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नक्सलमुक्त बस्तर के जंगलों में भी दिखने लगा है सुशासन, सुनाई देने लगी हैं दहाड़ें

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बढ़ गया बाघों, शेरों, तेंदुओं और भालुओं का कुनबा

गांवों तक पहुंचने लगे हैं हिंसक जंगली जानवर

उलनार और पाईकपाल में मिले बाघ के पदचिन्ह

-अर्जुन झा-

जगदलपुर।सुशासन सरकार में वन मंत्री केदार कश्यप की शानदार पहल के चलते अब नक्सल मुक्त बस्तर जंगलों में वन्यप्राणियों के बीच भी सुशासन का असर दिखाई देने लगा है। यहां जंगली जानवरों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। शेर, बाघ, तेंदुओं और भालुओं की आमद अब जंगल से होकर नदी किनारे बसे ग्रामीण क्षेत्रों में हो रही है। वन अधिकारियों को वन्य प्राणियों के साथ ही ग्रामीणों की भी सुरक्षा के ठोस उपाय करने होंगे। बस्तर जिले के बकावंड के जंगलों में वन्यजीवों की आहट से दहशत का माहौल है।उलनार-पाईकपाल में बड़े जानवर के ताजा पदचिह्न मिले हैं। खराहा डोंगरी के पास धान के खेत की मेड़ पर वन्यजीव दिखने की चर्चा भी है।वन विभाग की टीम जांच में जुट गई है।वन विभाग के बकावंड रेंज अंतर्गत ग्राम पंचायत उलनार और पाईकपाल के जंगलों में इन दिनों वन्यजीव की मौजूदगी को लेकर ग्रामीणों के बीच चिंता का माहौल है। ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, बशनिवार सुबह कुछ ग्रामीणों और राहगीरों ने एक बड़े वन्यजीव को देखने की बात कही है। रविवार सुबह खराहा डोंगरी के समीप धान के खेत की मेड़ पर ग्रामीणों को बड़े आकार के पदचिह्न दिखाई देने की जानकारी भी सामने आई है। ग्रामीण उसे शेर के पंजों का निशान बता रहे हैं।हालांकि वन्यजीव की वास्तविक पहचान की अब तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों से वन्यजीव दिखाई देने की सूचना मिलने के बाद बकावंड वन विभाग रेंज की टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। वन विभाग द्वारा पदचिह्नों तथा घटनास्थल से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है। फिलहाल संबंधित वन्यजीव की मौजूदगी और उसकी प्रजाति को लेकर कोई ठोस आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में जांच पूरी होने और विभागीय पुष्टि होने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। उलनार, पाईकपाल, जूनावनी, टिवंसगुड़ा और आसपास का क्षेत्र घने जंगलों और वनक्षेत्रों से जुड़ा हुआ है। जंगल से लगे खेतों और ग्रामीण रास्तों पर लोगों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में किसी बड़े वन्यजीव की मौजूदगी की सूचना से ग्रामीणों में स्वाभाविक रूप से चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों की मांग है कि वन विभाग क्षेत्र में निगरानी बढ़ाए, पदचिह्नों की वैज्ञानिक तरीके से जांच करे और लोगों को वन्यजीवों से सुरक्षित रहने के संबंध में आवश्यक जानकारी दे।*बॉक्स**श्रद्धालुओं की सुरक्षा पर सवाल*उलनार स्थित प्रसिद्ध भद्रकाली माता मंदिर क्षेत्र के लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र है। नवरात्रि के अवसर पर यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजा-अर्चना के लिए पहुंच रहे हैं। मंदिर तक आने-जाने वाले मार्गों के आसपास जंगल होने के कारण मौजूदा सूचना ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर भी सतर्कता की आवश्यकता बढ़ा दी है।ऐसे में वन विभाग को मंदिर तक आने-जाने वाले रास्तों और आसपास के वनक्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने, जरूरत के अनुसार गश्त की व्यवस्था करने तथा ग्राम पंचायत और मंदिर समिति के साथ समन्वय बनाने की आवश्यकता है। यदि वन्यजीव की मौजूदगी की पुष्टि होती है, तो विभाग को परिस्थितियों के अनुरूप सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देश जारी करने चाहिए। वन्यजीव की पहचान स्पष्ट होने तक ग्रामीणों को अफवाहों से बचने और बिना पुष्टि के किसी संदेश या तस्वीर को साझा नहीं करने की जरूरत है। लोगों को अकेले जंगल की ओर जाने, वन्यजीव के करीब पहुंचने या पदचिह्नों का पीछा करने से बचना चाहिए। किसी वन्यजीव के दिखाई देने पर सुरक्षित दूरी बनाए रखते हुए तत्काल वन विभाग को सूचना देना उचित होगा। खराहा डोंगरी के पास मिले पदचिह्न मिलने और वन्यजीव देखे जाने की सूचना की पुष्टि होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि क्षेत्र में किस वन्यजीव की मौजूदगी है। फिलहाल ग्रामीणों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वन विभाग की सतर्क निगरानी और समय पर आधिकारिक जानकारी जारी करना महत्वपूर्ण है।

