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अवैध शराब बिक्री करने वाले फरार 01 आरोपी को गिरफ्तार कर भेजा जेल

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  • आरोपी के कब्जे से 51 पौवा शोले देशी प्लेन शराब जप्त
  • धारा 34(2) आबकारी एक्ट के तहत भेजा गया जेल

बालोद पुलिस अधीक्षक महोदय एस. आर. भगत के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक  अशोक कुमार जोशी जिला बालोद व नगर पुलिस अधीक्षक डॉ० चित्रा वर्मा के मार्गदर्शन में प्रकरण के मार्गदर्शन में अवैध जुआ, सट्टा, शराब, नशीली दवाईयों के विरूध्द चलाये जा रहे अभियान के तहत आज दिनांक 04.05.2024 को घटना स्थल वार्ड क्रमांक 22 सब्जी मार्केट फल दुकान के पीछे होटल में आरोपी इंदल साहू पिता स्व. लल्लू साहू उम्र 82 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 22 जेडी आफिस के पीछे दल्लीराजहरा को अवैध रूप से अधिक मात्रा में शराब रखकर बिक्री करते पकड़ा गया आरोपी इंदल साहू के कब्जे से एक केरी बैग के थैला में रखे 51 पौवा देशी प्लेन शराब एवं शराब बिक्री की नगदी रकम 6,120 रूपये को जप्त कर आरोपी के विरूध्द धारा 34 (2) आबकारी एक्ट के तहत कार्यवाही कर न्यायिक रिमाण्ड पर जेल दाखिल किया गया है।

जंगली भालुओ ने किया 2 ग्रामीण पर हमला, गंभीर रूप से घायल

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बालोद- बालोद वन पऱिक्षेत्र के ग्राम कांडे में भालु ने किया नागरिक पर हमला । बताया जा रहा है कि युवक अपने पत्नी के साथ जंगलों में तेन्दु पत्ता तोडने गया था । जहां भालुओं युवक पर पीछे से हमला कर दिया । जिसमें युवक के चेहरे कों बुरी तरह से नोच लिया है। युवक लहुलुहन हो गया । पति- पत्नी अलग – अलग तेन्दु पत्ता तोडने के कारण पत्नी को कोई नुकसान नहीं पहुचाया । घायल युवक का नाम महेन्द्र नेताम ग्राम कांडे का निवासी है। जिसे गंभीर अवस्था में बालोद जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया । फिर प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेटर रायपुर में भेज दिया गया ।

वहीं दुसरी घटना गुरूर वन परिक्षेत्र के अंतर्गत बालोदगहन के निवासी गीतेश्वरी यादव उम्र 40 वर्ष अपने क्षेत्र के जंगलों में तेंदूपत्ता तोडने गई थी । तभी भालू ने महिला पर हमला कर दिया । जिससे महिला की चेहरे व पीठ को पुरी तरह नोच दिया हैं जिससे महिला बुरी तरह घालय हो गई । जहां उसका ईलाज धमतरी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां उसका ईलाज जारी हैं वहीं वन विभाग की ओर से प्राथमिक सहायता राशि प्रदान की गई हैं

स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों में प्रवेश आवेदन 10 तक

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जगदलपुर छत्तीसगढ़ शासन के लोक शिक्षण संचालनालय ने स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों में प्रवेश के लिए आवेदन करने की तिथि 10 मई तक बढ़ा दी है। पहले अंतिम तिथि 5 मई थी। इसी तरह अधिक आवेदन की स्थिति में लॉटरी के जरिए सीट आवंटन अब 11 से 15 मई तक किया जाएगा। साथ ही अन्य प्रक्रियाएं 16 से 20 मई तक पूरी की जाएंगी।

हमारी सुरक्षा और देश की संपत्ति की रक्षा के लिए अपनी नींद, सुख चैन सब कुर्बान कर देते हैं ये जांबाज

