वरिष्ठ कांग्रेसी शक़ील अहमद रिज़वी के बड़े भाई सकुर रिजवी जी की धर्मपत्नी के आकस्मिक निधन होने पर शोकाकुल परिवारजनों से मिलने पहुँचे सांसद दीपक बैज इस दौरान सांसद प्रतिनिधि दंतेवाड़ा वीरेंद्र गुप्ता,गीदम सांसद प्रतिनिधि प्रवीण राणा,युवा कांग्रेस जिला अध्यक्ष विमल सलाम,मनोज मालवीय, मुकुंद ठाकुर एवँ अन्य कांग्रसी कार्यकता उपस्थित रहे।
कोरोना का बूस्टर डोज़ सबको एक साथ लगाने तेजी लाई जाए
मुनाफाखोरों द्वारा लॉकडाउन के नाम पर जमाखोरी की जा रही है।जिला प्रशासन सख्त कार्यवाही करे
रायपुर। कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं सरकार में संसदीय सचिव विकास उपाध्याय ने कोरोना के तीसरी लहर पर कहा, दुनिया भर में कोरोना वैक्सीन को उपलब्ध हुए लगभग एक साल हो चुके हैं, ऐसे में वैक्सीन का असर हमेशा प्रभावी बना रहे जरूरी नहीं है। उन्होंने कहा, ऐेसी स्थिति में सभी को बूस्टर डोज़ देने की प्रक्रिया तेज होनी चाहिए। विकास उपाध्याय ने जिला प्रशासन को सख्त निर्देश दिए हैं कि कुछ लोगों द्वारा निजी स्वार्थ के लिए लॉकडाउन लगने की अफवाह फैलाई जा रही है।ऐसे जमाखोरों और मुनाफाखोरों के विरुद्ध छापामार कार्यवाही कर उन्हें बेनकाब किया जाए।
विकास उपाध्याय ने कहा, फिलहाल कोरोना संक्रमण को लेकर लॉकडाउन के हालात निर्मित नहीं हुए हैं। जब भी इस तरह की स्थिति निर्मित होगी सरकार समय पूर्व से ही लोगों को आगाह करेगी। बावजूद कुछ लोगों द्वारा कोरोना संक्रमण के आड़ में समाज के बीच भ्रम फैलाया जा रहा है। ऐसे जमाखोरों व मुनाफाखोरों के खिलाफ जिला प्रशासन सख्त कार्यवाही करे। विकास उपाध्याय ने कहा, कोरोना के तीसरे लहर से लोगों को बिल्कुल भी घबराने की जरूरत नहीं है और चूंकि वैक्सीन लेने के बाद भी लोग बीमार पड़ रहे हैं, इसलिए वैक्सीन नहीं लेनी चाहिए ऐसा सोचना गलत है। उन्होंने कहा, जो भी अब तक वैक्सीन नहीं लगाए हैं वे तत्काल वैक्सीन के डोज़ निर्धारित स्थलों में जाकर लगवा लें। साथ ही उन्होंने कहा, वैक्सीन लगवा चुके लोगों में संक्रमण को सामान्य मान लेना चाहिए, साथ ही इसके साथ जीना सीखना चाहिए। इसलिए कि कोरोना अब किसी फ्लू की तरह है, जो हमेशा साथ रहने वाला है।
विकास उपाध्याय ने मोदी सरकार द्वारा 10 जनवरी से घोषित बूस्टर डोज़ दिए जाने को लेकर कहा, चूंकि दुनिया भर में कोरोना वैक्सीन को उपलब्ध हुए लगभग एक साल हो चुके हैं, ऐसे में समय बीतने के साथ वैक्सीन से मिलने वाली सुरक्षा का स्तर कम होता जा रहा है। ऐसे में दिया जाने वाला बूस्टर डोज़ सभी को एक साथ उपलब्ध हो ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए। उन्होंने अमेरिकी सेन्टर फॉर डिजीज कन्ट्रोल एंड प्रिवेंशन सीडीसी के आँकड़े का जिक्र करते हुए कहा, वैक्सीन नहीं लगवाने लोगों में वैक्सीन लगवा चुके लोगों के मुकाबले संक्रमण का खतरा 10 गुना, जबकि मौत का खतरा 20 गुना ज्यादा है। ऐसी स्थिति में जो लोग वैक्सीन लगवा चुके हैं वे कोरोना के इस तीसरी लहर में भी खतरे से बाहर रहेंगे। वहीं वैज्ञानिकों ने कहा है, बूस्टर डोज़ लगने के उपरांत किसी मरीज के अस्पताल में भर्ती होने की संभावना 81 फीसदी कम है और यह 88 फीसदी तक असरदार रहेगी।
