बच्चों का तिलक लगाकर किया स्वागत, पालक भी पहुंचे स्कूल
लोहंडीगुड़ा नया शिक्षा सत्र का 26 जून से आगाज होते ही विकासखंड लोहंडीगुड़ा में प्रत्येक संस्था संकुल पंचायत जनपद स्तर पर शाला प्रवेश उत्सव का आयोजन किया गया। कलेक्टर एवं जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देश व मार्गदर्शन में विकासखंड लोहंडीगुड़ा में खंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव ने संकुल प्राचार्यों, संकुल शैक्षिक समन्वयकों को एवं विभिन्न स्तर पर गठित दलों को शाला प्रवेशोत्सव हेतु मार्गदर्शन दिए दिया था। इसी क्रम में विकास खंड शिक्षा अधिकारी चंद्रशेखर यादव स्वयं बोदली हर्राकोडेर में प्रवेश उत्सव मनाने हेतु पहुंचे। बोदली, मालेवाही, हर्राकोडेर जैसे अंदरूनी क्षेत्रों में लगातार अवलोकन एवं निरीक्षण कर खंड शिक्षा अधिकारी ने विकासखंड लोहंडीगुड़ा में शिक्षा में कसावट लाने के लिए अभिनव प्रयास किए हैं एवं जिला व राज्य स्तर पर विकासखंड लोहंडीगुड़ा की छवि को एक अलग पहचान दिलाई है। खंड स्त्रोत समन्वयक रोमांचल ठाकुर संकुल ककनार व सहायक खंड शिक्षा अधिकारी सुरेंद्र कश्यप संकुल बिंता में शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। समस्त संकुल प्राचार्यों ने भी अपने अपने संकुल क्षेत्र में गरिमामयी ढंग से शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम समारोह का आयोजन किया। नवीन शिक्षा सत्र के प्रथम दिन ही बड़ी संख्या में बच्चे शालाओं में पहुंचे। बच्चों के माता-पिता बच्चों को स्कूल पहुंचाने आए थे। पालकों से खंड शिक्षा अधिकारी ने चर्चा कर बच्चों को नियमित रूप से स्कूल भेजने की गुजारिश की। विकासखंड स्तर पर सभी उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों एवं हाई स्कूलों के प्राचार्यों द्वारा शाला प्रवेश उत्सव का आयोजन किया गया। बच्चों को तिलक लगाकर उनका स्वागत किया गया। शैक्षणिक संस्थान के प्रांगण की साफ-सफाई एवं मानसून सत्र को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा हेतु सभी शिक्षकों को एहतियात बरतने की समझाइश दी गई। सभी संस्थानों में मध्यान्ह भोजन का संचालन प्रथम दिवस से हो इस बाबत कड़े निर्देश दिए गए एवं कहा गया कि शासन की मंशा के अनुरूप एसएमसी बैठक का नियत तिथि में आयोजन हो इस बाबत समस्त संस्था प्रमुख उत्तरदायी होंगे। बीईओ चंद्रशेखर यादव ने शिक्षकों से आग्रह किया कि सभी अपने दायित्वों को समझें, दायित्व का शत प्रतिशत निर्वाहन करें। ताकि लोहंडीगुड़ा विकासखंड शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाई को छू सके। शिक्षा में गुणात्मक सुधार लाने के उद्देश्य से बीईओ चंद्रशेखर यादव ने विकासखंड में सतत निरीक्षण अभियान चलाने के लिए दल गठित कर रोडमैप तैयार किया है।
दिनांक -26.06.2023 बालोद टाउन में हुए सलूजा परिवार के मकान में चोरी करने वाले आरोपी गिरफ्तार। आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त राड ,पेचकस ,मोटर सायकल व 90,000 रूपये नगदी बरामद। साइबर सेल टीम बालोद एवं थाना बालोद की कार्यवाही। बालोद , गुण्डरदेही, अर्जुन्दा सहित राजनांदगांव गोदिंया, गढचिरौली महाराष्ट्र के हजारों सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद मिला आरोपी का सुराग। पुलिस अधीक्षक, डॉ जितेन्द्र कुमार यादव के निर्देशन ,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरिश राठौर के मार्गदर्शन पर व एसडीओपी बालोद श्री प्रतीक चतुर्वेदी के पर्यवेक्षण में व थाना प्रभारी बालोद निरीक्षक नवीन बोरकर, सायबर सेल प्रभारी बालोद निरीक्षक दिलेष्वर चंद्रवंषी के नेतृत्व में चोरी के अतंराज्यीय गिरोह के एक आरोपी को पकडने में सफलता मिली है। प्रकरण का विवरण इस प्रकार का है कि दिनांक 18.05.2023 के दोपहर 01ः00 से 03ः00 के बीच बालोद टाउन में प्रार्थी जसविन्दर पाल सलूजा गंजपारा बालोद के मकान में अज्ञात आरोपियो द्वारा ताला तोड कर प्रवेष किया गया और उसके मकान से नगदी रकम 200000 (दो लाख रूपये) व 02 नग सोने के अंगूठी, 02 नग सोने के कंगन,01 नग सोने के चैन चोरी कर ले गये थे जिस पर थाना बालोद में अपराध क्रमांक 236/2023 धारा 454,380 भादवि कायम कर विवेचना में लिया गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक बालोद के द्वारा चोरी के आरांेपियो के संबध में पतासाजी हेतु सायबर सेल टीम बालोद की विषेष टीम तैयार किया गया था।जिस पर टीम द्वारा गंजपारा बालोद के समस्त दुकान मकान में लगे सीसीटीवी फुटेज प्राप्त कर संदेहियो के संबध में जानकारी प्राप्त किया गया ।