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  •  खुली आंखों से गुजार देते हैं कई रातें, खाली पेट रहकर भी रहते हैं चौकस
  •  बस्तर संभाग में तैनात वीर जवानों की गजब शौर्यगाथा
  •  रातभर पैदल चलकर पहुंचते हैं नक्सल गढ़ में
    -अर्जुन झा-
    जगदलपुर :- हमारे देश की सीमाओं पर तैनात जवान कड़कड़ाती ठंड और चिलचिलाती धूप में भी सजग रहकr बाहरी दुश्मनों से देश की रक्षा करते हैं। वैसे ही पुलिस और अर्धसैन्य बल के जवान आंतरिक दुश्मनों से हमारी जान माल और सरकारी संपत्ति की सुरक्षा के लिए चौबीसों घंटे अपनी जान की बाजी लगाकर मोर्चे पर डटे रहते हैं। अपने बूढ़े माता पिता, पत्नी, बच्चों और खुद की सेहत की फिक्र भुलाकर ये जवान राज्य की संपत्ति और राज्य के लोगों की हिफाजत की फिक्र में घुलते रहते हैं। आइए हम आपको बस्तर संभाग के अंदरूनी और सुदूर जंगली इलाकों में नक्सल मोर्चे पर डटे योद्धाओं की शौर्यगाथा से रूबरू कराते हैं।
    बस्तर संभाग के विकास में सबसे बड़ी बाधा वर्षों से जारी नक्सलवाद रहा है। बस्तर की जिस धरा पर महुआ, छिंद, सल्फी की गंध समाई रहती थी, वहां लंबे समय तक रक्तगंध समाई रही। जंगली पेड़ों से झर कर गिरे पत्तों और सूखे फलों से जो धरती आच्छादित रहती थी, उस धरती पर यहां वहां फैला खून और क्षत विक्षत शव पड़े दिखाई देने लगे थे। शेर, बाघों की दहाड़ की जगह बारूदी धमाकों और गोलियों की तड़तड़ाहट की गूंज सुनाई देने लगी थी।आए दिन शाला भवन, अस्पताल भवन, पुल पुलिया ढहा दिए जाते थे, सड़कें ध्वस्त कर दी जाती थीं। इन सब हालातों से निपटने के लिए केंद्र और राज्य की सरकारों ने संयुक्त रूप से ठोस पहल की। बस्तर समेत राज्य के अन्य नक्सल प्रभावित इलाकों में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल, सीमा सुरक्षा बल, कोबरा बटालियन समेत अन्य अर्धसैन्य बलों के साथ ही राज्य पुलिस, छ्ग सशस्त्र बल, डीआरजी बस्तर संभाग में जिला लेवल पर बनाए गए बस्तर फाइटर्स बल की तैनाती की गई। इन सुरक्षा बलों में देश के कई राज्यों के जवान शामिल हैं, जो अपने बुजुर्ग माता पिता, पत्नी और बाल बच्चों से मीलों दूर रहकर हमारी सुरक्षा में लगे हुए हैं। कुछ वर्ष पहले तक इन शूरवीरों को नक्सलियों के खिलाफ लड़ाई में बड़ी कीमत चुकानी पड़ती रही है। इस बीच असंख्य जवानों ने अपनी शहादत देकर हमारी रक्षा की है। बावजूद जवानों के हौसले बरकरार हैं। हमारे ये जवान अति आधुनिक संसाधनों और हथियारों से लैस हो चुके हैं, उनका जोश हाई है। मगर आज भी बस्तर के दर्जनों गांव पहुंच विहीन हैं और इन्हीं गांवों के जंगलों को नक्सलियों ने अपना ठिकाना बना रखा है। इन गांवों तक पहुंच पाना आसान नहीं है, मगर हमारे जांबाज जवान रात -रातभर पैदल चलकर ऐसे नक्सली मांद तक पहुंच ही जाते हैं। नदी नालों को पार कर और भूखे प्यासे रहकर भी वे नक्सलियों से दो दो हाथ करते रहते हैं और कामयाब होकर ही लौटते हैं। ऐसा ही कुछ बीती रात बस्तर संभाग के सुकमा जिले में देखने को मिला। सचमुच यह वैसा ही है जैसे भगवान श्री रामचंद्र ने रावण की लंका ढहाने के लिए किया था।

