जगदलपुर बस्तर जिले में पड़ रही कड़ाके की ठंड की वजह से शालाओं के समय में परिवर्तन किया गया है। जिला शिक्षा अधिकारी भारती प्रधान द्वारा जारी आदेश के तहत जिले की सभी शालाओं की कक्षाएं अब आगामी 15 जनवरी तक परिवर्तित समय के अनुसार लगाई जाएंगी। नए शेड्यूल के अनुसार दो पालियों में संचालित होने वाली शालाओं में प्रथम पाली की कक्षाएं प्रातः 9 बजे से दोपहर 12.30 बजे तक व दूसरी पाली की कक्षाएं दोपहर 12.45 बजे से अपरान्ह 4.15 बजे तक तथा एकल पाली वाली शालाओं में कक्षाएं प्रातः 10. 30 बजे 3.30 बजे तक लगेंगी। यह व्यवस्था सोमवार से शनिवार तक जारी रहेगी।
दल्ली राजहरा में अंगदान एवं नेत्रदान शिविर 28 दिसंबर को
दल्लीराजहरा देश की अग्रणी समाजसेवी संस्था यूएनएचआर काउंसिल की छत्तीसगढ़ इकाई द्वारा दल्ली राजहरा में प्रथम बार अंगदान एवं नेत्रदान का शिविर आयोजन किया जा रहा है। शिविर 28 दिसंबर को श्री जलाराम मंदिर में आयोजित है। संस्था की प्रदेश अध्यक्ष गीतांजलि धंडाले ने बताया कि इस शिविर आयोजन के पीछे संस्था का उद्देश्य मानव सेवा के माध्यम से छत्तीसगढ़ राज्य को अग्रणी बनाना है। शहर एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को भी इस महा अभियान से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत लोगों से देहदान एवं नेत्रदान का संकल्प पत्र भरकर समिति द्वारा जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग को सौंपा जाएगा। अंगदान एवं नेत्रदान करने के इच्छुक व्यक्ति अपना पंजीयन करवा इस महाभियान का हिस्सा बन सकते हैं। पंजीयन हेतु मोबाईल नंबर 7999112367 एवं 70490 08894 पर संपर्क कर सकते हैं।
दल्ली राजहरा में कार्यरत सुरक्षा गार्डों को ठेकेदार के द्वारा वेतन भत्ते, व बोनस भुगतान में लापरवाही । सुरक्षा गार्ड आन्दोलन के लिए बाध्य
दल्ली राजहरा में बीएसपी के नगर प्रशासक के अंतर्गत कार्यरत सुरक्षा गार्डों वेतन भत्ते व बोनस भुगतान में ठेकेदार के द्वारा लापरवाही बरती जा रही है l यह सुरक्षा ठेका सीडीओ सिक्योरिटी & पब्लिक सर्विस लिमिटेड के अंजनी द्विवेदी द्वारा चलाया जाता है l इनके के विरुद्ध तीसरी बार हड़ताल होने जा रही है l हिंदुस्तान स्टील इंप्लाइज यूनियन (सीटू ) के सचिव कामरेड प्रकाश सिंह क्षत्रिय ने कहा कि 2 वर्षों में यह तीसरी दफा है जब यूनियन को सुरक्षा गार्ड के भुगतान के संबंध में प्रबंधन के पास विरोध प्रकट करना पड़ा है l पिछले वर्ष सुरक्षा गार्ड के द्वारा तीन सूत्री मांग माइंस भत्ता और रात्रि कालीन भत्ता ना मिलने के कारण म सुरक्षा गार्डौं के द्वारा 14 अक्टूबर 2022 से 21 अक्टूबर 2022 तक 7 दिन तक भूख हड़ताल की गई थी l उस समय तत्कालीन मुख्य महाप्रबंधक श्री समीर स्वरूप के द्वारा उनकी मांग को जायज मानकर दल्ली राजहरा से स्थानीय स्तर पर ठेका निकालने माइंस भत्ता रात्रि कालीन भत्ता देने और अन्य कर्मचारियों की तरह उन्हें भी सुविधा देने की बात कही गई थी l लेकिन कुछ दिन बीत जाने के बाद फिर से ठेकेदारों के द्वारा लापरवाही करना शुरू कर दिया गया । उनके द्वारा सुरक्षा गार्ड्स को मिलने वाली वेतन रोक दिया गया l 