दल्लीराजहरा – नायाब तहसीलदार की उपस्थिति में सड़क किनारे बढ़े दुकानों को समेटने नगर पालिका ने दुकानदारों को चेतावनी दी | नगर पालिका ने आज सोमवार को शहर में सड़क किनारे अतिक्रमण कर रास्ता जाम करने वाले दुकानदारों को हटाया। दुकानदारों द्वारा इस प्रकार रोड पर सामान रखने से आवागमन बाधित होता है और दुर्घटना घटने की आशंका बनी रहती है उसे देखते हुए नायाब तहसीलदार की उपस्थिति में नगरपालिका द्वारा अतिक्रमण मुहिम चलाई गई | मुहिम शुरू होते ही दुकानदार अपना-अपना सामान समेटने लगे। नायाब तहसीलदार के साथ नगरपालिका कर्मचारी व पुलिस वाले भी मौजूद थे |
बस्तर पुलिस को नयापारा में मकान में चल रहे जुआ के फड़ पर रेड कार्यवाही कर 03 जुआड़ियों पर कार्यवाही करने में सफलता हासिल हुई है. ज्ञात हो थाना सिटी कोतवाली को सूचना प्राप्त हुई थी कि कुछ जुआड़ी आसना में ताश के पत्तो पर रूपये पैसे का दांव लगाकर जुआ खेल रहे है, सूचना पर टीम तैयार कार्यवाही हेतु रवाना किया गया था, उक्त टीम के द्वारा दर्शित स्थल पर घेराबंदी कर रेड कार्यवाही किया गया । रेड कार्यवाही के दौरान 03 जुआड़ी जुआ खेलते रंगे हाथ पकड़े गये जिनके फड़ एवं पास से 12,000/-रूपये नगद एवं ताश के पत्ते बरामद किया गया. जिनसे पूछताछ करने पर अपना नाम विनय कुमार साहा, हेमंत कवि एवं शैलेंद्र बघेल बताए एवं पूछताछ करने पर आरोपियों के द्वारा रुपये-पैसे का दाम लगाकर जुआ खेलना स्वीकार किया गया है. उक्त 03 आरोपियों के विरूद्व सार्वजनिक जूआ एक्ट धारा 13 के तहत अपराधिक प्रकरण पंजीबद्व कर गिरफ्तार कर कार्यवाही किया गया है.
ओडिशा के कोटपाड़ में सरपंच सहित 250 बीजेडी कार्यकर्ता कांग्रेस में शामिल हुए
जगदलपुर
जनमानस में अपनी विशेष छाप छोड़ चुके जगदलपुर के वर्तमान विधायक की लोकप्रियता अब सिर्फ जिले मे ही नही बल्कि समीपवर्ती राज्य उड़ीसा मे बरकरार हो गयी है़। जिसका खासा प्रमाण कल कोटपाड़ मे कांग्रेस द्बारा आयोजित एक सम्मेलन मे देखने को मिला।
श्री जैन के ओजस्वी भाषण एवं मिलनसार कार्यशैली से प्रभवित होकर लगभग कोटपाड़ विधानसभा से तीन सौ लोगो ने कांग्रेस की सदस्यता ली। दरअसल श्री जैन अक्सर कोटपाड़ के विभिन्न आयोजन मे हिस्सा लेने जाते रहे है़. जिनसे युवाओ मे उनकी एक विशेष पैठ बन चुकी है़। हर कोई अपने नेता के रूप मे सहज और मिलनसार व्यक्ति को देखना चाहता है़। श्री जैन ने छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार और भूपेश बघेल की कई नीतियो के बारे मे विस्तार से उन्हे बताया। जैन ने ये भी बताया की किस तरह पंद्रह साल से छत्तीसगढ़ मे भी कांग्रेस ने संघर्ष किया, कितने अत्याचार सहे लेकिन अंतत: सत्य की जीत हुई और आज प्रदेश मे कांग्रेस की सरकार है़ और सभी बर्ग के लोग काफी खुशहाल जिंदगी बसर कर रहे हैं |
इस दौरान तारप्रसाद वाहिनिपति, भुजबल मांझी, मीनाक्षी वाहिनिपति, मुना त्रिपाठी, प्रकाश महंती, शंकर राव, बपुन त्रिपाठी, मानी प्रसाद पटनायक उपस्थित रहे.
