दल्लीराजहरा – उत्तर प्रदेश में हाथरस रेप पीड़ित युवती के परिजनों से मिलने जाने पर राहुल गांधी जी और प्रियंका गांधी जी को योगी सरकार ने डर कर पुलिस से बलपूर्वक रुकवाया और गिरफ्तार करवाया |
उत्तर प्रदेश सरकार खुद अपराधों पर नकेल कसने में पूर्ण रूप से विफल है , पहले तो अपराध को फर्जी बताया गया अब विफलता छुपाने रातों रात परिवार के अनुमति बिना अंतिम संस्कार और फिर परिजनों से मिलने न देना ।
इसके खिलाफ दल्ली राजहरा युवा कांग्रेस तथा NSUI ने छत्तीसगढ़ युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कोको पाढ़ी जी के निर्देशानुसार नगर के महाराष्ट्र मंडल में प्रधानमंत्री मोदी एवम योगी आदित्यनाथ का पुतला दहन किया ।
जिसमे प्रमुख रूप से युवा कांग्रेस के प्रदेश सचिव प्रशांत बोकड़े, शहर अध्यक्ष मनीष सेन, सेवा दल जिलाध्यक्ष संतोष पांडेय, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता प्रदीप बबलू ,भरत देवांगन, रामु शर्मा जी, परितोष हंसपाल, चंदन ग्वाल, पप्पू पंजवानी, हर्ष रामटेके,बंटी नॉनहारे, मनीष उपाध्याय,विधानसभा उपाध्यक्ष दिनेश यादव ,भानु सलामे, सुभम गुप्ता,नरेंद्र गनगबोइर,अदित ठाकुर,जावेद खान,सलामे,अभय , अशोक, सुधीर, जगजोत, अमन, हेमंत, पिंटू, महेंद्र, पप्पू, चेतन कुंजाम, एवम कई साथी मौजूद थे।
एक नजर – दल्लीराजहरा के किस वार्ड से कितने संक्रमित पाए गए
आज पाए गए दल्ली के संक्रमितों में वार्ड क्र 03 से 01, वार्ड क्र 04 से 02, वार्ड क्र 12 से 01 , वार्ड क्र 13 से 01 , वार्ड क्र 18 से 02 , वार्ड क्र 19 से 02, वार्ड क्र 24 से 01 और वार्ड क्र 25 से 01 इस प्रकार कूल दल्लीराजहरा से 11 लोग पॉजिटिव मिले है जिसमे 09 एंटीजन से और 02 RTPCR (वार्ड क्र 18) से मिले है |
विशेष अनुरोध – सिटी मीडिया सिटी मीडिया भीनगर के समस्त नागरिकों एवं पाठकों से अनुरोध करता है कि घरों से कम से कम निकले एवं सोशल डिस्टेसिंग एवं मास्क का सदैव उपयोग करें जिससे स्वयं एवं अपने परिवार को सुरक्षित रख बड़ी हानि से बचे |
* फेसबुक और ओएलएक्स के माध्यम से भोले-भाले लोगों को ठगने वाले अन्तर्राज्यीय गैंग के 02 आरोपी गिरफ्तार
* मोबाईल हैण्डसेट,कार,बाईक की फोटो सोशल मिडिया से प्राप्त कर स्वंय को आर्मी का जवान बताकर करते थे ठगी।
* यह गिरोह आर्मी कैन्टीन कार्ड,आर्मी जवान की आई.काडर्, आर्मी की वर्दी वाली जवान की फोटो का करते हैं दुरूपयोग।
* आरोपियों से 03 नग मोबाईल सेट, 05 सिम कार्ड, 45 से 50 लाख रूपये की लेन-देन वाली 04 नग पंजाब नेशनल बैंक खाता का पासबुक, 01 नग इलाहाबाद बैंक का खाता, 03 एटीएम कार्ड, 01 नग पेन कार्ड, 01 नग ड्रायविंग लायसेंस, फर्जी कोरियर रसीद, आर्मी जवान का फर्जी कैंटिन कार्ड, फर्जी आई कार्ड, आधार कार्ड बरामद।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बालोद श्री जितेन्द्र सिंह मीणा के निर्देशन एवं पुलिस अनुविभागीय अधिकारी बालोद श्री दिनेश सिन्हा के पर्वेक्षण मे विशेष टीम गठित कर थाना देवरी के अपराध क्रंमाक -100/2020, धारा-420 भादवि 66 डी आई.टी एक्ट के आरोपियों को पकडने जिला अलवर राजस्थान रवाना किया गया था। जिसमें प्रकरण के 02 आरोपी असलम पिता बन्ना निवासी ग्राम- बोरिया बास पाटा थाना-नौगांवा, तहसील-रामगंढ ,जिला- अलवर एवं साकीर खान पिता सपी मोहम्मद खान निवासी ग्राम काला घाटा, थाना-नौगांवा, तहसील-रामगंढ, जिला-अलवर राजस्थान को गिरफ्तार किया गया है।