जिसमें 02 संदिग्ध व्यक्ति पल्सर मोटर सायकल में आये थे जिसमें महाकाल रेडियम बना हुआ था गाडी के आगे और पीछे नम्बर प्लेट मे नम्बर नही था। जो झलमला होते हुए अर्जुन्दा फिर राजनांदगाव तरफ दिखाई दिए। टीम द्वारा लगातार घटना के बाद से राजनांदगाव जाकर वहां सीसीटीवी फूटेज का बारीकी से एनालिसिस किया गया। संदेहियो के संबंध में जानकारी प्राप्त किया गया। तकनीकी साक्ष्य के आधार पर आरोपियो की पतासाजी कि जा रही थी। तथा क्षे़त्र मे मुखबीर लगाया गया था जरिये मुखबीर देर रात्रि को पता चला कि उक्त संदिग्ध मोटर सायकल को लोहारा से बालोद जाते हुए देखा गया कि सूचना पर साइबर सेल टीम बालोद व थाना बालोद के द्वारा पाररास रेलवे फाटक के पास कडे नांके बंदी किया गया। नांके बंदी से मिले संदिग्ध व्यक्ति से कढाई से पूछताछ करने पर आरोपी द्वारा बालोद में पुराना घटित चोरी की वारदात करना स्वीकार किया । जिसे थाना लाकर पूछताछ किया गया और प्रार्थी सलूजा के मकान चोरी के सीसीटीवी फुटेज मिलान करने पर आरोपी एवं पल्सर मोटर सायकल वहीं होना पाया गया। आरोपी के पास राड, लोहे काटने का ब्लैड आदि समान बरामद किया गया। आरोपी द्वारा अपराध स्वीकार करने पर टीम द्वारा चोरी के सामान व रकम बरामद करने आरोपी को लेकर उसके घर वडसा जिला गढचिरौली गये वहां आरोपी के कब्जे से 90,000 रू (नब्बे हजार रूपये नगदी) बरामद किया गया। तथा 01 और आरोपी के घर दबिष दिया गया जो घर से कही फरार है। जिसकी सरगर्मी से ढूढा जा रहा है। दोनो आरोपियो द्वारा दिनांक 18.05.2023 को वडसा जिला गढचिरौली से अपने मोटरसायकल से बालोद आकर गंजपारा स्थित सलूजा के मकान का ताला तोड उसके घर से नगदी रकम व सोने के जेवरात चोरी कर वापस अपने निवास वडसा जिला गढचिरौली चले गये थे। बालोद पुलिस द्वारा आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया। आरोपी का नाम व पता- विष्णु खोकन विष्वास पता बंगाली कैम्प मूल रोड डॉ विष्वास अस्पताल के पास चंद्रपुर 442401 महाराष्ट्र हाल-हनुमान नगर वार्ड वडसा जिला गढचिरौली महाराष्ट्र ।उक्त प्रकरण में आरोपी के पतासाजी व गिरफ्तारी में सायबर सेल से सउनि धरम भूआर्य ,प्रधान आरक्षक भुनेष्वर मरकाम, प्रधान आरक्षक भगवान सिंह , प्रधान आरक्षक रूमलाल चुरेन्द्र, आरक्षक विवेक शाही, आरक्षक संदीप यादव, आरक्षक पूरन देवांगन, आरक्षक राहुल मनहरे, आरक्षक आकाश दुबे , आरक्षक विपिन गुप्ता , आरक्षक मिथलेष यादव, आरक्षक योगेष पटेल की सराहनीय भूमिका रही है।
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संसदीय सचिव रेखचंद जैन शिक्षा बच्चों को भविष्य गढ़ने का ज्ञान देती है – महापौर श्रीमती सफीरा साहू
शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में पहली कक्षा के छात्रों को दिया गया जाति प्रमाण पत्र
जगदलपुर, 26 जून 2023/ जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संसदीय सचिव श्री रेखचंद जैन ने कहा कि शिक्षा से व्यक्ति अपने भविष्य को बेहतर कर सकता है। शिक्षा एक चमत्कार है जो सभी चीजों को सीखने में मदद करता है। उन्होंने कहा कि शाला प्रवेशोत्सव में ग्रीष्मकालीन अवकाश के उपरांत स्कूल में विद्यार्थियों की उपस्थिति तथा शिक्षा के प्रति बच्चों में जागरूकता के लिए सरकार ने प्रवेशोत्सव मनाने का निर्णय लिया। सरकार ने लगातार शिक्षा के क्षेत्र में नए-नए योजनाओ का क्रियान्वयन किया, इसमें बच्चों को गणवेश, पाठ्यपुस्तक, सायकल का वितरण, मध्यान्ह भोजन और नवप्रवेशीय बच्चों को जाति प्रमाण पत्र जारी करना हैं। उन्होंने पालकों को बच्चों की पढ़ाई पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई। श्री जैन ने कविता के माध्यम से शिक्षा के लिए सबको जागरूक किया ’’ना छुटे इस बार शिक्षा है सबका अधिकार, हिन्दु, मुश्लिम, सीख-ईसाई सब मिलकर करें पढ़ाई’’। जिला स्तरीय शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम का आयोजन सोमवार को पीजी काॅलेज ग्राउण्ड में किया गया।