3 माह तक वेतन न मिलने पर 3 मई 2023 को सुरक्षा गार्ड की ओर से यूनियन के द्वारा हड़ताल की घोषणा की गई l आनन फानन में प्रबंधन के द्वारा ठेकेदार के ऊपर दबाव बनाया गया जिसके कारण तीन माह का वेतन दो सप्ताह के अंदर सुरक्षा गार्ड के खाते में डाल दिया गया l इस वर्ष फिर अक्टूबर माह में ठेकेदार के द्वारा दीपावली बोनस विगत मार्च माह के बाद से माइंस भत्ता एवं रात्रि कालीन भत्ता नहीं दिया गया है l दीपावली के समय इन सुरक्षा गार्डों की जेब खाली रह गई। ठेकेदार के द्वारा माइंस भत्ता वेतन और दीपावली बोनस तीनों नहीं दिया गया l इस ठेकेदार को रिपीट ऑर्डर न देने के लिए सुरक्षा गार्ड की ओर से एक आवेदन प्रबंधन को दिया गया था l इसके बावजूद पुन:इसी ठेका कंपनी को रिपीट ऑर्डर दे दिया गया है l विगत कई माह से वेतन एक माह बीत जाने के बाद दिया जा रहा है तथा माइंस भत्ते का भुगतान आठ महीने से नहीं किया गया है। l इस समस्या को देखते हुए सुरक्षा गार्ड व यूनियन फिर से सड़क पर उतरेगी l हिंदुस्तान स्टील इंप्लाइज यूनियन सीटू की ओर से मुख्य महाप्रबंधक को मांग पत्र सौंपा गया है l जिसके अनुसार सी डी ओ सिक्योरिटी &पब्लिक हेल्पलाइन सर्विस के द्वारा संचालित ठेके में आईओसी राजहरा के सुरक्षा गार्ड कार्यरत हैं l जो की महत्वपूर्ण स्थानो की सुरक्षा में संलग्न है l इन सुरक्षा गार्ड को ठेकेदार के द्वारा कभी भी समय पर वेतन का भुगतान नहीं किया जाता है l इस संबंध में प्रति माह ठेकेदार वा ऑपरेटिंग अथॉरिटी से निवेदन करना पड़ता है तब भी एक माह विलंब से वेतन भुगतान किया जाता है l इसी तरह माइंस अलाउंस व नाइट शिफ्ट एलाउंस का भी भुगतान विगत 8 माह ( अप्रैल 2023 ) से नहीं किया गया है l
भारत सरकार के नियमानुसार 30 नवंबर तक दीपावली बोनस का भुगतान कर्मचारियों को किया जाना है l अंतिम तिथि बीत जाने के बावजूद ठेकेदार द्वारा आज दिनांक तक बोनस भुगतान नहीं किया गया है l आश्चर्य की बात यह है कि उपरोक्त ठेकेदार द्वारा श्रमिकों के वेतन भत्ते एवं बोनस भुगतान संबंधी नियमों व कानून की खुले आम धज्जियां उड़ाने के बावजूद ठेकेदार पर प्रबंधक द्वारा कोई दंडात्मक कार्यवाही नहीं की जा रही है l जबकि इस संबंध में कार्यरत सुरक्षा गार्ड वा यूनियन द्वारा हर स्तर पर कई बार मौखिक व लिखित शिकायत की गई है l वेतन भत्ते वह बोनस भुगतान पर ठेकेदार व प्रबंधन के रवैया से कार्यरत सुरक्षा गार्ड बेहद क्षुब्ध वा आक्रोशित है तथा आंदोलन के रास्ते पर जाने के लिए बाध्य है l
सुरक्षा गार्ड की निम्नांकित राशि की मांग लंबित है
( 1)नवंबर माह का वेतन का भुगतान आज दिनांक तक नहीं हुआ है l
(2) माइंस अलाउंस व नाइट अलाउंस की राशि का भुगतान विगत अप्रैल माह से नहीं मिला है l
(3) बोनस एक्ट में बोनस भुगतान की अंतिम तिथि 30 नवंबर होने के बावजूद आज दिनांक तक बोनस राशि का भुगतान ठेकेदार के द्वारा नहीं किया गया है l
उक्त तीनों लंबित भुगतान 30 दिसंबर नहीं करने पर इस ठेका में कार्यरत सभी सुरक्षा गार्ड दिनांक 1 जनवरी 2024 से भूख हड़ताल वा अमरन अनशन करने के लिए बाध्य रहेंगे l
कामरेड ज्ञानेन्द्र सिंह ने कहा कि बीएसपी एक सार्वजनिक क्षेत्र का उपक्रम है इसके बावजूद अधिकारी वर्ग मजदूरों के हित और अधिकार पर कोई ध्यान नहीं देते यह दुखद बात है l माइंस में पूरे ठेका श्रमिकों में सुरक्षा गार्ड ही एक ऐसा ठेका है जहां सबसे कम वेतन दिया जाता है l ठेकेदार द्वारा भुगतान नहीं करने के बावजूद बीएसपी प्रबंधन आंख मूंद कर बैठी है यह बड़ी दुखद बात है l कल सचिव कामरेड प्रकाश क्षत्रिय एवं सुरक्षा गार्ड महा प्रबंधक आई ओ सी राजहरा से मिलने गए थे लेकिन ढाई घंटे के इंतजार के बावजूद प्रबंधन के द्वारा यूनियन को समय नहीं देना अच्छा संकेत नहीं है l
हिंदुस्तान स्टील इंप्लाइज यूनियन सीटू के अध्यक्ष कामरेड पुरुषोत्तम सिमैया ने कहा कि जब मजदूर की हक और अधिकार की बात होगी चाहे वह कोई भी यूनियन से संबंध रखता हो ह सीटू यूनियन उनके साथ सबसे पहले खड़ा होगा और हम उनके हक और अधिकार के लिए आगे आने के लिए हमेशा तत्पर रहेंगे l हम मानते हैं कि मजदूरों का शोषण ना हो l शोषण के खिलाफ हमारा पूरा यूनियन खड़ा रहेगा l प्रबंधन यदि तय समय के अंदर सुरक्षा गार्ड की मांग नहीं मानी तो 1 जनवरी से सुरक्षा गार्ड की हड़ताल में हमारा पूरा यूनियन समर्थन देगा l
मांग पत्र की कॉपी निम्नलिखित को भेजी गई है
(1) ऑपरेटिंग अथॉरिटी संबंधित सुरक्षा ठेका नगर प्रशासक
(आईओसी) राजहरा
(2) एसडीम महोदय दल्ली राजहरा .
(3) सहायक महाप्रबंधक कार्मिक आईओसी राजहरा l
भाजपाइयों ने राजहरा में चलाया स्वच्छता अभियान
- जयंती पर मंडल भाजपा दल्ली ने दी श्रद्धांजलि
दल्लीराजहरा देश के पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी को उनकी 99वीं जयंती पर दल्ली राजहरा भाजपा मंडल द्वारा राम मंदिर में श्री वाजपेयी के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने शहर में स्वच्छता अभियान भी चलाया l

अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती को देश सुशासन दिवस के तौर पर मनाता है। दल्ली राजहरा भाजपा मंडल के कार्यकर्ताओं ने टाउनशिप में स्वच्छता अभियान चलाया एवं सुशासन दिवस की सभी को शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर जिला कोषाध्यक्ष सुदेश सिंह ने कहा कि स्व. वाजपेयी के लिए राष्ट्रहित सर्वोपरि था। वे छत्तीसगढ़ राज्य के प्रणेता रहे हैं। उन्होंने न केवल छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया, बल्कि राज्य के विकास के लिए आधार भी तैयार किया। मंडल अध्यक्ष राकेश द्विवेदी ने कहा कि स्व. अटल बिहारी वाजपेयी कुशल प्रशासक, राजनीतिज्ञ एवं लोकप्रिय जननेता के साथ ही महान वक्ता भी थे। उन्हें समाज के सभी वर्गों के लोग सम्मान देते थे। इस अवसर पर मुख्य रूप से जिला कोषाध्यक्ष सुदेश सिंह, मंडल अध्यक्ष राकेश द्विवेदी, मंडल महामंत्री महेंद्र सिंह, मदन मयती, नगर भाजयुमो अध्यक्ष संजीव सिंह, नगर पालिका उपाध्यक्ष संतोष देवांगन, बॉबी छतवाल, राजेश दसोड़े, भूपेंद्र डहरवाल, मुश्ताक अहमद, सुरेंद्र बेहरा, मोनू चौधरी, टी. ज्योति, सौरभ लूनिया, मनोज दुबे, सुरेश जायसवाल, रमेश जैन, महेंद्र पिपरे, रमेश मित्तल, एमएस श्रीजीत, राकेश देवांगन, नीलेश श्रीवास्तव, मेवा पटेल, जनार्दन सिंगरौल, सोनू ठगेल, सुमित जैन, जसवंत नायक, अफसर कुरैशी, बंटी चोपड़े, लीलावती साहू,ऊषा साहू, कुमारी बाई रावटे, प्रमोद एवं भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित थे।
