सुन्दरराज पी. पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज, विनीत खन्ना, पुलिस उप महानिरीक्षक, कांकेर रेंज, उत्तर बस्तर कांकेर, मोहित गर्ग, पुलिस अधीक्षक, नारायणपुर नीरज चन्द्राकर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, नारायणपुर के निर्देषन में जिले में तैनात जिला बल, छसबल, आईटीबीपी, बीएसएफ सुरक्षा बलों द्वारा लगातार नक्सल विरोधी अभियान चलाया जा रहा है इसी तारतम्य में दिनांक 12.04.2021 को थाना धौड़ाई से जिला बल एवं आइटीबीपी की संयुक्त पुलिस पार्टी धौड़ाई से राकसनाला की ओर आर0ओ0पी0 ड्यूटी पर रवाना हुई थी। पुलिस पार्टी सर्चिंग करते हुए आगे बढ़ रही थी कि राकसनाला से 300 मीटर पहले मुख्य मार्ग से 60 मीटर जंगल अंदर जामुन पेड़ के नीचे (थाना धौड़ाई) सुरक्षा बलों को क्षति पहुचाने के नियत से माओवादी नक्सलियों द्वारा लगाये 01 नग पे्रशर कुकर बम (05 कि0ग्रा0 करीबन) को लोकेट किया गया। जिसे बीडीएस टीम नारायणपुर द्वारा सावधानी पूर्वक डिफ्यूज किया गया। नक्सलियों द्वारा लगाये गये आईईडी को सुरक्षा बलों द्वारा मौके पर ही नष्ट कर माओवादी नक्सलियांे के मन्सुबें को नाकाम करने में सफलता मिली है।
लाकडाउन के दौरान यदि जिले से बाहर यात्रा करते हैं तो ई-पास बनवाना अनिवार्य होगा। जिला कलेक्टर का कहना है कि पिछले साल की तुलना में इस बार लाकडाउन में अधिक सख्ती रहेगी। अनावश्यक घर से बाहर निकलने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। कोरोना महामारी के संक्रमण को रोकने के लिए बालोद जिले में 10 अप्रेल की शाम छह बजे से 19 अप्रेल की सुबह छह बजे तक लाकडाउन लगा दिया गया है। आदेश अवधि में जिले की सीमाएंबंद रहेंगी। बेहद जरूरी कार्यों से जिले में आने-जाने वाले नागरिकों के लिए लाकडाउन ई-पास की व्यवस्था की गई है।
इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोविड अस्पतालों में खाली बिस्तरों की जानकारी देने नया पोर्टल शुरू किया गया है। पोर्टल पर प्रदेश के सभी जिलों में संचालित कोविड केयर सेंटरों, कोविड अस्पतालों और अनुमति प्राप्त निजी अस्पतालों में कोरोना के इलाज के लिए उपलब्ध बिस्तरों की संख्या प्रदर्शित की गई है। अस्पताल में इलाज की जरूरत वाले मरीज पोर्टल https://cg.nic.in/health/covid19/RTPBedAvailable.aspx
पर प्रदर्शित खाली बिस्तरों की जानकारी के अनुसार संबंधित अस्पताल या कोविड केयर सेंटर में पहुंचकर उपचार करा सकते हैं।
बालोद–कल दिनांक 11.04.2021 को पूर्ण लाकडाऊन लगने के बाद भी कुछ दुकानदारों ने अपनी दुकानें खोल दी थी जिसमे गुरुर ब्लाक के ग्राम कोचेरा मै पूर्ण लॉकडाउन मै भी दुकान खुली हुई थी जब मीडिया के माध्यम से एसडीएम गुरुर को जानकारी मिली तभी वहां आकर सभी दुकान दार से 500 रूपया की चलानी कार्यवाही की गई ग्राम कोचेरा में ग्रामीण मास्क नहीं लगाए थे ऐसे मैं संक्रमण का
खतरा बढ़ रहा है वही भूलनडबरी गांव में भी कुछ दुकानें खुली पाई गई जिसपर भी चलानी कार्यवाही किया गया इन दोनों मामलों पर पंचायत ने की कार्यवाही इस मौके पर एसडीएम गुरुर अमित कुमार श्रीवास्तव सहित पंचायत प्रतिनिधि गाँव मे मौजूद थे।
ट्रेक्टर इंजन, पानी टेंकर एवं ट्रेक्टर ट्राली को छलकपट पूर्वक धोखाधडी कर किराये पर ले जाने के बहाने से दूसरों को बिक्री करने वाले आरोपी
(1) टेमेन्द्र कुमार उर्फ गोलू चन्द्राकर पिता स्व रामभरोसा चन्द्राकर उम्र 36 वर्ष साकिन भण्डेरा थाना देवरी जिला बालोद (छ.ग.)