    25 किमी पैदल चले रातभर
    गुरुवार और शुक्रवार की रात सुकमा जिले के अलग-अलग सुरक्षा कैंप से डीआरजी व कोबरा बटालियन की संयुक्त टीम आपरेशन के लिए रवाना हुई थी। 25 किमी से ज्यादा की दूरी पैदल चलकर जवान नदी पार कर जैसे ही चिन्नाबोड़केल, रायगुड़ा इलाके में पहुंचे तो नक्सलियों के साथ उनका आमना- सामना हो गया। दोनों ओर से फायरिंग हुई। अलग-अलग टीमों के साथ तीन जगहों पर मुठभेड़ हुई। दोनो और से अत्याधुनिक हथियारों से फायरिंग हुई। मौके से विस्फोटक सामग्री व हथियार बरामद कर जवान वापस कैंप लौट आए। खबर की पुष्टि एसपी किरण चव्हाण ने की। सुकमा जिले के पूवर्ती व फूलपाड़ इलाके में कैंप खोलने के बाद बीजापुर सीमा से लगा हुआ इलाका रायगुड़ा, चिन्ना बोड़केल में नक्सलियों की मौजूदगी व गतिविधियों की सूचनाएं मिल रही थीं। गुरूवार रात को अलग-अलग थानो व कैंपों से डीआरजी व कोबरा की संयुक्त टीम को आपरेशन के लिए रवाना किया गया। रातभर पैदल चलते हुए जवान इलाके की बड़ी नदी को पार कर गांव पहुंचे। तभी वहां नक्सलियों के साथ आमना-सामना हुआ। अलग-अलग टीमों के साथ अलग-अलग जगहों पर मुठभेड़ हुई। पहले जगरगुड़ा एरिया कमेटी के साथ मुठभेड़ हुई उसके बाद नक्सली बटालियन के साथ जवानों की मुठभेड़ हुई। दोनों ओर से अत्याधुनिक हथियारों का इस्तेमाल करते हुए फायरिंग हुई। नक्सलियों ने जमकर बीजीएल दागे जिसमें कुछ फटे और कुछ नहीं फटे जिसे बरामद कर लिया गया। वहीं मौके की सर्चिग करने पर जवानों ने विस्फोटक सामग्री व हथियार बरामद किए हैं।

    जरा याद करो कुर्बानी
    जरा सोचिए उनके बूढ़े माता पिता और विधवा पत्नी तथा बेसहारा बच्चों के बारे में कि उन पर क्या गुजरती होगी। आखिर ये जवान हमारे कौन लगते थे, जिन्होंने हमारी हिफाजत की खातिर अपनी जान की कुर्बानी दी है? जैसे हम मां भारती के लाल हैं, वैसे ही वे भी थे। मगर अपने प्राणों की आहुति देकर उन्होंने मां भारत भारती का भाल दमकाया है और हमने क्या किया? बस दो मिनट मौन धारण कर उन्हें श्रद्धांजलि देने के सिवा? किसी भी मोर्चे पर शहादत देने वाले जवानों के परिवार को कुछ लाख रुपयों की सहायता दी जा दी जाती है, मगर क्या कागज के इन टुकड़ों से किसी परिवार के आंसू पोंछे जा सकते हैं? क्या उस परिवार का खो चुके लाल को ये चंद रुपए वापस ला सकते हैं? हरगिज नहीं। इसलिए ऐसे जवानों का सम्मान करना, उनकी मदद कर नक्सलियों के खिलाफ जंग में उनका साथ देना हम सबका कर्तव्य है।