मामले का विवरण:- प्रार्थी डोमन लाल साहू पिता सुन्दर लाल साहू पता- बहेराभाठा थाना देवरी जिला बालोद ने ओएलएक्स के माध्यम से पुराना मोबाईल हैण्डसेट खरीदने के नाम से, अज्ञात व्यक्ति द्वारा अपने आप को आर्मी का जवान बता कर फर्जी आर्मी आई.कार्ड , फर्जी आर्मी केन्टीन कार्ड को वाट्सअप के माध्यम से प्रार्थी को भेजा। प्रार्थी को अपने झांसे में लेकर, अपने मोबाईल नम्बर 7436905459 पर एवं डिलिवरी बाॅय के मोबाईल नम्बर 7377785186 पर सम्पर्क कर अपनेे पेटीएम न. 8930756051 के खाते में दिनांक 29.07.2020 से 31.07.2020 तक कुल 36,560/- रूपये ट्रांसफर किया गया है। प्रार्थी को मोबाईल हैण्डसेट नहीं मिलने पर वह ठगा हुआ महसूस किया और थाना देवरी में लिखित शिकायत करने पर अपराध क्रमांक 100/20 ,धारा-420 भादवि 66 डी आई.टी एक्ट पंजीब़द्ध किया गया ।
मामले को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बालोद द्वारा विशेष टीम गठित कर राजस्थान रवाना किया गया जिसमे उक्त टीम द्वारा राजस्थान जिला अलवर केे थाना नौगांव क्षेत्र में जाकर 4-5 दिन तक कैम्प लगाकर ग्रामीण वेशभूषा में रहकर पुलिस के जवानो द्वारा संदिग्धों पर लगातार निगाह रखा गया । इस दौरान प्रार्थी को ठगी गई रकम पेटीएम के माध्यम से जिस बैंक खाते मे गया था उस खाता धारक को पता करने पर उसका बाहर जाना पाया। फिर भी टीम द्वारा लोकल संसूचना एवं तकनीकी सहायता से जानकारी प्राप्त कर लिया गया कि खाताधारक का छोटा भाई असलम खान मुख्य आरोपी है। दबिश देकर असलम खान को पकडा गया । पूछताछ पर जुर्म स्वीकारते हुये प्रकरण का मास्टर मांइड साकीर खान को होना बताने पर। पुनः कैम्प कर टीम द्वारा बीहड क्षेत्र से संदेही साकीर को पकडा गया । टीम द्वारा बारीकी से पूछताछ करने पर साकीर खान ने बताया कि वह अपने अन्य 05 सहयोगी के साथ मिलकर ओएलएक्स तथा फेसबुक के माध्यम से ठगी का कार्य करते है। टीम द्वारा पता करने पर उक्त गिरोह के गिरफ्तार आरोपियो ने बताया कि इस क्षेत्र के कई लोग पूरे भारत में इस प्रकार के ठगी कार्य कर रहे है। आरोपियों के बैंक खाता का डिटेल प्राप्त करने पर करीबन 50 लाख तक का ट्रांजेक्सन है जिससे पता चलता है कि इन आरोपियों द्वारा कई राज्यों के लोगों के साथ ठगी की गई है जिस संबंध में विवेचना की जा रही है।
तरीका वारदात
* अन्य राज्यों जैसे उडींसा ,पंजाब, हरियाणा, मध्यप्रदेश से फर्जी सिम अधिक दामों मे खरीद कर पेटीएम,गूगल पे खाता बनाते है ताकि धोखाधडी की रकम बिना किसी पहचान के आसानी से निकाल सकें।
* आरोपियो द्वारा फर्जी नम्बर को व्हाट्सअप बनाकर उसमें आर्मी के जवान की वर्दी वाली फोटो ,आर्मी का मोनो लगा कर ग्राहक को भरोसे में लेते है।
* 10 से 20 प्रतिशत कमीशन बेस पर खाता धारक को पैसे को लालच देकर उनका खाता प्राप्त कर उसमें फर्जी तरीके से रूपये ट्रांसफर करतें है।
* ओएलएक्स में किसी भी सामान की ब्रिकी हेतु विज्ञापन डालकर उसमें फर्जी सिम नम्बर को अपना संपर्क नम्बर बताकर ग्राहकों से व्हाटस्अप से संपर्क करने बोलते है तथा ग्राहक को उस सामान का इंट्री शुल्क , लेट शुल्क , हाफ शुल्क आर्मी कैन्टीन शुल्क बताकर अलग अलग किस्तो में आॅनलाईन गूगल पे ,पेटीएम से ट्रांसफर कराते है।
* ग्राहक को लगता है कि वह दिये गये सामान का विज्ञापन से अधिक रकम जमा कर चुका है बोलने पर आरोपियो द्वारा ग्राहक को पुनः ठगा जाता है कि अधिक रकम फाॅरमेल्टी है जब डिलिवरी बॅाय आपके पास सामान देगा तो उक्त रकम आपको वापस कर देगा।