रायपुर। कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय सचिव विकास उपाध्याय ने मोदी सरकार द्वारा देश में निर्मित हालात को देखते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी अब प्रियंका गांधी को भी फिर से एसपीजी सुरक्षा मुहैया कराए जाने की मांग की है। उन्होंने कहा, देश में मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस के नेता राहुल गांधी ही हैं जो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के समानांतर नेतृत्व की भूमिका में हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि देश के प्रधानमंत्री का। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने बदले की भावना से प्रेरित होकर गांधी परिवार के सदस्यों से एसपीजी सुरक्षा हटा दी थी, परन्तु प्रधानमंत्री मोदी जिस तरह की सुरक्षा में चूक की बात कर रहे हैं ऐसे में राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को लेकर कांग्रेस पार्टी चिंतित है।
विकास उपाध्याय ने आज गांधी परिवार के सदस्यों का एसपीजी सुरक्षा हटाए जाने का मुद्दा उठाते हुए मांग की है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को तत्काल यह सुरक्षा केन्द्र सरकार उपलब्ध कराए। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के कार्यकाल में पूरे देश में जिस तरह के हालात निर्मित हो रहे हैं और सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा बन गया है, ऐसे में मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस और मोदी के समानांतर राजनैतिक कद रखने वाले राहुल गांधी को एसपीजी सुरक्षा से पृथक् रखना घातक हो सकता है। विकास उपाध्याय ने कहा, पूरी कांग्रेस पार्टी वर्तमान हालात को देखते हुए गांधी परिवार के सदस्यों की सुरक्षा को लेकर चिंतित है। उन्होंने कहा, प्रियंका गांधी जिस तरह से उत्तर प्रदेश में चुनाव प्रचार को लेकर सक्रिय हैं और विपरित हालात में लोगों से बगैर सुरक्षा के मेल-मुलाकात कर रही हैं, यह मोदी सरकार के लिए भी सोचनीय विषय होनी चाहिए।
विकास उपाध्याय ने तात्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के 1967 में उड़िसा में अपना चुनाव अभियान के दौरान उस रैली का जिक्र करते हुए कहा, जब भीड़ ने अचानक मंच की तरफ पत्थर फेंकना शुरू कर दिया था जिससे इंदिरा गांधी की नाक में खून बहना शुरू हो गया था। बावजूद उन्होंने खून पोंछकर भाषण जारी रखा, तब प्रधानमंत्री की सुरक्षा जरूर बढ़ा दी गई थी। लेकिन निर्णायक मोड़ तब आया जब 1984 में इंदिरा गांधी की हत्या उन्हीं के अंगरक्षकों ने कर दी और 1985 में प्रधानमंत्री की सुरक्षा करने के लिए एसपीजी की स्थापना कर दी गई। तब से गांधी परिवार को यह सुरक्षा लगातार मिलते रहा है। इस सुरक्षा के बावजूद तात्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी की भी हत्या कर दी गई थी। ऐसे में मोदी सरकार ने अचानक से बदले की भावना और गांधी परिवार को कम महत्व आंकते हुए उनकी एसपीजी सुरक्षा हटा दी थी। आज जब सुरक्षा को लेकर प्रधानमंत्री मोदी खुद चिंतित हैं और पूरे देश में हालात ठीक नहीं हैं कि स्थिति का प्रचार कर रहे हैं तो यह बहुत महत्वपूर्ण हो जाता है कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की भी सुरक्षा को लेकर गंभीरता दिखाएं।
नियम विरुद्ध मार्ग अवरुद्ध करने से हुई गंभीर दुर्घटना
नियम विरुद्ध मार्ग अवरुद्ध करने से हुई दुर्घटना के लिए पीडब्लूडी विभाग जिम्मेदार
दलपत सागर के सामने हो रही सड़क निर्माण और समुद चौक से धरमपुरा की ओर जाने वाली सड़क में कुछ दूर तक चल रहे निर्माण हेतु, आवागमन को रोकने हेतु गलत ढंग से रोड को अवरुद्ध किया गया है !