कवि और साहित्यकार के अवतार में दिखे कलेक्टर विजय
- साहित्यिक शब्दों से जीत लिया उपस्थितजनों का दिल
- सुशासन दिवस समारोह में विजय दयाराम के का जाग उठा साहित्य प्रेम
अर्जुन झा
जगदलपुर बस्तर के कलेक्टर विजय दयाराम के. बीते 25 दिसंबर को कवि और साहित्यकार के अवतार में नजर आए। उनके इस बिल्कुल नए अंदाज ने उपस्थित जन समुदाय का दिल जीत लिया। किसी ने सोचा भी नहीं था कि किसी गैर हिंदीभाषी राज्य का मूल निवासी बड़ा अधिकारी भी इतना विराट वक्तव्य दे सकता है। उनके ओजस्वी उद्बोधन ने समारोह के वातावरण को देशभक्ति की भावना से अभिपूरित कर दिया। हॉल में भारत माता के जयकारे गूंजते रहे। अधिकारी – कर्मचारियों और नागरिकों के बीच कलेक्टर विजय दयाराम के. का नया व्यक्तित्व सामने आया है और लोग कलेक्टर की इस नई और बेमिसाल छवि के कायल हो गए हैं।
भारतरत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर 25 दिसंबर को सुशासन दिवस मनाया गया। इस अवसर पर स्वच्छता अभियान चलाया गया, स्वच्छता कर्मियों का यशोगान किया गया। जगदलपुर के विधायक एवं प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण देव सिंह, चित्रकोट के विधायक विनायक गोयल, महापौर सफीरा साहू, नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष संजय पाण्डेय, कलेक्टर विजय दयाराम के., जिला पंचायत के सीईओ प्रकाश सुर्वे, नगर निगम आयुक्त हरेश मंडावी समेत अनेक जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अपने हाथों में झाड़ू थामकर सड़कों की सफाई की। जिला प्रशासन ने भी एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन कर अटल जी को पुण्यांजलि अर्पित की। इसी समारोह में कलेक्टर विजय दयाराम के. का नया रूप देखने को मिला। अपने कलेक्टर एक सधे हुए कवि और साहित्यकार के अवतार में नजर आए। उन्होंने अपनी अद्भूत वक्तृत्व क्षमता का परिचय दिया। समारोह में कलेक्टर कुछ इस अंदाज में बातें रखी कि पूरा हाल तालियों की गदगड़ाहट से गूंज उठा। मातहत अधिकारी कर्मचारी और नागरिक हैरतभरी नजरों से कलेक्टर को देखते रहे। कलेक्टर विजय दयाराम के. ने भारत की महिमा का बखान साहित्यिक अंदाज में किया। उन्होंने कहा – बताना चाहूंगा भारत कोई भूमि का टुकड़ा नहीं, जीता जागता राष्ट्र है। ये वंदन की धरती है, अभिनंदन की धरती है। ये अर्पण की भूमि है, ये तर्पण की भूमि है, ये दर्पण की भूमि है। यहां की हर नदी हमारे लिए गंगा है, यहां का कंकर कंकर हमारे लिए शंकर है। हम जीयेंगे भी तो भारत के लिए और मरेंगे भी तो भारत के लिए और मरने के बाद भी गंगाजी में बहती हमारी अस्थियों को जब कोई कान लगाकर सुनेगा, तो एक ही आवाज सुनाई देगी भारत माता की ….। कलेक्टर का अंतिम वाक्य पूरा भी नहीं हो पाया था की दर्शक दीर्घा से आवाज गूंज उठी जय। कलेक्टर ने अपनी बातों से ऐसा समां बांधा कि दर्शक दीर्घा से देशभक्ति की प्रबल लहर उठने लगी थी।.
