बस्तर ….जनपद कार्यालय बस्तर में बुधवार को एसडीएम ओमप्रकाश वर्मा के द्वारा बस्तर ब्लॉक में संचालित स्कूलों में छात्र-छात्राओं के जाति प्रमाण पत्र को लेकर शिक्षा विभाग व राजस्व विभाग के कर्मचारियों की बैठक लेकर समीक्षा की गई। बस्तर ब्लॉक के हाई स्कूल जिन्हें आईडी जारी किया गया है उन्हे शतप्रतिशत प्राप्त आवेदनों को अपलोड करने निर्देशित किया गया। उन्होंने समय सीमा में जाति प्रमाण पत्र सभी पात्र विद्यार्थियों का बनाना सुनिश्चित किया जाए इसको लेकर स्पष्ट दिशा निर्देश दिया गया। उक्त बैठक में तहसीलदार कमल किशोर साहू सहायक खंड शिक्षा अधिकारी सुशील तिवारी सहित राजस्व व शिक्षा विभाग के कर्मचारी मौजूद थे।
बस्तर सांसद दीपक बैज दिल्ली लोकसभा सत्र से वापसी के बाद विधानसभा सत्र के बीच की मुख्यमंत्री व मंत्रियों से मुलाकात…
सांसद बैज ने विधानसभा सत्र के दरमियान मुख्यमंत्री से मुलाकात कर पुरानी पेंशन बहाली एवं होली के त्यौहार की दी शुभकामनाएं..

आज बस्तर सांसद दीपक बैज दिल्ली लोकसभा सत्र से होली की छुट्टियों में वापसी के तुरंत बाद विधानसभा सत्र के बीच में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी से मुलाकात कर पुरानी पेंशन बहाली व होली के त्यौहार की शुभकामनाएं दी इस दरमियान सांसद बैज ने विधानसभा सत्र की कार्यवाही भी देखी।
टाडमेटला कांड़ और अग्निवेश पर हमले में कल्लूरी को जांच आयोग ने दी क्लीन चिट
स्वामी अग्निवेश का विरोध करने कल्लूरी ने किसी को नहीं उकसाया – जांच आयोग
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में पेश की रिपोर्ट
रायपुर। विधानसभा में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दोरनापाल में स्वामी अग्निवेश के साथ घटित घटना की जांच रिपोर्ट भी पेश की गई। रिपोर्ट के मुताबिक ताड़मेटला में 160 घर जलाए गए थे। जांच रिपोर्ट न्यायमूर्ति टीपी शर्मा की अध्यक्षता में बनी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि आगज़नी के लिए किसी को भी जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। रिपोर्ट में तत्कालीन एसएसपी शिवराम प्रसाद कल्लुरी को क्लीन चिट दी गई है। जांच आयोग के मुताबिक स्वामी अग्निवेश के विरोध के लिए एसआरपी कल्लूरी ने किसी को नहीं उकसाया था।
दंतेवाड़ा के चिंतलनार क्षेत्र में 11 मार्च 2011 के दौरान पांच दिन के अंदर ग्राम मोरपल्ली में 31, और तिस्मापुर में 59 और टालमेटला में 160 मकानों को जलाए जाने की घटना कैसे हुई, यहां पर नक्सली मुठभेड़ की घटनाओं और ग्राम में मकानों में आग लगने के कारण क्या थे, इसके लिए कौन जिम्मेदार था। स्वामी अग्निवेश के साथ 26 मार्च 2011 को घटित घटना की जांच का जिम्मा विशेष जांच आयोग को सौंपा गया था। आयोग ने अपनी रिपोर्ट तैयार करने 277 साक्षियों का बयान 100 बिन्दुओं के प्रश्नावली के आधार पर लिया। बताया गया है कि दंतेवाड़ा क्षेत्र के कुछ ग्रामीणों के साथ ज्यादती को लेकर मानवाधिकार आयोग में 10 से अधिक शिकायतें की गई थी। शिकायतों की जांच के लिए गई पुलिस बल के साथ नक्सली मुठभेड़ के बाद इन ग्रामों में मकानों का आग लगाई गई।
पुलिस बल पर नक्सलियों का हमला