नगर भाजपा अध्यक्ष सुरेश गुप्ता ने जिलाधीश से शिकायत करते हुए बताया कि,पुराने पुल के ऊपर पाइप गलत जगह डाला गया है एवम दलपत सागर के ऊपर बनी रोड जो धरमपुरा से समुद्र चौक को जोड़ती है, के मध्य मैं चार-पांच टिप्पर मिट्टी मलबा डालकर सड़क को अवरुद्ध किया गया है !
धरमपुरा से समुंद्र चौक और समुद्र चौक से धरमपुरा आने-जाने वाले टू, थ्री, फोर व्हीलर, रास्ते दलपत सागर रोड में आकर भटकते हैं और, इन्हें अपने गाड़ियों को वापस मोड़ कर दूसरे रास्ते से अपने गंतव्य की ओर जाते हैं ! इन्हीं में से ज्यादातर टू व्हीलर/साइकिल से चलने वाले इस अवरुद्ध को अपनी जान जोखिम में डालकर पार करते हैं, मिट्टी के ढेर डालकर रास्ते को अवरुद्ध किया गया,जिससे छोटी मोटी घटनाएं होती रहती !
सुरेश गुप्ता ने बताया कि, 2 दिन पूर्व लगभग रात्रि 11:30 बजे धरमपुरा से समुंद्र चौक आते वक्त बीच में मिट्टी के ढेर से वाहन अनियंत्रित होकर समूद के नीचे गिरने से, वाहन चालक श्री अजीत कुमार सिंह बस्तर दर्पण के संपादक को सर और कंधे कमर में गंभीर चोट आई, और वे रात भर दुर्घटना स्थल पर पड़े रहे ! सुबह मछुआरों ने पुलिस को सूचना दी और पुलिस ने 7:30 बजे महारानी अस्पताल एडमिट कराएं, इसके बाद इन्हें रेफर कर मेडिकल कॉलेज भेजा गया ! मेडिकल कालेज ने शाम को रायपुर रेफर किया इनके सर में ब्लड क्लॉट हुवा है !
जिस जगह मिट्टी डालकर सड़क को अवरुद्ध किया गया है ,वह तालाब के मध्य में है ! मार्ग को आवागमन से रोकना ही है तो दोनों और समुद चौक और धरमपुरा के मुहाने पर विधिवत मार्ग अवरुद्ध कर दिशा सूचक, अवरुद्ध करने का कारण, जैसे नियमों का पालन होना चाहिए था, जो कि ऐसा नहीं किया गया और जहां अवरुद्ध किया गया वहां पर रोशनी भी नहीं है ! जिसका परिणाम यह हुआ की रात्रि को दुर्घटना के पश्चात दुर्घटनाग्रस्त व्यक्ति रात भर ठंड में पड़ा रहा और वर्तमान में उनकी हालत गंभीर है!
भारतीय जनता पार्टी नगर मंडल ने जिलाधीश से मांग किया है कि दलपत सागर के बीच में किया गया यह अवरुद्ध को तत्काल हटाया जाए और, आवश्यकता अवरुद्ध करने की हो तो, उचित स्थान पर मार्ग अवरुद्ध करने के सारे नियमों का पालन करते जनहित को ध्यान में रखकर मार्ग बंद किया जाए ! साथ ही ये भी मांग की गई कि नियमों का पालन किए बगैर जिस तरह से मार्ग अवरुद्ध किया गया है और इसकी वजह से जो दुर्घटना हुई है, दुर्घटना से अजीत कुमार सिंह रायपुर में इलाज करवा रहे हैं इसकी सारी जवाबदारी जिम्मेदार अधिकारी पर हो, जिनके लापरवाही से लोगों को जन धन की हानि उठानी पड़ रही है! इसी तरह पुराने पुल के ऊपर भी जो मार्ग अवरुद्ध किया गया है उसे नदी उस पार आसना की ओर किया जाए और इधर पनारा पारा माता मंदिर के पास विधि वत अवरुद्ध किया जाकर इसका प्रचार प्रसार किया जाए !
