City Media - Page 669 of 1860 - Latest Hindi News of Chhattisgarh
RakeshCity
previous arrow
next arrow
     
Home Blog Page 669

अवैध रूप से शराब बिक्री करने वाले 2 आरोपी को किया गिरफ्तार

0

दल्लीराजहरा :- अवैध रूप से शराब बिक्री करने वाले, सट्टा पट्टी लिखने वाले, मोहल्ले में शांतिभंग करने वाले तथा अपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने वालो पर की गई कार्यवाही पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार यादव् के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुशील नायक, नगर पुलिस अधीक्षक राजेश बागड़े के मार्गदर्शन में आगामी विधानसभा चुनाव 2023-24 को ध्यान में रखते हुए थाना प्रभारी राजहरा मुकेश सिंह के नेतृत्व में थाना क्षेत्र में अवैध शराब विक्रय करने वाले तथा सट्टा खेलाने वाले तथा नगर के मोहल्लों में अशांति फैलाने वालों के खिलाफ कार्यवाही की गई।

जिसमे आरोपी विनोद कुमार पटेलिया पिता जवाहर लाल पटेलिया उ वार्ड क्रमांक 04 इमली झाड़ के पास आरोपी के कब्जे से एक नग सट्टा पर्ची एक डाट पेन, नगदी रकम 1260 रुपये जप्त कर आरोपी के विरुद्ध अपराध धारा 4 क जुआ एक्ट एवं छ.ग. जु प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 6 के तहत कार्यवाही किया गया है वही आरोपी राजेश कुमार नायक डडसेना पुलिया राजहरा के पास उसके कब्जे से 17 देशी पव्वा जुमला 3060 बल्कलीटर कीमती 1360 रूपये एवं शराब बिक्री का नगदी रकम 120 रुपये तथा एक स्कूटी मोटर साकयल क्रमाव सीजी 06 जीपी – 6777 कीमती 20,000 रूपये जुमला कीमती 21,480 रूपये की पास कर आरोपी के विरूद्ध अपराध धारा 34 (1) क ख आबकारी एक्ट के तहत कार्यवाही किया गया है। इसके अतिरिक्त नगर मोहल्ले में शांतिभंग करने वाले अमरदास मानिकपुरी वार्ड क्रमांक 15 शहीद गैरेज के पास दल्लीराजहरा, दिलीप कुमार पिता स्व० फतीराम कश्यप उम्र 44 वर्ष सकिन वार्ड 07 चिखलाकसा एवं पवन पति निहारकांत बर्मन साकिन वार्ड क्रमांक 21 शास्त्री नगर दल्लीराजहरा के विरुद्ध अवैध व अपराधिक गतिविधियों में संलिप्त होने की शिकायत मिलने पर इनके विरूद्ध धारा 151/107,116 (3) जाफ़ी के तहत प्रतिबंधात्मक कार्यवाही कर किया गया। जिन्हें जिला जेल मे दाखिल किया गया है।

बाफना जगदलपुर छोड़कर कहीं भी करेंगे भाजपा का काम

0

(अर्जुन झा)

जगदलपुर। बस्तर संभाग की इकलौती सामान्य सीट जगदलपुर से दो बार विधायक रहे संतोष बाफना इस बार भी टिकट के प्रबल दावेदार थे लेकिन टिकट नहीं मिलने से नाराज जगदलपुर विधानसभा के सैकड़ों कार्यकर्ता आज बाफना के निवास पहुंच गए और पार्टी के निर्णय के खिलाफ अपना रोष जाहिर किया। संतोष बाफना ने अपने समर्थकों को समझाते हुए कहा कि पार्टी का फैसले का सम्मान करते हुए वे पार्टी का काम करेंगे। बाफना ने स्पष्ट किया कि जगदलपुर सीट छोड़कर वे जहां भी पार्टी निर्देश देगी, वहां काम करेंगे। जगदलपुर में काम नहीं करने के पीछे उनकी यह भावना है कि शायद कुछ लोग भरोसा न करें। उनका कहना है कि वे भाजपा के समर्पित कार्यकर्ता हैं। पार्टी ने उन्हें भी पहले जिम्मेदारी सौंपी है। अब जिन्हें जिम्मेदारी सौंपी गई है, उनके प्रति शुभकामनाएं हैं। पार्टी का निर्णय सर्वमान्य है। उनका कहना है कि उनका पूरा परिवार भाजपा के प्रति समर्पित रहा है और रहेगा।