अभिषेक राव और केवीआर ब्रदर्स ने नवरात्रि पर खोला पदयात्री सेवा केंद्र

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वरिष्ठजनों ने किया सेवा केंद्र का उद्घाट

जगदलपुर शारदीय नवरात्रि के पावन पर्व पर श्रद्धालुओं की सेवा हेतु अभिषेक राव एवं केवीआर ब्रदर्स द्वारा तितली गार्डन पंडरीपानी जगदलपुर मे 9 दिन तक चलने वाला नवरात्रि पदयात्री सेवा केंद्र खोला गया है। यहां फलाहार, शीतल जल, नाश्ता, भोजन, विश्राम, चिकित्सा आदि की अच्छी व्यवस्था की गई है। सेवा केंद्र का भव्य शुभारंभ बस्तर सांसद महेश कश्यप, बेवरेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्रीनिवास मद्दी एवं बस्तर चैंबर ऑफ़ कॉमर्स के अध्यक्ष श्याम सुंदर सोमानी द्वारा मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर किया गया।

इस अवसर पर अतिथियों ने कहा कि नवरात्रि में इस तरह का पदयात्रा सेवा केंद्र लगाना बहुत ही सराहनीय कार्य है। इससे माता के दर्शन करने आने वाले भक्तों को काफी सुविधा मिलेगी।सेवा केंद्र मे श्रद्धालुओं के लिए शीतल जल की व्यवस्था है। व्रतधारी भक्तों के लिए फलाहार, प्राथमिक चिकित्सा एवं दवाइयों की व्यवस्था और विषेश रुप से माता के दर्शन हेतु आने वाली महिलाओं एवं बुजुर्गों के लिए बैठने की विशेष व्यवस्था एवं भंडारे की व्यस्था भी की गई है।कार्यक्रम को सफल बनाने में अभिषेक राव, केवी आर ब्रदर्स , श्रीधर मद्दी, रघुवंश यादव, रीतेश सविती, वासुदेव राव, केशव राव, गावस्कर राव, राजू राव, हनुमंत राव, मद्दी सप्तगिरि, अनिल, अजित एवं उनकी पूरी टीम का विशेष योगदान रहा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक एवं मातृशक्ति योगदान दे रहे हैं।

बस्तर संभाग के खरीदी केंद्रों से 87 करोड़ का धान गायब!

