जिला मुख्यालय नारायणपुर वास्तविकता के स्वरूपों में भिन्नता आए दिन हमें देखने को मिलती है। बरसात के साथ,सरकारी कार्यों की पोल खुल जाती है। जिसका उदाहरण हमें आए दिन देखने को मिलता है।कुछ महीने पहले ही निर्माण की गई यह मार्ग का बरसात शुरू होते ही बुरा हाल हो गया है, जिससे दुर्घटनाजनक स्थिति बनी हुए हैं, ऐसे में होने वाली अवांछित घटनाओं को जिम्मेदार कौन होगा यह एक बड़ा सवाल है।
आए दिन इस मार्ग पर दुर्घटनाएं होती रहती हैं जो समय समय पर मार्ग की स्थिति गंभीर होती जा रही हैं। बड़े-बड़े गड्ढों और कीचड़ से भरे मार्ग में,चलना भी अत्यंत मुश्किल हो गया है। ऐसे में दोपहिया वाहनों एवं भारी वाहनों का आवागमन निरंतर इस मार्ग से होता रहता है, जो किसी बड़े हादसा होने की संभावना इस मार्ग पर बनी हुई है। ऐसी स्थिति में प्रशासन के ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। अन्यथा भविष्य में इस मार्ग पर राहगीरों के साथ दुर्घटना एवं दुखद परिणाम देखने को मिल सकता है।सोसल मीडिया में भी मार्ग के दुर्गति की फ़ोटो शेयर कर लोगों ने ट्रोल भी किया, लेकिन विभाग द्वारा कोई सुध नही लिया गया।
वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण से रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु कलेक्टर धर्मेश कुमार साहू ने नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के शत-प्रतिशत वैक्सीनेशन कराने हेतु अभियान चलाकर वैक्सीनेशन करने के निर्देश दिये है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों समाज सेवकों से आग्रह किया है कि वे स्वयं वैक्सीनेशन करायें और आसपास के लोगों को भी वैक्सीनेशन के लिए प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि बिना किसी अफवाह को माने टीकाकरण करायें, यह पूरी तरह सुरक्षित है। टीकाकरण के बाद भी मास्क का उपयोग, हाथों की सफाई और 2 गज की दूरी अवश्य रखें। इस कार्यक्रम के तहत आज महावीर मंदिर वार्ड क्रमांक 08 में वैक्सीनेशन शिविर का आयोजन हुआ जिसमें वार्ड वासी हर्षोल्लास पूर्ण शामिल हुए एवं पार्षद रोशन गोलछा के द्वारा हितग्राहियों को जागरूक एवं वैक्सीनेशन के फायदे से रुबरु करवाकर उन्हें वैक्सीन लगवाया एवं वैक्सीनेशन के प्रक्रिया में बढ़ चढ़कर भाग लिया वार्ड में यह तीसरा वैक्सीनेशन शिविर है सभी शिविर में पार्षद महोदय के द्वारा स्वास्थ्य स्टाफ के लिए उचित बैठक एवं वैक्सीनेशन व्यवस्था की गई है जिससे स्टाफ में उत्साह का माहौल रहता है तथा आज वैक्सीन लगवाये हितग्राहियों को रोशन गोलछा द्वारा सचेत भी किया गया कि वैक्सीनेशन के पश्चात भी दो गज दूरी मास्क है जरुरी|
दल्ली राजहरा – कांकेर लोकसभा क्षेत्र के सांसद मोहन मंडावी के कड़ी फटकार के बाद भी डौंडी ब्लॉक में बेख़ौफ़ चल रहा है रेत का अवैध कारोबार इससे क्षेत्र में कांग्रेस की हो रही है छवि धूमिल भाजपा सहित सांसद प्रतिनिधि विक्रम ध्रुवे ने प्रशासन को अवगत कराया कि अगर जल्द ही रेत माफियाओं पर बड़ी कार्यवाही नही की जावेगी तो आने वाले समय मे भाजपा द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा। विक्रम ध्रुवे ने बताया कि मानसून आते ही डौंडी ब्लॉक के सिंगनवाहि, मथेना, ठेमाबुजुर्ग, कारूटोला, लेनकसा में रेत का अवैध खनन तेज हो गया है। रेत माफिया बारिश के दौरान ऊंचे दामों पर रेत बेचकर भारी मुनाफा कमाते हैं। इसके चलते मानसून के दस्तक के साथ ही रेत निकाल कर जगह-जगह स्टॉक करने में लगे हैं। वहीं बारिश में निर्माण कार्य भी न रुके, इसके लिए रेत का स्टॉक करना शुरू कर दिया है। इसके चलते रेत की मांग अधिक बढ़ गई है। ऐसे में रोजाना सैकड़ों ट्रैक्टर रेत का अवैध खनन किया जा रहा है। इस अवैध कारोबार को प्रशासन नहीं रोक पा रहा।