(2) होरी लाल मण्डले पिता चोवाराम मण्डले उम्र 40 साल साकिन टिकरी थाना अर्जुन्दा जिला बालोद (छ.ग.) गिरफ्तार
(1) आरोपियों के पुराने अपराधिक रिकार्ड-थाना बेमेतरा जिला बेमेतरा में वर्ष 2017 में
01,जिला राजनांदगांव के थाना लालबाग में 02, थाना सोमनी में 01,थाना कुरूद जिला धमतरी
में 01,जिला बालोद के थाना अर्जुन्दा में 01, थाना बालोद में 01,थाना देवरी में वर्ष 2016 में01
(2) पुराने मामले में हाल में ही धमतरी जेल से छूटे थे और वारदात तरीका बदलकर कर रहे
माह दिसम्बर 2020 को प्रकरण के आरोपीगण टेमेन्द्र कुमार उर्फ गोलू चंद्राकर और होरी लाल मण्डले दोनों ग्राम चेन्द्रीबन नवागांव चौकी पिनकापार जाकर गंगेश मानकर के घर में बी.एस.एन.एल. कपंनी द्वारा बिछाये जा रहे पाईप लाईन काय हेतु ट्रेक्टर इंजन, ट्राली एवं पानी टैंकर को किराया में प्रतिमाह एक ट्रेक्टर इंजन, एक पानी टैंकर के 24.000 रू. तथा एक टेक्टर ट्राली को 9.000 रू. प्रतिमाह की दर से प्रार्थी भागचंद वासनिक एवं गवाह गंगेश मानकर के साथ सौदा किये थे। प्रार्थी भागचंद वासनिक ने अपना एक ट्रेक्टर इंजन, गवाह नागेश मानकर ने अपना एक ट्रेक्टर इंजन, एवं एक पानी टैंकर, कोमल सिंह साहू ने अपना एक ट्रेक्टर इंजन एवं एक ट्राली तथा दुर्गाप्रसाद साहू ने अपना एक ट्रेक्टर इंजन, एक ट्राली एवं दो पानी टैंकर को प्रतिमाह किराया में आरोपियों को दिये थे। आरोपियों द्वारा सौदे के मुताबिक एक माह का किराया वार व्यक्तियो को दिये उसके बाद किराया का रकम नहीं दिये।
वाहन स्वामियों द्वारा किराया का रकम एवं अपने वाहनों को मांगने पर टालमटोल कर दो चार दिन में वापस कर देने का आश्वासन देते थे। आरोपियों द्वारा गंगेश मनकर का एक ट्रेक्टर इंजन व एक पानी टैंकर तथा कोमल सिंह साहू का एक ट्रेक्टर इंजन, को वापस कर दिये शेष वाहनों को वापस करने समय देते रहे। आरोपियों द्वारा वाहनों एवं किराया की रकम नहीं देने पर वाहन स्वामियों द्वारा पता किये तब पता चला कि आरोपियों ने एक ट्रेक्टर इंजन, एवं दो ट्रेक्टर ट्राली को अपना सपत्ति होना बताकर अलग-अलग लोगों के पास विक्री कर दिये है। प्रार्थी भागचंद वासनिक की रिपोर्ट पर अपराध पंजीबध्द कर विवेचना में लिया गया।
प्रकरण में विवेचना के दौरान आरोपियों का पता तलाश कर पूछताछ हेतु अभिरक्षा में लिया गया। आरोपियों से पूछताछ कर समक्ष गवाहन धारा 27 साक्ष्य अधिनियम अंतर्गत मेमोरेण्डम लिया गया जो आरोपियों द्वार अपराध स्वीकार किये। आरोपी टेमेन्द्र उर्फ गोलू चंद्राकर के पेश करने पर एक ट्रेक्टर इंजन, एक ट्राली, दो पानी टैंकर एवं बिक्री का रकम 20.000 रू. तथा आरोपी होरीलाल मण्डले के पेश करने पर एक ट्रेक्टर ट्राली को जप्त किया गया है। आरोपियों द्वारा छलकपट पूर्वक प्रार्थी एवं गवाहों से उनके वाहनों को किराया में लेकर अपनी संपत्ति बताकर अन्य व्यक्तियों के पास बिक्री करके धोखाधडी किये है। प्रकरण के अब तक की सम्पूर्ण विवेचना एवं उपलब्ध साक्ष्यों से आरोपियों के विरूद्ध भारतीय दण्ड संहिता अंतर्गत धारा 420,406.34 के तहत दण्डनिय अपराध घटित करना साबित पाये जाने से आरोपियों को समक्ष गवाह विधिसम्मत आज दिनांक 12.04.2021 को गिरफ्तार किया जाकर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया है एवं जनता से अपील है कि इस प्रकार की ठगी से सतर्क रहें।
