City Media - Page 750 of 1867 - Latest Hindi News of Chhattisgarh
RakeshCity
previous arrow
next arrow
     
Home Blog Page 750

कांग्रेस को जिताने निकल पड़े मलकीत

0

जगदलपुर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रायपुर दौरे से लौटते ही भाजपा ने अब अपना फोकस बस्तर पर बढ़ा दिया है। तो दूसरी तरफ कांग्रेस की ओर से मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपने विश्वसनीय साथियों के भरोसे फिर से बस्तर फतह करना चाह रहे हैं। पिछले चुनावों में तत्कालीन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल के साथी रहे मलकीत सिंह गैन्दु अब फिर जगदलपुर की प्रतिष्ठित सीट पर सरकार की सभी उपलब्धियों को बताने मतदाताओं के बीच पहुँच रहे हैं। श्री गैन्दु का कहना है कि भूपेश हैं तो भरोसा है, यह बात जनता के मन मे बैठाना है। कांग्रेस का हर सिपाही भाजपा को परास्त कर सकता है। पार्टी जिसे टिकट देगी, वे उसको समर्थन करेंगे। कांग्रेस को जिताना है। गौरतलब है कि सिख समुदाय के अलावा इस इलाके के कई गांवों में इनके समर्थक हैं। गैन्दु की सक्रियता का कांग्रेस को फायदा मिलेगा। गैन्दु मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निष्ठावान और कांग्रेस के समर्पित नेता हैं। पिछले चुनाव में उन्होंने कांग्रेस की जीत के लिए काफी मेहनत की थी। जिसका अच्छा परिणाम सामने आया। मुख्यमंत्री ने उन्हें प्रोत्साहित करते हुए इंद्रावती विकास प्राधिकरण का सदस्य बनाकर जो जिम्मेदारी सौंपी है, वे उसका सक्रियता से निर्वहन कर रहे हैं। वे कांग्रेस को शानदार जीत दिलाने के लिए अपने साथियों के साथ जनता के बीच जा रहे हैं और बता रहे हैं कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जगदलपुर का कायाकल्प कर दिया है। आने वाले समय में कांग्रेस की सरकार जगदलपुर का ऐसा विकास करेगी कि बस्तर मुख्यालय जगदलपुर किसी महानगर से पीछे नहीं रहेगा। जगदलपुर के गांवों में शहर जैसी सुविधाएं मुहैया कराई जाएगी।

जिले में नए एएसपी सुशील कुमार नायक (रा.पु.से.) ने संभाला कार्यभार

0

दिनांक 08.07.2023 प्रशासनिक दृष्टिकोण से बलरामपुर रामानुजगंज जिले से बालोद जिले में हुआ था स्थानांतरण। पुर्व में जिला कांकेर, नारायणपुर, रायगढ़ एवं बलरामपुर में रही है पदस्थापना।छ.ग. शासन गृह पुलिस विभाग के आदेश दिनांक 29.06.2023 के परिपेक्ष्य में प्रशासनिक दृष्टिकोण से जिला बालोद के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश राठौर का जिला बालोद से जिला कबीरधाम एवं सुशील कुमार नायक का जिला बलरामपुर-रामानुगंज जिले से बालोद जिले में स्थानांतरण हुआ था। दिनांक 07.07.2023 को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश राठौर के स्थान पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार नायक (रा.पु.से) ने संयुक्त जिला कार्यालय भवन सिवनी में कार्यभार संभाला, पुलिस अधीक्षक महोदय डॉ. जितेन्द्र यादव एवं पुलिस कार्यालय के समस्त शाखा प्रभारीयों से मुलाकत किया गया जिले की भगौलिक स्थिति एवं कानून व्यवस्था का जायजा लिया गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार नायक (रा.पु.से) इससे पहले प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षक के रूप में जिला कांकेर में वर्ष 2015 से 2016 तक, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस के पद पर जिला नारायणपुर में वर्ष 2016 से 2019 तक व वर्ष 2019 से 2021 तक जिला रायगढ़ में एवं वर्ष 2021 से 2023 तक बलरामपुर-रामानुगंज जिले में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के रूप में कार्यरत रहे है।