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खरीदी केंद्र प्रभारियों से शॉर्टेज की भरपाई

लापरवाही डीएमओ की, सजा प्रबंधकों को

अर्जुन झा

जगदलपुर बस्तर संभाग के सभी सात जिलों के जिला विपणन संघ अधिकारियों की लापरवाही की खामियाजा धान खरीदी प्रभारी एवं प्रबंधकों को भुगतना पड़ रहा है। धान उठाव की जिम्मेदारी डीएमओ की होती है। नियमानुसार शॉर्टेज की रिकवरी की भरपाई डीएमओ से करने के बजाय प्रबंधकों को कर्जदार बना दिया गया है। समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान के भौतिक सत्यापन के बाद बस्तर संभाग के 5 जिलों के 300 से अधिक खरीदी केंद्रों में 87 करोड़ से अधिक के धान की कमी पाई गई है। इस कमी को भरपाई समिति प्रबंधकों से करने की तैयारी कर ली गई है।

जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से समितियों को नोटिस जारी कर शॉर्टेज की राशि तीन माह के अंदर जमा कराने कहा गया है। अन्यथा 3 माह समिति प्रबंधक और खरीदी प्रभारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने जाने की चेतावनी दी गई है। समिति प्रबंधकों में इस आदेश को लेकर नाराजगी और डर का माहौल है। उनका कहना कि निर्धारित समय सीमा में मार्कफेड के द्वारा उठाव नहीं किए जाने का खामियाजा हमें भुगतना पड़ रहा है।ज्ञातव्य हो कि बस्तर संभाग के 7 जिलों में 382 खरीदी केंद्रों पर धान विक्रय करने के लिए 2 लाख 72 हजार 647 किसानों ने पंजीयन कराया था। जिनमें से 2 लाख 28 हजार से अधिक किसानों ने समर्थन मूल्य पर धान विक्रय किया था। संभाग भर में 13 लाख 74 हजार 383 मिट्रिक टन धान की खरीदी की गई थी। जिसमें से 13 लाख 46 हजार 138 मिट्रिक टन धान का उठाव किया गया। भौतिक सत्यापन में 28 हजार 244 मिट्रिक टन धान की शॉर्टेज या परिवहन केंद्रों में कम जमा कराना पाया गया है। इस धान की कीमत 87 करोड़ रुपए से अधिक है। इस शॉर्टेज की राशि समिति प्रबंधकों से भरपाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

कांकेर जिले में सबसे ज्यादा शॉर्टेज

नारायणपुर एवं दंतेवाड़ा जिले को छोड़ दें तो अन्य सभी पांच जिलों में धान की भारी शॉर्टेज पाई गई है। सर्वाधिक शॉर्टेज कांकेर जिले में है। इस मामले में कोंडागांव दूसरे नंबर पर और बस्तर जिला तीसरे नंबर पर है। सुकमा और बीजापुर जिले भी इस मामले में पीछे नहीं हैं। जानकारी के अनुसार 3100 रूपये प्रति क्विंटल के दर से शॉर्टेज की भरपाई कराई जाएगी।समितियों को धान खरीदी पर 31.25 रूपये प्रति क्विंटल के दर से कमीशन दिया जाता है। कमीशन राशि को शॉर्टेज की भरपाई में एडजस्ट किया जाएगा।

करे कोई, भरे कोई!

संभाग के के कई समिति प्रबंधकों एवं खरीदी प्रभारियों ने नाम नहीं की छापने के शर्त पर बताया कि शॉर्टेज को लेकर कई वर्षों से सरकार से मांग की जाती रहा है, लेकिन सरकार ने मांग पूरी करने के बजाय हमारे खिलाफ ही कार्रवाई शुरू कर दी है। समिति के सदस्यों ने बताया कि उठाव में विलंब के कारण धान शॉर्टेज की समस्या आई है। इसका खामियाजा समिति प्रबंधक एवं प्रभारियों को भुगतना पड़ रहा है। जबकि शॉर्टेज की वसूली मार्कफेड की जानी चाहिए। उन्होंने बताया कि जिस प्रकार संग्रहण केन्द्रों एवं मिलर्स को शॉर्टेज में छूट दी जाती है उसी तरह समितियों को भी छूट मिलनी चाहिए। वेयर हाऊस में चावल पर शॉर्टेज में सूखत का प्रावधान है तो धान खरीदी पर क्यों नहीं? सरकार की दोहरी नीति से समिति प्रबंधक खफा हैं। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से मिली जानकारी के अनुसार समितियों से धान के उठाव में अंतर पाया गया है। अंतर की राशि का वसूली समिति प्रबंधकों से करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, इसके लिए 3 माह की मोहलत दी गई है। राशि जमा नहीं कराने पर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।