व्यापारियों के सहयोग से संजय बाजार की सफाई व्यवस्था में हुआ सुधार

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  •  रात्रिकालीन सफाई की योजना कारगर साबित
  • पौनी पसारी के पीरहा है पार्किंग स्थल
    जगदलपुर नगर पालिक निगम जगदलपुर द्वारा शहर को स्वच्छ व सुंदर बनाने के लिए लगातार कार्य किया जा रहा है। इसके सकारात्मक परिणाम भी अब सामने आने लगे हैं। शहर का संजय बाजार इसका एक उदाहरण है।
    नगर निगम के कर्मचारी शहर की साफ सफाई के साथ ही जनमानस से कचरे को नाली एवं सड़कों पर न फेंकने की अपील भी कर रहे हैं। निगम आयुक्त हरेश मंडावी के निर्देश पर सफाई विभाग के साथ शहर में मॉनिटरिंग के लिए राजस्व विभाग के कर्मचारियों की अलग-अलग स्थान पर ड्यूटी लगाई गई है। इसी क्रम में निगम प्रशासन शहर के संजय मार्केट में बाजार को स्वच्छ व सुंदर बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। इसकी मॉनिटरिंग स्वयं आयुक्त हरेश मंडावी कर रहे हैं। मंडावी प्रतिदिन सुबह एवं रात्रि में बाजार परिसर पहुंचकर बाजार की साफ सफाई का निरीक्षण कर रहे हैं। आयुक्त हरेश मंडावी ने विगत दिनों संजय बाजार के व्यापारियों के साथ कचरा प्रबंधन को लेकर बैठक आहूत की गई थी। इस बैठक में व्यापारियों से कहा गया था कि बाजार का कचरा नगर निगम के वाहनों में डालें, सब्जी सड़े गले फल ,मटन मछली चिकन मार्केट के अवशेष को कहीं भी ना फेंक कर निगम के वहां में डालें । इसके पश्चात निगम प्रशासन ने संजय मार्केट में हाई मास्क लाईट के नीचे चार वाहन खड़ा किया जा रहा है जिसमें सब्जी विक्रेता अपने कचरे को इन वाहनों में डालने के लिए प्रेरित किया गया है जिसमें दुकानदारों के द्वारा अपने दुकानों का कचरा इन वाहनों में डाला जा रहा है साथ ही रात्रि इन सभी व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने प्रतिदिन आयुक्त श्री हरेश मंडावी अपने टीम के साथ पूरे बाजार परिसर का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे है । इसके पूर्व महिला समृद्धि बाजार के सामने कचरे का ढेर देखने को मिलता था इस प्रयोग से अब उक्त स्थल पर पूरी तरह साफ सफाई व स्वच्छ दिखाई देता है । वही चिकन मटन व मछली मार्केट के लिए उनके अवशेष के लिए एक ऑटो को खड़ा किया जा रहा है जिसमें वह चिकन मटन मछली का अवशेष उसे वहां में डाल सके । इन सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने के लिए मॉनिटरिंग करने के लिए निगम सफाई विभाग एवं राजस्व विभाग के टीम का भी गठन किया गया है । कुछ लोगों के द्वारा कचरा फेंकने पर अमले के द्वारा जमाने की कार्रवाई भी की गई है। कचरे को बाजार में कहीं भी फेंकने पर निगम द्वारा जुर्माना की कार्रवाई भी की जा रही है।

    करेंगे संजय मार्केट को व्यवस्थित
    आयुक्त हरेश मंडावी ने बताया कि संजय बाजार की को व्यवस्थित करने के लिए लगातार निगम प्रशासन प्रयासरत है। पौनी पसारी के पीछे पार्किंग स्थल का भी निर्माण किया जा रहा है। संजय बाजार में सड़ी गली सब्जी अवशेष एवं कचरे को कहीं भी न फेंकने के लिए दुकानदारों से अपील की गई। और कचरा वाहन भी लगाया गया है। ताकि व्यापारी अपनी दुकानों का कचरा उसी वाहन में डाल सकें। उसके पश्चात भी कई व्यापारी अपनी दुकानों का कचरा कहीं भी फेंकते पाए जाते हैं तो निगम दल के द्वारा द्वारा जुर्माना लगाने की कार्रवाई की जाएगी। अब ऐसी कार्रवाई की भी जा रही है। हमारा उद्देश्य संजय मार्केट को स्वच्छ सुंदर एवं व्यवस्थित बनाना है। जिसके लिए निगम प्रशासन दिन रात कार्य कर रहा है।