इस अवसर पर महापौर श्रीमती सफीरा साहू ने कहा कि शिक्षा बच्चों को भविष्य गढ़ने का ज्ञान देती है। विद्यार्थी देश के भविष्य को बेहतर करने में अपना योगदान देंगे। इस शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में जाति प्रमाण पत्र का वितरण किया गया जो बच्चों के भविष्य के लाभ दायक होगा। उन्होंने कहा कि बस्तर बदल रहा है, जगदलपुर भी बदल रहा है हमने गढ़बो नवा जगदलपुर के लिए प्रयास किया है। बस्तर के बच्चों की शिक्षा स्तर में वृद्धि हुई, इसके लिए शासन-प्रशासन के साथ-साथ शिक्षकों की भूमिका भी महत्वपूर्ण है।इंद्रावती बेसिन विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष राजीव शर्मा ने कहा कि हमारे जीवन का यादगार पलों में से एक यह भी है कि दो माह की छुट्टी के बाद स्कूलों में शिक्षा हेतु पुनः प्रवेश करना। सरकार सभी वर्ग के लिए शिक्षा व्यवस्था की है, अंग्रेजी में पढ़ाई हेतु विशेष कर कमजोर वर्ग के बच्चों और दूरस्त क्षेत्र के बच्चों के लिए सरकार ने आत्मानंद स्कूल इंग्लिश मीडियम योजना का संचालन किया है, यह सराहनीय प्रयास है। आत्मानंद स्कूल में भर्ती के लिए बच्चों और पालकों में रूचि बढ़ी है यही योजना के सफल होने का संकेत है। उन्होंने उपस्थित सभी विद्यार्थियों को शाला प्रवेशोत्सव की शुभकामनाएं दी।
नगर निगम सभापति श्रीमती कविता साहू ने कहा कि बस्तर के बच्चे पढ़ें और बस्तर विकास में सहभागी बने।इस अवसर पर कलेक्टर विजय दयाराम के. ने बताया कि शासन-प्रशासन अंतिम व्यक्ति तक शिक्षा व्यवस्था पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके लिए जिले में संचालित समस्त शासकीय 2341 शालाओं में विद्यालयीन व्यवस्थाओं को सुदृढीकरण किया गया है। छात्रों को मिलने वाली सभी निशुल्क सुविधाएं जैसे गणवेश, पाठ्यपुस्तक, मध्यान्ह भोजन, सरस्वती सायकल योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है। वर्तमान मे मुख्यमंत्री शाला जतन योजना के अन्तर्गत लगभग 1114 शालाओं हेतु राशि 70 करोड़ की राशि से जीर्णोद्वार एवं भवन उन्नयन का कार्य जारी है। इसी उपक्रम में समग्र शिक्षा द्वारा बीआईजीएस अन्तर्गत 94 शालाओं को भी मरम्मत कार्य कराया जा रहा है। इसके अतिरिक्त भी क्षेत्र की आवश्यकतानुरूप जिला प्रशासन द्वारा भी कार्य किये गये है।शाला प्रवेशोत्सव के अवसर पर 50 नवप्रवेशित छात्राओं को सरस्वती सायकल योजना के तहत् सायकल वितरण किया जा रहा है एवं जिले में कुल 5180 छात्राओं को सत्र 2023-24 में वितरण किया जाएगा।
शाला प्रारंभ के साथ ही 120586 छात्रों को निःशुल्क गणवेश एवं 109594 छात्रों को पाठ्यपुस्तक वितरण किया जा रहा है। स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय अंग्रेजी और हिन्दी माध्यम में प्रयोगशाला, पुस्तकालय एवं सौंदर्यीकरण का कार्य भी कराया गया है। ताकि बच्चों की पढ़ाई में किसी भी प्रकार की कोई समस्या उत्पन्न न हो तथा पढाई के प्रति रूचि बनी रहे।नई शिक्षा नीति के अन्तर्गत पूर्व प्राथमिक शिक्षा को शामिल करते हुए बालवाडी को जिले में प्रारंभ किया गया है जिसमें सत्र 2022-23 में 122 बालवाडियों का संचालन किया जा रहा है, जिसके अन्तर्गत 855 बच्चे अध्ययनरत है साथ ही सत्र 2023-24 में जिले में 168 नई बालवाडियों का संचालन करने की स्वीकृति राज्य शासन से प्राप्त हुई है। जिनका संचालन आज से प्रारंभ किया जा रहा है, इस तरह जिले में कुल 290 बालवाडिया संचालित है। बालवाडी मुख्य रूप से प्ले स्कूल की अवधारणाओं पर आधारित है जिसमें बच्चे खेल-खेल में, समूह बनाकर, चित्रों के माध्यम से तथा उपलब्ध सामग्री के माध्यम से विभिन्न अवधारणाओं को सीख सकेंगे। जिले में इस वर्ष बहुभाषीय शिक्षण की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पृथक से सर्वे कराया गया है। जिसके अनुरूप कार्ययोजना का निर्माण प्रारंभ कर जिला स्रोत समूह का प्रशिक्षण पूर्ण कर लिया गया है। यह प्रयास फस्ट लेवल लर्निंग के उद्देश्य को प्राप्त करने में सहायक होगा।शिक्षा सत्र को और प्रभावी करने के लिए ज्ञानदीप के नाम से परियोजना संचालित किया जाना हैं जिसे विशेष कर दरभा, बास्तानार एवं लोहण्डीगुडा विकासखण्डों में संचालित किया जायेगा जहाँ विकासखण्ड के चयनित विद्यालयों में विशेष पुस्तकालय स्थापित किये जायेगें एवं मुस्कान पुस्तकालय को प्रभावी बनाते हुए बच्चों की भाषायी दक्षता एवं गणितीय दक्षता को पुरस्कृत किया जायेगा। शाला त्यागी बच्चों की संख्या को निरंक करने हेतु भी जिला स्तर पर प्रभावी प्रयास किये जा रहे हैं। इस हेतु सभी बच्चों का चिन्हांकन एवं उनकी आयु अनुरूप उन्हें पुनः प्रवेश की प्रक्रिया की जा रही हैं।