वरिष्ठ नेता मलकित सिंह गैदू शिद्दत से जुटे हैं कांग्रेस के मिशन में

0
  • किंग बनने का माद्दा तो रखते ही हैं, किंग मेकर भी हैं ये कांग्रेस नेता

जगदलपुर वरिष्ठ कांग्रेस नेता मलकित सिंह गैदू कांग्रेस के सभी स्तर के नेताओं और कार्यकर्त्ताओं को साथ लेकर चलने वाले जननेता के रूप में पहचान बना चुके हैं। वे पार्टी के लोगों के हर सुख दुख में सहभागी बनने में जरा भी गुरेज नहीं करते। यही वजह है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी गैदू पर पूरा भरोसा करते हैं। खबर है कि श्री बघेल बस्तर जिले में फिर से विजय पताका फहराने के लिए मलकित सिंह गैदू को बड़ी जिम्मेदारी सौंपना चाहते हैं।मलकित सिंह गैदू प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव रह चुके हैं। वर्तमान में वे इंद्रावती बेसिन विकास प्राधिकरण के सदस्य हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रायपुर प्रवास से लौटते ही भाजपा ने बस्तर पर विशेष रूप से फोकस करना शुरू कर दिया है। वहीं दूसरी ओर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पिछले चुनाव के वक्त बस्तर फतह करने में अपने विश्वसनीय साथी रहे मलकित सिंह गैदू को आगामी चुनाव में बड़ी जिम्मेदारी देकर फिर से बस्तर की सभी सीटों पर कांग्रेस का परचम लहराने की तैयारी में हैं। इससे पहले ही मलकित सिंह गैदू मतदाताओं के बीच पहुंचने का सिलसिला शुरू कर चुके हैं। वे ‘भूपेश है, तो भरोसा है’ के सूत्र वाक्य को जन जन के मन में बिठाने में सफल भी हो रहे हैं। वे लगातार जनता के बीच जाकर भूपेश बघेल सरकार की उपलब्धियों और कांग्रेस की नीतियों को पहुंचाने का काम कर रहे हैं। यह पूछे जाने पर कि इतनी सक्रियता के पीछे कहीं चुनाव लड़ने की मंशा तो निहित नहीं है, मलकित सिंह ने कहा कि मैं जबसे कांग्रेस में हूं तबसे सक्रिय हूं। रही बात चुनाव लड़ने की, तो कांग्रेस का हर सिपाही चुनाव लड़ना चाहता है और सभी कांग्रेसजनों का एक ही मकसद रहता है भाजपा को पराजित करना। पार्टी जिसे भी टिकट देगी, उसे जितना मेरा परम कर्तव्य और मकसद होगा। प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा नामित प्रत्याशी की जीत के लिए हम पूरा दमखम लगा देंगे। यहां उल्लेखनीय है सिख समुदाय से आने वाले मलकित सिंह गैदू जितनी पैठ अपनी बिरादरी के बीच रखते हैं, उनकी उतनी ही गहरी पैठ इलाके के गांव गांव में भी है। साफ शब्दों में कहें तो बड़ी बात न होगी कि मलकित सिंह किंग बनने का माद्दा तो रखते ही हैं, किंग मेकर की भी भूमिका बखूबी निभा सकते हैं।*बॉक्स**सेलिब्रेट किया रिजवी का बर्थडे*मलकित सिंह गैदू पार्टी के हर नेता कार्यकर्त्ता के गम और खुशी में शरीक होते हैं। किसी भी नेता या कार्यकर्त्ता का जन्मदिन हो, वे केक लेकर उसे विश करने जरूर पहुंच जाते हैं। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व सचिव एवं मदरसा बोर्ड सदस्य मो. शकील रिजवी के जन्मदिन पर भी मलकीत सिंह गैदू ने केक काटकर बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस दौरान महेंद्र महापात्र, शेमियल नाथ, सायमा अशरफ, अनुराग महतो, सोहेल रिजवी समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्त्ता उपस्थित थे।

ग्रामीणों को रास नहीं आ रहा है पीडीएस का पिघला व घटिया गुड़

0
  • बहुत ही हल्के स्तर के गुड़ की आपूर्ति की जा रही है बकावंड क्षेत्र की शास. उचित मूल्य दुकानों में