जांच आयोग को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डीएस मरावी ने अपने बयान में कहा कि मानवाधिकार आयोग में की गई 9 शिकायतों की जांच के लिए भारी दबाव था। पुलिस 11 मार्च 2011 को ग्राम मोरपल्ली में जांच करने जा रही थी तभी नक्सलियों से अटैक किया। पुलिस ने अपनी ओर से गोलीबारी और यूजीबीए ग्रनेड दागे गए। इससे 4-5 मकानों को क्षति पहुंची। लेकिन यहां पर 31 लोगों के घर जलाए गए। इसी तरह 13 और 14 मार्च को तिस्मापुरम ग्राम में मनवाधिकार आयोग की जांच करने पुलिस बल जा रहा था उन पर भी नक्सलियों ने हमला किया। हमले में 3 पुलिस जवान और 1 नक्सली मारा गया। 8 पुलिस जवा घायल हुए। इस गांव में घटना के बाद 59 मकानों आगजनी की घटना हुई। तालमेटला में 16 मार्च को 160 मकानों के जलाए जाने की घटना प्रकाश में आई। आग किसने लगाई इसके संबंध कोई जानकारी नहीं मिल पाई। साक्ष्य में कोई विशेष जानकारी सामने नहीं आई।
नक्सली समर्थक मानकर ग्रामीणों ने किया हमला
जांच आयोग ने कहा है कि पूरी घटना को देखा जाए तो स्वामी अग्निवेश के बस्तर दौरे के दौरान वे ग्रामीणों से मिलकर उनकी सहायता करना चाहते थे। ग्रामीण स्वामी अग्निवेश को नक्सलियों का समर्थक बताकर उनका विरोध कर रहे थे। 26 मार्च को पुलिस को सूचना दिए बगैर स्वामी अग्निवेश ताड़मेटला और दोरनापाल रवाना हुए। उनकी सुरक्षा तारकेश्वर पटेल के द्वारा की जा रही थी। वहां पर 1000 से ज्यादा ग्रामीण उनके विरोध के लिए एकत्रित हुए थे। भीड़ ने अचानक उन पर हमला कर दिया। भारी सुरक्षा के चलते उन्हें वहां से बचाकर सुकमा ले जाया गया। जांच में यह पाया गया कि घटना एसआरपी कल्लूरी व अन्य किसी के द्वारा प्रायोजित नहीं थी।
मितानिनों की प्रोत्साहन राशि और नर्सों की भर्ती पर हंगामा, विपक्ष का बहिर्गमन
विधानसभा में भाजपा ने सरकार को घोषणापत्र पर घेरा
रायपुर। विधानसभा में भाजपा विधायकों ने सरकार को चुनावी घोषणा-पत्र पर घेरा। मितानिनों की प्रोत्साहन राशि और नर्सों की भर्ती के सवाल पर खूब हंगामा हुआ। भाजपा विधायकों ने कांग्रेस के चुनावी घोषणा-पत्र का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा आत्मसात जन घोषणापत्र में मितानिनों के संबंध में क्या घोषणाएं की गई थीं। उसमें से कितनी पूरी हुई। मंत्री मोहम्मद अकबर ने कहा, कि सरकार इसे पूरा करने कार्ययोजना बना रही है। विपक्ष का आरोप था कि तीन साल पूरे होने के बाद कई घोषणाएं पूरी नहीं हुई है। मंत्री के जवाब असंतुष्ट भाजपा विधायकों ने सदन से बहिर्गमन कर दिया।
प्रश्नकाल में उठे इस मामले का स्वास्थ्य मंत्री की अनुपस्थिति में जवाब दे रहे वन मंत्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि मितानिनों को कमीशन के अतिरिक्त पांच हजार रुपए प्रति माह मानदेय की घोषणा थी। वहीं पांच हजार नए मितानिनों की भर्ती की जाने की बात थी। सरकार की ओर से मानदेय के संबंध में कोई बात नहीं आई, जबकि नई भर्ती के संबंध में बताया गया, 1362 मितानिनों की भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई, जिसमें से 1199 की भर्ती की गई है।
तीन महीनों का प्राेत्याहन राशि भुगतान
नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने स्टाफ नर्सों की भर्ती का सवाल उठाया। जवाब में मंत्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि यह प्रक्रिया जल्दी ही पूरी की जाएगी। भाजपा विधायक रंजना डीपेंद्र साहू ने पूछा कि कोरोना काल में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन में 6 महीनों तक प्रोत्साहन राशि देने का आदेश दिया था, यहां मितानिनों को यह राशि क्यों नहीं दी जा रही है? मंत्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि प्रोत्साहन राशि दी जा रही है, अभी तक तीन महीनों का भुगतान किया जा चुका है।