गौरतलब है कि पिछले विधानसभा चुनाव में तत्कालीन विधायक संतोष बाफना कांग्रेस उम्मीदवार रेखचंद जैन से 27000 से अधिक मतों से पराजित हो गए थे। इस बड़े अंतर से हार की वजह से भाजपा जगदलपुर में प्रत्याशी बदलने की तैयारी काफी पहले से कर रही थी। दावेदारों के तौर पर कई सारे नाम सामने आए लेकिन आखिरकार भाजपा के बिलासपुर संभाग प्रभारी किरण देव को जगदलपुर सीट से प्रत्याशी घोषित कर दिया गया। इसके बाद स्वाभाविक तौर पर बाफना समर्थकों में नाराजगी देखी जा रही थी, जो आज उनके राजस्थान दौरे पर रवाना होने के ठीक पहले सामने आई।

संतोष बाफना ने उनके समर्थकों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पार्टी से ऊपर कोई नहीं है पार्टी का जो भी फैसला होता है, वह हर हाल में मान्य है। पार्टी के फैसले के बाहर कोई नहीं जा सकता। उन्होंने अपने समर्थकों को समझा कर शांत अवश्य कर दिया लेकिन भाजपा के गलियारों में चर्चा है कि अचानक इतने सारे समर्थक बाफना के द्वार पर कैसे पहुंच गए। हालांकि बाफना का कहना है कि उन्होंने किसी को बुलाया नहीं था। यह लोग उनके प्रति स्नेह रखते हैं इसलिए अपनी भावनाएं प्रकट करने आए थे। परंतु यह एकदम साफ है कि पार्टी का फैसला शिरोधार्य है। बाफना राजस्थान दौरे पर जा रहे हैं, इसको लेकर भी कई तरह की चर्चाएं चल रही हैं कि टिकट से वंचित होने के बाद ही एकाएक उनका राजस्थान दौरा बन गया। यदि उन्हें टिकट मिल गई होती तो क्या वह तीर्थ पर जा सकते थे? बहरहाल, जगदलपुर में भाजपा के भीतर का असंतोष व्यक्त भी हो गया। बाफना ने बहुत सारा कुछ कह दिया तो बिना कहे भी बहुत कुछ कह दिया।

पितृपक्ष के बाद आएगी कांग्रेस की सूची: सिंहदेव

0
  • पितृपक्ष में कोई भी शुभ काम नहीं किया जाता : टीएस सिंहदेव बाबा

जगदलपुर छत्तीसगढ़ विधानसभा के चुनावों के लिए कांग्रेस प्रत्याशियों की सूची को लेकर उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने कहा है कि पितृपक्ष समाप्त होते ही हमारी पहली सूची आ जाएगी।
मंगलवार को रायपुर में पत्रकारों से चर्चा के दौरान उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव बाबा ने कहा कि अभी पितृपक्ष चल रहा है। हमारे कुछ वरिष्ठ साथियों की संवेदनशील भावना रही है कि पितृपक्ष में कोई भी शुभ काम नहीं किया जाता, इसलिए प्रत्याशियों की सूची भी पितृपक्ष में जारी नहीं की जानी चाहिए।

इसे ध्यान में रखते हुए पितृपक्ष के बाद 13 अक्टूबर को कांग्रेस की केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक होने वाली है। इस बैठक में छत्तीसगढ़ के प्रत्याशियों की पहली सूची को अंतिम रूप दे दिया जाएगा।  सिंहदेव ने कहा कि संभवतः 13 अक्टूबर के बाद ही कम से कम बीस सीटों के प्रत्याशी घोषित कर दिए जाएंगे। तब तक पितृपक्ष भी खत्म हो चुका होगा। सिंहदेव ने कहा कि पार्टी के आम कार्यकर्त्ताओं और वरिष्ठ नेताओं की भावना को प्रत्याशी चयन में अहमियत दी जाएगी और दमदार प्रत्याशी मैदान पर उतारे जाएंगे।

सेक्टर व बूथ प्रभारियों को चुनाव के लिए रिचार्ज किया मौर्य ने

0
  • शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य ने ली नानगुर एवं दरभा ब्लॉक की बैठक

जगदलपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी बस्तर के अध्यक्ष सुशील मौर्य ने आसन्न विधानसभा चुनाव के लिए पदाधिकारियों और कार्यकर्त्ताओं को रिचार्ज करना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में उन्होंने 10 अक्टूबर को दरभा एवं नानगुर ब्लाक कांग्रेस कमेटियों की बैठक ली।
बैठक में मौर्य ने सेक्टर प्रभारियों और बूथ प्रभारियों को चुनाव में बेहतर परफॉरमेंस दिखाने के लिए जरुरी दिशा निर्देश और टिप्स दिए। जिलाध्यक्ष सुशील मौर्य ने सेक्टर प्रभारियों व बूथ प्रभारियों को प्रत्येक बूथ की जिम्मेदारी प्रदान करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की महत्वाकांक्षी योजनाओं को जन -जन तक पंहुचाने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि हमें अपने प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज के लक्ष्य के अनुरूप 75 प्लस के संकल्प के साथ काम करते हुए जगदलपुर विधानसभा सीट समेत बस्तर संभाग की सभी सीटों पर कांग्रेस का परचम लहराना है। इसके लिए सभी को प्रण प्राण से जुट जाना होगा। आज से आप सभी घर घर जाएं और भूपेश सरकार के उल्लेखनीय कार्यों के बारे में लोगों को बताएं और कांग्रेस के पक्ष में मतदान के लिए प्रेरित करें। आप ही संगठन की असली ताकत हैं।


इस दौरान शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुशील मौर्य, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव व जगदलपुर विधानसभा क्षेत्र प्रभारी फतेह सिंह परिहार, महामंत्री व दरभा ब्लाक प्रभारी अल्ताफ उल्ला खान, जिला सचिव मानसिंह बघेल, संयुक्त सचिव गुरमेल सिंह, युवा कांग्रेस प्रदेश महासचिव तुला कश्यप, युवा कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष मुन्नालाल कश्यप, जयदेव नाग, केशव नाग, सामनाथ कश्यप, राजेश दास, चक्रधर कश्यप, भुलकुराम नाग, डमरूधर बघेल, मानसिंह बघेल, रामनाथ बघेल, जयराम नाग, महेश बघेल, सोनमत मौर्य, सहदेव कश्यप, मनीराम बघेल, मुन्नालाल कश्यप, सोनारूराम मरकाम, विजय कुमार नाग, बलिराम व नीलूराम बघेल ब्लॉक अध्यक्ष नानगुर, कमलचंद सेठिया महामंत्री, धनसिंह बघेल जनपद सदस्य, सेक्टर प्रभारी मुन्ना सेठिया, गंगाराम सेठिया सेक्टर प्रभारी, तुलाराम कश्यप, शेरसिंह सेठिया, सामनाथ नाग सेक्टर प्रभारी, लोकेश सेठिया, विजय ध्रुव सहित अन्य सेक्टर प्रभारी, बूथ प्रभारी एवं कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद थे।

बजावंड के लोगों के लिए बेमानी हो गई है आजादी

0
  • 76 साल बाद भी सुविधाओं से वंचित है बजावंड पंचायत

अर्जुन झा

 बकावंड स्वतंत्रता के 76 वर्ष पूरे होने पर देश जहां आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है, वहीं आज भी बस्तर जिले के कई गांव ऐसे हैं, जहां के बाशिंदे समस्याओं की गुलामी से जकड़े हुए हैं। बकावंड विकासखंड की ग्राम पंचायत बजावंड के लिए भी आजादी बेमानी हो गई है। यहां सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा, चिकित्सा, पीएम आवास जैसी मूलभूत सुविधाएं तक नहीं पहुंच सकी हैं।