जगदलपुर। बस्तर जिले के प्रभारी मंत्री कवासी लखमा के नेतृत्व में जनजागरण पदयात्रा अभियान बस्तर विधानसभा क्षेत्र के बोरपदर पहुंची जहां कांग्रेसियों के द्वारा जोशिला स्वागत किया गया। उनके साथ बस्तर विधायक लखेश्वर बघेल भी पहुंचे। बकावंड ब्लाक के बोरपदर से बेड़ाउमर गांव, किंजोली, मूली, बोरीगांव, मटनार, करपावंड में कांग्रेसियों ने बाजे-गाजे के साथ स्वागत किया। श्री लखमा ने पदयात्रा के दौरान केंद्र सरकार की नाकामियों को जन-जन पहुंचाने कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी। उन्होंने सभा को संबोधित करते कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार बनी है तब से आदिवासी क्षेत्रों का विकास दोगुनी गति से हो रहा है। जब कि केन्द्र सरकार की गलत नीतिओं के कारण बस्तर वासियों को मंहगाई झेलना पड़ रहा है। प्रदेश के मुखिया ने कई लाभकारी योजनाएं चलाई है। बस्तर के वनोपज से बनने वाले खाद्य पदाथोंर् की अलग पहचान बनी है। चिराग योजना से बस्तर की महिलाओं को रोजगार का भरपूर अवसर मिलेगा। जनजागरण पदयात्रा अभियान में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष करपावंड उत्तम नाइक, बस्तर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष गणेश बघेल, फतेसिंह परिहार, जानकीराम सेठिया, चंपा ठाकुर, सांसद प्रतिनिधि जगमोहन बघेल, बकावंड जनपद पंचायत अध्यक्ष
सुखदेई बघेल, शोभाराम मारकंडे, कविता साहू, विक्रम डांगी, जानकी राम भारती, अर्जुन पाण्डेय, रामया राम मौर्य, नोज गुप्ता, विजय दास, गोपाल, जयमन देवांगन, गणेश भारती, कुपुर कमलेश पाठक, आयतुराम भारती, शोभामनी दास, डमरूधर बघेल व ग्रामीण और कार्यकर्ता शामिल थे। विधायक लखेश्वर बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ गोबर खरीदने वाली पूरे विश्व में पहली सरकार है। बीते दिनों में भूपेश बघेल ने पंचायत व्यवस्था को मजबूती प्रदान करते हुए पंचायत पदाधिकारियों का मानदेय बढ़ाने की घोषणा की है। शिक्षाकर्मियों का दो वर्ष पूर्ण होने पर संविलियन किया गया। वहीं केन्द्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि केन्द्र सरकार के द्वारा की गई महंगाई, बेरोजगारी, महिला सुरक्षा में नाकामी, नोटबंदी, ये सभी मोदी सरकार की नाकामियों को दर्शाता है। पदयात्रा में शामिल जिलाध्यक्ष बलराम मौर्य ने प्रदेश सरकार के 3 सालों की उपलब्धियों को बताते हुए ग्रामीणों को लोकहित योजनाओं से रूबरू कराया और कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जो कहा सो किया। उन्होंने केन्द्र सरकार पर हल्ला बोलते हुए प्रदेश सरकार के सफलताओं के साथ केंद्र सरकार के द्वारा की गई महंगाई, बेरोजगारी, महिला सुरक्षा में नाकामी, नोटबंदी जीएसटी, निजीकरण आदि सभी मोदी सरकार की झूठी बातों को लोगों तक पहुंचाया जाएगा। सुरेश रावल, मीडिया सलाहकार