बकावंड जनपद पंचायत क्षेत्र बकावंड की ग्राम पंचायतों में संचालित शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में कुछ माह से बहुत ही हल्के और घटिया स्तर के गुड़ की आपूर्ति की जा रही है। पिघल चुका यह गुड़ ग्रामीणों को जरा भी रास नहीं आ रहा है और वे इसे लेने से परहेज कर रहे हैं।सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत संचालित बस्तर संभाग की शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में राशन की अफरा तफरी के बाद अब घटिया खाद्यान्न की आपूर्ति की शिकायतें सामने आने लगी हैं। खासकर इन राशन दुकानों में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग द्वारा भेजा जा रहा गुड़ निहायत ही घटिया स्तर का है। 250 ग्राम, 500 ग्राम के पैकेट्स वाला यह गुड़ बड़ा ही स्तरहीन रहता है। पैकेट्स फटी हालत में होते हैं। अधिकांश पैकेट्स खाली रहते हैं तथा जिन पैकेट्स में जो थोड़ा बहुत गुड़ रहता है वह पिघलकर पूरी तरह लिक्विड बन चुका रहता है। क्षेत्र के ग्रामीण उपभोक्ता इस गुणवत्ता विहीन गुड़ को लेना पसंद नहीं कर रहे हैं। शासकीय उचित मूल्य की दुकानों से गुड़ का उठाव न के बराबर हो रहा है।

गोलमाल की संभावना

ग्रामीणों ने अंदेशा जताया है कि इन पैकेट्स से अच्छी क्वालिटी के गुड़ को निकालकर घटिया स्तर के गुड़ की रिपैकिंग की गई है। ऐसा करके खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारी अवैध कमाई करने में मशगूल हैं। वहीं कुछ शासकीय उचित मूल्य दुकानों के संचालकों ने बताया कि खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारी इसी घटिया गुड़ को खपाने के लिए उन पर निरंतर दबाव डाल रहे हैं। राशन दुकान संचालकों का कहना है कि जब उपभोक्ता ही लेने को तैयार नहीं हैं, तो वे गुड़ को खपाएं तो कहां खपाएं? क्षेत्र के ग्रामीणों ने शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में अच्छी क्वालिटी का गुड़ भेजने तथा अब तक हुई घटिया गुड़ की आपूर्ति की जांच कराने की मांग कलेक्टर बस्तर और खाद्य नियंत्रक से की है।

सर्वर डाउन, राशन वितरण ठप

राशन वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए शासकीय उचित मूल्य की दुकानों को ई पास सिस्टम से जोड़ा गया है। इसके जरिए जिला मुख्यालय में बैठे अधिकारी शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में वितरण व्यवस्था पर नजर बनाए रखते हैं। यह प्रणाली इंटरनेट से चलती है। बस्तर जिले के गांवों में अक्सर सर्वर डाउन रहता है, नतीजतन ई पास मशीन काम नहीं करती और राशन वितरण ठप पड़ जाता है। बताते हैं कि ऐन राशन वितरण शुरू होने के समय ही सर्वर डाउन की समस्या पैदा होती है। शनिवार 8 जुलाई को भी सर्वर बैठ गया था। राशन दुकानों में उपभोक्ता हलाकान होते रहे। उपभोक्ताओं का गुस्सा राशन दुकान संचालकों पर फूट पड़ रहा था। बकावंड विकासखंड की प्रायः सभी शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में सुबह से दोपहर बाद तक यही हालात बने रहे।