ग्राम पंचायत बजावंड के आश्रित ग्राम पनका पारा वह बदनसीब गांव है, जहां की जमीन विकास की किरण के लिए तरस रही है। ओड़िशा राज्य की सीमा से लगे पनका पारा गांव के लोग विकास की मुख्यधारा से कोसों दूर हैं।जनपद पंचायत मुख्यालय बकावंड से करीब 25 किमी दूर ग्राम पंचायत बजावंड के आश्रित पनका पारा गांव के लोग कई साल से समस्याओं से जूझते आ रहे हैं। उन्हें मताधिकार तो मिला हुआ है, लेकिन उनके वोटों के दम पर विधायक, सरपंच बनने वाले लोग निजी हित में इतने व्यस्त हो गए हैं कि उन्हें इन ग्रामीणों के दुख दर्द से कोई वास्ता नहीं रह गया है। चुनाव जीतने के बाद सरपंच, विधायक, सांसद को इस गांव की बेहतरी के लिए समय नहीं मिलता। गांव के ऐसे हालात यकायक नहीं बने हैं, बल्कि आजादी के बाद से ही उपेक्षा का दंश इस गांव के लोग सहते आ रहे हैं।

पनका पारा के ग्रामीण सरस्वती झाली, हेमबती नेताम, गोमती आदि ने ग्राम पंचायत के सरपंच पर उदासीनता और बस्ती की उपेक्षा करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कई वर्षों से पनका पारा के लोग अच्छी सड़क, शुद्ध पेयजल, समुचित विद्युत व्यवस्था, आवास आदि की सुविधा से कोसों दूर हैं और त्रासदी भोगते आ रहे हैं। गांव की सड़क की बुरी गत बन गई है। उसे सुधारने या नए सिरे से सड़क निर्माण पर सरपंच कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं

खतरे में नौनिहालों की जान

पंचायत प्रतिनिधि और प्रशासन के अधिकारी बच्चों की जान से भी खिलवाड़ करने पर आमादा हैं। आंगनबाड़ी तक जाने वाली सड़क का बड़ा ही बुरा हाल है। गड्ढे और उखड़ आई गिट्टियां ही सड़क के नाम पर शेष रह गए हैं। इसी खतरनाक रास्ते से लोग अपने बच्चों को आंगनबाड़ी में भेजते हैं। कई बच्चे इस सड़क पर गिरकर जख्मी हो चुके हैं, लेकिन पंचायत प्रतिनिधियों की लापरवाही का आलम यह है कि उन्हें मासूम बच्चों की जान की भी परवाह नहीं रह गई है। सड़क की हालत इतनी खराब है कि आंगनबाड़ी पहुंचते तक बच्चे कीचड़ से लथपथ हो जाते हैं। वर्षों से सड़क बन नहीं पाई है।

आंगनबाड़ी या मौत का कुंआ ?

आंगनबाड़ी केंद्र में शौचालय के लिए तीन -चार वर्ष से गड्ढे खोदे गए हैं। न तो शौचालय निर्माण किया गया है, न ही गड्ढों को ढंका गया है। आंगनबाड़ी भवन में बिजली के बोर्ड को भी खुला छोड़ दिया गया है। शौचालय के गड्ढों और खुले पड़े बिजली के बोर्ड से बच्चों पर खतरा मंडरा रहा है। यह सरपंच सचिव की लापरवाही की पराकाष्ठा है। अधिकारियों को कई दफे जानकारी देने के बाद भी लापरवाही बरतने वाले सरपंच सचिव पर कार्यवाही नहीं की जाती है। इस वजह से दिनों दिन भ्रष्टाचार और सरपंच सचिव की मनमानी एवं लापरवाही बढ़ती जा रही है।

लाखों रुपयों से कराए गए निर्माण कार्यों में भी जमकर भ्रष्टाचार किया गया है।

जगदलपुर के कांग्रेस अखाड़े से एक पहलवान बाहर

0
  • रेखचंद को अपने काम पर भरोसा

(अर्जुन झा)

जगदलपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान और भाजपा की दूसरी सूची जारी होने के बाद कांग्रेस के उम्मीदवार घोषित होने का बेसब्री से इंतजार हो रहा है। छत्तीसगढ़ में 2 चरणों में चुनाव होगा। 7 नवंबर को बस्तर की 12, राजनांदगांव व कवर्धा की 8 सीटों सहित 20 सीटों के लिए मतदान होगा। शेष 70 सीटों पर 17 नवंबर को वोटिंग होगी। बस्तर की सभी सीटों पर पहले चरण में मतदान होगा। भाजपा के उम्मीदवारों की घोषणा हो चुकी है। बस्तर संभाग की एक दर्जन सीटों में एकमात्र सामान्य सीट जगदलपुर से भाजपा ने किरण देव को प्रत्याशी बना दिया है। कांग्रेस की ओर से मौजूदा विधायक रेखचंद जैन सहित चार दावेदार मुख्य रूप से सामने आए।