ग्राम सिंगनवाहि के पास से बहने वाली नदी घाट अवैध रेत उत्खनन का मुख्य अड्डा है। यहां से रोज सैकड़ों ट्रैक्टर रेत निकाली जा रही। शासन की ओर से क्षेत्र में रेत उत्खनन के लिए कोई लीज जारी नहीं की गई है। ऐसे में क्षेत्र में रेत का अवैध खनन ही होता ।
मानसून आते ही अवैध रेत उत्खनन में काफी तेजी आ गई है। रेत माफिया अधिक मुनाफा कमाने के लिए अभी से रेत का स्टॉक करने में जुट गए हैं। बारिश के दौरान नदी से रेत नहीं निकल पाता। इस दौरान रेत को मनमाफिक दामों में बेचकर माफिया भारी मुनाफा कमाते हैं। बलौदा क्षेत्र में भी रेत का अवैध उत्खनन जोरों पर है। कुछ हफ्तों से ग्राम बलौदा में रेत का अवैध खनन किया जा रहा है, जिसका ग्रामवासियों ने विरोध कर उसे रोकने की कोशिश की। यह अवैध खनन रात्रि को 8 बजे से सुबह 4 बजे तक चलता है। वहीं, ग्रामीणों ने माइनिंग अधिकारी से इस बात की शिकायत करते तो माइनिंग अधिकारी यह कहकर ग्रामीणों को वापस भेज दिया कि मैं सिपाही भेज देता हूं। वहीं ट्रैक्टर के चालक से पूछने पर उसने मालिक से बात करने का कहा। ग्रामीणों ने शंका जाहिर की है कि इसमें शासन और प्रशासन की मिलीभगत है । हालांकि शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं होना चर्चा का विषय बना हुआ है । भाजपा शासन काल में अवैध उत्खनन होने की बात को लेकर कांग्रेसी आए दिन हंगामा मचाते थे, कांग्रेसियों द्वारा आरोप लगाया जाता था कि भाजपाई रेत के अवैध खनन में संलिप्त हैं, लेकिन अब कांग्रेस की सरकार सत्ता में है। क्षेत्र में कांग्रेसी विधायक है, तो क्या ये माना जाए कि जिसकी सरकार होती है, उन्हें सारे अवैध काम करने की छूट मिल जाती है । ब्लॉक के खदानों में चल रही चैन माउंटेन के माध्यम से रेत खनन कर रायल्टी के नाम पर की जा रही अवैध वसूलीकर्ताओं को शासन किस हद तक संरक्षण दे रहा है इस बात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है। मामले में ठेकेदार द्वारा पंचायत की आड़ में अधिक रायल्टी राशि लिए जाने की शिकायत भी कर रहे है।जिले के पर्यावरण की विशेष समिति भी संदेश के घेरे में है |
ज्ञात हो कि रेत खदानों में नियम विरुद्ध मशीनों से रेत खनन किया जा रहा है, जिसकी शिकायत कई बार जागरुक ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों द्वारा खनिज विभाग के अफसरों के समक्ष की जा चुकी है लेकिन अब तक किसी तरह की ठोस कार्यवाही नहीं हुई है। डौंडी ब्लॉक के आसपास के क्षेत्र में चल रहे खदानों में तो अनाप-शनाप तरीके से रॉयल्टी वसूली की जा रही है इसकी शिकायत हाल ही में मंत्री अनिला भेड़िया से की गई हैं।
कार्रवाई के नाम पर ढोंग
मामले की उच्च स्तरीय शिकायत किए जाने के बाद भी खनिज विभाग के अधिकारी व जिला प्रशासन कार्रवाई के नाम पर ढोंग करते दिखाई दे रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन की अनदेखी करते हुए मैकेनाइज्ड तरीके से रेत खदान की अनुमति देकर जिला पर्यावरण की विशेष समिति भी संदेश के घेरे में है।