जानलेवा बनी प्रधानमंत्री ग्राम सड़क : चंदन कश्यप

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12 लाख के भ्रष्टाचार का सच दिखाने वाले युवाओं को धमकियां मिलने का आरोप
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जगदलपुर पूर्व कांग्रेस विधायक चंदन कश्यप ने आरोप लगाया है कि छत्तीसगढ़ में डबल इंजन सरकार के विकास के दावे नारायणपुर क्षेत्र में सिर्फ कागजों तक सीमित रह गए हैं। प्रशासनिक लापरवाही के चलते क्षेत्र की जनता बुनियादी सुविधाओं और सुरक्षा के लिए तरस रही है। क्षेत्र में प्रशासनिक लापरवाही और भ्रष्टाचार का बोलबाला इस हद तक बढ़ चुका है कि अब आम जनता की जान और अधिकारों से खिलवाड़ किया जा रहा है।


नारायणपुर के पूर्व विधायक चंदन कश्यप ​ने एक बयान जारी कर कहा है कि भानपुरी और फरसागुड़ा को मुरकुची से जोड़ने वाली प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनी सड़क बारिश के चलते पूरी तरह टूट चुकी है। जानलेवा हो चुके इस मार्ग को लेकर बीते 10 दिन बाद भी जिम्मेदार विभागों और प्रशासन के कान पर जूं तक नहीं रेंगी है। हालात यह हैं कि इस टूटे और बदहाल मार्ग पर पिछले कुछ ही दिनों में 4 से 5 लोग वाहन समेत गिरकर गंभीर रूप से घायल हो चुके हैं, फिर भी कोई सुध लेने वाला नहीं है। ​इस गंभीर स्थिति पर पूर्व विधायक चंदन कश्यप ने कड़े शब्दों में हमला बोलते हुए कहा कि सड़क टूटे हुए और लोगों के लगातार हादसे का शिकार हुए 10 दिन से ऊपर हो चुके हैं, लेकिन अभी तक मरम्मत की सुध नहीं ली गई है। क्या प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है? उन्होंने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि यह बेहद शर्मनाक है। ​एक तरफ जहां खस्ताहाल सड़कें जनता की जान ले रही हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकारी धन की खुली लूट मची हुई है। विश्रामपुर पंचायत के नागरवाही पारा में विधायक निधि से स्वीकृत 12 लाख रुपए की लागत से बने कार्य में भारी भ्रष्टाचार सामने आया है। इस भ्रष्टाचार की पोल ग्राम पंचायत के कुछ जागरूक लड़कों ने वीडियो बनाकर खोल दी।

जैसे ही यह सच सामने आया, वैसे ही भ्रष्टाचारियों में हड़कंप मच गया और उसी ग्राम पंचायत के सरपंच लखेश्वर बंछोर, कोटवार, पंच, भाजपा नेताओं के करीबियों द्वारा वीडियो बनाने वाले लड़कों को पकड़कर जान से मारने-पीटने की धमकी दी गई और जबरन वीडियो डिलीट करने का दबाव बनाया गया। ​इस गंभीर और तानाशाहीपूर्ण रवैये की जानकारी मिलते ही पूर्व विधायक चंदन कश्यप तुरंत मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। मौके पर ही उक्त भ्रष्टाचार का पर्दाफाश हो गया। पूर्व विधायक चंदन कश्यप ने शासन-प्रशासन और संबंधित विभागों को कड़ी चेतावनी देते हुए मांग की है कि जनता की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए भानपुरी, फरसागुड़ा, मुरकुची मुख्य मार्ग की मरम्मत का कार्य तत्काल युद्ध स्तर पर शुरू किया जाए, नागरवाही पारा में विधायक निधि के 12 लाख रुपए के कार्यों में हुए भ्रष्टाचार की निष्पक्ष व उच्चस्तरीय जांच कराई जाए तथा सच सामने लाने वाले स्थानीय युवाओं को धमकाने, मारपीट की कोशिश करने और वीडियो डिलीट कराने का दबाव बनाने वाले सरपंच, कोटवार, पंच, भाजपा नेताओं पर तत्काल सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।