 

जिनमें से एक दावेदार टिकट की रेस से बाहर कर देने के बाद तीन नामों पर गहन विचार विमर्श का दौर राज्य के स्तर पर चला और अब दिल्ली में होने वाले फैसले पर सभी दावेदारों की निगाह लगी हुई है। चुनाव की तारीख का ऐलान होने की पूर्व संध्या पर खबर थी कि कांग्रेस चुनाव समिति ने 90 में से 65 सीटों पर सिंगल नाम तय कर लिए, ऐसा दावा किया जा रहा था कि इन नामों में बस्तर की 12 सीटें भी शामिल हैं। बस्तर की जगदलपुर सीट से साढ़े सत्ताइस हजार के रिकॉर्ड अंतर से जीतने वाले विधायक रेखचंद जैन के रिपीट होने की संभावना व्यक्त की जा रही हैं। जगदलपुर की कांग्रेस राजनीति में चर्चा है कि चुनाव समिति की बैठकों के दौर में रेखचंद जैन की मजबूत दावेदारी सामने आई। वे अपने कार्यकाल में सक्रियता और लोकप्रियता के कारण रिपीट होने सक्षम माने जा रहे हैं। इधर पार्टी संगठन और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के साथ साथ अपने काम के भरोसे रेखचंद जैन को विश्वास है कि वे पार्टी की कसौटी पर खरे उतरेंगे और अवसर मिला तो जनता की अपेक्षा पर खरे उतरेंगे। रेखचंद जैन हर रोज की तरह आज भी जनता से मेल मुलाकात में व्यस्त रहे। उनका कहना है कि वे अपने स्तर पर विधायक और कांग्रेस कार्यकर्ता की हैसियत से जनता के बीच पूर्ववत सक्रिय हैं। पार्टी उचित फैसला लेगी। कांग्रेस की जीत ही हमारा संकल्प है। कांग्रेस की ऐतिहासिक विजय सुनिश्चित है।

 

भाजपा की सूची हताशा की, कांग्रेस की होगी भरोसे की सूची: जावेद खान

0
  • यह चुनाव भाजपा बनाम प्रदेश की जनता रहेगा

जगदलपुर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता, पीसीसी मीडिया पेनलिस्ट जावेद खान ने भाजपा प्रत्याशियों की सूची को हताशा की सूची करार दिया है। उन्होंने कहा है कि भाजपा ने अपने कार्यकर्ताओं को निराश किया है।