बकावंड क्षेत्र के ग्रामीण बिजली की आंख मिचौली से परेशान

0
  • मोटर पंप न चल पाने से पिछड़ रहा खेती किसानी का काम, रोपाई ठप

बकावंड विकासखंड के दर्जनों गांव में बिजली की आंखमिचौली ने ग्रामीणों का सुख चैन छीन लिया है।ग्रामीणों की दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हो गई है। कृषि कार्य पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। दिन हो या रात बिजली कभी भी चली जाती है और फिर घंटों नहीं आती। बिजली की लुकाछुपी का यह खेल लगातार चलते रहता है। अक्सर बिजली गुल रहने के कारण किसान सबसे परेशान हैं। आज ही देवड़ा, सरगीपाल, बोरीगांव, बजावंड, समेत कई गांवों के किसान अपनी व्यथा सुनाने बकावंड स्थित विद्युत कंपनी के कार्यालय में पहुंचे, किंतु कार्यालय में ऐसा कोई जिम्मेदार कर्मी नहीं मिला, जो उनकी समस्या का समाधान कर पाता। इन किसानों ने इस संवाददाता को अपनी कहानी सुनाई। उन्होंने बताया कि देवड़ा, बजावंड, सरगीपाल, बोरीगांव समेत आसपास के तमाम गांवों में ज्यादातर समय बिजली गुल रहती है या फिर लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है।

इस कारण विद्युत चलित मोटर पंप नहीं चल पाता और धान की रोपाई के लिए वे अपने खेतों में पानी नहीं भर पा रहे हैं। रोपाई कार्य प्रभावित हो रहा है। डीजल इतना महंगा है कि डीजल पंप के उपयोग की कल्पना भी किसान नहीं कर पाते। वहीं क्षेत्र में डीजल पंप न के बराबर हैं और उनका किराया भी ज्यादा लगता है। सरकार किसानों को खेती करने के अनेक सुविधाएं उपलब्ध करा रही है, उनका जीवन स्तर ऊंचा उठाने के लिए कई योजनाएं चला रही है, लेकिन बिजली विभाग इन सभी सुविधाओं और योजनाओं पर पानी फेरने पर आमादा है। इसके अलावा क्षेत्र के ग्रामीण धान कुटाई और चावल गेहूं की पिसाई भी नहीं करा पा रहे हैं। रात में लोग चैन से सो नहीं पाते। लो वोल्टेज और बिजली गुल रहने के कारण पंखे कूलर नहीं चल पाते। ऐसे में मच्छर पूरी रात तांडव मचाते रहते हैं। नया शिक्षा सत्र आरंभ हो चुका है, विद्यार्थी घरों में पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं।*वर्सन**बरसात में आती है ऐसी दिक्कत*बरसात के कारण कभी – कभी सुधार कार्य चलने के कारण इस प्रकार की दिक्कत आती रहती है। हम मुस्तैदी के साथ बिजली व्यवस्था को सुचारू करने में लगे हुए हैं। किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होने दी जाएगी।

संकट में ग्रामीणों की प्यास बुझा रहे हैं विधायक जैन के दिए टैंकर

0
  • विधायक रेखचंद जैन ने 4 साल में गांवों को उपलब्ध कराए 84 टैंकर
  • शादी और अन्य समारोहों के लिए वरदान साबित हो रहा यह योगदान

जगदलपुर संसदीय सचिव एवं विधायक जगदलपुर रेखचंद जैन द्वारा उपलब्ध कराए गए टैंकर संकट की घड़ी में ग्रामीणों के बड़े काम आ रहे हैं। ग्रीष्म ऋतु में भीषण जल संकट के दौरान इन टैंकरों ने ग्रामीणों की प्यास बुझाने में अच्छी मदद की। शादी ब्याह तथा अन्य सामाजिक एवं पारिवारिक कार्यक्रमों के दौरान विधायक का यह योगदान ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हो रहा है।विधायक रेखचंद जैन बीते चार साल के दौरान अपने निर्वाचन क्षेत्र की अधिकांश ग्राम पंचायतों को विधायक निधि तथा अन्य मदों से कुल 84 टैंकर उपलब्ध करा चुके हैं।