उक्त सायबर अपराध के प्रकरण को सुलझाने व आरोपियो की राजस्थान जिला अलवर से गिरफ्तारी में विशेष टीम प्रभारी निरीक्षक श्री कुमार गौरव साहू, सहायक उपनिरीक्षक श्री धरम भूआर्य, आरक्षक पूरन देवंागन, आरक्षक संदीप यादव ,आरक्षक विपिन गुप्ता, आरक्षक राहुल मनहरे का सराहनीय भूमिका रहा।
कलेक्टर अभिजीत सिंह ने जिले के आम नागरिकों से कोविड-19 संक्रमण के प्रसार श्रृंखला को तोड़ने हेतु समुदाय स्तर पर कोरोना के लक्षण वाले मरीजों की तुरंत पहचान के लिए 5 अक्टूबर से 12 अक्टूबर तक चलाये जा रहे कोरोना सघन सामुदायिक सर्वे अभियान टीम का पूर्ण सहयोग करने की अपील की है। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के श्रृंखला को तोड़ने जिले के शहरी एवं ग्रामीण सभी घरों में ये सर्वे दल पहुँचेगा और वहां घर के किसी सदस्य को कोविड-19 सम्बन्धी लक्षण हो तो जानकारी एकत्रित की जाएगी। सर्वे दल का सहयोग करने के लिए सभी नागरिक आगे आये और स्वयं, परिवार या गांव के किसी व्यक्ति को जिसे कोई लक्षण है, तो इसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग को दे। कोविड-19 के बचाव का सबसे अच्छा तरीका सही समय में पहचान और उसका उपचार है, जितना जल्दी उपचार हो जाये उतना बेहतर है। अगर इसके लक्षण को छुपाया गया और बाद में स्थिति गम्भीर हो जाने पर यह और भी खतरनाक हो सकता है। अतः आप सभी से अपील है कि लक्षण होने पर आगे आकर बताएं, संकोच या छिपाने का प्रयास न करें।
बालोद/ डौंडी :- डौंडीलोहारा ब्लाक के ग्राम रानितराई किसना में सुबह 9:30 बजे गांव के ही 24 साल के युवक एवन श्रीवास पिता चिंताराम श्रीवास ने मोबाईल टावर के सबसे ऊपर टॉप में चढ़कर छलांग लगा अपनी जान दे दी। घटना का कारण अभी अज्ञात है। लेकिन ग्रामीण सूत्रों के मुताबिक युवक की शादी होने वाली थी। रिश्ता भी तय हो चुका था लेकिन कोरोना व लॉकडाउन के चलते शादी स्थगित रखी गई थी। चर्चा में यह भी कहा जा रहा कि शादी अब पूरी तरह से स्थगित हो जाएगी। युवक का इस तरह आत्मघाती कदम उठाने की वजह अभी साफ नही हो पाया है।
सरपंच ने युवक तेजी भागते टावर पर चढ़ता देखा
मामले में प्रत्यक्षदर्शी सरपंच अंगेश्वर कुमार के मुताबिक वह सैलून में ही बैठे थे। तभी वह युवक तेजी से दौड़ते हुए टावर की ओर भागा। देखते ही देखते वह टावर के टॉप पर चढ़ गया और वहां से छलांग लगा दी। उन्होंने कहा कि लोगों से यही बात पता चली है कि उसकी शादी होने वाली थी। अब शादी स्थगित हो गई है या कोई और परेशानी है। इसके बारे में उन्हें और अधिक जानकारी नहीं है |
पुलिस जांच व परिजनों से पूछताछ में सच्चाई सामने आ सकती है। इस बड़ी घटना से क्षेत्र में भी सनसनी फैल गई है। घटनास्थल पुलिस जांच के लिए पहुंच रही है।
दल्लीराजहरा – वर्तमान में खदानों के अंदर कोरोना का संकमण बढ़ता ही जा रहा है, ऐसे में खदान कर्मचारी एवं उनके परिवार काफी चिन्तित हैं, इन परिस्थितियों में खदान के कर्मी एवं उनके परिवार के सदस्य चाहते हैं कि खदानों के अंदर कोरोना से बचाव हेतु बेहतर से बेहतर उपाय किये जाये, क्योंकि इन्ही कर्मचारियों की मेहनत से लौह अयस्क का उत्पादन बेहतर ढंग से हो रहा है। जिससे सेल प्रबंधन को भारी मुनाफा दिया जा रहा है। सेल प्रबंधन द्वारा अपने कर्मचारियों के प्रति लापरवाही बर्दास्त नहीं की जा सकती। वर्तमान में यह देखा गया है कि