जावेद खान ने कहा है कि कुछ दिन पूर्व भाजपा की एक सूची वायरल हुई थी। तब प्रदेशभर में विरोध देखने को मिला था। यह विरोध स्थानीय स्तर से लेकर के प्रादेशिक स्तर तक चला था। कई जगह तो सड़कों पर पार्टी के कार्यकर्ता अपने ही नेताओं के कपड़े फाड़ते नजर आए थे।जगदलपुर सीट के लिए सूची में जिनका नाम था, उनके विरोध में 600 लोगों ने राजधानी जाकर विरोध किया था। बावजूद इस वायरल सूची को अधिकृत सूची बनाकर भाजपा ने कार्यकर्ताओं के लिए इसे हताशा की सूची साबित कर दिया है। जबसे आधिकारिक रूप से यह सूची जारी हुई है, भाजपा कार्यकर्ताओं में मायूसी है। भाजपा आज उन नेताओं पर भरोसा कर रही है, जिन्हें 2018 के चुनाव में प्रदेश की जनता ने सिरे से खारिज कर दिया था, जिन पर 36 हजार करोड़ के पीडीएस घोटाला करने, 44 हजार करोड़ के शराब घोटाले, प्रदेश की जनता की रकम को चिटफंड कंपनियों तक पहुंचाने, किसानों के दो साल के 4000 करोड़ बोनस को डकारने तक का आरोप हैं। 2018 का चुनाव भाजपा ने प्रदेश की जनता के विरुद्ध लड़ा था और जनता ने उसे को हराकर 15 सीटों में समेट दिया। भाजपा उन्हीं पिटे हुए चेहरों के साथ 2023 का चुनाव प्रदेश की जनता के विरुद्ध लड़ने उतारू है। प्रदेश की जनता ने भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार के काम को देखा और परखा है। निश्चित तौर पर भाजपा बनाम प्रदेश की जनता के इस चुनाव में प्रदेश की जनता इस बार भाजपा को दहाई का भी आंकड़ा पूरा नहीं करने देगी और फिर से एक बार प्रदेश की जनता की जीत होगी। छत्तीसगढ़ और छत्तिसगढ़िया स्वाभिमान की जीत होगी। जावेद ने कहा जब से प्रदेश की जनता ने कांग्रेस पर भरोसा जताया और पूर्ण बहुमत की कांग्रेस की सरकार बनाई कांग्रेस ने प्रदेश की जनता के भरोसे को लगातार मजबूत करने का कार्य किया है। प्रदेश की जनता का दिया नारा दिया भूपेश है तो भरोसा जनता के दिलों पर छाप बन चुका है। आगामी 5 साल तक प्रदेश की जनता को खुशहाल बनाए रखने, छत्तीसगढ़ को सबसे अग्रणी राज्य बनाने, नक्सलवाद को नष्ट करने, बेरोजगारी खत्म करने, नगरनार इस्पात संयंत्र को बिकने से बचने के लिए कांग्रेस पार्टी भी संकल्पित है। इसीलिए कांग्रेस प्रदेश की जनता के लिए भरोसे की सूची लेकर आएगी। उस सूची के हर नाम पर प्रदेश की जनता को भरोसा होगा। आज छत्तीसगढ़ में भाजपा की जो स्थिति है उसके जिम्मेदार 15 साल छत्तीसगढ़ में राज करने वाले रमन सिंह और उनका मंत्रिमंडल की वजह है। रमन और उनके मंत्रियों ने प्रदेश में अपने किसी कार्यकर्ता को आगे बढने नहीं दिया। इसलिए भाजपा को घिसे पिटे चेहरों के साथ मैदान पर उतरना पड़ा है।

चित्रकोट से उतरे बैज तो सध जाएंगी कई सीट

0

बस्तर में भाजपा की सेंधमारी रोकने कांग्रेस करे तैयारी

(अर्जुन झा)