पुलिस थाना कोतवाली में प्रार्थी अरविंद यादव पिता बाबू यादव उम्र18 वर्ष निवासी हाउसिंग बोर्ड सनसिटी लालबाग ने उपस्थित आकर लिखित आवेदन प्रस्तुत किया कि आज दिनांक 07.01.2022 को मोटरसाइकिल को घर के आँगन मे रखकर सो गया था सुबह उठकर देखा कि मोटर सायकल हिरो स्प्लेण्डर क्रमांक- CG 18 N 4887 घर पर खड़ा नहीं था । कि सूचना पर प्रार्थी से आवेदन प्राप्त कर, तत्काल मौके पर जाकर उक्त मोटर सायकल का पता तलाश किया गया।
जिस पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र सिंह मीणा व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री ओमप्रकाश शर्मा के मार्गदर्शन एवं नगर पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक एमन साहू के नेतृत्व में उपनिरीक्षक होरीलाल नाविक के हमराह आरक्षक गायत्री प्रसाद तारम, आशीष ठाकुर टीम के द्वारा तुरंत सी सी टी वी फुटेज की मदद से पता तलाश कर, खोजबीन के दौरान केंद्रीय विद्यालय के पास लावारिस हालात मे मोटर सायकल खडा मिला। जिसे थाना लाकर प्रार्थी को तलब कर, तस्दीकी पश्चात उक्त मोटर सायकल को सुपुर्दनामा पर दिया गया। मोटर सायकल मिलने पर प्रार्थी ने समस्त थाना स्टाफ को धन्यवाद ज्ञापित किया।
राज्य शासन द्वारा अपने निर्माण एजेंसियों में वर्षों से एक ही स्थान में पदस्थ तकनीकी अधिकारियों को स्थानांतरण करने की योजना बन रही है. लोक निर्माण विभाग के विभागीय सूत्र द्वारा दी गयी जानकारी अगर सही है तो अगले दो महीने के भीतर, बस्तर संभाग में मुख्यमंत्री के मंशा के अनुसार, लोक निर्माण सहित ग्रामीण यांत्रिकी विभाग, सिंचाई विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग समेत अन्य विभागों के निर्माण एजेंसियों में अमूलचूल परिवर्तन संभावित है.
लोक निर्माण विभाग के एक उच्चाधिकारी ने जानकारी देते हुए कहा कि इस विभाग सहित कई अन्य विभागों में वर्षों से पदस्थ अधिकारी के कार्यों से सरकार संतुष्ट नहीं है. कांग्रेस सरकार के सत्ता में आने के तीन साल पूर्ण हो चुके हैं, राज्य शासन ने बस्तर संभाग में अप्रत्याशित रूप से निर्माण एवं विकास हेतु अन्य संभागों की अपेक्षा इस संभाग में काफी राशि स्वीकृत की है, लेकिन इस संभाग के सभी जिलों में निर्माण कार्य की स्थिति अन्य संभागों की अपेक्षा काफी कम एवं निम्न स्तरीय बताई जा रही है. बस्तर संभाग के बस्तर जिले में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर मुख्यमंत्री ने इस विभाग को मनमाफिक मद निर्माण कार्यों में खर्च करने स्वीकृत किये, किन्तु निर्माण की प्रगति व स्थिति निम्नस्तरीय होने की बात जांच में सामने आने पर अब मुख्यमंत्री ने ऐसे विभागों के अधिकारियों पर अब कड़ी कार्यवाई करने के संकेत दिए हैं.