दल्ली राजहरा में कोरोना पॉजेटिव हुए मरीजों के उपचार की व्यवस्था पर्याप्त नहीं है। बेहतर उपचार के लिए कर्मचारियों को 100 से 150 कि.मी. दूर जाना पड़ता है। ऐसी अव्यवस्था के कारण हमारे कर्मचारी सेवक राग मंडावी, जो कि कोरोना के उपचार की बेहतर सुविधा नहीं मिल पाने के कारण उनकी मृत्यु हो गई। इस घटना से आई.ओ.सी. के कर्मचारियो में काफी आकोश है। कर्मचारियों का कहना है, कि यदि हमारे कर्मचारियों के उपचार की बेहतर व्यवस्था होती तो हमारे इन साथी की मृत्यु नहीं हुई होती। उनके घर के एक मात्र सहारा चला गया, जिससे उनके परिवार के सदस्यों को काफी आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
इसलिए खदान के कर्मचारियों की मांग है कि कोरोना काल में किसी भी कर्मी की कोरोना संकमण से मृत्यु होने पर उनके परिवार के एक आश्रित सदस्य को अनुकम्पा नियुक्ति एवं 50 लाख रूपये का आर्थिक मुआवजा तत्काल दिया जाये। इसके अलावा खदानों के अंदर कोरोना संकमण से बचाव के लिए निम्न लिखित सुझाव पर अविलम्ब अमल किया जाना अतिआवश्यक है –
शिफ्ट रोस्टर प्रणाली को अपनाते हए शिफ्ट की अवधि 3 दिन किया जाये।
सेनेटाईजर की व्यवस्था प्रत्येक विभाग में अनिवार्य रूप से किया जाये।
माइंस में कार्यरत कर्मचारियों के लिए अलग से कोविड सेन्टर बनाया जाये।
सभी कैन्टीनों में साफ सफाई की व्यवस्था एवं कर्मचारियों के लिए नाश्ते करने की सुविधा बढ़ाई जाये।
सभी विभागों में रेस्ट रूम की व्यवस्था बेहतर की जाये।।
कार्मिक विभाग के ढीले ढाले रवैये के कारण कर्मचारियों के बहुत से समस्यायें। लंबित है, जिनका तत्काल समाधान किया जाये।
अतः आपसे आग्रह है कि प्रबंधन इन सभी बिन्दुओं का निराकरण 15 दिवस के। अंदर निर्णय लेकर कर्मचारियों को अवगत कराये अन्यथा कर्मचारियों के द्वारा सीधी कार्यवाही की जायेगी।
राजहरा पुलिस द्वारा आबकारी एक्ट के तहत अवैध शराब बिक्री के आरोप में कार्यवाही की गई जिसमे टी एस पट्टावी के नेतृत्व में सउनि इसरार अहमद खान आरक्षक भुनेश्वर यादव संजीत विश्वास रवि निर्मलकर दीपक शर्माके द्वारा पकड़ा गया | आरोपियों से 40 पौवा 7200 बल्क कीमती 3200 रु जब्त किया गया |
थाना – राजहरा, अपराध क्रमांक – 440/2020 धारा 34 (2) भादवि जिला बालोद छग
घटना स्थल – घोडा मंदिर पुराना बाज़ार राजहरा
आबकारी एक्ट के आरोपी –
उत्तम देशमुख पिता स्व बसंत देशमुख उम्र 20 साल
समीर मोहम्मद पिता रफीक मोहम्मद उम्र 20 साल साकिनान वार्ड क्र 25 अनिल प्रिंटिंग प्रेस के पास राजहरा आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल दाखिल किया |
बालोद – थाना गुण्डरदेही के अपराध क्रमांक 90/2017, धारा 363,366क,376,417 भादवि के प्रकरण में उप जेल संजारी-बालोद में परिरूद्ध आरोपी के जेल प्रहरी को चकमा देकर फरार होने से थाना बालोद में धारा 224 भादवि का अपराध तथा उसके पश्चात् पुनः थाना गुण्डरदेही में धारा 363 भादवि का अपराध घटित करने वाला फरार आरोपी गिरफ्तार तथा अपहृता बरामद।
पिछले 03 वर्षों से देश के विभिन्न राज्यों में जगह बदल-बदल कर पुलिस के चंगुल से फरार था आरोपी।
बालोद पुलिस के द्वारा गठित विशेष टीम के द्वारा विभिन्न जगहों पर सघन पता-तलाश के पश्चात् आरोपी को जिला-जोधपुर राजस्थान से गिरफ्तार करने में सफलता पायी।
पुलिस महानिदेशक छत्तीसगढ रायपुऱ एवं पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज, दुर्ग के निर्देशानुसार ऑपरेशन मुस्कान के तहत जिला बालोद में गुम बालकों तथा गुम इंसानों के दस्तायाबी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र सिंह मीणा एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री दौलत राम पोर्ते के मार्गदर्शन में इस हेतु पहल कर एक विशेष टीम गठित कर लगातार प्रयास किया जा रहा है। उक्त विशेष टीम श्री दिनेश कुमार सिन्हा उप पुलिस अधीक्षक बालोद के