बस्तर में जापानी बुखार की दस्तक, कन्या आश्रम गंगालूर की एक छात्रा की मौत, दो जगदलपुर रेफर

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छठवीं कक्षा में पढ़ती थी मृतका अनिता उरसा

जापानी बुखार और मलेरिया का प्रकोप

अर्जुन झा

जगदलपुर बस्तर संभाग शुरू से मलेरिया के मामले में बेहद संवेदनशील है। अब यहां जापानी बुखार ने भी दस्तक दे दी है इस नई बीमरी से बस्तर के बीजापुर जिले में एक छात्रा की मौत हो गई है तथा कुछ अन्य छात्राएं भी ग्रसित हैं। गंभीर पीड़ित दो छात्राओं जगदलपुर स्थित स्व. बलिराम कश्यप मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पीटल में भर्ती कराया गया है। ये छात्राएं आदिम जाति कल्याण विभाग के कन्या आश्रम में रहकर पढ़ाई करती हैं।

मिली जानकारी के अनुसार बीजापुर जिले के गंगालूर कन्या आश्रम में पढ़ने वाली दो छात्राओं को बुखार आने की शिकायत पर गंगालूर के सरकारी अस्पताल में उनका इलाज कराया गया।। जहां जांच की गई लेकिन डाक्टरों को बीमारी समझ न आने पर बीजापुर रेफर किया गया। उन्हें बीजापुर जिला अस्पताल में भी भर्ती किया गया, लेकिन वहां पर भी दोनों छात्राओं की हालत में सुधार न होने पर उन्हें जगदलपुर के डिमरापाल स्थित स्व. बलिराम कश्यप मेडिकल कॉलेज सह अस्पताल लाया गया। जगदलपुर में एक सप्ताह इलाज बाद कक्षा छठवीं कक्षा की छात्रा अनिता उरसा की शनिवार को मृत्यु हो गई। दूसरी छात्रा की भी स्थिति गंभीर बताई जा रही है। जानकारी अनुसार दोनों छात्राओं को जापानी बुखार होने की बात सामने आई है। साथ ही उनके मलेरिया से भी ग्रसित होने की संभावना बताई जा रही है। सूत्रों ने बताया कि कन्या आश्रम में बच्चों के स्वास्थ्य के संबंध में अधिक्षिका को निर्देश दिया गया है। गंगालूर की सरपंच पायल हेमला ने बताया कि दो छात्राओं के बीमार होने की जानकारी मिली थी। एक की शनिवार को मौत हुई है। परिजनों ने इस संबंध में कुछ नहीं कहा है। सरपंच का कहना है कि गंगालूर के आश्रम छात्रावास में अव्यवस्थाएं बनी हुई है। मेरी जानकारी अनुसार पढ़ने वाले बच्चे बीमार होते रहते हैं इस ध्यान देने की जरूरत है। नियमित स्वास्थ्य जांच जरूरी है।

बिग ब्रेकिंग-:घर में घुसकर मारपीट, कुल्हाड़ी से हमला करने की कोशिश का आरोप; मां के हाथ में आई गंभीर चोट

