नवयुवक गणेश उत्सव समिति ने धूमधाम से दी बप्पा को विदाई
जगदलपुर बाढ़ और बारिश के चलते बस्तर विकासखंड के मधोता-2 क्षेत्र में मनुष्य ही नहीं, बल्कि प्रथम पूज्यनीय भगवान गणेश जी भी प्रभावित नजर आए। यहां बाढ़ के कारण गणेश जी की प्रतिमा का विसर्जन समय पर नहीं हो पाया था। बाढ़ का पानी कम होने के बाद नवयुवक गणेश उत्सव समिति खैरगुड़ा द्वारा आज बप्पा की प्रतिमा का विसर्जन बड़े भक्तिभाव और उत्साह के साथ किया गया।
उल्लेखनीय है कि खैरगुड़ा के चारों ओर बाढ़ प्रभावित क्षेत्र होने के कारण समिति ने परिस्थितियों को देखते हुए विसर्जन को आगे बढ़ाया था। पानी कम होने के बाद आज विधि-विधान से गणपति बप्पा को विदाई दी गई। विसर्जन से पहले श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश की पूजा-अर्चना की। इसके बाद गाजे-बाजे के साथ गणपति बप्पा की विसर्जन यात्रा निकाली गई। समिति के सदस्यों और ग्रामीणों ने उत्साह के साथ यात्रा में हिस्सा लिया। गणपति बप्पा के जयकारों से पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। वहीं, विसर्जन के अवसर पर समिति की ओर से महाभंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें खिचड़ी एवं खीर का वितरण किया गया। बाढ़ से प्रभावित परिवारों और ग्रामीणों ने महाभंडारे में प्रसाद ग्रहण किया।विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश से क्षेत्र में सुख-शांति, समृद्धि और जल्द सामान्य परिस्थितियों की कामना की। ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयघोष के साथ गणपति प्रतिमा का विसर्जन किया गया।
भूखे गौवंश के लिए किया चारा पानी और सुरक्षा का इंतजाम
जगदलपुर बस्तर जिले में बाढ़ से उत्पन्न स्थिति से मनुष्य ही नहीं जानवर भी प्रभावित हुए हैं। विशेष रूप से गाय,भैंस जिन्हें खटाल वालों ने पाला था, जल स्तर बढ़ते ही उन्होंने इन सारे मवेशियों को छुट्टा छोड़ दिया। ऐसी विकट स्थिति में कांग्रेस नेता पूर्व विधायक रेखचंद जैन ने अपने सहयोगी निर्मल लोढ़ा के साथ मिलकर प्रवीर वार्ड के लक्ष्मी नारायण मंदिर में गाय भैंसों को एकत्र कर उनके भोजन की व्यवस्था की, बल्कि उन्होंने खुद होकर सभी को दाना भूसा दिया और उनके सुरक्षित रहने की व्यवस्था की।
जानकारी के अनुसार दो दर्जन से ज्यादा पशुधन यहां पर सुरक्षित रूप से भोजन प्राप्त कर रहे हैं। इंद्रावती नदी में आई प्रलयंकारी बाढ़ के पीड़ितों की मदद करने कांग्रेस नेता रेखचंद जैन, निर्मल लोढ़ा और अन्य सहयोगी काफी अच्छा कार्य कर रहे हैं।कांग्रेस कार्यकर्ताओं की सेवा टोली बाढ़ पीड़ितों के बीच जा जाकर पीड़ित परिवार को अपना सहयोग दे रही है।
अनुसूचित जाति वर्ग के पदाधिकारियों ने पूर्व विधायक और अध्यक्ष माननीय पुनीत चौहान जी कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त अनुसूचित जाति आयोग छत्तीसगढ़ शासन से की मुलाकात,बस्तर जिले के जगदलपुर सर्किट हॉउस मे सर्व अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों के साथ समस्याओं से कराया अवगत
जगदलपुर- सर्व अनुसूचित जाति वर्ग के पदाधिकारियों ने अनुसूचित जाति वर्ग के आयोग अध्यक्ष से मुलाकात कर बस्तर संभाग में समाज के लोगों के सामने आ रही विभिन्न समस्याओं और मांगों को उनके समक्ष रखा*। *पदाधिकारियों ने क्षेत्र में अनुसूचित जाति वर्ग से जुड़े मामलों को गंभीरता से लेते हुए जल्द उचित निराकरण की मांग की।
मुलाकात के दौरान पदाधिकारियों ने फर्जी जाति प्रमाण पत्र बनाकर अनुसूचित जाति वर्ग का लाभ लेने वाले लोगों की तत्काल जांच कराने की मांग रखी एवं जांच में दोषी पाए जाने पर संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध निलंबन सहित सख्त कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की गई*।