नेतृत्व में डीसीआरबी शाखा अंतर्गत सउनि श्री घनाराम कुलदीप, श्री गौकरण भंडारी, प्रधान आरक्षक टोमेन्द्र कुंजाम तथा अन्य स्टॉफ का एक विशेष टीम बनाया गया। और जिले में अब तक लंबित सभी गुम इंसान के डायरियों को थाना से पुलिस कार्यालय लाया गया जिसका अवलोकन पुलिस अधीक्षक महोदय के निर्देशन में किया गया। डायरियों के अवलोकन पर आरोपी तथा अपहृता एवं गुम इंसानों के संबंध में महत्वपूर्ण क्लू मिले, जिसके आधार पर उनके दस्तायाबी हेतु राज्यवार टीम भेजे जाने हेतु योजना बनाई गई। एक रूट में आने वाले विभिन्न अपहृतों एवं गुम इंसानों को एकीकृत टास्क के तहत एक संयुक्त टीम द्वारा दस्तायाबी किया गया।
इसी क्रम में मध्यप्रदेश तथा राजस्थान रूट में गुम बालक व गुम इंसान की पता तलाश हेतु उप निरीक्षक श्री यामन देवांगन, प्रधान आरक्षक श्रीमती नर्मदा कोठारी, आरक्षक विवेक शाही तथा मनोज धनकर की टीम भेजी गई थी। टीम के द्वारा मध्यप्रदेश के जिला-सीहोर, भोपाल, राजस्थान राज्य के जिला-झालावाड़, कोटा, उदयपुर, पाली आदि जगहों पर गुम इंसान के दस्तयाबी उपरांत उक्त प्रकरण के आरोपी रोशन निर्मलकर की गिरफ्तारी हेतु जिला-जोघपुर, राजस्थान में पता तलाश किया गया। आरोपी जोधपुर के मिल्क मैन कॉलोनी में नाबालिक अपहृता को अपनी पत्नी बनाकर किराये के मकान में रखा थाजहां से उक्त टीम के द्वारा अपहृता को बरामद कर आरोपी को हिरासत में लिया गया। आरोपी के द्वारा घटित किए गये अपराधों का संक्षिप्त विवरण निम्नानुसार है-
आरोपी रोशन निर्मलकर उम्र 22 वर्ष थाना गुण्डरदेही के अपराध क्रमांक 90/2017,धारा 363,366क,376,417 भादवि के माननीय सत्र न्यायालय बालोद में विचाराधीन प्रकरण में दिनांक 06.03.2017 से उप जेल संजारी बालोद में परिरूद्ध था। बंदी दिनांक 17.07.2017 के संध्या 03ः45 बजे जेल कंपाउड से प्रहरी को चकमा देकर फरार हो गया। जिस पर से थाना बालोद में अपराध क्रमांक 253/2017 धारा 224 भादवि का पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
फरार रहने के दरम्यान आरोपी द्वारा थाना गुण्डरदेही क्षेत्रांतर्गत स्थित ग्राम की एक नाबालिक बालिका को बहला-फुसलाकर अपहृत कर लिया गया था। जिससे अपहृता के परिजन के द्वारा थाना गुण्डरदेही में अपराध क्रमांक 358/2017 धारा 363 भादवि पंजीबद्ध कराया गया है।
प्रकरण में उक्त टीम के द्वारा अपहृता के बरामदगी तथा आरोपी की गिरफ्तारी के पश्चात् पूछताछ पर यह ज्ञात हुआ कि आरोपी रोशन निर्मलकर फरार होकर सर्वप्रथम इन्दौर में छुपकर रहने लगा। 2017 में दिपावली में आरोपी छुपकर बालोद आकर थाना गुण्डरदेही क्षेत्र के ग्राम से अपहृता को शादी का प्रलोभन देकर भगाकर ले गया। फरार आरोपी अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए तीन राज्यों (छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, राजस्थान)के विभिन्न जगहों में थोडे-थोडे समय के लिए रहने लगा। पुलिस जब भी आरोपी का पता-तलाश करती वह अपने रहने का स्थान बदलकर छिप जा रहा था। बालोद पुलिस द्वारा अथक प्रयास से अंततः आरोपी को जिला-जोधपुर राजस्थान से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की गई।
नाम आरोपीः-रोशन निर्मलकर पिता बिहारी निर्मलकर उम्र 22 वर्ष, साकिन गोरकापार थाना गुण्डरदेही जिला बालोद (छ0ग0)
ऑपरेशन मुस्कॉन के तहत जिला बालोद में गुम बालकों तथा गुम इंसानों को उनके परिजनों से मिलाकर लाई जा रही है उनके चेहरे में प्रसन्नता तथा अनमोल मुस्कॉन ।