जगदलपुर छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव की रणभेरी बज चुकी हैं। भाजपा ने रणभूमि में अपने योद्धा उतार दिए हैं। कांग्रेस की सेना के सिपहसालार अभी परदे के पीछे हैं। आखिरी दौर चल रहा है। जल्द ही कांग्रेस के रणबांकुरों के नाम उजागर हो सकते हैं। यहां बस्तर संभाग की बारह सीटों की बात करें तो इस बार पिछले चुनाव की तरह इकतरफा मुकाबला नहीं है। भाजपा ने उम्मीदवारों के ऐलान में बढ़त बना ली है लेकिन कांग्रेस चाहे तो वह इसका रणनीतिक इस्तेमाल कर बेहतर उम्मीदवार पेश कर सकती है। भाजपा इस बार जोश के साथ मैदान में है और वह कांग्रेस के इस गढ़ में सेंधमारी के लिए सियासी चक्रव्यूह की रचना कर चुकी है। इस चक्रव्यूह को तोड़ने में बस्तर में केवल एक ही सियासी योद्धा कांग्रेस के पास है जो कांग्रेस संगठन के सेनापति हैं। बस्तर के सांसद हैं और बस्तर के चित्रकोट से दो बार विधायक रह चुके हैं। भाजपा ने पिछली बार पराजित अपने कई दिग्गजों के साथ नए- पुराने चेहरे उतार कर अपने इरादे जाहिर कर दिए हैं। भाजपा की पूरे छत्तीसगढ़ के लिए जो रणनीति तैयार की है, उसे देखते हुए यह राजनीतिक जरूरत जान पड़ रही है कि कांग्रेस उसी की शैली में जवाब दे। भाजपा ने अपने प्रदेश अध्यक्ष सांसद अरुण साव को उनके लोकसभा क्षेत्र बिलासपुर के लोरमी से विधानसभा चुनाव के मैदान में उतारकर बिलासपुर संभाग में अपनी जमीन मजबूत करने की कोशिश की है। इसी तर्ज पर बस्तर की अपेक्षा ही नहीं, बल्कि कांग्रेस की जरूरत है कि अपने अध्यक्ष और बस्तर सांसद दीपक बैज को बस्तर संभाग मुख्यालय की ऐसी सीट से मैदान में उतारे, जहां से जगदलपुर और नारायणपुर जिले की कई सीटों पर बढ़त हासिल की जा सके। इस लिहाज से कांग्रेस के प्रदेश कमांडर सांसद दीपक बैज के लिए चित्रकोट सीट सबसे मुफीद है। यह उनके संसदीय निर्वाचन क्षेत्र की सीट है और वे इस सीट से दो बार प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। पिछले लोकसभा चुनाव में बस्तर फतह करने के बाद उन्होंने यह सीट रिक्त की थी, जो अब भी कांग्रेस के पास है। अव्वल तो चित्रकोट सीट प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बैज की गृहक्षेत्र है। अगर कांग्रेस अपने अध्यक्ष के घर में कमजोर हुई तो आसपास की चार सीटों पर इसका सीधा असर पड़ेगा। आमतौर पर यह माना जा रहा है कि कांग्रेस को यह सीट बचाने के लिए प्रत्याशी बदलने की दरकार है ताकि केंद्रबिंदु की यह सीट कांग्रेस के पास सुरक्षित रहे और लगी हुई सीटों पर भी भाजपा सेंधमारी न कर सके। यहां कांग्रेस को भाजपा की इस रणनीति पर गौर करना चाहिए कि कांग्रेस सरकार के वरिष्ठ मंत्री रवींद्र चौबे को दुर्ग संभाग की साजा सीट पर घेरने के लिए भाजपा ने उन्मादी हिंसा में मारे गए भुवनेश्वर साहू के पिता ईश्वर साहू को प्रत्याशी घोषित किया है। इसका असर दुर्ग जिले से लेकर बेमेतरा और कवर्धा तक जाने की उम्मीद भाजपा को है। कवर्धा से भाजपा ने अपने एक प्रदेश महामंत्री विजय शर्मा को ध्वजवाहक बनाया है, जहां से अभी वरिष्ठ मंत्री मो. अकबर नुमाइंदगी कर रहे हैं। भाजपा ने कवर्धा और बिरनपुर के भूकंप के केंद्रबिंदु पर फोकस किया है। बस्तर में यह केंद्रबिंदु तोकापाल है जो चित्रकोट विधानसभा में आता है। पिछले समय में धर्मांतरण को लेकर नारायणपुर में जो कुछ हुआ, उसका सियासी फायदा उठाने के लिए भाजपा एक पैर पर खड़ी है। भाजपा ने अपने एक और प्रदेश महामंत्री और पूर्व वरिष्ठ मंत्री केदार कश्यप को फिर अखाड़े में उतार दिया है। ऐसे में कांग्रेस को नारायणपुर में भी कड़ी टक्कर के लिए तैयार रहना होगा। चित्रकोट सीट का प्रभाव बस्तर से लेकर नारायणपुर तक है। ऐसे में यदि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज को यहां से समर में उतार दिया गया तो कांग्रेस फायदे में रहेगी। वैसे भी यदि चित्रकोट में कांग्रेस ने सावधानी नहीं बरती और प्रतिकूल परिणाम आए तो इससे कांग्रेस की भद्द पिटेगी। इसलिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बैज के लिए यह आवश्यक हो गया है कि वे स्वयं रणभूमि में उतरें और भाजपा के चक्रव्यूह को ध्वस्त करें।

भाजपा की सूची हताशा की, कांग्रेस की होगी भरोसे की सूची: जावेद खान

0
  • यह चुनाव भाजपा बनाम प्रदेश की जनता रहेगा

जगदलपुर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता, पीसीसी मीडिया पेनलिस्ट जावेद खान ने भाजपा प्रत्याशियों की सूची को हताशा की सूची करार दिया है। उन्होंने कहा है कि भाजपा ने अपने कार्यकर्ताओं को निराश किया है।