जगदलपुर विधानसभा क्षेत्र के लगभग सभी गांवों के ग्रामीणों की प्यास विधायक जैन द्वारा उपलब्ध कराए गए टैंकरों की मदद से बुझाई जा रही में है। संसदीय सचिव रेखचंद जैन की दूरदर्शी सोच एवं सकारात्मक पहल से ऐसा संभव हो पाया है। टैंकर वितरण में दलीय भावना से ऊपर उठकर उनके द्वारा की गई पहल की प्रशंसा करते ग्रामीण नहीं थकते। ये टैंकर न केवल ग्रामीणों को गर्मी के मौसम में राहत देते रहे हैं, बल्कि विवाह, जन्म-मृत्यु संस्कार में होने वाले कार्यक्रमों में भी काम आ रहे हैं। जगदलपुर विधानसभा क्षेत्र के अधिकतर गांवों के पास अब अपने टैंकर हैं। बीते पखवाड़े में नक्सल प्रभावित क्षेत्र कोलेंगे में वहां और आसपास के गांवों के लिए टैंकर प्रदान किए गए। प्रत्येक गांव में टैंकर दिखने का दावा करते श्री जैन बताते हैं कि विधायक निधि, बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण, डीएमएफटी आदि मदों से विधानसभा क्षेत्र के प्रत्येक गांव में पानी टैंकर पहुंचाने की योजना है। पानी की अहमियत शहर क्या गांव सभी के निवासियों में समान रूप से है। सुख-दुख में इनकी जरूरत सभी को होती है। इन बातों को ध्यान में रखकर 2018 में चुनाव जीतने के बाद से लक्ष्य बनाकर विधायक रेखाचंद जैन जुटे हुए हैं। चार साल में उन्होंने जगदलपुर विकासखंड के 60 तथा विधानसभा क्षेत्र में सम्मिलित दरभा विकासखंड की 16 पंचायतों में टैंकर पहुंचाने का पुनीत कार्य किया है। वर्ष 2020 व 2021 में आए कोरोना की दो लहरों का प्रतिकूल असर अन्य कार्यों की तरह टैंकर वितरण पर भी पड़ा। हालांकि इन दो सालों में विधायक रेखचंद जैन ने गांवों बोर खनन खूब करवाया। वे कहते हैं कि जहां से भी टैंकर की मांग आई है, उन पंचायतों को टैंकर प्रदान किए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में टैंकर लोगों की प्यास बुझाने के साथ सुख-दुख कार्यों में भी भरपूर काम आ रहे हैं।*बॉक्स* *स्वयं बोरिंग गाड़ी लेकर पहुंचे थे गांव*कई गांवों में तो विधायक रेखचंद जैन स्वयं बोरिंग गाड़ी लेकर पहुंचे थे। वे तब तक वहां से नहीं हटे, जब तक कि बोर से पर्याप्त पानी नहीं निकल गया। दो साल पहले जगदलपुर ब्लॉक के कवालीकला में जब विधायक रेखचंद जैन स्वयं बोरिंग गाड़ी लेकर पहुंचे तो गांव वाले भी हतप्रभ रह गए थे। विधानसभा क्षेत्र के लोगों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने को लेकर विधायक श्री जैन शासन -प्रशासन से भिड़ने तक से पीछे नहीं हटते हैं। नल जल योजना की पाइप लाईन विस्तार के लिए अधिकारियों को रोजाना फोन लगाकर निर्देशित करते रहते हैं। गत दिनों उन्होंने पानी पंचायत की पेयजल समस्या को लेकर भी ऐसा ही किया था।

सुख-दुख में काम आते हैं ये टैंकर

वीरेंद्र साहनी, कुरंदी के बूटा सिंह, कागढ़ सरपंच सोनमती बघेल, कवालीकाला सरपंच जुगार नाग, सरपंच संघ के जिलाध्यक्ष लेखन बघेल तो संसदीय सचिव रेखचंद जैन की सभी गांवों को टैंकर प्रदान करने की सोच के मुरीद हैं। वे कहते हैं कि टैंकर की उपयोगिता के बारे में जितना कहा जाए कम है। इसे एक वाक्य में बयां नहीं किया जा सकता है। विधायक जैन द्वारा उपलब्ध कराए गए टैंकर सुख – दुख दोनों में समान रूप से काम आ रहे हैं। इस काम के लिए पड़ोसी गांव की मदद करने से भी ग्रामीण नहीं चूकते हैं और जरूरत पड़ने पर अपने गांव से टैंकर तुरंत भेज देते हैं। श्री जैन कहते हैं कि विधानसभा क्षेत्र के लगभग सभी पंचायतों में टैंकर दिए जा चुके हैं। जिन ग्राम पंचायतों से टैंकर की मांग आई उन्हें प्रदान किए गए हैं। साथ ही, बोर खनन भी करवाए गए हैं। क्योंकि पेयजल की आपूर्ति मेरी सर्वोच्च प्राथमिकता है। जैन कहते हैं कि विधायक चुने जाने के बाद से उन्होंने सतत रूप से इस दिशा में ध्यान दिया है और तब तक वे ऐसा करते रहेंगे, जब तक लोग पानी से जुड़ी शिकायत लेकर उनके पास आते रहेंगे। लगभग सभी गांवों में टैंकर ग्रामीणों की प्यास बुझा रहे हैं।