सरकार कटिबद्ध, पूरा किया जाएगा
भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा ने घोषणा-पत्र में यूनिवर्सल हेल्थ केयर की बात की गई थी, वह लागू हो गई क्या? जवाब में मोहम्मद अकबर ने कहा, इसमें कई काम पूरे हो गए हैं, कुछ हो रहे हैं। इसके बाद विपक्ष ने हंगामा खड़ा कर दिया। सरकार पर घोषणापत्र को पूरा नहीं करने का आरोप लगाया। मंत्री का कहना था कि घोषणा-पत्र के वादों का यह मतलब नहीं कि सब कुछ एक झटके से कर दिया जाए। सरकार इसे लेकर कटिबद्ध है और इसे पूरा किया जाएगा। भाजपा विधायक मंत्री के जवाब से असंतुष्ट होकर सदन से बहिर्गमन कर गए।
एनएमडीसी परियोजना एवं नगरवासियों के बीच वार्ता हुई विफल, नगर में धूल से परेशान लोगो द्वारा चक्का जाम का मामला
किरंदुल – नगर में धूल से परेशान लोगों ने कल हैवी सेक्शन के सामने मेन रोड में चक्का जाम कर दिया था। उनकी मांग थी शहर के बीचो बीच जो हाईवा गाड़ियां चल रही है, उसे तत्काल बंद किया जाये। इसकी वजह से पूरे नगर में धूल ही धूल दिखाई दे रहा है। 3 घंटे चली इस आंदोलन के बाद एनएमडीसी परियोजना के अधिकारियों ने आकर आश्वासन दिया की आपके साथ एक बैठक रखना चाहते हैं, जिसमें आपस में बातचीत कर समस्या का समाधान निकालेंगे। तत्पश्चात लोगो द्वारा उस मार्ग को बहाल किया गया। तथा 4:00 बजे प्रबंधन व नगरवासियों की बैठक परियोजना कार्यालय में हुई। ल परंतु लंबी बातचीत बाद भी कोई नतीजा नहीं निकल सका। परियोजना ने नगर वासियों को कई ऑफर दिए जिसमें मार्च महीने तक गाड़ियां चलने की अनुमति, गाड़ियों का परिवहन रात्रि काल में किया जाएगा। ऐसे अन्य कई सुझाव परियोजना द्वारा दिए गए परंतु नगर वासी एक ही बात पर डटे रहे की गाड़ी रात में चले या दिन में धूल तो उड़ेगी ही। जब तक गाड़ियां बंद नहीं होती इसका समाधान नहीं हो सकता।
अंत में सभी बैठक से उठकर चले गए और उन्होंने बैठक में यह भी कहा कि यदि हाईवा पुनः चलाई जाएगी तो आंदोलन और उग्र होगा। जिससे परियोजना का उत्पादन एवं लौह अयस्क के ट्रांसपोर्टिंग पर असर पड़ेगा। आज के इस बैठक में आज के इस बैठक में एस के एम एस के सचिव राजेश संधू अध्यक्ष के साजी, कार्यकारी अध्यक्ष मधुकर सितापराव, संगठन सचिव नोमेश्वर राव, वेंकटेश्वर राव, दिलीप सिंह, कृष्णा, देवेंद्र कटारिया, सुमित धर, उपेंद्र त्रिपाठी, नोकिया, दामोदर नाग तथा प्रबंधन की ओर से राजा कुमार (महाप्रबंधक प्लांट) धर्मेंद्र सिन्हा (सहायक महाप्रबंधक कार्मिक) अभिजीत घोष (सहायक महाप्रबंधक कार्मिक) एस.आर.के. राव (उप महाप्रबंधक सिविल) भारती (प्रबंधक भूविज्ञान) उपस्थित थे।
छत्तीसगढ़ मूर्तिकार चित्रकार संघ ने अपनी ज्वलन्त मांगों को लेकर राजीव भवन में जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजीव शर्मा को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगे रखी
जिलाध्यक्ष शर्मा ने शासकीय विभागों में होने वाले कलाकृति में बस्तर के प्रतिभावान चित्रकार मूर्तिकार संघो को आगे अवसर मिलने का दिया आश्वासन.