पदाधिकारियों ने महारा जाति को अनुसूचित जाति वर्ग के आरक्षण रोस्टर में वर्ष 2300 मे शामिल किए जाने के बाद तक बस्तर संभाग में अनुसूचित जाति की जनसंख्या में हुए बदलाव को ध्यान में रखते हुए स्थानीय स्तर पर आरक्षण के प्रतिशत की समीक्षा एवं आवश्यक 16% वृद्धि की मांग भी रखी*।*इसके अलावा जातिगत भेदभाव, छुआछूत अथवा दुर्व्यवहार के मामलों में संलिप्त पाए जाने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई और निलंबन की मांग की गई।*पदाधिकारियों ने कहा कि जाति जनगणना के आधार पर विधानसभा में अनुसूचित जाति वर्ग को उचित प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए बस्तर संभाग में अनुसूचित जाति वर्ग की संख्या को देखते हुए राजनीतिक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने की मांग भी आयोग के अध्यक्ष के समक्ष रखी गई।*स्थानीय निकाय एवं विधानसभा चुनावों में जनसंख्या के आधार पर प्रतिनिधित्व: नगर पंचायत, नगर पालिका, नगर निगम, जनपद पंचायत, जिला पंचायत एवं विधानसभा जैसे चुनावों में अनुसूचित जाति वर्ग के लोगो की जनसंख्या का सर्वे कराकर जनसंख्या के अनुपात में प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जाए।बस्तर संभाग में अनुसूचित जाति वर्ग की आबादी को ध्यान में रखते हुए उन्हें भी उचित सीटों पर चुनाव लड़ने का अवसर दिया जाए, ताकि राजनीतिक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित हो सके।बैठक में अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों के साथ होने वाले अत्याचार के मामलों में प्रभावी कार्रवाई नहीं होने का मुद्दा भी उठाया गया। पदाधिकारियों ने मांग की कि ऐसे मामलों में संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए तथा पीड़ितों को कानूनी प्रकरणों में आवश्यक सहयोग और न्याय दिलाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जाएं।
पदाधिकारियों ने अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष से बस्तर संभाग की इन मांगों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित स्तर पर आवश्यक पहल कर जल्द निराकरण कराने का आग्रह किया।
इस बैठक मुलाक़ात मे कोंडागांव जिलाध्यक्ष धंस राज टंडन सर्व अनुसूचित जाति,बस्तर अध्यक्ष विक्रम लहरे सर्व अनुसूचित जाति वर्ग, बस्तर जिलाध्यक्ष संतु बांधे सतनामी समाज, जिला उपाध्यक्ष लाला लहरे सतनामी समाज,जिला महामंत्री सुभाष मेश्राम सर्व अनुसूचित जाति वर्ग,बौद्ध समाज से मनीष गड़पाले,हेमराज जांगड़े, प्रदीप भारती,दुर्गेश डहरिया, पीला नाग, हरीश नाथ,देवानन्द खुटे,एम डी बघेल संरक्षक, प्रेम सिँह नाग सचिव आदि मौजूद रहे
जगदलपुर-बस्तर की वर्तमान स्थिति से आप सभी परिचित हैं। लगातार बारिश के कारण कई क्षेत्रों में बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है, जिससे आम लोगों के साथ-साथ बेज़ुबान पशु भी प्रभावित हुए हैं।ऐसे कठिन समय में हमारी टीम द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पहुँचकर जरूरतमंद लोगों के साथ-साथ बेज़ुबान पशुओं के लिए भी भोजन की व्यवस्था करने का प्रयास किया गया। जितनी भी खाने की व्यवस्था हमसे हो पाई, हमने अपनी क्षमता के अनुसार प्रभावित क्षेत्रों तक भोजन पहुँचाने का प्रयास किया।
इस दौरान हमारी टीम द्वारा लगभग 500 से अधिक लोगों और बेज़ुबान पशुओं तक भोजन पहुँचाया गया।हमारा प्रयास है कि इस कठिन परिस्थिति में कोई भी जरूरतमंद इंसान या बेज़ुबान भूखा न रहे। संकट की इस घड़ी में हम अपनी क्षमता के अनुसार लगातार सेवा कार्य जारी रखेंगे।इस सेवा कार्य में लुप्तेश जगत, अभिषेक अवस्थी, देवर्षि समर्थ,मानसी गुप्ता, वंदना सोलंकी, संगीता भानुशाली, रिटो अब्राहम, रूपा मंडल, शैलेश शाह एवं शिवानी जगत का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।
जगदलपुर। बाढ़ आपदा से प्रभावित ग्रामीणों तक राहत पहुंचाने के लिए बस्तर लोकसभा सांसद महेश कश्यप ने जगदलपुर ब्लॉक के विभिन्न बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने
भेजापदर,नदीबोड़ना,कुरुसपाल,लिटिगुड़ा,उलनार और बेलगांव में प्रभावित ग्रामीणों के बीच राहत सामग्री पहुंचाई। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी हैं और प्रभावित परिवारों तक आवश्यक सामग्री पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उल्लेखनीय है कि सांसद कश्यप ने विगत दिनों सभी बाढ़ ग्रस्त इलाकों,विशेष कर भेजापदर जो की चारो ओर पानी से घिरकर टापू मे तब्दील हो गया था वहा मोटरबोट से जाकर ग्रामीणों से मुलाकात किया था और उनकी समस्याओं और आवश्यकताओं की जानकारी ली थी l