विक्रम धुव्र ने बताया कि मैं सिंघनवाही क्षेत्र गया तो ग्रामीणों ने बताया कि प्रतिदिन रात में रेत माफिया द्वारा चैन माउंटिंग मशीन लगा कर सैकड़ों हाइवा रेत पार किया जाता है माफियों द्वारा इस कार्य हेतु बकायदा सरकारी जमीन पर नाका भी बना दिया गया हैं जिसमे दिन में ताला लगा रहता है और बगल में मशीन खड़ी रहती है।परंतु अधिकारी के नजरो में यह नही दिखता। वे सिर्फ छोटे छोटे वाहन मालिकों पर कार्यवाही के नाम पर महज खाना पूर्ति करने में लगे रहते हैं।
किस नेता का है वरदान
बता दें कि क्षेत्र में इन दिनों लॉकडाउन का फायदा उठाकर रेत का धड़ल्ले से खनन किया जा रहा है। ग्रामीणों द्वारा जिला प्रशासन को लगातार शिकायत की जा रही है। सूत्र बताते हैं कि प्रशासनिक टीम कार्रवाई के लिए मौके पर पहुंचती भी है, लेकिन सेटलमेंट से काम पूरा हो जाता है। लोगों में यह भी चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर इस क्षेत्र में किस बड़े और दबंग नेता का इस अवैध कार्य को वरदान मिला है। किसके कहने पर प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंचने के बाद भी कार्रवाई करने के बजाए उल्टे पांव लौट जा रही है।मिली जानकारी के अनुसार ग्राम सिघनवाही में ग्रामीण समिति के नाम पर रेत निकासी करने वालो के द्वारा मोटी रकम दिए जाने की जानकारी मिली है |
प्रशासन को लग रहा चूना
जिले भर में लॉकडाउन का फायदा उठाते हुए महानदी से रेत की अवैध निकासी भी जोरों पर है। इधर खनिज विभाग के अधिकारी भी खामोश बैठे हुए हैं। यही कारण है कि बिना रायल्टी के रेत का अवैध उत्खनन करने में माफिया पूरी तरह सक्रिय होकर काम कर रहे हैं। इससे सरकार को लाखों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। ग्राम पंचायत के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों व ग्रामीणों की मिलीभगत से रेत का उतखनन किया जा रहा है। ग्राम पंचायत बलौदा मे अवैध ईट भट्टे का कारोबार चल रहा है किंतु इस पर अभी तक कोई कार्यवाही नहीं होना चर्चा का भी विषय बना हुआ है। ग्रामीणों द्वारा अवैध रेत खनन के साथ-साथ अवैध ईट भट्टे पर कार्यवाही करने की मांग की जा रही है दिन रात हो रही निकासी | पहले भी इसे अधिकारी भी स्वीकार कर चुके हैं कि कहीं-कहीं रात में खनन हो रहा है, लेकिन अवैध खनन करने वाले रंगे हाथ नहीं पकड़े जा रहे। बताया जा रहा है कि क्षेत्र के छुटभैये नेता भी इस कार्य में सक्रिय हैं। इससे पता चलता है स्थानीय अधिकारी किस कदर अपने कार्य में लापरवाही बरत रहे हैं।
उत्खनन करने वालों की राजनीतिक व प्रशासनिक पकड़- खनिज माफियाओं की राजनीतिक व प्रशासनिक अच्छी पकड़ है। इस कारण क्षेत्र मे अवैध उत्खनन कर राजस्व को चूना लगा रहे हैं, वहीं अधिकारी भी इसे नजरअंदाज कर अनुचित लाभ ले रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक अवैध उत्खनन करने वालों की अच्छी पकड़ है। कोई जनप्रतिनिधि की बताता है, तो प्रशासनिक अधिकारियों की आड़ में उत्खनन करने में जुटे हुए हैं।
कृषि उपकरणों का उत्खनन में उपयोग- कृषि विभाग से कृषि के नाम पर ट्रैक्टर खरीद कर माफिया खनन कार्य में ट्रैक्टर ट्राली का उपयोग करते नजर आ रहे हैं। माफिया 24 घंटे अपना काम कर रहे हैं। चाहे दिन हो या रात नदियों में नजर आ रहे हैं। गांवों में अवैध उत्खनन का कार्य चल रहा है, लेकिन इस ओर न तो स्थानीय प्रशासन द्वारा ध्यान दिया जा रहा है और न खनिज विभाग द्वारा कोई कार्रवाई की जा रही है।