पथराटोल के युवक की ट्रेन से कटकर हुई मौत

0

दल्लीराजहरा :- कल प्रारंभ हुई नई ट्रेन से रायपुर से आते हुए बालोद दल्ली राजहरा रेल लाइन अरमुरकसा के पास इस ट्रेन से कटकर एक व्यक्ति की मौत हो गया है। मृतक रूपेश कुमार पिस्दा उम्र 24 वर्ष जो पथराटोला का रहने वाला था राजमिस्त्री का काम करता था कल शाम बाजार से सब्जी लेकर आया खाना खाकर घर से निकला था सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार दारू पिया हुआ था घर में लड़ाई झगड़ा होकर निकला था पुलिस द्वारा पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। संभावना व्यक्त की जा रही की युवक ने आत्महत्या किया है।

पत्रकार कॉलोनी की जमीन का रकबा बढ़ाने पर सीएम की मुहर

0
  • अधिक भूमि देने पर मुख्यमंत्री ने भरी हामी, भवन मसला निपटेगा
  • जिला पत्रकार संघ की मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से हुई सार्थक चर्चा
  • रंग लाई जिले के प्रभारी मंत्री कवासी लखमा की पहल

जगदलपुर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से उनके रायपुर स्थित निवास कार्यालय में बस्तर जिला पत्रकार संघ के पदाधिकारियों और सदस्यों ने मुलाकात कर बस्तर के पत्रकारों के हित में दो महत्वपूर्ण विषयों को लेकर चर्चा की। बस्तर के प्रभारी मंत्री कवासी लखमा ने बस्तर जिला पत्रकार संघ के पदाधिकारियों को मुख्यमंत्री से समय लेकर इन दो मांगों को पूर्ण करने के लिए पहल की। जगदलपुर के नयापारा स्थित पत्रकार भवन के विधिवत आबंटन पर चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने भूमि की दर कम करने का आश्वासन देते हुए कैबिनेट में जल्द प्रस्ताव लाने की बात कहकर अधिकारियों को निर्देश दिए। इस मौके पर पत्रकार संघ के पदाधिकारियों ने ग्राम गरावंडकला में आवासीय कॉलोनी के लिए आबंटित की जा रही भूमि का रकबा बढ़ाने की मांग रखी। मुख्यमंत्री ने लगभग पौने 3 एकड़ भूमि का रकबा बढ़ाने पर सहमति दी। बस्तर जिला पत्रकार संघ के अध्यक्ष सुरेश रावल और सचिव धर्मेंद्र महापात्र ने बताया कि जगदलपुर के नयापारा में पत्रकार भवन का विधिवत आबंटन पत्रकारों के लिए राहत की खबर है। वहीं पत्रकार आवसीय कॉलोनी के लिए काफी कम जगह उपलब्ध करवाई जा रही थी, जो सदस्यों की संख्या को देखते हुए काफी कम थी। आवासीय कॉलोनी में पार्क, सामुदायिक भवन, पाकिंर्ग आदि बनाया जाना है, जिनके लिए भूमि का रकबा काफी कम था। प्रभारी मंत्री कवासी लखमा ने कहा कि पत्रकार संघ के समस्त कार्यों को वे खुद देखेगें तथा जल्द से जल्द काम पूरा हो इस दिशा में लगातार अधिकारियों से संपर्क करते रहेगें। इस अवसर पर बस्तर जिला पत्रकार संघ के अध्यक्ष सुरेश रावल, सचिव धमेंद्र महापात्र, कोषाध्यक्ष संतोष वर्मा, उपाध्यक्ष नवीन गुप्ता, सह सचिव रितेश पांडेय, सह सचिव अशोक नायडू, वरिष्ठ सदस्य संजीव पचौरी, केशव सल्होत्रा, श्रीनिवास रथ, बादशाह खान उपस्थित थे।