कोंडागांव। आज एक बार फिर कोंडागांव जिले में पधार रहे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से जिलावासियों को अपेक्षा है की जिले के सर्वांगीण विकास का पथ प्रशस्त करते लोगों के जीवन में खुशहाली लाने के लिए करोड़ों की सौगात देने के सांथ-सांथ कोंडागांव जिला में राजस्व बंदोबस्त कराने की जन अपेक्षित मांग पर बंदोबस्त कराने के किए गये अपने घोषंणा को एक तय समयावधि में पूरा कराने हेतु सार्थक पहल प्रारंभ करवायेंगे। स्मरणींय है कि पिछले 26-27 जनवरी को जब मुख्यमंत्री कोंडागांव जिला मुख्यालय और जिला अंतर्गत बडेराजपुर ब्लाक के कोंगेरा पधारे थे तब कोंडागांव विधानसभा के विधायक एवं पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम एवं केशकाल विधानसभा के विधायक व बस्तर विकास प्राधिकरण उपाध्यक्ष संतराम नेताम सहित जनप्रतिनिधियों समाज प्रमुखों ने जिले में 1927के बाद से बंदोबस्त न हो पाने से होने वाली समस्याओं की तरफ ध्यान आकर्षित करते जिले में बंदोबस्त कराने की मांग प्रमुखता से उठाया था। जिसे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बड़ी गंभीरता से लेते हुए जनसभा में बंदोबस्त कराने की घोषंणा किया था। मुख्यमंत्री के द्वारा घोषंणा करने के बाद आम जन को राजस्व विभाग के अमले को यह उम्मीद जाग्रृत हुई थी कि जिले में बंदोबस्त हो जायेगा और पिछले कयी दशकों से बंदोबस्त न हो पाने के भोग रहे अभिशाप से मुक्ति मिल जायेगा। मुख्यमंत्री द्वारा की गयी घोषणाएं समय के सांथ धीरे धीरे पूरी होने लगी और जिलावासियों को सौगात मिलने लगी पर बंदोबस्त कराने का बड़ा और पेचिदा काम आरंभ नहीं हो पाया और समस्याऐं यथावत बनी हुई हैं जिसके चलते लोगों के उम्मीद की आश बस मुख्यमंत्री भूपेश बघेल पर ही टिकी हुई है की वो ही चाहेंगे तभी हमारे जिले का बंदोबस्त हो पायेगा।
बंदोबस्त न हो पाने से समस्या ही समस्या
कोंडागांव जिला का 1927 के बाद बंदोबस्त नहीं हो पाया ।जिसके चलते जिले की 1927 की भौगोलिक स्थिती और वर्तमान स्थिती परिस्थिति में जमीन आसमान का अंतर आ गया है। जमीन का पूरा रिकार्ड अस्त व्यस्त जीर्ण शीर्ण हो गया है अनेकों जगह का नक्शा ही अपना अस्तित्व खो चुका है। जिसके चलते पटवारी भूस्वामी की जमीन का सीमांकन करने एवं प्रतिवेदन दे पाने में खुद को असमर्थ पाते हैं। जिसके चलते जमीन को लेकर लंबे समय चल रहे विवादों का निराकरण नहीं हो पा रहा है। 1927 में जंहा पर बड़े झाड़ जंगल छोटे झाड़ जंगल और श्मसान घाट तालाब था वंहा पर आज घनी बस्ती आबाद हो चुकी है ।पुराने रिकार्ड के चलते आज लोगों को सरकार की योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। छोटे झाड़ जंगल बड़े झाड़ जंगल श्मसान तालाब दर्ज जिस जमीन पर लोग पिछले कयी दशक से रह रहे हैं वंहा का न भू स्वामी हक मिल पा रहा है और न आवास योजना एवं अन्य योजना का लाभ मिल पा रहा है।इस तरह से देखने में आ रहा है की बंदोबस्त न हो पाने से जिले की जनता और राजस्व अमला के सामने समस्या ही समस्या पैदा हो रहा है जिसका वैकल्पिक कोई इलाज भी नहीं है।
आसान काम नहीं है बंदोबस्त
1999 के पूर्व अविभाजित मध्यप्रदेश में एक अलग से बंदोबस्त विभाग ही था जिसे तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने मितव्ययिता के नाम से अचानक बंद कर दिया गया। उस समय कोंडागांव जिला की बजाय तहसील का दर्जा प्राप्त था और कोंडागांव का बंदोबस्त हो पाता उसके पूर्व ही बंदोबस्त विभाग ही बंद हो गया।
2017 में वनग्राम से राजस्व ग्राम घोषित गांव का आज तक नहीं हो पाया बंदोबस्त