नष्ट दस्तावेजों से सम्बद्ध कानून को शिथिल करे शासन
वास्तविक मुआवजा की मांग
जगदलपुर. पूर्व विधायक व संसदीय सचिव रेखचंद जैन ने प्रदेश सरकार से कहा है कि बाढ़ प्रभावितों को न्याय की दरकार है.बस्तर में ही 8 से 9 हजार बाढ़ प्रभावित हैं. बाढ़ ने प्रभावितों का सब कुछ छीन लिया है. क्या शहर क्या गांव सभी जगह लोग समान रूप से प्रभावित हुए हैं.मुख्यमंत्री को इस मामले में संवेदनशीलता का परिचय देते हुए नष्ट दस्तावेजों से सम्बद्ध कानून को शिथिल करना चाहिए. बाढ़ ने मार्कशीट, राशन कार्ड, जमीन सम्बन्धी दस्तावेजों समेत अन्य प्रमुख डाक्यूमेंट्स को लील लिया है. इस मामले में उचित पहल किए जाने की दरकार पूर्व विधायक ने निरुपित की है. मीडिया को जारी बयान में उन्होंने कहा है की सीएम की घोषणाएं केवल खानापूर्ति नहीं होनी चाहिए. अपितु वास्तविकता लगनी चाहिए। जैन ने शासन- प्रशासन से वास्तविक मुआवजा की मांग की है.
जगदलपुर नगर निगम द्वारा जगदलपुर के लोगों को भिलाई, दुर्ग, रायपुर के लोगों की तरह एक ही जगह पर अलग अलग जायकों से रूबरू कराने के लिए बनाई गई निर्मित चौपाटी अब चौपट हो रही है। यहां दुकानों में नकली, अमानक और मिलावटी खाद्य पदार्थ, चाय बेचने का गोरख धंधा चल रहा है। नागरिकों की सेहत और जान से खुलेआम खिलवाड़ किया जा रहा है। खाद्य विभाग और नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग का इस ओर जरा भी ध्यान नहीं है।
सुबह सुबह चाय के शौकीन जब चौपाटी की चाय की दुकानों पर चाय पीने आते है तो अमृत के नाम जहर सरीखी चाय और अन्य खाद्य सामग्री परोसी जाती है। मिलावटी और नकली खाद्य सामग्री परोस कर लोगों की सेहत से खिलवाड़ किया जा रहा है। महापौर संजय पांडे ने जनता की सुविधा और सेहत का ध्यान रखते हुए चौपाटी के दुकानदारों को सहयोग कर सही तरीके से स्वच्छ और शुद्ध सामान बेचने की व्यवस्था करने की नसीहत दी थी, लेकिन ये संचालक अमृत चाय दुकान की आड़ में नकली चायपत्ती से बनी चाय और घटिया बेकरी के समान बेचते हैं। खाद्य विभाग अगर इसकी जांच करे तो अनेक अनियमितता इन दुकानदारों के यहां मिल सकती है जो जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर सकती है और वह उनके लिए जानलेवा साबित हो सकता है।
जगदलपुर नगर निगम द्वारा जगदलपुर के लोगों को भिलाई, दुर्ग, रायपुर के लोगों की तरह एक ही जगह पर अलग अलग जायकों से रूबरू कराने के लिए बनाई गई निर्मित चौपाटी अब चौपट हो रही है। यहां दुकानों में नकली, अमानक और मिलावटी खाद्य पदार्थ, चाय बेचने का गोरख धंधा चल रहा है। नागरिकों की सेहत और जान से खुलेआम खिलवाड़ किया जा रहा है। खाद्य विभाग और नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग का इस ओर जरा भी ध्यान नहीं है। सुबह सुबह चाय के शौकीन जब चौपाटी की चाय की दुकानों पर चाय पीने आते है तो अमृत के नाम जहर सरीखी चाय और अन्य खाद्य सामग्री परोसी जाती है। मिलावटी और नकली खाद्य सामग्री परोस कर लोगों की सेहत से खिलवाड़ किया जा रहा है। महापौर संजय पांडे ने जनता की सुविधा और सेहत का ध्यान रखते हुए चौपाटी के दुकानदारों को सहयोग कर सही तरीके से स्वच्छ और शुद्ध सामान बेचने की व्यवस्था करने की नसीहत दी थी, लेकिन ये संचालक अमृत चाय दुकान की आड़ में नकली चायपत्ती से बनी चाय और घटिया बेकरी के समान बेचते हैं। खाद्य विभाग अगर इसकी जांच करे तो अनेक अनियमितता इन दुकानदारों के यहां मिल सकती है जो जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर सकती है और वह उनके लिए जानलेवा साबित हो सकता है।
सुशील मौर्य के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी
जगदलपुर। बस्तर-जगदलपुर में हाल ही में आई बाढ़ एवं जलभराव से प्रभावित परिवारों की सहायता के लिए बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी शहर द्वारा लगातार राहत एवं बचाव कार्य जारी है। जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य के नेतृत्व में कांग्रेस के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर लोगों की मदद करने के साथ ही भोजन एवं आवश्यक खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने में जुटे हुए हैं।इसी क्रम में बीती रात जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य ने स्वयं शहर के विभिन्न बाढ़ प्रभावित वार्डों एवं क्षेत्रों का सघन दौरा किया। इस दौरान उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं और जरूरतों की जानकारी ली तथा मौके पर ही जरूरतमंद परिवारों को भोजन एवं खाद्य सामग्री का वितरण किया।
बाढ़ के कारण जिन परिवारों को अपने घरों से सुरक्षित स्थानों एवं राहत शिविरों में जाना पड़ा था, उनके वापस लौटने के दौरान भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा लगातार सहयोग किया जा रहा है। प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर लोगों की स्थिति का जायजा लेने के साथ उनके सामने आ रही मूलभूत समस्याओं को संबंधित स्तर तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य ने कहा कि संकट की इस घड़ी में कांग्रेस पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता प्रभावित परिवारों के साथ खड़ा है। बाढ़ से प्रभावित लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए कांग्रेस के कार्यकर्ता लगातार क्षेत्र में मौजूद रहकर यथासंभव सहायता उपलब्ध करा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि राहत कार्य केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जरूरतमंद लोगों के साथ खड़े होने की जिम्मेदारी है और जब तक परिस्थितियां सामान्य नहीं हो जातीं, तब तक सेवा कार्य निरंतर जारी रहेगा।उन्होंने कांग्रेस के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में बाढ़ प्रभावित परिवारों की जानकारी लेते रहें तथा जरूरतमंद लोगों तक भोजन, खाद्य सामग्री एवं अन्य आवश्यक सहायता पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी शहर द्वारा राहत एवं बचाव कार्यों को लगातार आगे बढ़ाया जा रहा है। प्रभावित वार्डों एवं क्षेत्रों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की टीम लगातार पहुंचकर लोगों की मदद कर रही है।इस अभियान के दौरान समस्त कांग्रेस पदाधिकारी व कार्यकर्तागण मौजूद रहे।
जगदलपुर बस्तर विधानसभा क्षेत्र के अंतिम छोर की ग्राम पंचयात भैंसगांव में लगातार बारिश से बने बाढ़ के हालात के बीच छत्तीसगढ़ विधानसभा के उपनेता प्रतिपक्ष एवं बस्तर विधायक लखेश्वर बघेल बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों के बीच पहुंचे।
उफनती नदी के को पार कर गांव पहुंचे विधायक श्री बघेल ने गली-गली जाकर प्रभावित परिवारों का हाल जाना और भोजन, राशन, आवागमन सहित जरूरी सुविधाओं की जानकारी ली इस दौरान ग्रामीणों ने राशन नहीं मिलने की समस्या उनके सामने रखी।ग्रामीणों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए विधायक श्री बघेल ने तत्काल संबंधित अधिकारियों से दूरभाष पर चर्चा की और पुजारीपारा, मांझीपारा एवं मनापारा में राशन सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बाढ़ जैसी आपदा की घड़ी में किसी भी परिवार को भोजन और राशन के लिए परेशान नहीं होना चाहिए।
विधायक बघेल ने प्रशासन एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने और जरूरतमंद परिवारों तक तत्काल राहत पहुंचाने को कहा। श्री बघेल ने कहा कि संकट की इस घड़ी में बस्तर के बाढ़ प्रभावित परिवारों के साथ खड़े रहना और उनकी समस्याओं का तत्काल समाधान कराना ही मेरी प्राथमिकता है। इस दौरान मानसिंह कवासी, बैद्यनाथ मौर्य, चैतराम कश्यप, मदन बघेल, सुकुलधर बघेल, सुखचंद, चमरू राम, बुदरू बघेल, राजेश कुमार, जितेंद्र तिवारी, नीतीश कश्यप, जयमन, रमेश, मनधर, भोला, लैखन, फूलदास, रैतु, सोनू, सचिव धनसिंह, सहित ग्रामवासी एवं कार्यकर्त्ता, जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।