पुलिस अधीक्षक महोदय के निर्देशन में व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय एवं । पुलिस अनुविभागीय अधिकारी महोदय बालोद के मार्गदर्शन पर त्वरित कार्यवाही करते हुए आरोपियों एवं माल मशरूका को जप्त करते हुये वैधानिक कार्यवाही किया गया।
इन दिनों छत्तीसगढ़ में कोरोना के मामले में देश के दूसरे नंबर पर आ चुके हैं यहां संक्रमितों के साथ ही मरने वालों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है।
आज डौंडी ब्लॉक के अंतर्गत जिले के इन क्षेत्रों में कोरोना संक्रमितों की स्थिति इस प्रकार रही –
|| विशेष अनुरोध – सिटी मीडिया नगर के समस्त नागरिकों एवं पाठकों से अनुरोध है कि सोशल डिस्टेसिंग एवं मास्क का सदैव उपयोग करें और फिर से कोविड को महामारी का रूप न लेने दे ||
बस्तर के ग्राम चपका में मारकंडे नदी के किनारे प्रस्तावित आयरन एंड स्पंज फैक्ट्री के विरोध में चपका सहित आसपास के 12 गांवो के हजारों ग्रामवासियों द्वारा हाईवे सड़क को जाम करने से आवागमन ठप्प रहा | स्थानीय विधायक चंदन कश्यप के द्वारा ग्रामवासी को सही जवाब नहीं मिलने से ग्रामवासी हो गये थे उग्र और फैक्ट्री कंपनी के साथ साथ शासन प्रशासन के विरोध में लगातार नारेबाजी कर रहे थे
| वर्तमान परिस्थिति कोरोना महामारी को देखते हुए और इस प्रकार ग्रामवासियों द्वारा हजारों कि संख्या में जमा होने पर प्रशासन द्वारा ग्रामीणों को खदेड़ने के लिए बल का प्रयोग करना पड़ा जिससे ग्रामीणों में अफरा तफरी मच गई और इसी अफरा तफरी में कई ग्रामीण घायल भी हो गए जिन्हें नजदीक के स्वास्थ्य केंद्र में उपचार हेतु ले जाया गया |
जगदलपुर। 20 कदम स्वच्छता की ओर अभियान के संचालन के दौरान नगर निगम मुस्तैद नजर आ रहा है.
निगम आयुक्त निरंतर वार्डों की साफ-सफाई में लगे हुए हैं, वही, गंदगी करने वालों पर कड़ाई भी बरती जा रही है, ऐसा ही एक मामला आज संजय बाजार का आया जहां पान गुटखा खा कर सड़क पर थूकने वाले एक व्यक्ति से निगमायुक्त प्रेम कुमार पटेल ने सड़क धुलवाया और वहीँ एक दुकानदार द्वारा अपने दुकान के सामने कचरा एकत्रित किए जाने पर उससे भी झाड़ू लगवाकर सफाई करवाई गई और जुर्माना भी वसूला गया।
स्वच्छ जगदलपुर, सुंदर जगदलपुर की तर्ज पर संचालित हो रहे इस कार्यक्रम के तहत पान ठेलों के आसपास पाई जाने वाली गंदगी को भी इन ठेलों के संचालकों द्वारा साफ करवाया जा रहा है व इन पर जुर्माना भी लगाया जा रहा है। साथ ही उन्होंने दुकानदारों से अपील की है कि वे अपने दुकानों के सामने कचरा ,कचरा पेटी में एकत्रित कर कचरा वाहन में ही डालें
जनता को अपने हाल पर छोड़कर, असम के प्रत्याशियों की आवभगत में लगे हैं बघेल- नरेन्द्र नाग
अस्पतालों में ऑक्सीजन की व्यवस्था कब तक होगी?