बंदोबस्त का काम बहुत ही सावधानी भरा और पेचिदा होता है बंदोबस्त विभाग खत्म कर दिये जाने के कारंण अब बंदोबस्त का काम भी वर्तमान राजस्व अमले को ही करना पड़ रहा है। राजस्व विभाग का अमला पहले से ही स्टाफ की कमी भोगते काम के बोझ में दबा हुआ है जिसके पास अपना नियमित काम निपटाने के लिए ही समय नहीं रहता। छत्तीसगढ़ में 2017 में वनग्राम को राजस्व ग्राम घोषित कर दिया गया। जिनका आज तक सही ढंग से बंदोबस्त नहीं हो पाया है क्योंकि हवाई सर्वे से प्राप्त नक्शे को प्रमाणिंत करने पटवारी को मौके तक जाकर देख परखकर अभिलेख दुरूस्त करना होता है जो सहज सरल नहीं होता।
कोंडागांव जिले के 500 से अधिक गांव के बंदोबस्त के लिए जरूरी होगा स्टाफ का
कोंडागांव जिला का बहुप्रतीक्षित बंदोबस्त का काम कराना वर्तमान स्टाफ से करा पाना संभव नहीं होगा। जिले के 500से अधिक गांव का सुव्यवस्थित ढंग से बंदोबस्त करते हूं अभिलेख तैयार करने के लिए जिला से लेकर फिल्ड तक काम करने के लिए प्रर्याप्त स्टाफ की जरूरत होगा जिन्हें बकायदा प्रशिक्षंण देकर बंदोबस्त में लगाना पड़ेगा तभी अपेक्षानुरूप ठिक ठाक ढंग से बंदोबस्त हो पायेगा नहीं तो बंदोबस्त हो जाने की कल्पना महज लोक लुभावन चुनावी घोषणापत्र की भांति ही दिवास्वप्न बनकर रह जायेगा। प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज कोंडागांव पधार रहें हैं और जिला के लोगों को उम्मीद है की प्रदेश की राजनीति में खास स्थान रखने वाले कोंडागांव विधानसभा के विधायक एवं कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम और केशकाल विधानसभा के दबंग विधायक एवं बस्तर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष संतराम नेताम एवं पार्टी संगठन के प्रभावी पदाधिकारीगंण अपने जिले का बंदोबस्त कराने की जरूरत को प्रभावी ढंग से मुख्यमंत्री के समक्ष रखकर उनके द्वारा बंदोबस्त कराने को लेकर किये गये घोषंणा को साकार कराने के लिए सार्थक पहल प्रयास करेंगे और मुख्यमंत्री से भी उम्मीद है की वो अपनी घोषंणा को असली जामा पहनाते पूरा कर जिलावासियों के दशकों की समस्या को दूर करेंगे।
HDFC BANK PARIVARTAN व वृत्ति संस्था द्वारा 28 नवम्बर को डौंडी ब्लॉक के 15 गाँव के 45 किसानों को फसल विविधीकरण (Crop Diversification) गतिविधि के तहत गेंहू,मक्का व चना का बीज वितरण किया गया जिससे किसान धान की फ़सल को छोड़ कर दूसरी फ़सल की ओर प्रेरित हो सके इससे पानी (Water) की खपत कम होगी और किसानों की आय भी बढ़ेगी. इससे न केवल भूमि की गुणवत्ता बनी रहेगी बल्कि फसल की पैदावार भी अच्छी होगी । वृति संस्था के एग्रीकल्चर एक्सपर्ट राहुल राजपुत जी द्वारा किसानों को बताया गया कि खेत को कैसे तैयार करना हैं और बीज का रोपण किस पध्दति से होगा कब कौन से खाद का उपयोग कैसे करना है और फ़सल से सम्बंधित सम्पूर्ण जानकारी दी गयी साथ में किसानों को ऑर्गेनिक खेती के माध्यम से यह फसल करने के लिए तैयार किया गया। जिसमें मुख्य रूप से वृत्ति संस्था के प्रमुख प्रोजेक्ट मैनेजर श्री ज्ञान दास जी , एग्रीकल्चर विशेषज्ञ राहुल राजपूत जी, MIS प्रवीण साहू जी, व विलेज कॉर्डिनेटर गोमती नागवंशी,नीता रावटे, डॉली कचलामे, दीपिका मसीह, खिलेंद्र, देवेंद्र पटेल,किसान उपस्थित थे।
🟥 दक्षिण ब्लॉक के मोतीलाल नेहरू, उत्तर ब्लॉक के बालाजी, प्रताप देव सहित सदर वार्ड में केंद्र सरकार के खिलाफ हल्ला बोल.