बस्तर एक बीहड़ अंचल है और इन वादियों में कई प्रतिभाएं छुपी हुई हैं अब उन्हें अवसर देने की जरूरत…..
स्थानीय चित्रकारों व मूर्तिकारों ने राजीव के सामने रखी मांग ठेकेदारी प्रथा पर लगे विराम, स्थानीय युवकों को मिले काम.
जिलाध्यक्ष राजीव ने कहा कि बस्तर के मूर्तिकार पिछले कई वर्षों से कला के कार्य में समर्पित हैं तथा ईमानदारी के साथ अपने सामाजिक दायित्व को पूरा करते हुए जन जागरण में कार्य कर रहे हैं इसी कार्य से उन सभी कलाकारों का जीवन यापन चलता है श्री शर्मा ने उनकी भावनाओं का सम्मान करते हुए उनकी मांगों पर चर्चा कर प्रशासन के सामने रखने की बात कही उन्होंने कहा वैसे भी बस्तर में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है छत्तीसगढ़ मूर्तिकार चित्रकार संघ कि जो भी मांगे हैं वह वास्तविक हैं उनकी मांगो का हम सम्मान करते हैं तथा उन्हें अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर अवश्य दिया जाएगा क्योंकि पिछले 2 वर्ष कोरोना काल के कारण देश-दुनिया सहित छत्तीसगढ़ राज्य विषम परिस्थितियों का सामना कर रहा था तथा कठिनाइयों के दौर से गुजर रहा था ऐसी स्थिति में बस्तर के चित्रकार मूर्तिकार संघ को अवसर नहीं मिल पाया मगर आने वाले समय में उन्हें अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर अवश्य मिलेगा निश्चित रहे और भूपेश सरकार पर भरोसा रखें।
दल्लीराजहरा – सगा भाई ही निकला स्कूटी की चोरी करने वाला आरोपी
दल्लीराजहरा – सूचनाकर्ता थरून कुमारी विश्वकर्मा पिता स्व0 नोहर विश्वकर्मा निवासी वार्ड क0 24 न्यू बस स्टैण्ड राजहरा ने दिनांक 10.12.2021 को थाना राजहरा में एक लिखित आवेदन पेश कर रिपोर्ट दर्ज करायी कि इनकी टी.व्ही.एस. कंपनी का कत्था रंग की जूपीटर स्कूटी क्रमांक सीजी 24 पी 2072 को दिनांक 03.12.2021 व 04.12.2021 के दरम्यानी अज्ञात चोरी द्वारा इनके घर के सामने आंगन से चोरी कर ले गया है कि रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 381/2021 धारा 379 भादवि पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था। प्रकरण के बाद कायमी पुलिस अधीक्षक गोवर्धन ठाकुर के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रज्ञा मेश्राम बालोद व नगर पुलिस अधीक्षक मनोज तिर्की के मार्गदर्शन में थाना राजहरा से निरीक्षक टी.एस.पट्टावी, सहा. उपनिरीक्षक लता तिवारी एवं आरक्षक क. 218 योगेश ठाकुर का टीम गठित कर चोरी गई मशरूका एवं अज्ञात आरोपी का पता तलाश किया गया, दौरान संदेही दीपक विश्वकर्मा पिता नोहर विश्वकर्मा उम्र 44 वर्ष साकिन वार्ड क. 24 नया बस स्टैण्ड राजहरा से कड़ाई से पूछताछ करने पर जुर्म स्वीकार करने पर उसके कब्जे से जुपीटर स्कूटी सीजी 24 पी 2072 को जप्त कर वाजाप्ता सुमार किया गया है।

मुखबीर से सूचना मिला कि 2 आज से 3 माह पहले आरोपी को गाड़ी चलाते देखा गया था आरोपी गाड़ी वार्ड नंबर 17 कोंडे पवार हॉउस के पास टूटे खंडहर में छुपा कर रखा था बीच बीच मे उपयोग करता था। आरोपी प्रार्थी का ही सगा भाई है | आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है।

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क्राइम पेट्रोल की तर्ज पर चल रही है…दिवंगत देवव्रत सिंह , विभा सिंह, पद्मा सिंह अब पद्मा पंत की कहानी….