डिप्टी सीएम सिंहदेव जल्द आएंगे बस्तर

0

जगदलपुर बस्तर जिला पत्रकार संघ के पदाधिकारियों ने 6 जुलाई को स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव से उनके रायपुर स्थित निवास में भेंट की। पत्रकारों ने उन्हें उप मुख्यमंत्री बनाए जाने पर गुलदस्ता भेंटकर नए दायित्व के लिए शुभकामनाएं दी। सिंहदेव ने कहा कि बस्तर के पत्रकारों का शासन को हमेशा सहयोग मिलता आया है। पिछले प्रवास में पत्रकार भवन आकर मैंने आप लोगों से विभिन्न विषयों पर विस्तृत चर्चा की थी। आने वाले दिनों में बस्तर प्रवास में आप लोगों से पुन: योजनाओं के साथ आगामी चुनाव पर भी चर्चा होगी। डिप्टी सीएम को शुभकामनाएं देने पहुंचे पत्रकारों में बस्तर जिला पत्रकार संघ के अध्यक्ष सुरेश रावल, सचिव धर्मेंद्र महापात्र, कोषाध्यक्ष संतोष वर्मा, उपाध्यक्ष नवीन गुप्ता, सह सचिव रितेश पांडेय, सह सचिव अशोक नायडू, वरिष्ठ सदस्य संजीव पचौरी, केशव सल्होत्रा, श्रीनिवास रथ, बादशाह खान शामिल थे।

ग्रामीणों को रास नहीं आ रहा है पीडीएस का पिघला व घटिया गुड़

0
  • बहुत ही हल्के स्तर के गुड़ की आपूर्ति की जा रही है बकावंड क्षेत्र की शास. उचित मूल्य दुकानों में

बकावंड जनपद पंचायत क्षेत्र बकावंड की ग्राम पंचायतों में संचालित शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में कुछ माह से बहुत ही हल्के और घटिया स्तर के गुड़ की आपूर्ति की जा रही है। पिघल चुका यह गुड़ ग्रामीणों को जरा भी रास नहीं आ रहा है और वे इसे लेने से परहेज कर रहे हैं।सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत संचालित बस्तर संभाग की शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में राशन की अफरा तफरी के बाद अब घटिया खाद्यान्न की आपूर्ति की शिकायतें सामने आने लगी हैं। खासकर इन राशन दुकानों में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग द्वारा भेजा जा रहा गुड़ निहायत ही घटिया स्तर का है। 250 ग्राम, 500 ग्राम के पैकेट्स वाला यह गुड़ बड़ा ही स्तरहीन रहता है। पैकेट्स फटी हालत में होते हैं। अधिकांश पैकेट्स खाली रहते हैं तथा जिन पैकेट्स में जो थोड़ा बहुत गुड़ रहता है वह पिघलकर पूरी तरह लिक्विड बन चुका रहता है। क्षेत्र के ग्रामीण उपभोक्ता इस गुणवत्ता विहीन गुड़ को लेना पसंद नहीं कर रहे हैं। शासकीय उचित मूल्य की दुकानों से गुड़ का उठाव न के बराबर हो रहा है।

गोलमाल की संभावना

ग्रामीणों ने अंदेशा जताया है कि इन पैकेट्स से अच्छी क्वालिटी के गुड़ को निकालकर घटिया स्तर के गुड़ की रिपैकिंग की गई है। ऐसा करके खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारी अवैध कमाई करने में मशगूल हैं। वहीं कुछ शासकीय उचित मूल्य दुकानों के संचालकों ने बताया कि खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारी इसी घटिया गुड़ को खपाने के लिए उन पर निरंतर दबाव डाल रहे हैं। राशन दुकान संचालकों का कहना है कि जब उपभोक्ता ही लेने को तैयार नहीं हैं, तो वे गुड़ को खपाएं तो कहां खपाएं? क्षेत्र के ग्रामीणों ने शासकीय उचित मूल्य की दुकानों में अच्छी क्वालिटी का गुड़ भेजने तथा अब तक हुई घटिया गुड़ की आपूर्ति की जांच कराने की मांग कलेक्टर बस्तर और खाद्य नियंत्रक से की है।

MOST POPULAR

HOT NEWS