🟥 मंहगाई के खिलाफ कांग्रेस का हल्ला बोल 15 वें दिन भी जारी रहा, केंद्र सरकार की विफलताओं और राज्य सरकार की लोक कल्याणकारी कार्यों को जन-जन तक पहुंचाया जा रहा
🟥 रसोई गैस,खाद्य सामग्री सहित पेट्रोलियम पदार्थों की कमरतोड़ महंगाई का असर हर क्षेत्र में, केंद्र सरकार को इससे कोई मतलब नहीं, सरकार आत्ममुग्ध होकर काम कर रही, जनता महंगाई की मार झेल रही – राजीव शर्मा
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आव्हान पर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजीव शर्मा जी, महापौर सफीरा साहू,ब्लॉक अध्यक्ष कैलाश नाग,राजेश चौधरी सहित जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों,वरिष्ठ कांग्रेसी व कार्यकर्ताओं की गरिमामय उपस्थिति में केंद्र सरकार की गलत नीतियों व उनकी विफलताओं और कांग्रेस की भूपेश सरकार की लोक जनकल्याणकारी कार्यों को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से आज दक्षिण ब्लॉक के मोतीलाल नेहरू, उत्तर ब्लॉक के बालाजी, प्रतापदेव सहित सदर वार्ड में जनजागरण पदयात्रा कर सदस्यता अभियान भी निरन्तर जारी है शर्मा ने केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ हुँकार भरी और भाजपा सरकार की विफलताओं और मंहगाई की मार झेल रहे प्रदेशवासियों को राज्य सरकार की उपलब्धि एवं लोक कल्याणकारी योजनाओं से अवगत कराया।
जनजागरण अभियान में उत्तर/दक्षिण ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी/सेवादल/महिला कांग्रेस/युवक कांग्रेस/एनएसयूआई सहित अन्य प्रकोष्ठ/विभाग के पदाधिकारी/नगर निगम के निर्वाचित/मनोनीत जनप्रतिनिधिगण वरिष्ठ कांग्रेसी एवं कार्यकताओं ने कमरतोड़ महंगाई के खिलाफ केंद्र की मोदी सरकार के विरोध में कांग्रेस के राष्ट्र व्यापी इस अभियान में उपस्थित होकर अपनी सहभागिता दर्ज की।
बस्तर के आदिवासियों के साथ दोहरा मापदंड अपना रही राज्य सरकार, सिलगेर घटना में मुआवजा से पहले हो न्यायिक जांच – अमित
जगदलपुर छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस (जे) के प्रदेश अध्यक्ष ने आज अपने बस्तर प्रवास के दौरान कई मुद्दों पर स्थानीय सर्किट हाउस में पत्रकारों से चर्चा की. इस दौरान उन्होंने एनएमडीसी से लेकर सिलगेर जैसे ज्वलंत मुद्दों पर राज्य शासन को घेरा और कहा कि राज्य सरकार बस्तर के आदिवासियों के साथ दोहरा मापदंड अपना रही है. उन्होंने लखीमपुर खीरी में किसानों के ऊपर किये गए हमले एवं कई किसानों की मौत पर राज्य सरकार द्वारा 50-50 लाख रुपये का मुआवजा दिए जाने की घोषणा पर कहा कि राज्य सरकार राजनैतिक घोषणाएं अन्य प्रदेश में जाकर तो करती है किन्तु छत्तीसगढ़ में बस्तर के सिलगेर घटना में पुलिस की गोली से मारे गए आदिवासियों को अब तक मुआवजा देने एवं न्यायिक जांच की घोषणा नहीं की है. उन्होंने भाजपा शासनकाल के दौरान भी ऐसी कई घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य सरकार न्यायिक जांच