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डौंडी थाना क्षेत्र के ग्राम धोबनी(अ) का मामला, तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में एफआईआर दर्जडौंडी/बालोद। डौंडी थाना क्षेत्र के ग्राम धोबनी (अ)में घर में घुसकर मारपीट करने और कुल्हाड़ी से हमला करने की कोशिश का मामला सामने आया है। घटना में बीच-बचाव करने पहुंची शिकायतकर्ता की मां के बाएं हाथ की उंगलियों के पास चोट आने की बात सामने आई है। मामले में पुलिस ने तीन नामजद आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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पुलिस में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार, ग्राम धोबानी निवासी भूषण साहू, पिता किशोर साहू, ने शिकायत में बताया कि 11 अक्टूबर 2026 की रात करीब 8:30 बजे तीन व्यक्ति उसके घर पहुंचे। आरोप है कि वे घर के अंदर घुस आए और गाली-गलौज करते हुए उसके साथ मारपीट करने लगे। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि इस दौरान उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई।रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि इसी दौरान दीपचंद ने कुल्हाड़ी से हमला करने का प्रयास किया। बीच-बचाव करने पहुंची शिकायतकर्ता की मां के बाएं हाथ की उंगलियों के पास चोट आई। घटना के दौरान शोर सुनकर आसपास के लोग सुरेश मांडवी और रामचरण राउत भी मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव किया।

शिकायत के मुताबिक, आरोपियों के वहां से जाते समय भी कुल्हाड़ी से हमला करने की कोशिश की गई।पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रमोद कोवाची, दीपचंद और साहिल के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 118(1), 296, 3(5), 331(2) एवं 351(3) के तहत एफआईआर क्रमांक 0139/2026 दर्ज की है। घटना की रिपोर्ट 11 अक्टूबर 2026 को रात 11:06 बजे दर्ज किए जाने का उल्लेख है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।

बाइक और साइकिल चोरी के आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजे गए

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नारायणपुर -जिले में चोरी की दो अलग-अलग घटनाओं में सोनपुर और भरंडा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बाइक चोरी के मामले में कोंडागांव जिले के फरसगांव थाना क्षेत्र से आरोपी को गिरफ्तार किया, वहीं साइकिल चोरी के मामले में स्थानीय युवक को पकड़कर न्यायालय में पेश किया। दोनों मामलों में आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।


पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, सोनपुर थाना क्षेत्र में काम की तलाश में मिले एक व्यक्ति को प्रार्थी और उसके साथी कार्यस्थल पर ले गए थे। वहां मौका पाकर आरोपी रामू राम नूरेटी ने बैग से बाइक की चाबी निकाली और बाइक लेकर फरार हो गया। रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने कोंडागांव जिले के ग्राम टोंडेपारा से आरोपी को गिरफ्तार किया। उसे 8 अक्टूबर को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया।
वहीं, भरंडा थाना क्षेत्र में कोलियामाटा निवासी शेषपाल मंडावी की साइकिल चोरी के मामले में पुलिस ने गौतम दुग्गा उर्फ गोटू दुग्गा (20) को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने साइकिल चोरी कर नारायणपुर के पास कबाड़ खरीदने वाले व्यक्ति को 1,700 रुपये में बेचने की बात स्वीकार की। बिक्री की राशि में से खर्च किए गए 350 रुपये आरोपी के कथन के आधार पर गवाहों की मौजूदगी में जब्त किए गए। आरोपी को 9 अक्टूबर को न्यायालय में पेश किया गया। मामले में आगे की विवेचना जारी है।


दोनों कार्रवाइयां पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल के निर्देशन एवं वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में संबंधित थाना प्रभारियों के नेतृत्व में की गईं। पुलिस ने नागरिकों से चोरी सहित अन्य आपराधिक घटनाओं की सूचना तत्काल नजदीकी थाने में देने की अपील की है।

अवैध नशीली दवाइयों के विरुद्ध कार्रवाई, 03 आरोपी गिरफ्तार

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ट्रामाडोल (Tramadol) की कुल 737 कैप्सूल बरामद, कीमत लगभग ₹4,790.50