जगदलपुर बस्तर पुलिस अधीक्षक दीपक झा के मार्गदर्शन में सिटी कोतवाली के द्वारा लगातार कार्यवाही की जा रही है खोए हुए ,चोरी हुए मोबाइल ,लैपटॉप ,गाड़ियां को उन तक वापस पहुंचा रही है कुछ लोग मोबाइल अन्य सामान ऑटो में भूल जाते हैं जिसको तुरंत खोज कर उन्हें सौंप दिया करती है कल रात भी किलेपाल की रहने वाली 2 महिला एक पुरुष जगदलपुर किसी काम की तलाश में पहुंचे थे और ऑटो में अपना सामान भूल गए ऑटो वाले ने उन्हें उतारा और ऑटो लेकर अपने घर चले गया जब इन महिलाओं को पता चला कि उनका एक बैग ऑटो में छूट गया है जिसमें पैसे मोबाइल अन्य सामान है तभी इन गरीब महिलाओं ने तत्काल सिटी कोतवाली पहुंच कर थाना प्रभारी एमन साहू को इसकी जानकारी दी सिटी कोतवाली थाना की टीम ने सीसीटीवी की मदद से उस ऑटो वाले का पता लगाया और उसके घर पहुंची जहां ऑटो वाला अपने घर में सोया हुआ था उसे भी नहीं मालूम था कि वह बैग उसके ऑटो में है जैसा बैग रखा हुआ था उसी प्रकार ऑटो में रखा हुआ मिला पुलिस बैग को लेकर थाने आई और इन महिलाओं को सौंप दिया अपना बैग और कीमती सामान मिलने से इन महिलाओं के चेहरे में खुशी देखने को मिली और उन्होंने बस्तर पुलिस का धन्यवाद ही किया |
जगदलपुर – राजनांदगांव क्षेत्र के लोकसभा सांसद संतोष पाण्डेय बस्तर के एक दिवसीय प्रवास पर कल सपरिवार जगदलपुर पहुंचे | सांसद संतोष पाण्डेय ने दंतेवाडा जाकर माई दंतेश्वरी के दर्शन कर प्रदेश के सुख शांति की कामना की वहां से लौटकर सर्किट हाउस पहुँच कुछ पत्रकारों से औपचारिक चर्चा की पत्रकारों ने जब उनसे पूछा कि सीधे दिल्ली से आप जगदलपुर पहुँचे है और पहुंचकर माई जी के दर्शन किये है क्या कोई ख़ुशी की बात है, सम्भावना है कि आपको मंत्री मण्डल में स्थान मिलेगा इस सवाल पर वे मुस्कुराए और उन्होंने कहा कि मुझे इसकी जानकारी नहीं है और किस आधार पर मुझे लिया जायेगा इसका अंदाजा तो आप लोग ही बता सकते है | तब
पत्रकारों ने कहा कि कोरोना काल के दौरान उनके स्वचित गीत एवं कोरोना से बचने की संभावनाओं के साथ उनके गाये गए गीत से समूचे लोकसभा क्षेत्र के आम नागरिक काफी प्रभावित हुए थे उन्होंने खुद गीत लिखकर व् गीत गाकर संगीतमय ढंग से जो प्रस्तुति दी थी वह एक जन जागरण के समान था उनके कोरोना काल में गाया गया गीत भी प्रदेश के अलावा दिल्ली तक हुई थी, दिल्ली के कई बड़े नेताओं ने उनके इस कार्य की काफी सराहना की | संभवतः छत्तीसगढ़ के एकलौते सांसद है जो अपने लोकसभा क्षेत्र में काफी लोकप्रिय है एवं अपने क्षेत्र के सभी लोगों के कार्य हेतु हमेशा तत्पर रहते है | आज १९७५ में लगे आपातकाल के विषय पर होने पर संगोष्टी में भाग लेने जगदलपुर आये थे उनके साथ निगम के नेता प्रतिपक्ष संजय पाण्डेय एवं उनके अन्य साथी साथ में थे |
दल्लीराजहरा – कहते हैं सांप का डंसा पानी तक नहीं मांगता इसलिए इसका नाम सुनते ही लोग दहशत से कांप उठते हैं, लेकिन दल्लीराजहरा में पेशे से वकील जगेन्द्र भारद्वाज वर्षों से जहरीले सांपों को सुरक्षित पकड़कर न केवल उनकी जान बचा रहे हैं बल्कि पर्यावरण संतुलन में अहम भूमिका भी निभा रहे हैं। 10-15 वर्ष पूर्व जब आसपास के जंगल बहुत घने थे तब साप अधिक दिखाई देते थे. पर जंगलों की अंधाधुध कटाई के कारण आज सरीसृपों का अस्तित्व खतरे में पड़ गया है | सांपों के अस्तित्व के प्रति चिंता जाहिर करते हुए भारद्वाज ने कहा कि यदि आज सापों के संरक्षण के लिए कुछ नहीं किया तो वो दिन दूर नहीं जब सांपों की प्रजाति भी डायनासोर की तरह विलुप्त हो जाएगी.