कलेक्टर का एक रूप यह भी
कलेक्टर विजय दयाराम के. एक कुशल प्रशासनिक अधिकारी ही नहीं एक प्रकृति प्रेमी संवेदनशील एवं सहृदय नागरिक भी हैं। उनका यह दूसरा रूप बीते दिनों नेगानार के साप्ताहिक बाजार में देखने को मिला था। बस्तरिहा परिवेश और खाद्य संस्कृति को करीब से जानने समझने के लिए विजय दयाराम के.ने बीते शनिवार को नेगानार साप्ताहिक बाजार का भ्रमण कर वहां बिकने आई सब्जी भाजियों को करीब से देखा और सब्जियां बेच रही महिलाओं से उन सब्जियों की पौष्टिकता व पकाने की विधि की जानकारी ली। बाजार में बिकने आए बांस फूटू और अमारी भाजी (खट्टी भाजी) जिसे बस्तर की बोली में भेंडा भाजी कहा जाता है, के चटख लाल रंग के फूलों को देख कलेक्टर हैरत में पड़ गए। वे फूल को काफी देर तक बड़े गौर से निहारते रहे। बांस फूटू भाजी के फूलों की उन्होंने अपने सेलफोन से तस्वीर भी। कलेक्टर ने विक्रेताओं से भेंडा भाजी, उसके फूल और बांस फुटू की विशेषताओं की जानकारी भी ली। बाजार भ्रमण के दौरान उन्होंने अपने घरेलू उपयोग के लिए सरई धूप खरीदा भी। कलेक्टर को अपने सामने आम आदमी की तरह खड़े होकर सब्जी भजियों की जानकारी लेते देख सब्जी विक्रेता महिला पुरुष और अन्य दुकानदार अचंभित नजर आ रहे थे। लोगों को यकबयक यकीन ही नहीं हो रहा था कि जिले का सबसे बड़ा अफसर उनके सामने खड़ा है। ग्रामीण महिलाएं तो कलेक्टर विजय दयाराम के. को अपलक देखती रहीं। कलेक्टर ने सब्जी विक्रेता महिलाओं से उनकी दैनिक आमदनी, आजीविका के अन्य साधन, उनके बच्चों की शिक्षा दीक्षा आदि की जानकारी भी ली और बच्चों को ज्यादा से ज्यादा पढ़ाने के लिए समझाया।
सीधे और सरल स्वभाव के होते हैं हल्बा आदिवासी : साहनी
- जैतगिरी में हल्बा समाज ने मनाया गया शक्ति दिवस
जगदलपुर आदिवासी हल्बा समाज 18 गढ़ महासभा कोटपाड़ गढ़ के अंतर्गत पालीग्राम जैतगिरी में हर्षोल्लास के साथ शक्ति दिवस मनाया गया। समाज की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी की पूजा अर्चना कर ध्वजारोहण किया गया एवं हल्बा समाज के वीर शहीद शिरोमणि गैंदसिंह की शहादत व उनके योगदान को याद किया गया।
समाज के युवा प्रकोष्ठ के
कोटपाड़ गढ़ अध्यक्ष वरुण साहनी ने सभी सगा बिरादरी को संबोधित करते हुए इतिहास में जनहित के लिए हल्बा समाज एवं समाज के वीरों के द्वारा दिए गए योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि आज हमारा देश विश्व शक्ति के रूप में तेजी से उभर रहा है। आज हम सभी समाज के युवाओं की जिम्मेदारी है कि हम सभी देश और समाज हित में अपना योगदान निश्चित करे तथा विभिन्न कार्यक्षेत्रों में अपना कीर्तिमान स्थापित करें। हल्बा आदिवासी समाज द्वारा प्रतिवर्ष 26 दिसंबर को अखिल भारतीय स्तर की पांचों महासभाओं द्वारा एक महामंच पर विशाल शक्ति दिवस धूमधाम से मनाया जाता है।समाज के ऐसे कार्यक्रमों से सभ्यता, संस्कृति का बोध होता है और नई पीढ़ी को अपनी समृद्ध संस्कृति से रूबरू होने का अवसर मिलता है। वरुण साहनी ने कहा कि हमारा समाज स्वभाव से सरल व श्रेष्ठ आदर्शो वाला समाज है। आदिवासी हल्बा समाज अपने स्वच्छ विचारों पर चलने वाली समाज है। इस दौरान लक्ष्मण भोयर, फरसूराम भोयर, हीरासिंह भोयर, मुनीम साहनी, लेबोराम मांझी, प्रेम देहारी, प्रवीण भोयर, अनंत भोयर, पीलाबाई साहनी, अनिता साहनी एवं बड़ी संख्या में समाज के सगा सहोदर उपस्थित थे।