नशीली दवाइयों के साथ 03 मोबाइल फोन एवं एक स्कूटी जब्त।🔹 एनडीपीएस एक्ट की धारा 22(ग) के तहत कार्रवाई, तीनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया।📌 मामले का संक्षिप्त विवरणबालोद। पुलिस अधीक्षक किरण गंगाराम चव्हाण (भा.पु.से.) के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक चन्द्रकांत गवर्ना के मार्गदर्शन एवं एसडीओपी बालोद श्री विनय कुमार साहू के पर्यवेक्षण में थाना बालोद पुलिस द्वारा अवैध नशीली दवाइयों के विरुद्ध कार्रवाई की गई।दिनांक 10 अक्टूबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि सुशील कुमार आर्य उर्फ साईं, निवासी टिकरापारा, बालोद, अपनी काले रंग की डियो होंडा स्कूटी क्रमांक CG 24 V 7412 की डिक्की में अवैध नशीली दवाइयां रखकर बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहा है। सूचना पर पुलिस टीम द्वारा मौके पर पहुंचकर नियमानुसार तलाशी की कार्रवाई की गई।तलाशी के दौरान स्कूटी की डिक्की में लाल पॉलीथीन में रखी TraiSPAS (Tramadol) की 449 कैप्सूल बरामद की गईं। बरामद कैप्सूल का कुल वजन 255.930 ग्राम तथा कीमत लगभग ₹2,918.50 बताई गई। आरोपी के कब्जे से एक वीवो कंपनी का एंड्रॉयड मोबाइल फोन एवं लगभग ₹60,000 कीमत की स्कूटी भी जब्त की गई।

अन्य आरोपियों से भी नशीली दवाइयां बरामदपूछताछ एवं मेमोरेंडम कथन के आधार पर आरोपी शंकर नायडू, निवासी वार्ड क्रमांक 25, दल्ली राजहरा, जिला बालोद, के कब्जे से SPAS-TRASCEN-PLUS (Tramadol) की 144 कैप्सूल, कीमत लगभग ₹936, तथा एक मोबाइल फोन जब्त किया गया।इसी प्रकार आरोपी भूपेश्वर साहू उर्फ मंडल, निवासी नया पारा, बालोद, के कब्जे से भी SPAS-TRASCEN-PLUS (Tramadol) की 144 कैप्सूल, कीमत लगभग ₹936, एवं एक मोबाइल फोन जब्त किया गया।इस प्रकार तीनों आरोपियों से कुल 737 नशीली कैप्सूल बरामद की गईं, जिनमें 449 कैप्सूल TraiSPAS (Tramadol) तथा 288 कैप्सूल SPAS-TRASCEN-PLUS (Tramadol) शामिल हैं। बरामद नशीली दवाइयों की कुल कीमत लगभग ₹4,790.50 बताई गई है।⚖️ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाईप्रकरण में अपराध क्रमांक 537/2026, धारा 22(ग) एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। आरोपी सुशील कुमार आर्य उर्फ साईं को दिनांक 10.10.2026 को तथा आरोपी शंकर नायडू एवं भूपेश्वर साहू उर्फ मंडल को दिनांक 11.10.2026 को विधिवत गिरफ्तार किया गया। तीनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। प्रकरण में नशीली दवाइयों की परीक्षण रिपोर्ट एवं अन्य विवेचनात्मक कार्रवाई शेष है।बालोद पुलिस की अपीलबालोद पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि नशीली दवाइयों के अवैध कारोबार, बिक्री एवं परिवहन से संबंधित किसी भी गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। नशे से दूर रहें तथा युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक कर नशामुक्त समाज के निर्माण में सहयोग करें। नशामुक्त बालोद • सुरक्षित समाज बालोद पुलिस — सुरक्षा, सेवा एवं विश्वास के लिए सदैव प्रतिबद्ध।