जावेद खान ने कहा है कि कुछ दिन पूर्व भाजपा की एक सूची वायरल हुई थी। तब प्रदेशभर में विरोध देखने को मिला था। यह विरोध स्थानीय स्तर से लेकर के प्रादेशिक स्तर तक चला था। कई जगह तो सड़कों पर पार्टी के कार्यकर्ता अपने ही नेताओं के कपड़े फाड़ते नजर आए थे।जगदलपुर सीट के लिए सूची में जिनका नाम था, उनके विरोध में 600 लोगों ने राजधानी जाकर विरोध किया था। बावजूद इस वायरल सूची को अधिकृत सूची बनाकर भाजपा ने कार्यकर्ताओं के लिए इसे हताशा की सूची साबित कर दिया है। जबसे आधिकारिक रूप से यह सूची जारी हुई है, भाजपा कार्यकर्ताओं में मायूसी है। भाजपा आज उन नेताओं पर भरोसा कर रही है, जिन्हें 2018 के चुनाव में प्रदेश की जनता ने सिरे से खारिज कर दिया था, जिन पर 36 हजार करोड़ के पीडीएस घोटाला करने, 44 हजार करोड़ के शराब घोटाले, प्रदेश की जनता की रकम को चिटफंड कंपनियों तक पहुंचाने, किसानों के दो साल के 4000 करोड़ बोनस को डकारने तक का आरोप हैं। 2018 का चुनाव भाजपा ने प्रदेश की जनता के विरुद्ध लड़ा था और जनता ने उसे को हराकर 15 सीटों में समेट दिया। भाजपा उन्हीं पिटे हुए चेहरों के साथ 2023 का चुनाव प्रदेश की जनता के विरुद्ध लड़ने उतारू है। प्रदेश की जनता ने भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार के काम को देखा और परखा है। निश्चित तौर पर भाजपा बनाम प्रदेश की जनता के इस चुनाव में प्रदेश की जनता इस बार भाजपा को दहाई का भी आंकड़ा पूरा नहीं करने देगी और फिर से एक बार प्रदेश की जनता की जीत होगी। छत्तीसगढ़ और छत्तिसगढ़िया स्वाभिमान की जीत होगी। जावेद ने कहा जब से प्रदेश की जनता ने कांग्रेस पर भरोसा जताया और पूर्ण बहुमत की कांग्रेस की सरकार बनाई कांग्रेस ने प्रदेश की जनता के भरोसे को लगातार मजबूत करने का कार्य किया है। प्रदेश की जनता का दिया नारा दिया भूपेश है तो भरोसा जनता के दिलों पर छाप बन चुका है। आगामी 5 साल तक प्रदेश की जनता को खुशहाल बनाए रखने, छत्तीसगढ़ को सबसे अग्रणी राज्य बनाने, नक्सलवाद को नष्ट करने, बेरोजगारी खत्म करने, नगरनार इस्पात संयंत्र को बिकने से बचने के लिए कांग्रेस पार्टी भी संकल्पित है। इसीलिए कांग्रेस प्रदेश की जनता के लिए भरोसे की सूची लेकर आएगी। उस सूची के हर नाम पर प्रदेश की जनता को भरोसा होगा। आज छत्तीसगढ़ में भाजपा की जो स्थिति है उसके जिम्मेदार 15 साल छत्तीसगढ़ में राज करने वाले रमन सिंह और उनका मंत्रिमंडल की वजह है। रमन और उनके मंत्रियों ने प्रदेश में अपने किसी कार्यकर्ता को आगे बढने नहीं दिया। इसलिए भाजपा को घिसे पिटे चेहरों के साथ मैदान पर उतरना पड़ा है।

लैखन बघेल ब्लॉक कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त

0

नगरनार स्थानीय सरपंच लैखन बघेल को नगरनार ब्लॉक कांग्रेस कमेटी का कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज की अनुशंसा पर तथा जिला प्रभारी शकील रिजवी एवं जगदलपुर विधानसभा क्षेत्र प्रभारी फतेह सिंह परिहार की सहमति से शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुशील मौर्य ने की है। श्री बघेल को नगरनार ब्लॉक कांग्रेस कमेटी का कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किए जाने से कार्यकर्त्ताओं में खुशी छा गई है। लैखन बघेल को तत्काल प्रभाव से कार्यकारी अध्यक्ष का पदभार संभालने कहा गया है।

MOST POPULAR

HOT NEWS