शाला प्रवेशोत्सव के अवसर पर सांकेतिक रूप से कक्षा पहली के 05, 6वीं के 05 एवं कक्षा 9वीं के 05 विद्यार्थियों को तिलक लगाकर, पुष्प हार और मिठाई खिलाकर नव प्रवेशी बच्चों का स्वागत करते हुए गणवेश और पाठ्यपुस्तक का वितरण किया गया। कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा कक्षा पहली में नवप्रवेशी 9 बच्चों को सामाजिक प्रास्थिति प्रमाण पत्र(जाति प्रमाण पत्र)का वितरण भी किए। प्रशासन द्वारा इस वर्ष शाला प्रवेश उत्सव के साथ-साथ ही कक्षा पहली में प्रवेश करने वाले विद्यार्थियों को शासन की मंशानुरूप जाति प्रमाण पत्र प्रदाय किये जाने हेतु एक माह का लक्ष्य निर्धारित कर कार्य करना प्रस्तावित है। साथ ही 50 नवप्रवेशित छात्राओं को सरस्वती सायकल योजना के तहत् सायकल वितरण किया गया। इस अवसर पर अक्षय ऊर्जा प्राधिकरण के अध्यक्ष मिथलेश स्वर्णकार, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष जिशांन कुरैशी, पार्षद सुनिता सिंग, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जितेंद्र मीणा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रकाश सर्वे, अपर कलेक्टर हरेश मंडावी, जिला शिक्षा अधिकारी भारती प्रधान सहित शिक्षा एवं अन्य विभाग के अधिकारी और नवप्रवेशी स्कूली छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।
चित्रकोट क्षेत्र के तोकापाल में कांग्रेस के ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षण शिविर में शामिल हुए स्वास्थ मंत्री
तोकापाल आज चित्रकोट विधानसभा के विकासखंड तोकापाल के अंतर्गत ग्राम पंचायत करंजी के सामुदायिक भवन में प्रदेश के स्वास्थ मंत्री टीएस सिंहदेव, बस्तर के सांसद दीपक बैज, चित्रकोट के विधायक राजमन बेंजाम ने क्षमता विकास प्रशिक्षण एवं बूथ चलो अभियान के तहत कार्यकर्ताओं में जोश भरा। इस दौरान जगदलपुर के पूर्व महापौर जतिन जैसवाल, तोकापाल ब्लाक कांग्रेस अध्यक्ष सहदेव नाग, जनपद सदस्य शंकर कश्यप, प्रशांत जैन, शेसेमियाल नाथ, अनुराग महतो, सुरेंद्र होंडा, बुधराम मांझी, मंधर, तेजपाल, रमेश, संपत सहित बूथ स्तर के कार्यकर्ता मौजूद थे।
धर्मान्तरण को लेकर भाजपा नेता ने मंत्री लखमा से मांगा इस्तीफा
केदार कश्यप ने कहा – धर्मान्तरण की आग में जल रहा है बस्तर
जगदलपुर छत्तीसगढ़ में धर्मान्तरण के मसले पर प्रदेश के आबकारी एवं उद्योग मंत्री कवासी लखमा के बयान पर पलटवार करते हुए भाजपा नेता पूर्व मंत्री केदार कश्यप ने जमकर हमला बोला है। कश्यप ने कहा है कि जिस कांग्रेस पार्टी का पूरी तरह से धर्मान्तरण हो चुका है, उसके नेता धर्मान्तरण के खिलाफ बोलने का साहस भला कैसे जुटा सकते हैं।
मंत्री कवासी लखमा ने दावा करते हुए कहा था कि जबसे छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस आई है, तबसे राज्य में धर्मान्तरण का एक भी मामला नहीं हुआ है। भाजपा के लोग सिर्फ धर्मान्तरण का हौव्वा खड़ा कर दुष्प्रचार कर रहे हैं। मंत्री लखमा के इस बयान पर भाजपा की ओर से तीखी प्रतिक्रिया आई है। प्रदेश भाजपा के महामंत्री एवं डॉ. रमन सिंह सरकार में केबिनेट मंत्री रहे बस्तर के आदिवासी नेता केदार कश्यप ने कहा है कि कांग्रेस की सरकार बनने के बाद से छत्तीसगढ़ में अवैध तरीके से धर्मान्तरण का खेल जोर शोर से चल रहा है। सुदूर वन अंचलों में भी मिशनरी के लोग घुसपैठ कर चुके हैं और लोगों का धर्म बदलवा रहे हैं। बस्तर संभाग तो धर्मान्तरण की आग में जल रहा है। संभाग के गांव – गांव और शहर – शहर में ईसाई मिशनरी के लोग छल प्रपंच और प्रलोभन के दम पर आदिवासियों और अनुसूचित जति व पिछड़े वर्गों के लोगों का धर्म परिवर्तन करा रहे हैं। गांवों में चर्च बन गए हैं, वर्ग संघर्ष की स्थिति निर्मित हो गई है, आदिवासी संस्कृति और अस्मिता दांव पर लग गई है। कश्यप ने नारायणपुर जिले में आदिवासियों और ईसाई समुदाय के बीच आएदिन होने वाले संघर्ष का जिक्र करते हुए कहा कि बस्तर धर्मान्तरण की आग में जल उठा है। सच्चे आदिवासी हैं, तो इस्तीफा दें लखमा केदार कश्यप ने कहा कि राज्य के आदिवासियों का तो धर्म परिवर्तन कराया ही जा रहा है, यहां तो पूरी कांग्रेस का ही धर्म परिवर्तन हो चुका है। कांग्रेस के लोग वोट की राजनीति के चक्कर में अंधे हो चले हैं, नैतिकता खो चुके हैं। कवासी लखमा ने दो दिन पहले दावा किया था कि छत्तीसगढ़ में धर्मान्तरण का एक भी मामला नहीं हुआ है, अगर कोई प्रमाणित कर दे तो मैं इस्तीफा दे दूंगा। श्री कश्यप ने कहा कि कवासी लखमा के ही निर्वाचन क्षेत्र सुकमा में हाल ही में आदिवासियों ने ईसाई मिशनरी के लोगों को भगाया था और उनकी प्रचार सामग्री जला दी थी। अगर लखमा में जरा भी नैतिकता है और सच्चे आदिवासी सपूत हैं, तो तुरंत इस्तीफा दें।