भारद्वाज ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि यदि कही साप मिले तो घबराए नहीं और न ही उसे मारे बल्कि एक लंबी छड़ी की सहायता से उसे रास्ता दिखाते हुए बाहर करें. क्योंकि रिहायशी मकानों में दिखने वालों साप प्रायः विषहीन होते है. हमारे देश में सापों को लेकर बहुत अंधविश्वास है जिसके कारण सांपों को देखते ही मार दिया जाता है. कई लोगों का मानना है कि जिस किसी भी ने सांप को देख लिया तो सांप की आंखों में देखने वाले का फोटो छपता है लेकिन यह मान्यता झूठी एवं निराधार है. न ही सांप किसी को दौड़ाकर डसता है.
स्वप्रेरणा से निःशुल्क सेवा करने वाले बीएससी (बायोलोजी) के बाद एलएलबी करने वाले जगेन्द्र ने बताया कि उन्हें रेपटाइल्स में शुरू से ही रूचि रही है। सांपों के लुप्त होने के लिए वे मनुष्य को ही इसके लिए जिम्मेदार मानते है। जगेन्द्र का कहना है कि सांपों को पकड़कर जंगल में खुले आसमान में आजाद करने में उन्हें दिली सुकून मिलता है। सांपों को पकड़ने के लिए उन्होंने किसी प्रकार की विशेषट्रेनिंग नहीं ली है, फिर भी वे अभी तक लगभग एक हजार विभिन्न प्रजातियों के सांपों को सकुशल पकड़कर जंगलों में आजाद कर चुके हैं। इन सांपों में अजगर, कोबरा, करैत, वाइपर जैसे सांप भी शामिल हैं। जगेन्द्र वकालत के अलावा सांपों के संरक्षण के लिए समर्पित एडान इंडिया मूवमेंट (एआईएम) संस्था से भी जुड़े हैं।
अभी हाल ही में कल दोपहर दो लोगों के यहाँ घर में सांप घुस जाने की सुचना मिली जिस पर भारद्वाज जी सक्रियता दिखाते हुए उनके यहाँ गए और बिना डरे आसानी से सांप को पकड़ जंगल में छोड़ आये |
जगेन्द्र ग्रामीणों में सांपों के बारे में फैली भ्रांतियों को दूर भी करते हैं। इस दौरान वे जहरीले और सामान्य सांपों की पहचान कर सांपों को न मारने की अपील करते है। उन्होंने कहा कि घर या दुकान में सांप निकलने पर 09424131930 या 08817627379 पर संपर्क कर सकते है |
जगदलपुर। छत्तीसगढ़ की बेटी के नाम से प्रसिद्ध राष्ट्रपति एवार्डेड वीनर प्रियंका बिस्सा तीन दिवसीय प्रवास पर आई हुई है। तीन दिनों तक युवाओं के लिए आयोजित मोटीवेशन कैम्प के लिए आई हुई है, उनके द्वारा स्वयं सेवी संस्था युवोदय के व्यक्तित्व विकास पर कार्यशाला में अपना प्रजेंटेशन देंगी। राष्ट्रपति एवार्डेड वीनर बिस्सा अंतिम व्यक्ति तक पहुंच कर उनके व्यक्तित्व विकास पर अपनी बात रखेगी। प्रियंका बिस्सा 10 वर्षों से सामाजिक क्षेत्र में कार्य कर रही है, उन्होंने राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 300 से अधिक पुरस्कार जीते हैं। उनकी असाधारण सेवाओं के लिए उन्हें युवाओं के लिए देश का सर्वोच्च सम्मान ” राष्ट्रीय सेवा योजना राष्ट्रपति सम्मान 2019″ प्राप्त हुआ। प्रियंका बिस्सा करमवीर चक्र पुरस्कार से भी सम्मानित है। प्रियंका विकलांगता सुधार, बाल एवं महिला शिक्षा, महिला सशक्तीकरण, युवा नेतृत्व , पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, लैंगिक समानता के क्षेत्र में सराहनीय कार्य किए जा रहे हैं।