इस अभियान के तहत माह अगस्त में 47 तथा माह सितम्बर में 92 कुल 139 गुम बालकों तथा गुम इंसानों को उनके परिजनों से मिलवाया गया।
माह सितम्बर में अगस्त की तुलना में दुगूना दस्तयाबी की गई।
आन्ध्रप्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, राजस्थान, हरियाणा इत्यादि राज्यों से की गई है महत्वपूर्ण दस्तयाबी ।
पुलिस महानिदेशक छत्तीसगढ रायपुऱ एवं पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंजदुर्ग के निर्देशानुसार ऑपरेशन मुस्कान के तहत जिला बालोद में गुम बालकों तथा गुम इंसानों के दस्तायाबी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र सिंह मीणा एव अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री दौलत राम पोर्ते के मार्गदर्शन में विशेष पहल से एक टीम गठित कर लगातार प्रयास किया जा रहा है। इस हेतु श्री दिनेश कुमार सिन्हा उप पुलिस अधीक्षक बालोद के नेतृत्व में डीसीआरबी शाखा अंतर्गत सउनि श्री घनाराम कुलदीप, श्री गौकरण भंडारी, प्रधान आरक्षक टोमेन्द्र कुंजाम तथा अन्य स्टॉफ का एक विशेष टीम गठित किया गया। जिले में अब तक लंबित अपराधों व गुम इंसान के डायरियों को बुलवाकर जिला स्तर पर अवलोकन किया गया।
गुम इंसान तथा अपराध की डायरियों के अवलोकन के दौरान प्राप्त ह्यूमन इन्ट तथा टेक इन्ट के क्लू के आधार पर विभिन्न राज्यों के लिए रूट वाईज विशेष टीम तैयार कर भेजी गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में डायरियों का अवलोकन कर क्लू प्राप्त कर रहे उक्त टीम तथा सायबर सेल की मदद से फिल्ड में दस्तयाबी हेतु भेजी गई टीम के द्वारा अपनी सूझबूझ व दक्षता का परिचय देतु हुए, जिले में विगत 02 माह में कुल 139 गुम बालकों व गुम इंसानों को दस्तयाब करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई। देश के विभिन्न राज्यों से दस्तयाबी के दौरान सामना की गई चुनौतियों तथा प्राप्त सफलताओं के कुछ चुनिंदा उदाहरण निम्नानुसार है-
1 मध्यप्रदेश- गुम इंसान क्रमांक 02/2018 की गुमशुदा हेमा सलामें पिता रमन सलामें उम्र. 21 वर्ष साकिन ग्राम भीमपुरी चौकी संजारी थाना डौण्डीलोहारा जिला बालोद (छ.ग.) की बरामदगी हेतु जांच पर प्राप्त लोकेशन पर 15 दिवस पूर्व सउनि भागवत ठाकुर तथा अन्य स्टॉफ की टीम इन्दौर भेजी गई थी, परन्तु तत्समय टीम की अथक प्रयास के बावजूद भी दस्तयाब नही किया जा सका।
पुनः सउनि दुर्जन रावटे तथा अन्य स्टॉफ की टीम के द्वारा इन्दौर के पास जानापॉव कुुटी तहसील के यशवंतपुर ग्राम भेजी गई। जहॉ संदेही से गुमशुदा के बारे में पूछताछ करने पर वह गुमशुदा को अपने अन्य सात मित्रों के साथ छ.ग. से इन्दौर लेकर आना तथा उनका एक मित्र के साथ प्रेम सबंध होने से वह उसके साथ शादी कर इन्दौर के तुकोगंज थाना क्षेत्र में रहने लगे, बताया। कुछ दिनों पश्चात सातों मित्र घूमने के लिए माण्डू गयें जहां पति पत्नि दोनो में विवाद होने से उसके पति के द्वारा उनके समक्ष गला दबाकर जान से मारकर पास के जंगल में स्थित एक पुराने कॅंए में दफना देना बताया गया। जिस पर से टीम के द्वारा क्षेत्र से सबंधित थाना धरमपुरी जिला धार से संपर्क कर स्थानीय एसडीएम तथा एसडीओपी की उपस्थिति में जगह का शव उत्खनन कराया गया। परन्तु वहॉ कुछ भी बरामद नही होने पर संदेही से पुनः पूछताछ किया गया जो अपने पूर्व में बताए बयान को बदलते हुए अपने जीजा जो उस समय महाराष्ट्र काम करने गए थे, के पास गुमशुदा को छोडना बताया। इसके पश्चात उसके जीजा जी को बुलाकर पूछताछ किया गया जो गुमशुदा हेमा सलामें से अपने इन्दौर में काम करने के दौरान मिलना व जानना बताने पर उसके निशानदेही पर गुमशुदा को इन्दौर के थाना खजराना क्षेत्र से बरामद किया गया। हेमा सलामें विवाह कर अपने पति के साथ रह रही है।