भाजपा शासन में सबसे ज्यादा धर्मान्तरण इधर केदार कश्यप के बयान पर भी कांग्रेस की ओर से त्वरित प्रतिक्रिया आ गई। राज्य की कांग्रेस सरकार में शिक्षा मंत्री प्रेमसाय सिंह टेकाम ने कहा कि जिस भाजपा के लोग धर्मान्तरण को हवा देते रहे हैं, उन्हें धर्मान्तरण पर बोलने का नैतिक अधिकार नहीं है। श्री टेकाम ने कहा कि सर्वाधिक धर्मान्तरण भाजपा के शासनकाल में हुए थे। हमारी कांग्रेस सरकार आदिवासियों की संस्कृति, पूजा पद्धति, देव स्थलों के संरक्षण संवर्धन के लिए कार्य कर रही है। इस बात को प्रदेश के आदिवासी भलीभांति जानते समझते हैं।
महिला सहकारी बैंक में हुए 20 करोड़ रुपए के घोटाले का जिन्न निकल आया है बोतल से बाहर
विस चुनाव पर असर डाल सकता है रमन सरकार में हुआ यह फ्रॉड
अर्जुन झा
जगदलपुर इंदिरा महिला सहकारी बैंक में हुए घोटाले का जिन्न बोतल से बाहर निकल आया है। बीस करोड़ रुपए के फ्रॉड का यह मामला आगामी विधानसभा चुनावों में सुनामी लाएगा और भाजपाई तंबू की चूलें हिला डालेगा। मामले की नए सिरे से जांच शुरू हो गई है। जांच की आंच डॉ. रमन सिंह सरकार में मंत्री रहे भाजपा के कई बड़े नेताओं तक पहुंचने वाली है। इनमें बस्तर के नेता भी शामिल बताए जा रहे हैं। जिला न्यायालय रायपुर द्वारा पुलिस को इंदिरा महिला सहकारी बैंक सदर बाजार रायपुर में हुए 20 करोड़ों रुपए के घोटाले की जांच का आदेश पुलिस को दे दिया गया है। कोर्ट के आदेश के बाद रायपुर पुलिस को बैंक के मैनेजर उमेश सिन्हा के नारको टेस्ट की सीडी और एफएसएल रिपोर्ट सौंप दी गई है। बैंक के मैनेजर उमेश सिन्हा का नार्को टेस्ट बेंगलुरु में कराया गया था। अब पुलिस नए सिरे से इस मामले की जांच प्रारंभ कर चुकी है। बैंक फ्रॉड के इस सनसनीखेज मामले में इंदिरा महिला सहकारी बैंक के कई डायरेक्टर्स के खिलाफ अपराध दर्ज हो चुका है और वे फिलहाल जमानत पर बाहर हैं। नए सिरे से मामले की जांच शुरू होने के बाद अब भाजपा सरकार में मंत्री रहे कई नेताओं पर तलवार लटकती नजर आ रही है। जांच के बाद इन नेताओं पर भी गाज गिर सकती है। सूत्र बताते हैं कि ऐसे भाजपा नेताओं की फेहरिश्त लंबी है और इसमें बस्तर, सरगुजा, दुर्ग, राजनांदगांव समेत अन्य जिलों के भी नेताओं के नाम शुमार हैं। इसी साल नवंबर माह में छत्तीसगढ़ विधानसभा के के चुनाव होने वाले हैं। विधानसभा चुनाव से ठीक पहले बैंक घोटाले का जिन्न बोतल से बाहर निकल आया है या निकाल लाया गया है। ऐसे में सहज अंदाजा लगाया जा सकता है कि बैंक घोटाले का यह जिन्न विधानसभा चुनावों में कितनी बड़ी सुनामी लाएगा। तय है कि यह सुनामी भाजपा को बड़ा नुकसान पहुंचाएगा। यहां तक कि चुनाव करीब आते ही भाजपा के कई बड़े नेता जेल की सींखचों के पीछे नजर आ सकते हैं। ऐसे में इस सुनामी के असर से भाजपाई टेंट के उड़ जाने का भी खतरा है। अभी पता नहीं यह जांच कितने लोगों को अपने दायरे में लेगी, लेकिन अनुमान है कि कम से कम दर्जन भर भाजपाई तो लपेटे में आएंगे ही।*बॉक्स**कांग्रेस के हाथ में होगा ब्राम्हस्त्र*इंदिरा महिला सहकारी बैंक का यह बड़ा घोटाला सन 2006-07 के दौरान सामने आया था। उस समय छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार थी और मुख्यमंत्री से डॉक्टर रमन सिंह थे। तब इस मामले ने छत्तीसगढ़ की राजनीति में बड़ा तूफान खड़ा कर दिया था। उस समय विपक्ष में रही कांग्रेस इसे लेकर भाजपा पर बेहद आक्रामक हो गई थी। ऐसे में जाहिर है कि जब ऐन चुनावों के दौर में यह मामला नए तेवर में सामने आएगा, तब भाजपा के खिलाफ इसे कांग्रेस ब्रम्हास्त्र के रूप में जरूर उपयोग करेगी। हो सकता चुनाव में भाजपा को बड़ा नुकसान उठाना पड़ जाए।