लोक निर्माण विभाग बस्तर की हालत पिछले शासनकाल में भी बद से बदतर थी. इस विभाग में मूल अधिकारी के बजाय, प्रभारी अधिकारी पदस्थ होकर पिछले जनप्रतिनिधियों की शय पर निर्माण की राशि का जी-खोलकर बंदरबांट किया था जिससे, बस्तर जिले में निर्माण कार्य की स्थिति काफी दयनीय सी हो गयी थी. बस्तर जिले के जगदलपुर शहर से लेकर सभी विकासखंड के सड़कों की स्थिति काफी जर्जर थी. इसका कारण लोगों में यह सामने आया था कि चूँकि लोक निर्माण विभाग समेत अन्य विभागों में प्रभारी अधिकारी के रूप में स्थानीय लोग ही पदस्थ हैं जिनके द्वारा स्थानीय जनप्रतिनिधियों से मिलकर निर्माण हेतु स्वीकृत अरबों की राशि का खुलकर आपस में बंदरबांट किया गया था लेकिन, सत्ता बदलने के साथ ही शासन में आई कांग्रेस ने अपने जनप्रतिनिधियों के माध्यम से कुछ हद तक ऐसे कामचोर प्रभारी अधिकरियों को कई प्रमुख विभाग से हटाकर बस्तर जिले के निर्माण कार्यों में साफ़-सुथरापन लाने का प्रयास अवश्य किया किन्तु, ऐसे कुछ जनप्रतिनिधि जो प्रभारी अधिकारी की मदद से अपना स्वार्थ सिद्ध करने के प्रयास में थे उन्होंने, पुनः ऐसे महत्वपूर्ण निर्माण विभाग जैसे लोक निर्माण में प्रभारी अधिकारी की नियुक्ति कराकर अपना स्वार्थ सिद्ध करना शुरू कर दिया है.
वर्तमान में लोक निर्माण विभाग में पदस्थ प्रभारी कार्यपालन अभियंता जिन्हें इस विभाग के निर्माण की गुणवत्ता से कोई लेना-देना नहीं है उन्हें पिछले वर्षों से ऐसे विभाग का प्रमुख बना दिया गया है. किस जनप्रतिनिधि की शह पर राज्य शासन ने ऐसे नाकाबिल प्रभारी को लोक निर्माण विभाग जैसे महत्वपूर्ण विभाग का प्रमुख बनाया है वह तो जानकारी में राज्य शासन को मालूम होगा किन्तु, ऐसे अधिकारियों की पदस्थापना के पश्चात इस विभाग द्वारा नित-नए कारनामे किये जा रहे हैं जिससे आम जनता काफी परेशान है. राज्य शासन को इस प्रभारी अधिकारी के खिलाफ मिली ख़ुफ़िया जानकारी के अनुसार, विभागीय खबरें समय-समय पर अख़बार में सामने लाने पर मीडिया से जुड़े लोगों को धमकी देने के अलावा ऐसे कई बातें कही जाने की जानकारी मिली है कि इस प्रभारी अधिकारी ने नियम कानून को ताक पर रखकर इस विभाग द्वारा निर्माण कार्यों में काफी भ्रष्टाचार करवाया है. पिछले कुछ दिनों से राज्य शासन जिस प्रकार प्रत्येक निर्माण एजेंसी में प्रभारी अधिकारी की जगह नए अधिकारियों को पदस्थ कर रही है उससे अब स्पष्ट होता जा रहा है कि बस्तर जिले के लोक निर्माण विभाग में पदस्थ सभी प्रभारी अधिकारियों को अन्यत्र स्थानांतरण कर उसकी जगह मूल अधिकारियों को पदस्थ कराया जायेगा.