एक तरफ पुरे प्रदेश में करोना महामारी के कारण 20 जिलो में पूर्ण लाकडाउन लगाया गया है, अस्पतालों में बेड व अन्य दवाइयों की कमी से प्रदेश की जनता को सामना करना पड रहा है वर्तमान में प्रदेश में कोरोना जाँच में 10 में से 4 लोग पाजिटिव मिल रहे है पूर्व में हुये बैठक में छत्तीसगढ़ में कोरोना का कहर, केंद्र द्वारा मिले वेंटिलेटर के ठीक से काम नहीं करने व डेसिरेमवीर इंजेक्शन की भी कमी कि बात स्वीकारी थी छत्तीसगढ़ में कोरोना के बढ़ते मामलों के देखते हुए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया था की हवाई मार्ग के साथ रेल मार्ग से दूसरे राज्यों से आने वाले यात्रियों के लिए कोरोना टेस्ट अनिवार्य है. सीएम भूपेश बघेल ने अन्य राज्यों से छत्तीसगढ़ आने वाले यात्रियों के लिए RT-PCR टेस्ट की 72 घंटे के भीतर की निगेटिव रिपोर्ट को अनिवार्य करने की बात की थी पर असम से लाये गये प्रत्याशियों का अभी तक RT-PCR टेस्ट कराने की पुष्टि कांग्रेस द्वारा नही की गयी है, जिससे साफ पता चलता है की प्रदेश सरकार को प्रदेश की जनता की कोई चिंता नहीं है वह असम में जोड़तोड़ करने में व्यस्त है, ऐसे हालत में प्रदेश सरकार को असम पर ज्यादा फोकस न कटे हुये अपना पूरा ध्यान प्रदेश की जनता के लिए लगाना चाहिए, बेड , वेंटिलेटर व डेसिरेमवीर इंजेक्शन की कमी को पूरा करने के लिए केंद्र सरकार से सीधे बात करनी चाहिए |
कोविड केयर सेंटर एवं होम आईसोलेशन में रहने वालेे मरीजों के स्वास्थ्य पर विडियो कॉल के जरिये रखें निगरानी-कलेक्टर धर्मेश साहू
नारायणपुर, 12 अप्रैल 2021- सैय्यद वली आज़ाद
कलेक्टर धर्मेश कुमार साहू की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट के सभाकक्ष में जिला स्तरीय कोर कमेटी की बैठक आयोजित की गयी। बैठक में कलेक्टर ने जिले में कोरोना वायरस के रोकथाम एवं नियंत्रण के संबंध में चर्चा की। उन्होंने कहा कि जिले में कोविड-19 के प्रसार को रोकने हेतु हर संभव प्रयास किये जाये। भविष्य को ध्यान में रखते हुए जिला मुख्यालय में संचालित 2 कोविड केयर सेंटरों के अलावा एक और कोविड केयर की स्थापना की जाये और इन सभी सेंटरों में आवश्यक मूलभूत सुविधायें उपलब्ध हो इस बात का अधिकारी विशेष ध्यान रखें। बैठक में कलेक्टर साहू ने जिले में ज्यादाता पॉजीटिव केस किन क्षेत्रों से एवं किन कारणों से आ रहे हैं, इस पर नजर बनाये रखने के निर्देश अधिकारियों को दिये। इसके साथ ही उन्होंने कोविड के पॉजीटिव पाये गये मरीजों की कांटेक्ट ट्रेसिंग सघन तरीके से करने पर बल दिया। बैठक में वनमंडलाधिकारी एनआर खुंटे, एसडीएम दिनेश कुमार नाग, संयुक्त कलेक्टर निधि साहू, डिप्टी कलेक्टर गौरीशंकर नाग, वैभव क्षेत्रज्ञ, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.ए.आर.गोटा, जिला शिक्षा अधिकारी जीआर मंडावी के अलावा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक में कलेक्टर साहू ने जिले में अब तक पॉजिटिव पाये गये मरीजों की जानकारी लेते हुए कहा कि कोविड केयर सेंटर एवं होम आईसोलेशन में ईलाज करा रहे मरीजों की समय-समय पर विडियो कॉल के जरिये निगरानी हेतु स्वास्थ्य टीम का गठन किया जाये, इसकी मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी वरिष्ठ अधिकारियों को दिये जाये। उन्होंने जिले में उपलब्ध दवाईयां एवं अन्य स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी लेते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया के वे यथाशीघ्र आईसीयू कक्ष, आवश्यक दवाईयों एवं उपकरणों की पूर्ति हेतु मंागपत्र तैयार कर शासन को प्रेषित करंे। बैठक में कलेक्टर ने जिले में कोविड-19 टीकाकरण की जानकारी ली और आवश्यक दिशा-निर्देश अधिकारियों को दिये। उन्होंने कहा कि अवकाश के दिनों में टीकाकरण की दर कम पायी जाती है। इस संबंध में संबंधित अधिकारी समन्वय स्थापित कर ग्रामवार रोस्टर तैयार करें और टीकाकरण की गति में अद्यतन प्रगति लाये।