अपने आराध्य के लिए एकजुट हुए सभी राज्यों के मूल निवासी ब्राह्मण

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  •  धूमधाम से मनाई जाएगी भगवान परशुराम जयंती
    जगदलपुर सर्व ब्राह्मण समाज बस्तर द्वारा जगन्नाथ मंदिर में बैठक हुई जिसमें ब्राह्मणजनों ने उपस्थिति देकर भगवान परशुराम जन्मोत्सव 10 मई शुक्रवार को महापर्व के रूप में मनाने के लिए सभी ने मार्गदर्शन दिया और विचार रखे।
    संजीव शर्मा संभागीय अध्यक्ष ने कार्यक्रम के बारे में विस्तृत रूप से विचार रखे। अवधेश शुक्ला ने कहा कि भगवान परशुराम ब्राह्मणों के आराध्याय देव हैं।इसके लिए जगदलपुर में निवासरत सभी ब्राह्मणों को सपरिवार इस कार्यक्रम में शामिल होना चाहिए। केके द्विवेदी ने कहा कि इसके लिए हम सबको मेहनत करके हर ब्राह्मण परिवार से संपर्क करना चाहिए और उनको इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए प्रेरित भी करना होगा। वरिष्ठ समाजसेवी पुलक भट्टाचार्य ने कहा कि हमारी संस्कृति और ब्राह्मणों के लिए भगवान परशुराम हम सबके आदर्श हैं। इसलिए हमको उनके जन्मोत्सव कार्यक्रम में लिए अधिक से अधिक संख्या में शामिल होना चाहिए। आरण्यक ब्राह्मण समाज के अध्यक्ष ईश्वर खम्भारी ने कहा कि सभी ब्राह्मण एकजुट होकर सपरिवार कार्यक्रम में अपनी सहभागिता दें। कौशिक शुक्ला ने कहा कि हम सबको मिलकर एकजुटता के साथ कार्य करना चाहिए, जिससे ब्राह्मण समाज मजबूत हो। नीलम मिश्रा अध्यक्ष महिला मंच ने कहा कि हम ब्राह्मण समाज की सभी बहनों को इस कार्यक्रम में अधिक से अधिक जोड़ेंगे। मातृशक्ति भी पूरी ताकत के साथ कार्यक्रम में अपनी भूमिका निभाएगी। रंजीत पांडे ने कहा कि ब्राह्मणों के लिए यह दिन बहुत महत्वपूर्ण होता है। इसलिए सभी को मिलजुल कर अपनी ताकत बढ़ाना होगा। अशोक मुखर्जी अध्यक्ष बंगीय ब्राह्मण समाज ने कहा कि हमारे समाज के लोग पारंपरिक वेशभूषा में इस कार्यक्रम में शामिल होंगे।
    उन्होंने भगवान परशुराम के जीवन पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह चीज हमारी नई पीढ़ी को भी बताने की जरूरत है। अरुण पाठक मिथिला समाज ने कहा कि हर ब्राह्मण को भगवान परशुराम जन्मोत्सव के लिए तन मन धन से सहयोग करे। जिससे हमारी पहचान संस्कृति बरकरार रहे। वरिष्ठ सदस्य सकलेश पांडे ने कहा कि युवा पीढ़ी को इस कार्यक्रम में अधिक से अधिक जोड़ें। सुधीर दुबे ने कहा कि हम सबको आज ही से इस कार्यक्रम के लिए जनसंपर्क करना चाहिए। जिससे हम समाज के हर सदस्य को कार्यक्रम से जोड़ सकें। अंत में अनिल शुक्ला कविराज ने भगवान परशुराम पर ओजस्वी कविता सुनाकर में जोश भरा और संकल्प भावना से कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही। कार्यक्रम में आरणयक ब्राह्मण समाज, उत्कल समाज, कान्यकुब्ज समाज, सरयुपारीय समाज, बंगीय ब्राह्मण समाज, छत्तीसगढ़ी सरयूपारीय समाज, मिथिला ब्राह्मण समाज, सनाढ्य ब्राह्मण समाज राजस्थानी ब्राह्मण समाज भूमिहार ब्राह्मण समाज, मैथिल ब्राह्मण समाज, तेलुगू ब्राह्मण समाज, कन्नड ब्राह्मण समाज, भोजपुरी ब्राह्मण समाज, विंध्य ब्राह्मण समाज व अन्य समाजों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

नगर निगम ने खोले प्याऊ घर, लगाए वाटर एटीम

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जगदलपुर नगर पालिक निगम के द्वारा बस्तर जिले में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए आयुक्त हरेश मंडावी के निर्देश पर नगर निगम चार स्थानों पर प्याऊ घर खोले गए हैं। गर्मी के दिनों में शहर आने वाले लोगों एवं ग्रामीणों, बाजार में पहुंचने वाले लोगों, बस स्टैंड के यात्रियों के लिए निगम प्रशासन द्वारा वाटर एटीएम भी प्रारंभ कर दिए गए हैं। साथ ही संजय मार्केट, गोल बाजार, गुरु गोविंद सिंह चौक एवं नया बस स्टैंड में प्याऊ घर स्थापित किए गए हैं। जहां कर्मचारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है।