मुख्यमंत्री बघेल गोंचा गुड़ी में आयोजित छप्पन भोग और आरती कार्यक्रम में वर्चुअली हुए शामिल
जगदलपुर 23 जून 2023/ मुख्यमंत्री भूपेश बघेल गोंचा जैसे महापर्व को प्रदेश का गौरव बढ़़ाने वाला महापर्व बताया। मुख्यमंत्री ने बस्तर में 6 सौ वर्षों से भी पूर्व से मनाए जा रहे गोंचा महापर्व में रविवार को सिरहासार में बनाए गए गोंचा गुड़ी में आयोजित छप्पन भोग और आरती कार्यक्रम में रायपुर से वर्चुअली शामिल हुए और कहा कि बस्तर का दशहरा और गोंचा पर्व बहुत ही अनूठा है, जो विभिन्न संस्कृतियों के संगम का अनुपम उदाहरण है और इन पर्वों से बस्तर और छत्तीसगढ़ को जाना जाता है। उन्होंने इस अवसर पर बस्तर के इतिहास को समृद्ध बताते हुए यहां के संस्कृति को निराली बताया। उन्होंने कहा कि बस्तर के संस्कृति को समझने के लिए बस्तर को जीना जरुरी है, क्योंकि तभी इसका आनंद लिया जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने यहां आयोजित किए जाने वाले गोंचा महापर्व को आध्यात्मिक दृष्टि के साथ ही यहां के सांस्कृतिक विकास को समझने के लिए भी महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि बस्तर का इतिहास पुराणों में उल्लेखित दंडकारण्य से जुड़ा हुआ है, जो दंडकारण्य उत्कल, आंध्र और महाराष्ट्र तक विस्तृत था। इसलिए बस्तर की संस्कृति का इतिहास और भूगोल भी काफी लंबा-चैड़ा है। उन्होंने कहा कि चारों दिशाओं में जो कुछ अच्छा था, उन सभी को बस्तर की स्थानीय संस्कृति ने आत्मसात किया है। इसीलिए यहां की बोली-भाषाओं में ओड़िया, तेलुगु, मराठी, छत्तीसगढ़ी सभी का प्रभाव दिखाई पड़ता है। यहां की परंपराओं में आसपास की और भी परंपराएं इस तरह घुली-मिली हैं कि अलग-अलग पहचान कर पाना मुश्किल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गोंचा महापर्व का इतिहास 616 वर्षों से भी पुराना है। यह 360 घर आरण्यक ब्राह्मण समाज के बस्तर आने के इतिहास से जुड़ा हुआ है। ओड़िसा का गुड़िंचा पर्व बस्तर में आकर गोंचा पर्व हो गया। ओड़िसा के ब्राह्मण बस्तर में आकर आरण्यक हो गए। गोंचा और 360 घर ब्राह्मण समाज की बस्तर ही स्थायी पहचान है। बस्तर में जिस अंदाज से गोंचा पर्व मनाया जाता है, वह अंदाज बड़ा ही अनूठा है। भगवान जिस रथ में भ्रमण करते हैं, वह भी बड़ा ही अनूठा है। भगवान को जिस तुपकी से सलामी दी जाती है, वह तुपकी भी अनूठी है, उस तुपकी में इस्तेमाल किए जाने वाली गोली यानी फल भी अनूठा है। बड़ा ही अनूठा दृश्य होता है, जब भगवान यात्रा पर निकलते हैं और चारों तरफ तुपकी की आवाज गूंज रही होती है।
बस्तर के गांव और शहर के लोग, बस्तर के आदिवासी, भगवान के साथ-साथ चल रहे होते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं जब छत्तीसगढ़ की संस्कृति को बचाने की बात कहता हूं, तो प्रदेश की इसी समरसता और सरसता को बचाए रखने की बात कहता हूं। हमारी संस्कृति की ये अनूठी परंपराएं हमारे भीतर के इंसान को जिंदा रखती हैं। ये परंपराएं हमारे दिलों की नमी को बनाए रखती हैं। हमारे देव, हमारी देवगुड़ियां, हमारी मातागुड़ियां केवल आध्यात्मिक महत्व के स्थान नहीं है। ये स्थान हमारे मूल्यों से जुड़े हुए हैं। इसीलिए हमारी सरकार इन स्थानों को सहेजने और संवारने का काम कर रही है। हमारे प्रदेश के गांव-गांव में स्थानीय तीज-त्यौहार अलग-अलग अंदाज में मनाए जाते हैं। तरह-तरह की परंपराएं हैं। इन सभी को जिंदा रखना जरूरी है। आदिवासी परब सम्मान निधि योजना और छत्तीसगढ़ी पर्व सम्मान निधि योजना की शुरुआत इसी उद्देश्य से की गई है। इस योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायतों को हर साल 10 हजार रुपए दिए जाने का प्रावधान है। हमारे पुरखों ने हम तक तीज-त्यौहारों के माध्यम से अपनी शिक्षा और संस्कारों को पहुंचाया है। हमने तीजा-पोला, हरेली, छेरछेरा, कर्मा जयंती, विश्व आदिवासी दिवस और छठ पर्व पर सार्वजनिक अवकाश इसीलिए शुरू किए हैं, ताकि नयी पीढ़ी भी अपनी संस्कृति से अच्छी तरह परिचित हो पाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी संस्कृति और परंपराओं से पूरी दुनिया को अवगत कराने के लिए राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव की शुरुआत की गई है। अपनी खेल संस्कृति को बचाए रखने के लिए हमने छत्तीसगढ़िया ओलंपिक के आयोजन की शुरुआत की है। राम वन गमन पर्यटन परिपथ परियोजना के माध्यम से हम उत्तर से लेकर दक्षिण तक भगवान राम के वनवास से जुड़े स्थलों को चिन्हित करके उन्हें पर्यटन तीर्थों के रूप में विकसित कर रहे हैं। इनमें जगदलपुर और सुकमा जिले का रामाराम भी शामिल है। हमने चंदखुरी में कौशल्या महोत्सव के आयोजन की शुरुआत की है। हाल ही में हमने रायगढ़ में राष्ट्रीय रामायण महोत्सव का आयोजन किया। इसमें विदेशों की रामलीला मंडलियों ने भी भाग लिया। बस्तर का दशहरा और यहां का यह गोंचा पर्व पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है। छत्तीसगढ़ की ऐसी ही परंपराएं हमें गौरवान्वित करती हैं, पूरी दुनिया में हमारा मान-सम्मान बढ़ाती हैं, साथ ही हमें अलग पहचान देती हैं। मुख्यमंत्री ने आरण्यक ब्राह्मण समाज को बधाई देते हुए कहा कि समाज के लोगों ने बस्तर की इस अनूठी परंपरा को सहेज कर रखा है और पूरे मनोयोग के साथ इस परंपरा को आगे बढ़ा रहे हंै। उन्होंने इस परंपरा में अनूठे रंग घोलने वाले बस्तर के सभी नागरिकों को भी बधाई दी। इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव, बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल, संसदीय सचिव रेखचंद जैन, हस्तशिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष चंदन कश्यप, चित्रकोट विधायक श्री राजमन बेंजाम, क्रेडा अध्यक्ष मिथिलेश स्वर्णकार, मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री एमआर निषाद, इंद्रावती बेसिन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष राजीव शर्मा, महापौर श्रीमती सफीरा साहू, नगर निगम सभापति श्रीमती कविता साहू, कलेक्टर विजय दयाराम के, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र मीणा सहित जनप्रतिनिधिगण, 360 आरण्यक ब्राह्मण समाज के पदाधिकारी एवं सदस्य, गोंचा आयोजन समिति के सदस्य सहित नागरिकगण उपस्थित थे।सामाजिक भवन हेतु दिए गए पट्टेइस अवसर पर चडार बुनकर समाज, मां छिंदवाली महाकाली सेवा समिति, कान्यकुब्ज वैश्य भुंजवा समाज, क्षत्रिय महासभा समाज को सामाजिक भवन निर्माण हेतु आबंटित भूमि का पट्टा प्रदान किया गया। भवन निर्माण हेतु मुख्यमंत्री द्वारा 50 लाख रुपए प्रदान करने पर आरण्यक ब्राह्मण समाज ने मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं समाज प्रमुखों द्वारा भी भूमि का पट्टा प्रदान करने पर मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताया।
सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण को लेकर नगर मंडल भाजपा पहुंच रही है शहर के हर घर तक
जगदलपुर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की नौ साल की उपलब्धियों को जन जन तक पहुंचाने के लिए नगर मंडल भाजपा व्यापक अभियान चला रही है। इसके तहत नगर मंडल भाजपा ने अंबेडकर शक्ति केंद्र में अतिथि अनिल लुंकड़ और मंडल अध्यक्ष सुरेश गुप्ता ने शक्ति केंद्र के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ रवींद्रनाथ टैगोर शक्ति केंद्र के लोगों के घर-घर पहुंचकर मोदी सरकार की उपलब्धियों को पहुंचाया एवं केंद्र की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों से मुलाकात कर लाभार्थियों से चर्चा की। जनकल्याणकारी योजनाओं प्रधानमंत्री जनधन खाता, उज्जवला योजना, हर घर शौचालय स्वच्छ भारत मिशन, जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, किसान सम्मान निधि, सुरक्षा बीमा योजना, मुफ्त वैक्सीनेशन योजना, आयुष्मान योजना आदि की चर्चा कर लाभाविन्त परिवारों से उनके अनुभव जाने।सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण के नौ वर्ष पूर्ण होने पर वार्ड की जनता एवं शक्ति केंद्र के कार्यकर्ताओं ने जनता से संपर्क कर 2023 के विधानसभा एवं 2024 के लोकसभा चुनावों में भाजपा की सरकार के लिए समर्थन मांगा। इस दौरान सुरेश गुप्ता ने कहा कि देश की जनता ने केंद्र में पूर्ण बहुमत से सरकार बनाकर भाजपा को जो आशीर्वाद दिया, उसके अनुरूप काम करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनता के विश्वास पर खरा उतरकर हुए देश ही नहीं विश्व के नेता के रूप में आज जाने पहचाने लगे हैं। यह हर भारतीय के लिए गौरव का विषय है। बीते नौ वर्षों में मोदी सरकार ने अपने कामकाज से जनता के भरोसे को सही साबित कर दिया है। श्री मोदी ने योजनाओं की राशि डीबीटी के तहत समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में सफलता हासिल की है। नरेंद्र मोदी के ये नौ साल सेवा, सुशासन और लोक कल्याण से ओतप्रोत रहे हैं।