हेतु कमिटी अवश्य बनाती थी किन्तु इस सरकार ने अब तक इस प्रकार की कोई कमिटी नहीं बनाकर आदिवासियों के प्रति केवल झूठी हमदर्दी दिखाने का ही प्रयास किया है. वहीँ, सिलगेर घटनाक्रम में मारे गए आदिवासियों को राज्य सरकार द्वारा मुआवजा देने किन्तु मृतक के परिजनों द्व्रारा मुआवजा नहीं लेने के सवाल पर उन्होंने कहा कि मुआवजा से पहले न्यायिक जांच होनी चाहिए, मुआवजा तो बाद की प्रक्रिया है. उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य सरकार आदिवासियों के साथ भय एवं शोषण की राजनीति कर रही है. उन्होंने कहा कि सिलगेर का घटना स्थल जब सुकमा जिले के अंतर्गत आता है तब बीजापुर पुलिस, उस क्षेत्र में जाकर क्यों कार्यवाई की?
प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने पोलावरम के मुद्दे पर उन्होंने तेलंगाना के मुख्यमंत्री से चर्चा का हवाला देते हुए कहा कि कुछ महीनों के बाद जब डैम पूर्ण रूप से तैयार हो जायेगा तब सुकमा-कोंटा क्षेत्र के निवासियों एवं किसानों को शबरी नदी के बाढ़ से बचने का कोई उपाय नहीं रहेगा. उन्होंने वर्तमान सरकार के चुनावी घोषणा पत्र का हवाला देते हुए कहा कि नक्सली आरोपी के झूठे मामलों में जेल में बंद हजारों आदिवासियों पर से मामले हटा दिए जावेंगे किन्तु उनकी यह घोषणा मात्र छलावा प्रतीत हो रही है. अब भी जगदलपुर के केन्द्रीय जेल में 18 वर्ष से कम उम्र के हजारों युवक नक्सली मामलों में जेल में बंद हैं.
नगरनार स्टील प्लांट की स्थापना का श्रेय अपने पिता स्व. अजित जोगी को देते हुए कहा कि उन्होंने बस्तर का लोहा बस्तर में ही गले एवं बस्तरवासियों के रोजगार के लिए स्टील प्लांट का निर्माण हो, किन्तु एनएमडीसी द्वारा नगरनार क्षेत्र में प्लांट का निर्माण तो कराया गया लेकिन केंद्र सरकार इसका निजीकरण करने जा रही है, जिसका पार्टी विरोध करती है. एनएमडीसी ही स्टील प्लांट का सञ्चालन करे. उन्होंने एनएमडीसी के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि उनके द्वारा उपयोग में लाये जाने वाले सम्पूर्ण लौह खदान क्षेत्र में ठेका पद्दति से काम नहीं होना चाहिए बल्कि मूल बस्तरवासियों को यहाँ नौकरी की जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए. साथ ही तृणमूल कांग्रेस के साथ जेसीसी के गठबंधन की कोई सम्भावना नहीं है. अमित ने कहा कि कोंडागांव जिले के साथ ही साथ नव-निर्मित जिलों में जिला न्यायालय की स्थापना तत्काल की जानी चाहिए ताकि उस जिले के निवासियों को मामलों की सुनवाई के लिए दूर जाना न पड़े. साथ ही साथ जगदलपुर में हाई-कोर्ट का बेच व जगदलपुर को उप-राजधानी घोषित करने की मांग राज्य शासन से की है. पासपोर्ट कार्यालय को तत्काल प्रारंभ करने की मांग भी उन्होंने की है. एक प्रश्न के जवाब में उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़िया सेबले बढ़िया के आधार पर वे अगले चुनाव में सभी 90 विधानसभा क्षेत्र में चुनाव लड़ने सामने आयेंगे.
जगदलपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के अगले चुनाव में जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) सभी 90 सीटों पर उम्मीदवार खड़े करेगी। तृणमूल कांग्रेस से गठबंधन की अभी कोई संभावना नहीं है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने आज अपने बस्तर प्रवास के दौरान स्थानीय सर्किट हाउस में कई मुद्दों पर पत्रकारों से चर्चा की। इस दौरान उन्होंने नगरनार स्टील प्लांट से लेकर सिलगेर जैसे मुद्दों पर कहा कि राज्य सरकार बस्तर के आदिवासियों के साथ दोहरा मापदंड अपना रही है। उन्होंने यूपी के लखीमपुर खीरी में किसानों की मौत पर राज्य सरकार द्वारा 50-50 लाख रुपये का मुआवजा दिए जाने की घोषणा पर कहा कि राज्य सरकार राजनैतिक घोषणाएं अन्य प्रदेश में जाकर तो करती है किन्तु छत्तीसगढ़ में बस्तर की सिलगेर घटना में पुलिस की गोली से मारे गए आदिवासियों को अब तक मुआवजा देने एवं न्यायिक जांच की घोषणा नहीं की है। उन्होंने भाजपा शासनकाल के दौरान भी ऐसी कई घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि राज्य सरकार न्यायिक जांच हेतु कमेंटी अवश्य बनाती थी किन्तु इस सरकार ने अब तक इस प्रकार की कोई कमेंटी नहीं बनाकर आदिवासियों के प्रति केवल झूठी हमदर्दी दिखाने का ही प्रयास किया है। सिलगेर घटना में मारे गए आदिवासियों को राज्य सरकार द्वारा मुआवजा देने किन्तु परिजनों द्वारा मुआवजा नहीं लेने के सवाल पर उन्होंने कहा कि मुआवजा से पहले न्यायिक जांच होनी चाहिए। मुआवजा तो बाद की प्रक्रिया है। उन्होंने कहा कि सिलगेर का घटना स्थल सुकमा जिले के अंतर्गत आता है तब बीजापुर पुलिस ने उस क्षेत्र में जाकर क्यों कार्यवाई की?
अमित जोगी ने पोलावरम के मुद्दे पर तेलंगाना के मुख्यमंत्री से चर्चा का हवाला देते हुए कहा कि कुछ महीनों के बाद जब डैम पूर्ण रूप से तैयार हो जायेगा, तब सुकमा-कोंटा क्षेत्र के निवासियों एवं किसानों को शबरी नदी की बाढ़ से बचने का कोई उपाय नहीं रहेगा। उन्होंने कांग्रेस के चुनावी घोषणा पत्र का हवाला देते हुए कहा कि वादा किया गया था कि झूठे मामलों में जेल में बंद हजारों आदिवासियों पर से मामले हटा दिए जायेंगे यह मात्र छलावा प्रतीत हो रही है। अब भी जगदलपुर के केन्द्रीय जेल में 18 वर्ष से कम उम्र के हजारों युवक नक्सली मामलों में जेल में बंद हैं।
नगरनार स्टील प्लांट की स्थापना का श्रेय अपने पिता स्व. अजीत जोगी को देते हुए अमित जोगी ने कहा कि उन्होंने बस्तर का लोहा बस्तर में ही गले एवं बस्तर के लोगों के रोजगार के लिए स्टील प्लांट का निर्माण हो, इसके लिए प्रयास किया। एनएमडीसी द्वारा नगरनार क्षेत्र में प्लांट का निर्माण तो कराया गया लेकिन केंद्र सरकार इसका निजीकरण करने जा रही है, जिसका पार्टी विरोध करती है। एनएमडीसी ही स्टील प्लांट चलाये।. उन्होंने एनएमडीसी से मांग की है कि उनके द्वारा उपयोग में लाये जाने वाले सम्पूर्ण लौह खदान क्षेत्र में ठेका पद्दति से काम नहीं होना चाहिए बल्कि मूल बस्तरवासियों को यहाँ नौकरी तय की जानी चाहिए।