2 उत्तरप्रदेश -थाना डौण्डीलोहारा के अपराध क्रमांक 66/2018 धारा 363 भादवि के आरोपी के पतासाजी हेतु सउनि लेखराम साहू के हमराह स्टॉफ की टीम उत्तरप्रदेश के लखनउ भेजी गई। ह््यूम इन्ट तथा टेक इन्ट से प्राप्त क्लू के आधार पर प्राप्त लोकेशन ग्राम रेघवशापुर जिला मउ उ.प्र. में आरेापी नितेश चौहान का पता तलाश किया गया जो नही मिलने पर अन्य माध्यमों से पतातलाश कर कामता, लखनउ से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के दौरान यह ज्ञात हुआ कि अपहृता आरोपी नितेश चौहान के द्वारा मारपीट से तंग आकर उसे छोडकर चली गई है। टेक इन्ट की सहायता से अन्य आरोपी दीपक कुमार का पता किया गया जो रायपुर में था, उसे हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर बताया गया कि अपहृता से फोन में मिसड कॉल के माध्यम से पहचान हुई थी। पीडिता के द्वारा नितेश चौहान से
परेशान होकर आ जाने पर स्वंय एक वर्ष पूर्व उससे विवाह करके उसे अपने मूल निवास स्थान गोरखपुर से 20 किमी. दूर ग्राम में अपने परिवार के साथ रखना बताया। तत्समय लखनउ में उपस्थित टीम को उक्त अपहृता की दस्तयाबी हेतु भेजी गई। गुम बाालिका के दस्तयाबी तथा संदेही नितेश चौहान व दीपक कुमार को थाना डौण्डी लोहारा जिला बालोद लाया गया। पूछताछ पर अपराध कबूल करना स्वीकार करने पर प्रकरण में धारा 366,376 (2)(ढ) भादवि तथा 4,5(ठ),6 पाक्सो एक्ट जोडकर अग्रीम कार्यवाही करते हुए दोनो आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। 3 हरियाणा – थाना राजहरा के अपराध क्रमांक 290/2020 धारा 363 भादवि के गुम बालिका के पतातलाश हेतु सउनि इसरार अहमद,महिला प्रधान आरक्षक लता तिवारी व अन्य स्टॉफ की टीम गुडगांव भेजी गई थी, जो गुडगांव के सेक्टर 35 से अपहृता को बरामद किया गया। आरोपी मरकुस मसीह पिता रोमी मसीह उम्र 20 वर्ष साकिन राजहरा को सेक्टर 35 गुडगांव से हिरासत में लिया गया। प्रकरण में अग्रीम विवेचना में धारा 366,376 (2)(ढ) भादवि तथा 4,5(ठ),6 पाक्सो एक्ट जोडकर अग्रीम कार्यवाही करते हुए आरोपी मरकुस मसीह को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा
बालोद . कलेक्टर एंव जिला दण्डाधिकारी जनमेजय महोबे ने जिले में दशहरा पर्व पर पुतला दहन के संबध में निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने जारी निर्देश मे कहा है कि नोवल कोरोना वायरस के संक्रमण के नियंत्रण एवं रोकथाम को दृष्टिगत रखते हुए तथा वर्तमान में जिले में कोरोना पॉजिटिव प्रकरणों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है, जिसे रोकने एवं नियंत्रण में रखने हेतु सभी संबधित उपाय अमल में लाया जाना उचित एवं आवश्यक हो गया है। अतः दशहरा पर्व पर पुतला दहन के संबध में निम्नानुसार निर्देश प्रसारित किए जाते हैं :- पुतलों की ऊंचाई दस फिट से अधिक न हो। पुतला दहन किसी बस्ती रहवासी इलाके में न किया जाए।