 

राम जानकी सेवा सीमित के द्वारा प्याऊ शुभारंभ

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कुसुमकसा:-  जनपद सदस्य संजय बैंस के हाथो शुभारंभ किया गया भीषण गर्मी में राहगीरों को ठंडा पानी मिले इस उद्देश्य को लेकर प्याऊ का शुभारंभ किया गया राम जानकी के सदस्य संतोष जैन ने बताया की इस गर्मी में लोगो को राहत देने के लिए सिर्फ ठंडा पानी ही नहीं समय समय पर नींबू पानी और गुड़ पानी की भी व्यवस्था रहेगा जनपद सदस्य संजय बैंस ने शुभारंभ के अवसर पर कहा की सेवा भाव का दूसरा नाम ही राम जानकी सेवा सीमित है आज प्याऊ शुभारंभ कर आम जन मानस के लिए राहत भरा काम है सीमित के सदस्य किसी गरीब के घर शादी या इलाज कराने से भी पीछे नहीं हटते राम जानकी सीमित हर धर्म के काम में सहभागिता निभाती है मैं सभी राम जानकी सेवा सीमित के सभी सदस्यों को धन्यवाद देता हु इस तरह जनता की सेवा करते रहे इस प्याऊ की सेवा में मुस्लिम समाज के भाई शमशेर खान ने कहा की राम जानकी सेवा सीमित जो लोगो के सेवा भाव में हमेशा मदद के लिए खड़ी रहती है इस पुनीत कार्य में हमारा भी समाज राम जानकी सेवा सीमित के साथ खड़ा रहेगा इस अवसर पर राम जानकी के अधक्षय गौरी शंकर साहू जी, पूर्व अधक्ष्य वीरेंद्र सिन्हा, हितेश गुप्ता, पुष्पजीत बैंस, सरपंच गणेश, श्वेता जगत सिन्हा, हुकुम पैटेल रवि यादव जी उपस्थित रहे

बस्तर के रण में जौहर दिखाने के बाद कोरबा की जंग में कूदे महेश कश्यप

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  • भाजपा प्रत्याशी सरोज पाण्डेय के लिए कर रहे हैं धुआंधार प्रचार महेश

जगदलपुर बस्तर लोकसभा क्षेत्र से प्रत्याशी रहे युवा आदिवासी नेता महेश कश्यप बस्तर के रण से मुक्त होने के बाद अब कोरबा लोकसभा क्षेत्र की जंग में जौहर दिखा रहे हैं। कोरबा लोकसभा क्षेत्र के बूथों में भाजपा की स्थिति और भी मजबूत करने महेश कश्यप जमकर पसीना बहा रहे हैं।

कोरबा लोकसभा सीट से भाजपा प्रत्याशी डॉ. सरोज पांडेय के लिए वोट मांगने महेश कश्यप अनेक बूथों तक दस्तक दे चुके हैं।लोकसभा चुनाव को लेकर छत्तीसगढ़ में भाजपा लगातार एक्टिव मोड पर नजर आ रही है। लगातार अन्य जिलों के भाजपा नेताओं को प्रत्याशी के पक्ष में प्रचार करने हेतु कमान सौपा जा रहा है। इसी क्रम में आगे बढ़ते हुए तीसरे चरण में होने वाले चुनाव के मद्देनजर शुक्रवार 3 मई को कोरबा लोकसभा सीट से भाजपा प्रत्याशी डॉ. सरोज पांडेय के समर्थन में भरतपुर – सोनहत विधानसभा क्षेत्र के जनकपुर मंडल अंतर्गत सेमरहिया और पोहनिया क्षेत्रों में जनसम्पर्क कर भाजपा और प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने की अपील महेश कश्यप ने की।भाजपा कार्यकर्ताओं ने महेश कश्यप के भरतपुर- सोनहात विधानसभा क्षेत्र पहुंचने पर उनका जोरदार स्वागत किया। महेश कश्यप ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश विकसित भारत के संकल्प की ओर अग्रसर है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा प्रत्याशी डॉ. सरोज पाण्डेय के पक्ष में मतदान करने की अपील करते हुए कहा कि क्षेत्र के तेजी से विकास के लिए डबल ईंजन की सरकार बनाना जरूरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे और प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों और छत्तीसगढ़ सरकार के जनहितकारी योजनाओं को लेकर जनता के बीच महेश कश्यप पहुं च रहे हैं। ग्राम सेमरहिया और पोहनिया में बूथों की बैठक लेते हुए भाजपा कार्यकर्ताओं व क्षेत्रवासियों में महेश कश्यप ने ऊर्जा का संचार किया। उन्होंने कहा कि देश का नाम विश्व पटल पर पहुंचाने के लिए 7 मई को भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने की अपील की। इस दौरान इस बूथ की बैठक में महेश कश्यप को सुनने सैकड़ो की संख्या में भाजपा कार्यकर्ता व क्षेत्रवासी उपस्थित थे।