कलेक्टर ने कहा कि जिले कोरोना वायरस के रोकथाम हेतु कोविड व्यवहार के पालन हेतु निगरानी दल का गठन किया जाये। दल में राजस्व, नगर पालिका एवं पुलिस के अधिकारी-कर्मचारियों को शामिल किया जाये। दल द्वारा व्यापारिक प्रतिष्ठानों, सार्वजनिक स्थानों, हाट-बाजारों और चौक-चौराहों में कोरोना व्यवहार का पालन नहीं करने वालों के विरूद्ध जुर्माने की कार्यवाही की जायेगी। कलेक्टर ने अधिकारियों को स्पष्ट आदेश दिये कि जो व्यक्ति बिना मास्क लगाये सार्वजनिक स्थानों, दुकानों, हाट-बाजारों में पाये जाते हैं, उनके विरूद्ध जुर्मान की कार्यवाही की जाये।
रात्रिकालीन कर्फ्यू के दौरान शहर के मदिरा प्रेमियों को दुकान बंद होने के पश्चात कालाबाजारी के माध्यम से आबकारी विभाग ने उन्हें शराब उपलब्ध कराने का अनोखा तरीका अपनाया है. देखा जा रहा है कि आबकारी विभाग के कुछ कर्मचारी एवं उनके सहयोगी अपने-अपने या कुछ परिचितों के वाहन की डिक्की में विभिन्न ब्रांडों की शराब अधिक मात्रा में निकाल कर रख लेते हैं और दुकान बंद होने के पश्चात ऐसे मदिरा प्रेमियों को जो नियत समय पर शराब लेने पहुंच नहीं पाते हैं; उन्हें अधिक मूल्य पर शराब बेचकर मुनाफा कमा रहे हैं.
आपदा में अवसर तलाशने का आबकारी विभाग के इस कारनामे को शासन के विभिन्न विभाग के लोग भी जान रहे हैं, किंतु जब सैंया भए कोतवाल तो डर काहे का के कहावत को चरितार्थ करते हुए पुलिस विभाग एवं आबकारी विभाग जब आपसी मिलीभगत से ऐसी घटना घटित होने देते हैं तो प्रशासन द्वारा लगाए गए रात्रिकालीन कर्फ्यू का कोई मायने निश्चित ही नहीं रह जाता है.
पुलिस भले रात्रिकालीन कर्फ्यू के दौरान सैकड़ों लोगों को पकड़ने का दावा करे लेकिन उन्हीं से संबंधित कुछ विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी जब कर्फ्यू का फायदा उठाकर शराब की कालाबाजारी करें और आपदा को अवसर में बदलकर अपनी जेबे गर्म करना शुरू कर दें तो ऐसे मामलों का कोरोनाकाल के दौरान आम जनता पर क्या असर होगा यह आम आदमी स्वयं समझ सकता है.
शहर स्थित शराब दुकान के आसपास के सूत्रों ने जानकारी दी कि शासन द्वारा निर्धारित सुबह 09:00 से 06:00 बजे संध्या के पश्चात आबकारी विभाग नियमानुसार अपनी दुकान तो बंद कर देता है; किंतु, शराब के शौकीन कुछ लोग देर से शराब की खोज में निकलते हैं, ऐसे लोगों को पहचान कर उन्हें शराब उपलब्ध कराने के लिए आबकारी विभाग के उच्च दलाल किस्म के लोग शराब दुकान के 50 से 100 मीटर के दायरे में खड़े रहते हैं. जैसे ही उन्हें पता चलता है यह व्यक्ति शराब लेने के लिए आया है, वे किसी अन्य के माध्यम से चर्चा कराकर विशेष व सामान्य किस्म की शराब का अधिक मूल्य तय कर ऐसे लोगों को शराब तत्काल उपलब्ध कराते हैं.
चांदनी चौक व नया बस स्टैंड मार्ग पर तकरीबन शाम 7:00 बजे के बाद रोजाना ऐसा माहौल देखने को मिलता है. कई बार तो डिक्की वाली वाहनों में ये कोचिये घूमते नजर आते हैं और मौके की तलाश मिलते ही नगद राशि लेकर तत्काल शराब उपलब्ध करा देते हैं. सूत्र बताते हैं कि जो पव्वा Rs 200 से Rs 250 रुपए में मिलता है; उसे धड़ल्ले से Rs 300 से Rs 500 तक बेचा जा रहा है, जिसकी सुध अब तक ना आबकारी विभाग ने ली है और ना ही पुलिस विभाग ने.
इस संबंध में अधिक जानकारी लेने के लिए आबकारी विभाग के निरीक्षक रवि पाठक को निरंतर फोन किया गया लेकिन उन्होंने व्यस्तता के चलते फोन नहीं उठाया.