जगदलपुर। जिला प्रशासन द्वारा जनता की समस्यायों को सुलझाने गुहार एप्प बनाया गया है किंतु जगदलपुर तहसील में शिकायतों का निराकरण किये बिना डिलीट किए जाने का आरोप लगाया गया है। आड़ावाल निवासी अखिलेश्वर दास ने कलेक्टर रजत बंसल से लिखित शिकायत दर्ज की है।
आड़ावाल निवासी अधिवक्ता अखिलेश्वर दास ने बताया कि 4जनवरी 2021 को नानगुर उप तहसील अंतर्गत जमीन प्रकरणों की शिकायतें गुहार एप्प में की गई थी एक वर्ष गुजर जाने के बाद शिकायतों के निराकरण करने की बजाए गुहार एप्प से ही प्रकरणों को डिलीट कर दिया गया है जिसके कारण अखिलेश्वर दास ने बस्तर कलेक्टर से शिकायत किया गया है।
भिलाई दौरे से निकलने से पहले मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए हेलीपैड पर कहा कि मैं आज भिलाई जा रहा हूं वहां पर नगर निगम का शपथ ग्रहण समारोह है उसमें शामिल होऊंगा । नगरीय निकाय चुनाव के परिणाम के सवाल पर जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देश से कांग्रेस मुक्त करने वाली भारतीय जनता पार्टी को आज प्रदेश की जनता ने सबक सिखा दिया है हमने 15 में
से 14 नगरीय निकाय चुनाव जीते हैं और जनता बहुत अच्छे से इनके चाल चरित्र को समझ चुकी है कि भाजपा सिर्फ प्रदेश में अराजकता फैलाने का काम करती है धर्मांतरण और ऐसे मुद्दे जो प्रदेश में है ही नहीं उस पर सवाल खड़ा कर रही है छत्तीसगढ़ का माहौल जो हमेशा से शांत रहा है उस में अराजकता फैला कर दूषित करने का काम भी भारतीय जनता पार्टी कर रही है आज इनकी कथनी और करनी से पूरे देश की जनता अवगत हो चुकी है और इनको नगरी निकाय चुनाव मे जनता ने करारा जवाब भी दे दिया है।
पंजाब में प्रधानमंत्री के सुरक्षा में हुई चूक पर भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने फिर कहा कि बार-बार भारतीय जनता पार्टी हवन पूजा पाठ का ढकोसला कर रही है महामृत्युंजय जाप कर रही है कांग्रेस सरकार पर आरोप प्रत्यारोप का दौर जारी रख रही है केंद्रीय मंत्री लगातार कांग्रेस की जनता द्वारा चुनी हुई सरकार को अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं खुद प्रधानमंत्री मोदी भी सिर्फ ड्रामा कर रहे हैं एक तरफ को कहते हैं कि धन्यवाद मैं जिंदा हूं दूसरी तरफ भारतीय सेना और भारतीय सुरक्षा एजेंसियों पर ही सवाल खड़ा कर रहे हैं यह कैसे प्रधानमंत्री हैं जिन्हें भारत की सुरक्षा व्यवस्था पर विश्वास नहीं है भारतीय जनता पार्टी के पास आज सिर्फ जनता को बरगलाने के सिवा और कोई काम नहीं रह गया है भाजपा सिर्फ इसमें राजनीति कर रही है क्योंकि बड़ी हुई महंगाई बेरोजगारी ऐसे अनेकों मुद्दे हैं जिन से जनता का ध्यान भटकाने का काम मोदी सरकार कर रही है |
प्रदेश में फैलते कोरोना संक्रमण पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सुबह पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि अभी आर्थिक गतिविधियां बंद करने का सवाल ही नहीं उठता है हम देश और प्रदेश के संक्रमण पर नजर रखे हुए हैं सरकार ने स्कूल बंद करा दिए हैं भीड़भाड़ वाले इलाकों पर भी पैनी नजर रखी जा रही है रात का कर्फ्यू जहां संक्रमण की दर ज्यादा है वहां पर लगा दिया गया है वैक्सीनेशन को बढ़ावा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग को हिदायत दी गई है कि ज्यादा से ज्यादा टीके लगाया जाए 15 से 18 वर्ष के बच्चों को भी टीकाकरण बहुत तेजी से किया जा रहा है यहां यह गौरतलब है कि प्रदेश के 7 जिलों में संक्रमण की दर अत्यधिक पाई जा रही है जहां राजधानी
रायपुर मैं लगातार मरीजों की संख्या बढ़ रही है तकरीबन 13% की दर से संक्रमण राज्य में फैल रहा है और आज के आंकड़े देखे तो वह बहुत ही भयावह नजर आ रहे हैं सिर्फ रायपुर में ही 931 केसेस कल पाए गए हैं अगर प्रदेश का आंकड़े की बात करें तो 10000 लगभग पहुंच चुका है हालांकि प्रदेश सरकार ने कोविड-19 को कड़ाई से पालन करने के लिए सख्त हिदायत प्रदेश में दी गई है सार्वजनिक स्थानों पर बगैर मास्क के पाए जाने पर जुर्माना निर्धारित किया गया है और अगर कोरोना से मृत्यु की दर की बात करें तो प्रदेश में अभी तक 3 मौतें हो चुकी हैं |