सीतामणि में किए दर्शन

सीतामणी हरचोका में दर्शन कर प्रदेशवासियों के सुख समृद्धि की कामना की। आज प्रातः काल छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर जहां प्रथम बार प्रभु श्रीराम के चरण पड़े थे, मध्यप्रदेश राज्य की सीमा पर स्थित कोरिया जिले के सीतामणी हरचोका की उस धरती का दर्शन करने बस्तर लोकसभा के भाजपा प्रत्याशी महेश कश्यप पहुंचे।इस दौरान उन्होंने छत्तीसगढ़ सहित बस्तर वासियों के सुख समृद्धि की कामना प्रभु से की।

नया शिक्षा सत्र शुरू होते ही फिर चल पड़ा है पालकों से लूट का खेल

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  • यूनिफार्म, कॉपी, पुस्तकों की आड़ में लूट खसोट
  •  स्कूल संचालकों और पुस्तक विक्रेताओं की सांठगांठ 
    अर्जुन झा
    जगदलपुर नया शिक्षा सत्र शुरू होते ही पालकों से लूट खसोट का खेल फिर चल पड़ा है। हाईकोर्ट के फैसले और जिला शिक्षा अधिकारी के आदेश को ठेंगा दिखाते हुए निजी स्कूल प्रबंधन अपनी पसंदीदा स्टेशनरी शॉप से ही पाठ्य पुस्तकें, कॉपियां और यूनिफार्म खरीदने के लिए पालकों को बाध्य करने लगे हैं। यह सब कमीशन के लिए किया जा रहा है।
    जबसे छत्तीसगढ़ में निजी स्कूल का चलन बढ़ा है, तबसे शिक्षा माफिया और स्टेशनरी माफिया चांदी काटते आ रहे हैं। पहले से ही आम लोगों में धारणा बन गई है कि सरकारी स्कूलों में पढ़ाई ढंग से नहीं होती, वहां अपने बच्चों का दाखिला करवाना यानि उनका भविष्य बर्बाद करने जैसा है। आज के पालक चाहते हैं कि उनके बच्चे शुरू से ही अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में पढ़ाई करें और डॉक्टर, इंजीनियर, सीए, आईएएस, आईपीएस बनें। यही वजह है कि आज के माता पिता अपने बच्चों को निजी इंग्लिश मिडियम स्कूलों में दाखिला दिलाने में ज्यादा दिलचस्पी दिखाने लगे हैं। यहां तक कि सरकारी स्कूलों के शिक्षक शिक्षिकाएं भी अपने बच्चों को कान्वेंट स्कूलों में पढ़ाने लगे हैं। पालकों की बदलती धारणा को देखते हुए शिक्षा माफिया तेजी से पांव पसार रहा है। बस्तर जैसे आदिवासी संभाग में भी ऐसे निजी स्कूलों की भरमार हो गई है। निजी स्कूलों के संचालक जमकर लूट मचा रहे हैं। बच्चों के यूनिफार्म, पुस्तक, कॉपियां, टाई, बेल्ट, जूते, मोजे, बैग आदि सबकुछ स्कूल प्रबंधन की मर्जी अनुसार पालकों को खरीदने के लिए बाध्य होना पड़ रहा है। स्कूल प्रबंधन और कॉपी पुस्तक विक्रेताओं की सांठगांठ से पालकों का आर्थिक एवं मानसिक शोषण किया जा रहा है। पालकों को ये सारी चीजें तयशुदा दुकान से ही खरीदने के लिए बाध्य किया जाता है। कॉपी पुस्तकें बेचने वाले व्यापारी अब यूनिफार्म, टाई, जूते मोजे तक बेचने लगे हैं। कॉपी, पुस्तकों, यूनिफार्म, टाई, जूते, मोजे की मनमानी कीमत पालकों से वसूली जा रही है। जो वस्तु अन्य स्टेशनरी शॉप में 80 रुपए में मिलती है, वही वस्तु स्कूलों की सांठगांठ वाली दुकान में 120 रुपए से लेकर 150 रुपए तक में बेची जा रही है। इस तरह जबरदस्त मुनाफा कमाकर पालकों की जेब हल्की की जा रही है। व्यापारी इस मुनाफे का आधा हिस्सा स्कूल प्रबंधन को देते हैं। इससे स्टेशनरी व्यापारी को जहां ज्यादा कमाई हो जाती है, वहीं स्कूल संचालकों को बैठे बिठाए बड़ी आमदनी होती है।

