर गुप्ता कलेक्टर सुकमा को सौंप चुके हैं। अब आगे की कार्रवाई कलेक्टर के पाले में है।
खबर है कि अब इस मामले में मैनेजर एवं खरीदी प्रभारी पर एफआईआर भी दर्ज हो सकती है। सुकमा जिले के सभी धान खरीदी केंद्रों की जांच कराई गई है। जांच में 8 करोड़ रुपए से अधिक की घपलेबाजी उजागर होने की चर्चा है। सुकमा जिले के छिंदगढ़ ब्लॉक के धान खरीदी में धान घोटाले बड़ा खुलासा हुआ है। कलेक्टर के आदेश पर आधा दर्जन धान खरीदी केंद्रों का भौतिक सत्यापन किया गया। इस दौरान सवा 3 हजार क्विंटल धान गायब होने की बात सामने आई है और सैकड़ों बोरा धान सड़ा हुआ पाया गया है। केंद्रों से गायब धान का मूल्य 1 करोड़ 62 लाख रुपए से अधिक आंकी गई है।तहसीलदार श्री गुप्ता ने बताया कि कलेक्टर के आदेश पर दो सदस्यीय जांच दल द्वारा खरीदी केंद्रों का भौतिक सत्यापन किया गया है, जहां 1 करोड़ 62 लाख से अधिक का धान कम होना पाया गया है। जांच रिपोर्ट कलेक्टर को सौंप दी गई है। ज्ञातव्य हो कि सुकमा जिले के कोंटा इलाके के खरीदी केंद्रों में भी बड़ा घालमेल किया गया है। इसकी जांच हुई तो बड़ा घोटाला उजागर हो सकता है। छिंदगढ़ के आधा दर्जन खरीदी केंद्रों की जांच में अनियमिता के खुलासे के बाद प्रबंधक एवं खरीदी प्रभारी पर कार्रवाई की तलवार लटकी हुई है। इस घालमेल मामले में डीएमओ की भी सांठगांठ की चर्चा है।*वर्सन**दोषियों पर होगी कार्रवाई* शिकायत के आधार पर जिले के तीनों विकासखंडों के धान खरीदी केंद्रों की जांच कराई गई। जांच रिपोर्ट प्राप्त हो चुकी है। मामले में जो भी दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।