समिति के समक्ष पेश होने से बच रहे हैं प्रभारी प्राचार्य
- बार बार नोटिस भेजे जाने के बाद भी नहीं दे रहे हैं अपनी जाति का प्रमाण
सुकमा शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला एर्राबोर में पदस्थ प्रभारी प्राचार्य के. रामा यशवंत पिता के नरसिंह बार बार नोटिस भेजे जाने के बावजूद जिला स्तरीय जाति प्रमाण पत्र छानबीन समिति के समक्ष पेश नहीं हो रहे हैं।शिकायत की गई है कि के. रामा यशवंत ने फर्जी जाति प्रमाण पत्र के जरिए नौकरी हासिल की है। समिति उनकी जाति का सत्यापन करना चाहती है। लेकिन समिति को कोई तवज्जो नहीं दे रहे हैं।नोटिस की अनदेखी से उन पर लगे आरोप को बल मिल रहा है।
बीजापुर जिले की भोपालपटनम तहसील के ग्राम मद्देड़ निवासी के. रामा यशवंत के खिलाफ लंबे समय से जांच चल रही है। उनके खिलाफ फर्जी जाति प्रमाण पत्र के जरिए नौकरी हासिल करने की शिकायत शासन से की गई है। पिछले सात माह से उन्हें नोटिस भेजकर जिला स्तरीय जाति प्रमाण पत्र छानबीन समिति के समक्ष पेश होने और जाति से संबंधित आवश्यक प्रमाण रखने के लिए कहा जा रहा है। के. रामा यशवंत शुरू से ही तरह तरह के बहाने बनाकर समिति के समक्ष उपस्थित होने से बच रहे हैं। वे कभी मेडिकल आधार पर, तो पारिवारिक समस्या का हवाला देकर कमेटी के सामने उपस्थित होने से बचते आ रहे हैं। 26 दिसंबर को भी उन्हें उपस्थित होने के लिए नोटिस भेजा गया था, किंतु आज भी पेश नहीं हुए। पता चला है कि उन्होंने मेडिकल लेकर 15 दिन का समय मांगा है। इस बीच इसी मामले में करीब 7 फर्जी कर्मचारियों को शासन द्वारा सेवामुक्त कर दिया गया है।लेकिन वे ट्रायबल आयोग अथवा अन्य कारणों का हवाला देकर जांच कमेटी के पास मांगे गए दस्तावेज लेकर उपस्थित नहीं हो रहे हैं। इससे प्रतीत होने लगा है कि वे कुछ छुपाना चाह रहे हैं।
साइबर क्राइम जागरूकता एवं महिला बाल अपराध की रोकथाम व उनके अधिकारों से अवगत कराने ग्राम रामतरा में आयोजित NSS कैंप के विशेष शिविर में दी गई महत्त्वपूर्ण जानकारी
आज दिनांक 26.12.2023 को पुलिस अधीक्षक श्री जितेंद्र कुमार यादव के निर्देशन एवं अति पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार नायक के मार्गदर्शन एवं साइबर सेल प्रभारी जोगेंद्र साहू के नेतृत्व में साइबर सेल टीम बालोद एवं महिला बाल विकास विभाग द्वारा स्वगीय डारन बाई शासकीय महाविद्यालय गुरुर के तत्वाधान में ग्राम रामतरा में आयोजित सात दिवसीय राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम के पांचवे दिन बौद्धिक परिचर्चा के रूप में