पुतला दहन खुले स्थान पर किया जाए। पुतला दहन कार्यक्रम में समिति के मुख्य पदाधिकारी सहित किसी भी हाल में पचास व्यक्तियों से अधिक व्यक्ति शामिल नही होंगे। आयोजन के दौरान केवल पूजा करने वाले व्यक्ति शामिल होंगे। अनावश्यक भीड़ एकत्रित न होने देने की जिम्मेदारी आयोजकों की होगी। कार्यक्रम का यथासंभव ऑनलाईन माध्यमों आदि से प्रसारण किया जाए। पुतला दहन के दौरान आयोजन का वीडियोग्राफी कराया जाए तथा आयोजक एक रजिस्टर संधारित करेंगे एवं पुतला दहन कार्यक्रम में आने वाले सभी व्यक्तियों का नाम, पता, मोबाईल नम्बर दर्ज किया जाएगा एवं आयोजन करने वाले व्यक्ति अथवा समिति चार सी.सी.टी.वी लगाएगा, ताकि उनमें से कोई भी व्यक्ति कोरोना संक्रमित होने पर कान्टेक्ट ट्रेसिंग किया जा सके। प्रत्येक समिति/आयोजक समय पूर्व सोशल मीडिया में यह जानकारीं देंगे कि कोविड-19 कोरोना को दृष्टिगत रखते हुए कार्यक्रम सीमित रूप से किया जाएगा।
पुतला दहन में कहीं भी सांस्कृतिक कार्यक्रम, स्वागत, भंडारा, प्रसाद वितरण, पंडाल लगाने की अनुमति नहीं होगी। आयोजन में उपस्थित प्रत्येक व्यक्ति को सोशल/फिजिकल डिस्टेंसिंग, मास्क लगाना एवं समय-समय पर सेनेटाईजर का उपयोग करना अनिवार्य होगा।
रावण दहन स्थल से एक सौ मीटर के दायरे में आवश्यकतानुसार अनिवार्यतः बेरिकेटिंग कराया जाए। आयोजन के दौरान किसी भी प्रकार के वाद्य यंत्र, ध्वनि विस्तारक यंत्र डीजे, धुमाल, बैंड पार्टी बजाने की अनुमति नहीं होगी। रावण पुतला दहन में किसी भी प्रकार के अतिरिक्त साज-सज्जा, झंाकी की अनुमति नहीं होगी। अनुमति उपरांत समिति द्वारा सेनेटाईजर, थर्मल स्क्रिनिंग, ऑक्सीमीटर, हैण्डवॉश एवं क्यू मैनेजमेंट सिस्टम की व्यवस्था की जाएगी। थर्मल स्क्रिनिंग में बुखार पाए जाने अथवा कोरोना से संबंधित कोई भी सामान्य
या विशेष लक्षण पाए जाने पर कार्यक्रम में प्रवेश नहीं देने की जिम्मेदारी समिति/आयोजकों की होगी। कार्यक्रम आयोजन के दौरान अग्निशमन की पर्याप्त व्यवस्था अनिवार्यतः किया जाना होगा। आयोजन के दौरान यातायात नियमों का पालन किया जाए। किसी प्रकार का यातायात बाधित न हो यह सुनिश्चित किया जाए। आयोजन के दौरान एन.जी.टी. व शासन के द्वारा प्रदूषण नियंत्रण के लिए निर्धारित मानकों कोलाहल अधिनियम, भारत सरकार, माननीय सुप्रीम कोर्ट के दिशानिर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन किया जाना होगा, नियमों के उल्लंघन करने पर समिति/आयोजक जिम्मेदार होंगे। यदि कोई व्यक्ति जो पुतला दहन स्थल पर जाने के कारण संक्रमित हो जाता है तो इलाज का संपूर्ण खर्च पुतला दहन आयोजकों/समिति द्वारा किया जाएगा।
कंटेनमेंट जोन में पुतला दहन की अनुमति नहीं होगी। यदि पुतला दहन कार्यक्रम के अनुमति के पश्चात उपरोक्त क्षेत्र कंटेनमेंट क्षेत्र घोषित हो जाता है तो तत्काल कार्यक्रम निरस्त माना जाएगा एवं कंटेनमेंट जोन के समस्त निर्देशों का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा। एक आयोजन स्थल से दूसरे आयोजन स्थल की दूरी पॉच सौ मीटर से कम न हो। आयोजन स्थल के लिए पहले आओ पहले पाओ नीति के तहत पहले प्राप्त आवेदनों को प्राथमिकता दी जाएगी। इन सभी शर्तों के अतिरिक्त भारत सरकार, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के 04 जून 2020 के अंतर्गत जारी (एसओपी) का पालन अनिवार्य रूप से किया जाना होगा। उपरोक्त दिए गए किसी शर्तों का उल्लंघन अथवा किसी प्रकार के अव्यवस्था होने पर इसकी समस्त जिम्मेदारी आयोजन समिति की होगी जिनके विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही की जाएगी। उपरोक्त शर्तों के अधीन दस दिवस के पूर्व नगर पालिका परिषद एवं स्थानीय निकाय में निर्धारित शपथ पत्र मय आवेदन देना होगा एवं अनुमति प्राप्त होने के उपरांत ही पुतला दहन की अनुमति होगी। यह निर्देश तत्काल प्रभावशील होगा तथा निर्देश के उल्लंघन करने पर एपीडेमिक डिसीज एक्ट एवं विधि अनुकूल नियमानुसार अन्य धाराओं के तहत् कठोर कार्यवाही की जाएगी।