नवरात्रि पर मां दंतेश्वरी मंदिर में किन्नर समाज ने की प्रथम पूजा

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माता को भेंट की चुनरी और श्रृंगार सामग्री

जगदलपुर नवरात्रि की परंपरा के अनुसार इस वर्ष भी जगदलपुर के मां दंतेश्वरी मंदिर में शनिवार-रविवार की मध्यरात्रि किन्नर समाज ने प्रथम पूजा विधान संपन्न किया। इस दौरान माता को चुनरी और श्रृंगार सामग्री भेंट कर सुख-समृद्धि की कामना की गई।

इस अवसर पर किन्नर समाज के सदस्य सोलह श्रृंगार कर नयामुंडा से सुसज्जित रथ पर सवार होकर निकले। डीजे पर बज रहे भजनों की धुन पर नाचते-झूमते किन्नर समाज के लोग नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए मंदिर पहुंचे। रास्ते में जगह-जगह सड़क, चौक-चौराहों पर लोगों की भीड़ जुटी रही। लोग किन्नर समाज से आशीर्वाद स्वरूप सिक्का प्राप्त करने के लिए उत्सुक नजर आए। नवरात्रि के इस पारंपरिक आयोजन ने शहर में भक्तिमय माहौल बना दिया।

बस्तर के बाढ़ प्रभावित परिवारों से मिले नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत

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तत्काल राहत और मुआवजा देने की मांग उठाई डॉ. महंत ने

उप नेता प्रतिपक्ष लखेश्वर बघेल भी रहे मौजूद

जगदलपुर छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत अपने जगदलपुर एवं बस्तर विधानसभा क्षेत्र के प्रवास के दौरान इंद्रावती नदी में आई बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने डोंगाघाट एवं कुदाल गांव में बाढ़ प्रभावित परिवारों और स्थानीय नागरिकों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनी तथा बाढ़ से हुए नुकसान का जायजा लिया। डॉ. महंत ने प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर उनके क्षतिग्रस्त मकानों, घरेलू सामान एवं अन्य संपत्तियों को हुए नुकसान की जानकारी ली। उन्होंने संकट की इस घड़ी में प्रभावित नागरिकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए उनके दुख-दर्द को साझा किया। बाढ़ के कारण प्रभावित परिवारों को हो रही परेशानियों को देखते हुए उन्होंने संबंधित प्रशासन से राहत एवं सहायता कार्यों में तेजी लाने की आवश्यकता पर जोर दिया। डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि प्राकृतिक आपदा के समय प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए। जिन परिवारों के मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं और जिनकी आजीविका एवं घरेलू सामान को नुकसान पहुंचा है l

उन्हें नियमानुसार शीघ्र मुआवजा उपलब्ध कराया जाना चाहिए। साथ ही प्रभावित लोगों के लिए सुरक्षित रहने की व्यवस्था, आवश्यक सुविधाओं और राहत सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि उन्हें इस कठिन परिस्थिति में किसी प्रकार की अतिरिक्त परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि संकट की इस घड़ी में कांग्रेस पार्टी प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है। पीड़ित नागरिकों की समस्याओं को सामने लाना और उन्हें उचित राहत एवं सहायता दिलाने के लिए प्रयास करना आवश्यक है। बाढ़ प्रभावित लोगों को समय पर सहायता मिले, इसके लिए प्रशासन को संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करना चाहिए। इस दौरान नागरिकों ने बाढ़ से हुए नुकसान और अपनी समस्याओं से नेता प्रतिपक्ष को अवगत कराया। डॉ. महंत ने प्रभावित परिवारों की बातों को गंभीरता से सुना तथा उनकी समस्याओं के निराकरण और राहत उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर बल दिया। इस अवसर पर बस्तर विधायक एवं छत्तीसगढ़ विधानसभा में उप नेता प्रतिपक्ष लखेश्वर बघेल, शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य, पीसीसी संयुक्त महामंत्री शंकर राव, राजेश चौधरी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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