    हिंदी स्कूल भी नहीं हैं कमतर
    पालकों को यह बात समझनी होगी कि इंग्लिश मिडियम में शिक्षा देने वाले कान्वेंट स्कूल बच्चों को सिर्फ अंग्रेजी में ही दक्ष बना सकते हैं, उन्हें डॉक्टर, इंजीनियर, आईएएस, आईपीएस नहीं बना सकते। ऐसे मुकाम बच्चे अपनी मेधा और प्रतिभा के बूते ही हासिल कर पाते हैं। हमारे बस्तर संभाग में ही ऐसे कई उदाहरण हैं कि यहां के कई बेटे बेटियां सरकारी स्कूलों में हिंदी माध्यम से पढ़ाई कर डॉक्टर, इंजीनियर, आईएएस, आईपीएस, सीए, वकील आदि बनकर देश की सेवा कर रहे हैं। हाल ही में आए सीजी पीएससी में बस्तर की कई बेटियां डीएसपी, डिप्टी कलेक्टर, खनिज अधिकारी सरीखे पदों के लिए चयनित हुई हैं। जगदलपुर की एक बेटी ने तो यूपीएससी क्वालिफाई कर अपनी प्रतिभा को लोहा मनवा दिया है। इन बेटियों से पालकों को नसीहत लेने की जरूरत है।

    रद्द हो सकती है मान्यता
    जिले के कुछेक स्कूलों को छोड़ अधिकांश निजी स्कूल की किताब और ड्रेस के लिए एक दुकान निर्धारित है। बच्चो के दाखिले के बाद स्कूल की ओर से पालकों को इन दुकानो की जानकारी दी जाती है और वहीं से किताब, कॉपी, यूनिफार्म खरीदने के लिए दबाव बनाया जाता है। आएदिन मिल रही ऐसी शिकायतों के बाद जिला शिक्षा अधिकारी भारती प्रधान ने सभी निजी स्कूलों के लिए एक आदेश जारी किया है। आदेश में साफ कहा गया है कि पालकों को दुकान विशेष से पुस्तक कॉपियां, जूते मोजे, टाई, यूनिफार्म खरीदने के लिए बाध्य करना गैर कानूनी है। ऐसे स्कूलों की मान्यता रद्द करने की कार्रवाई की जाएगी।

    क्या है हाईकोर्ट का फैसला
    यहां यह बताना जरूरी है कि छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में भी निजी स्कूलों के इस कदम को लेकर फैसला दिया है। कोर्ट ने कहा है कि अगर याचिकाकर्ता निजी विद्यालय प्रबंधन संघ या संस्था खुले बाजार से पुस्तक की खरीदी के लिए जाता है तो प्रतिवादी राज्य स्कूल शिक्षा विभाग और निदेशक लोक शिक्षण याचिकाकर्ता के खिलाफ बल पूर्वक कदम नहीं उठा सकते। सिवाय उन पुस्तकों ke जिनकी आपूर्ति पाठ्य पुस्तक निगम द्वारा की जाती है। यहां यह भी बताना जरूरी है कि पाठ्य पुस्तक निगम की पुस्तकों और राज्य शासन के सिलेबस को निजी स्कूलों में अहमियत नहीं दी जाती।

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