नरेंद्र कुमार संरक्षण अधिकारी महिला बाल विकास विभाग द्वारा बाल संरक्षण, बाल अधिकार, पाक्सो एक्ट 2012 बाल विवाह प्रतिषेध नियम 2006 की जानकारी, सीता गोस्वामी सहायक उपनिरीक्षक महिला सेल बालोद द्वारा महिलाओं के संरक्षण अभिव्यक्ति नारी की जानकारी, रूम लाल चुरेन्द्र प्रधान आरक्षक सायबर सेल सायबर अपराधों की जानकारी, वेदप्रकाश साहू जिला समन्वयक चाईल्ड लाइन 1098 की जानकारी, आरक्षक चेतन सोनकर यातायात थाना के द्वारा यातायात के नियमो की विस्तृत जानकारी में दी गई जिसमें 55 स्वयं सेवक एवम ग्रामीण जन उपस्तिथि रहे।
जैतगिरी में मनाया गया हल्बा समाज का शक्ति दिवस
आदिवासी हल्बा समाज 18 गढ़ महासभा कोटपाड़ गढ़ के अंतर्गत पालीग्राम जैतगिरी में हर्षोल्लास के साथ शक्ति दिवस मनाया गया ।
समाज की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी की पूजा अर्चना कर ध्वजारोहण किया गया एवं हल्बा समाज के वीर शहीद शिरोमणि गैंदसिंह के शहादत व उनके योगदान को याद किया गया ।
समाज के युवा प्रकोष्ठ के कोटपाड़ गढ़ अध्यक्ष वरुण साहनी ने सभी सगा बिरादर को संबोधित करते हुए इतिहास में जनहित के लिए हल्बा समाज एवं समाज के वीरों के द्वारा दिए गए योगदान को याद किया एवं कहा कि आज हमारा देश विश्व शक्ति के रूप में तेजी से उभर रहा है , आज हम सभी समाज के युवाओं का जिम्मेदारी है कि हम यह सभी अपना योगदान निश्चित करे और विभिन्न कार्यक्षेत्रों में अपना कीर्तिमान स्थापित करें । हल्बा आदिवासी समाज के द्वारा प्रतिवर्ष 26दिसंबर को अखिल भारतीय स्तर के पांचों महासभा एक महामंच पर एक विशाल शक्ति के रूप में शक्ति दिवस धूमधाम से मनाया जाता है ,समाज के ऐसे कार्यक्रमों से सभ्यता ,संस्कृति का बोध होता है ,हमारा समाज स्वभाव से सरल व अपने में आदर्श होते हैं जिसके चलते आदिवासी हल्बा समाज अपने स्वच्छ विचारों पर चलने वाली समाज है ।
इस दौरान लक्ष्मण भोयर , फरसूराम भोयर,हीरासिंह भोयर ,मुनीम साहनी , लेबोराम मांझी ,प्रेम देहारी, प्रवीण भोयर , अनंत भोयर, पीलाबाई साहनी, अनिता साहनी एवं बड़ी संख्या में समाज के सगा बिरादर उपस्थित रहे।
इतिहास के रियल लाइफ नायकों से प्रेरणा लें बच्चे : कश्यप
- वीर बाल दिवस पर मंत्री केदार कश्यप की सलाह
- साहबजादों के बलिदान को जाने पूरा देश : किरण देव
जगदलपुर वीर बाल दिवस के अवसर पर शहर के श्यामा प्रसाद मुखर्जी टाउन हॉल में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री और नारायणपुर विधायक केदार कश्यप ने कहा कि देश के उन महान सपूतों को नमन, जो धर्म की रक्षा के लिए मुगलों के सामने नहीं झुके। धर्म के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वालों साहबजादों की याद में प्रधानमंत्री मोदी की पहल पर पूरा देश वीर बाल दिवस मना रहा है। देश, संस्कृति के लिए सब कुछ न्यौछावर करने वाले इन वीर रियल लाईफ नायकों से बच्चे प्रेरणा लें। कश्यप ने कहा कि सिख गुरु गोविंद सिंह जी के वीर बेटों ने धर्म की रक्षा के लिए खुद को दीवार पर जिंदा चुनवा लेना स्वीकार कर लिया, लेकिन मुगल शासक के आगे वे झुके नहीं। ऐसे पराक्रमी बच्चों की गाथा को जन जन तक पहुंचाने और अमर बनाए रखने के लिए हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूरे देश में इस दिन को वीर बाल दिवस के रूप में मनाने का फैसला कर सिख गुरुओं के प्रति सच्चा सम्मान प्रकट किया है।