तलाक के बाद पद्मा सिंह अब पंत हो गई है। उन्होंने मेरे पति से ₹110000000 लेकर अब राजनीतिक जमीन तलाश रही है।
देवव्रत की पत्नी विभा सिंह ने लगाया बड़ा आरोप
राजनांदगांव। खैरागढ़ विधानसभा की उप चुनाव की घोषणा होने के बाद पैलेस का जीन एक बार फिर बाहर आ गया है । इस बार का जीन राजनीतिक हलकों में हड़कंप मचाने आया है। दरअसल स्वर्गीय देवव्रत सिंह की पत्नी विभा सिंह ने आज रायपुर प्रेस क्लब में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बड़ा भूचाल ला दिया है। उनके अनुसार पद्मा सिंह अब पदमा पंत हो गई है, मेरे पति से तलाक लेकर ₹110000000 लेकर हिमाचल प्रदेश के निवासी यज्ञ नितिन पंत से शादी किया और विधानसभा चुनाव में देवव्रत सिंह के नाम पर राजनीतिक इच्छाशक्ति के चलते टिकट की दावेदारी कर रही है।
वह किस हैसियत से खैरागढ़ में रह रही है? मेरे पति से उन्होंने ₹110000000 करोड रुपए जो कि देवव्रत सिंह ने अपनी पुश्तैनी जमीन बेचकर उन्हें दिया था। जिस वजह से वह तनावग्रस्त रहते थे । जिस समय उन्हें उनके बच्चों की अत्यधिक जरूरत थी उस समय वह नहीं आई , अब खैरागढ़ में उपचुनाव है । अब बच्चों एवं मेरे दिवंगत पति का आड़ लेकर अपने राजनीतिक मनसा को लेकर चल रही है , जो कभी पूरा नहीं होगा। फिलहाल विभा सिंह के इस खुलासे से राजनीतिक हलकों में खलबली मच गई है विभा सिंह सोशल मीडिया से नितिन और पदमा के फोटोग्राफ जारी किया है जिसमें उनके चाहने वाले लोग नव दंपति को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए नजर आ रहे हैं वहीं दूसरी ओर पद्मावती इस पर चुप्पी साध ली है। सोशल मीडिया में लोग अपने निजी रिश्ते को ही वायरल करते हैं । ऐसे में भी विभा सिंह के आरोप में दम नजर आ रहा है ।
बेहद आश्चर्यजनक बात यह है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस को राजधानी रायपुर में किया गया जिसके कई मायने निकाले जा रहे हैं । दूसरी ओर पद्मावती सिंह टिकट के लिए जोर आजमाइश कर रहे हैं ।सैकड़ों सरपंचों का दावा कर रही है। अपने पोस्टर में उन्होंने अपने बच्चों और स्वर्गीय देवव्रत सिंह की फोटो लगाकर भावनात्मक अपील कर रही है। वही इस खुलासे के बाद पद्मा सिंह की दावेदारी पर प्रश्न चिन्ह लग गया है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस हाईकमान देवव्रत सिंह के वर्चस्व को भुलाने की कोशिश करेगी । ऐसे में वह देवव्रत सिंह की कानूनन पत्नी विभा सिंह पर भी विचार कर सकती है |


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पेंशन और अनुकंपा प्रकरणों का मानवीय संवेदनाओं के साथ करें त्वरित निराकरण: कमिश्नर धावड़े