पिछले विधानसभा चुनाव में बहुजन समाज पार्टी से गठबंधन करने वाली जनता कांग्रेस के अध्यक्ष अमित जोगी ने स्पष्ट किया है कि तृणमूल कांग्रेस के साथ गठबंधन की कोई सम्भावना नहीं है।
अमित जोगी ने कहा कि कोंडागांव जिले के साथ ही साथ नव-निर्मित जिलों में जिला न्यायालय की स्थापना तत्काल की जानी चाहिए ताकि उस जिले के निवासियों को मामलों की सुनवाई के लिए दूर न जाना पड़े।उन्होंने हाई-कोर्ट की बेंच व जगदलपुर को उप-राजधानी घोषित करने की मांग भी रखी।
जिलाध्यक्ष अनु. जनजाति मोर्चा व सांसद प्रतिनिधि विक्रम ध्रुवे ने कहा कि आदिवासी तभी सशक्त होंगे जब उनकी वास्तविक आवश्यकताओं पर ध्यान देकर उन्हें दूर करने का प्रयास किया जाएगा। ध्रुवे ने कहा संविधान में आदिवासियों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं परन्तु उन्हें उनके अधिकारों के प्रति उन्हें जागरूक करना होगा।
ध्रुवे ने कहा कि आमतौर पर यह कहा जाता है कि भारत की आत्मा ग्रामीण इलाकों में बसती है। ठीक इसी प्रकार छत्तीसगढ़ प्रदेश की आत्मा भी जनजातियों में ही बसती है और जिस प्रकार जीव के उत्थान के लिए आत्मा का उत्थान आवश्यक है उसी प्रकार आदिवासी जन समुदायों के उत्थान से ही हमारे प्रदेश सहित भारत की उन्नति संभव है।
उन्होंने कहा कि देश की आजादी के आंदोलन में शहीद वीर नारायण सिंह, शहीद गुंडाधुर, शहीद गैंदसिंह जैसे कई नायकों ने अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया। इसके अलावा भी कई ऐसी जनजातीय हस्तियाँ हैं, जो इतिहास के पन्नों में गुम हैं। हमें इनका नाम सामने लाने के प्रयास करना चाहिए।
ध्रुवे ने कहा कि हमें इस बात का विशेष ख्याल रखना चाहिए कि उन्नति का अर्थ जनजातियों के रुख को आधुनिकता और भौतिकतावाद की तरफ मोड़ देना नहीं होता, बल्कि उन्नति का असली अर्थ, उनकी सांस्कृतिक विरासत को सहेजकर, संभालकर और उसे आगे बढ़ाकर जनजातियों को मुख्यधारा से जोड़ना होता है।
ध्रुवे ने कहा कि हमारे आदिवासी जनजातियों में जागरूकता के अभाव में कुछ अराजक तत्व उन्हें दिग्भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं। आदिवासी समाज को उनसे सावधान रहने की आवश्यकता है। उनके दुष्प्रयत्नों का प्रत्युत्तर केवल एक जागरूक और शिक्षित आदिवासी समाज ही दे सकता है। अतः आदिवासी समाज में अधिक से अधिक शिक्षा का प्रसार करना होगा।
उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज में अथाह ज्ञान का भंडार है। इस ज्ञान का आधुनिक विज्ञान से मेल कराकर उत्कृष्ट सक्षम मानव संसाधन का निर्माण कर सकते हैं। ध्रुवे ने कहा कि आज आवश्यकता है कि जनजातियों की कला को प्रोत्साहन दें और उसे विश्व पटल पर उभारने का प्रयास करें। साथ ही उनके ज्ञान से हम भी कुछ ग्रहण करें और सब मिलकर जनजातियों की उन्नति के लिए प्रयास करें।