कार्यक्रम में विधायक एवं प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण देव ने साहबजादों की शहादत को नमन करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इनकी शहादत को सम्मान देने के लिए वीर बाल दिवस आयोजित करने को घोषणा की है। इन साहबजादों के कठोर बलिदान के बारे में पूरे देश को पता होना चाहिए। वर्तमान समय और आधुनिक संसाधनों के युग में स्कूली बच्चों को इन वीर सपूतों को याद रखना चाहिए। कलेक्टर विजय दयाराम के. ने स्वागत उद्बोधन में वीर बाल दिवस के आयोजन के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गुरू गोविंद सिंह के चार पुत्र बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह ने मुगलों के खिलाफ अपने क्षेत्र, संस्कृति, धर्म के लिए लड़ते हुए अपनी प्राणों की आहुति दी। सरकार ने इन वीरों की याद में 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया है।कार्यक्रम में सिख समाज के प्रतिनिधि ने भारत सरकार द्वारा सिखों के दसवें गुरू गुरू गोविन्द सिंह के पुत्रों द्वारा देश की संस्कृति, धर्म की रक्षा में अपनी शहादत दी। उन्होंने प्रतिवर्ष वीर बाल दिवस मनाने के लिए आभार व्यक्त किया। साथ ही सभी गुरुओं के द्वारा इंसानियत के लिए किए कार्यों का भी वर्णन किया।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अभिभाषण का प्रदर्शन किया गया। साथ ही वीर बाल साहबजादों से संबंधित वीडियो फिल्म और फोटो प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विधायक चित्रकोट विनायक गोयल, गणमान्य जनप्रतिनिधि अतिथि, पार्षदगण, सीईओ जिला पंचायत प्रकाश सर्वे, नगर निगम आयुक्त हरेश मंडावी, जिला शिक्षा अधिकारी भारती प्रधान सहित अन्य गणमान्य नागरिक व स्कूली बच्चे उपस्थित थे।

मोदी ने शुरू की है यह पहल
ज्ञात हो कि पिछले वर्ष जनवरी में गुरु गोविंद सिंह के प्रकाश पर्व पर प्रधानमंत्री ने प्रतिवर्ष 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस मनाने की घोषणा की थी। इस दिवस को मनाने के लिए सरकार नागरिकों, विशेषकर छोटे बच्चों को साहबजादों के अदम्य साहस की कहानी से अवगत कराने और शिक्षित करने के लिए पूरे देश में सहभागी कार्यक्रम आयोजित कर रही है।
गौरतलब है कि देश में हर साल 26 दिसंबर को श्री गुरु गोविंद सिंह के पुत्रों के सर्वोच्च बलिदान और साहस की स्मृति में वीर बाल दिवस मनाया जाता है। इसका उद्देश्य युवाओं, किशोरों, देश वासियों, महिलाओं में राष्ट्र निर्माण के लिए योगदान एवं मूल्यों को स्थापित करना और सुदृढ़ बनाना है।