जगदलपुर, 15 मार्च 2022 – कमिश्नर श्याम धावड़े ने पेंशन और अनुकंपा से संबंधित प्रकरणों का मानवीय संवेदनाओं के साथ त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए। आज कमिश्नर धावड़े द्वारा संभागायुक्त कार्यालय के सभाकक्ष में कोष, लेखा एवं पेंशन विभाग से संबंधित प्रकरणों की समीक्षा की गई।
कोषालय एवं सहायक कोषालय अधिकारियों की बैठक में कमिश्नर ने कहा कि सेवानिवृत्त हो चुके कर्मचारियों के पेंशन प्रकरणों का निराकरण मानवीय संवेदनाओं के साथ प्राथमिकता से करें। कोषालय अधिकारियों द्वारा 15 अप्रैल तक समस्त प्रकरणों के निराकरण की बात कही गई। कमिश्नर ने आगामी दो वर्षों के भीतर सेवानिवृत्त होने वाले लगभग ढाई हजार कर्मचारियों के पेंशन प्रकरणों को समय पर निराकृत करने के लिए अभी से पूरी तैयारी करने के साथ ही कोषालय स्तर पर इसकी सतत निगरानी करने के निर्देश दिए। उन्होंने लंबित पेंशन प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए अधिकारी-कर्मचारियों को प्रशिक्षित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि पेंशन प्रकरणों के निराकरण के लिए अब शासन द्वारा आभार पोर्टल का उपयोग किया जा रहा है, इसके माध्यम से पेंशन प्रकरणों के निराकरण एवं निगरानी की सुगम व्यवस्था की जा सकती है। उन्होंने वित्तीय वर्ष के अंतिम पखवाड़े को देखते हुए कोषालयों में प्राप्त देयकों के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए। कमिश्नर ने ई-स्टांपिंग व्यवस्था के कारण कोषालयों में रखे हुए अधिक मूल्य के शेष स्टांपों की वापसी के निर्देश भी दिए। बैठक में कोष, लेखा एवं पेंशन के संयुक्त संचालक धीरज नशीने, उप संचालक भारती कोर्राम सहित संभाग के सभी कोषालय एवं सहायक कोषालय अधिकारी उपस्थित थे।
तीन सवारी सहित ओवर स्पीड वाहन चालकों पर एसडीओपी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
बस्तर ….होली पर्व को शांतिपूर्ण संपन्न कराने को लेकर बस्तर पुलिस की सक्रियता सड़कों पर बढ़ गई है बस्तर जिले में विभिन्न थाना की पुलिस वाहन चेकिंग अभियान जोरों से चला रही है मंगलवार शाम को एसडीओपी घनश्याम कामड़े के नेतृत्व में बस्तर थाना प्रभारी सुश्री सुरित सारथी सहित दलबल होली पर्व को लेकर तीन सवारी बाइक चालक,शराब पीकर वाहन चलाना, बिना लाइसेंस और स्पीड वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई एसडीओपी घनश्याम कामड़े बस्तर के बस स्टैंड में वाहन चेकिंग के दौरान करीब 1 घंटे तक वाहन चेकिंग की मानिटरिंग उन्होंने की। जानकारी में उन्होंने बताया कि शराब पीकर वाहन चलाना तीन सवारी प्रेशर हार्न बिना लाइसेंस के वाहन चालकों पर लगातार अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी कार्रवाई के दौरान एएसआई सतीश यदुराज सहित बस्तर थाना स्टॉफ मौजूद थे।