अनिल लुंकड़ शक्ति केंद्र अतिथि ने संपर्क के दौरान प्रधानमंत्री मोदी की 9 साल की उपलब्धियां गिनाई और कांग्रेस के साढ़े चार साल की विफलताओं को सामने रखकर लोगों से चर्चा की और दोनों सरकारों का फर्क बताया। अनिल लुंकड़ ने कहा कि श्री मोदी ने जो कहा, वो किया और जो नहीं कहा, वह भी किया। कांग्रेस ने गंगाजल लेकर कसम खाई थी और अपने वादे को भूल गई। कार्यक्रम में आशुतोष पाल, केतन महानंदी, सूरज केसरवानी, नीलम दीवान, वसीम खान, सूर्यभूषण सिंह, भारती राव, शैलेश कुमार, अमित रामटेके, कृष्णा नाग एवं वार्डवासियों सहित शक्ति केंद्र के कार्यकर्ता उपस्थित थे।
जगदलपुर संसदीय सचिव एवं जगदलपुर के विधायक रेखचंद जैन ने दरभा ब्लॉक के छिंदबहार निवासी रामधर को एक लाख रुपए का चेक सौंपा। छिंदबहार स्कूल की कक्षा 11वीं में अध्ययनरत रही रामधर की सुपुत्री रुक्मणी का अध्ययन अवधि के दौरान बीमारी के चलते मृत्यु हो गई थी। राज्य सरकार की योजना के तहत विधायक रेखचंद जैन ने पीड़ित पिता रामधर को एक लाख रुपए का चेक प्रदान किया। श्री जैन ने उन्हें ढांढ़स बंधाते पारिवारिक स्थिति की जानकारी ली। प्राप्त चेक राशि का सदुपयोग करने व जीवित बच्चों की परवरिश पर ध्यान देने कहा। चेक सौंपने के दौरान खंड शिक्षा अधिकारी दरभा राजेश उपाध्याय, मृत बालिका के चाचा परसुराम तथा अन्य मौजूद थे।
छ्ग राईस मिलर्स एसोसिशन के प्रदेश कोषाध्यक्ष रौशन चंद्राकर ने की थी केंद्रीय मंत्री गोयल से शिकायत
अर्जुन झा
जगदलपुर छत्तीसगढ़ राईस मिलर्स एसोसिशन के कोषाध्यक्ष रौशन चंद्राकर द्वारा केंद्रीय खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री पीयूष गोयल से की गई शिकायत का बड़ा असर हुआ है। श्री चंद्राकर की शिकायत के आधार पर भारतीय खाद्य निगम के छत्तीसगढ़ रीजन के महाप्रबंधक का तबादला चेन्नई कर दिया गया है। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ राईस मिलर्स एसोसिशन के प्रदेश कोषाध्यक्ष रौशन चंद्राकर ने छत्तीसगढ़ में पदस्थ भारतीय खाद्य निगम के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए केंद्रीय मंत्री को पत्र लिखा था। चंद्राकर ने पत्र में मंत्री गोयल को जानकारी दी थी कि छत्तीसगढ़ में स्थित भारतीय खाद्य निगम के गोदामों में चावल स्वीकार करने के एवज में यहां पदस्थ निगम के अधिकारी पहले प्रति लॉट 6 हजार रुपए की रिश्वत लेते थे। इस राशि को बढ़ाकर 7500 रु. प्रति लॉट कर दिया गया है। इसके पीछे दलील दी गई थी कि दिल्ली में बैठे बड़े अधिकारियों, केंद्रीय खाद्य सचिव एवं मंत्री तक को रकम भेजनी पड़ती है। इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मंत्री पीयूष गोयल ने मामले की सीबीआई जांच की अनुशंसा तो कर ही दी है, निगम के छ्ग रीजन में पदस्थ महाप्रबंधक को चेन्नई स्थानांतरित भी कर दिया है। इस कार्रवाई से निगम के स्थानीय अधिकारियों में हड़कंप मच गया है। वैसे इस बात में कोई दो राय नहीं है कि रौशन चंद्राकर की शिकायत के आधार पर ही जनरल मैनेजर का तबादला हुआ है, लेकिन राज्य का भाजपा संगठन इसे ओम माथुर इम्पैक्ट बता रहा है। ओम माथुर छत्तीसगढ़ भाजपा के संगठन प्रभारी हैं और वे राज्य का लगातार दौरा कर हर मामले में पैनी नजर बनाए हुए हैं।
अनेक उपक्रमों – संस्थानों में होंगे तबादले
सूत्रों की मानें तो भारतीय खाद्य निगम के छत्तीसगढ़ में पदस्थ और भी अनेक अफसरों पर तो गाज गिरने वाली है ही, अन्य उपक्रमों और संस्थानों के बड़े अफसरों की जल्द रवानगी छत्तीसगढ़ से होने वाली है। सूत्र बताते हैं कि केंद्र सरकार के उपक्रम सेल के अधीनस्थ भिलाई इस्पात संयंत्र, रावघाट एवं दल्ली राजहरा माइंस, एनएमडीसी किरंदुल बैलाडीला, एनटीपीसी, एचईसीएल समेत अन्य सार्वजनिक उपक्रमों के अफसरों की छत्तीसगढ़ से विदाई की तैयारी कर ली गई है। ज्यादातर वे अफसर केंद्र सरकार के निशाने पर हैं जो जमकर अवैध कमाई कर रहे हैं तथा जिनकी छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार के साथ अच्छी ट्यूनिंग है। आरोप है कि ये अधिकारी प्रदेश के कांग्रेस नेताओं के साथ मिलकर केंद्र सरकार की छवि को नुकसान पहुंचाने में लगे हुए हैं।