प्रियंका बिस्सा ने 11,550 से अधिक व्यक्तियों को पंजीकृत कर भारत का पहला रक्त परीक्षण कार्ड दिया है। प्रियंका बिस्सा को 2019 में भारत – चीन के अंतर्राष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने के लिए भारत सरकार द्वारा भारतीय युवा राजदूत बनीं और चीन में भारत का प्रतिनिधित्व बहुत सराहनीय रूप में किया ।
भारत की पहली युवा संसद में देश के 8,500 युवाओं में प्रियंका विजेता रही और भारत सरकार द्वारा उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा गया जिनके द्वारा महिला स्वास्थ्य व स्वच्छता क्षेत्र में कार्य करने सैनिटरी पैड डिस्पेंसर मशीन स्थापित किया। प्रियंका के सुझाव को अमल कर छत्तीसगढ़ सरकार ने 2018 के राज्य के बजट में सैनेटरी पैड वितरित करने की योजना बनाई।
प्रियंका बिस्सा की जीवनी और उपलब्धियों को संघ लोकसेवा आयोग व राज्य लोक सेवा आयोग चयन पुस्तिकाओं में शामिल किया हैं और प्रियंका बिस्सा पर आधारित 2020 सिविल सेवा परीक्षा में उन पर एक प्रश्न भी पूछा गया था।
छत्तीसगढ़ के लिए गर्व की बात है कि प्रियंका बिस्सा ने अंतरराष्ट्रीय युवा संघ के विभिन्न देशों के युवाओं को संबोधित किया । प्रवासी भारतीय दिवस के उपलक्ष में 45 देशों के बीच भारत का प्रतिनिधित्व किया।
छोटेडोंगर इलाके के रहवासी को इस बात पे बड़ा ऐतबार था की उनके इलाके में कल कारखाने और उधोग धंधे आयेगे तो इलाके की सुरत बदलेगी।
इलाके के आदिवासी ग्रामीण भी चमचमाती सडकों पर चलेगे,चारों तरफ बिजली की रोशनियों से आसपास के गाँव जगमगाएगा। स्वास्थ्य सुविधाएं तो ऐसी होगी की उल्टी दस्त या मलेरिया जैसे बीमारी से मौत का सिलसिला ही थम जाएगा।शिक्षा व्यवस्था ऐसी होगी की आदिवासी बच्चे भी अंग्रेज़ी में बात करेगे तो शहर के बच्चे भी धोखा खा जायेगे।
कम से कम इतना तो जरुर उम्मीद थी की बेरोजगार हाथों को रोजगार मिलेगा तो गरीबी की दशा सुधर जाएगी। मुलभुत सुविधाएं कितनी नसीब हो पाई ये तो वे ग्रामीण जानते है । ये बात आम आदमी पार्टी के नेता नरेंद्र नाग जी ने बताया वे कम्पनी जो इलाके से कच्चा लोहा निकलाने के लिए माइनिग प्लान बनाये है जिसका आकंलन करना एक आम आदमी के लिए बड़ा मुश्किल है सडक को विकास बताने वाली सरकार सरकार गम्भीर नही है व स्थानीय प्रशासन….लौह अयस्क उत्खनन के बदले क्षेत्र में जो मुलभुत सुविधाएं देने का माइनिग प्लान बनाया गया है वो कही भी जमीन पर नजर नहीं आता बल्कि पीएमजीएसवाय के सडकों मे पुल नही बना पाती है अमदई मे निक्को कम्पनी ने जो सरकार के साथ एमओयु किया वो सिर्फ कागजों में है आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष नरेन्द्र नाग ने दुःख व्यक्त करते हुए कहते है की राजपुर व अन्य क्षेत्रो के ग्रामीण लालपानी पीने मजबूर है सरकार आजादी के 73वर्षो मे भी पिछड़े क्षेत्रो के लिये मूलभूत सुविधाओं के लिये समुचित व्यवस्था नही कर पाई है जबकि एकाएक निको कम्पनी के लिये जनसुनवाई कर पूरी अमदई घाटी पहाड़ निक्को कम्पनी के हाथों दे दी पर आम जन को मूलभूत सुविधा प्रदान करने के मामले मे जिला प्रशासन का हाथ पाव फूल रहा है निको कम्पनी के माइनिग प्लान के तहत क्षेत्र में स्वास्थ्य, शिक्षा, सडक, बिजली पानी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं हो पाई है शासन प्रशासन और विपक्ष कार्पोरेट घरानों के साथ खड़े है नरेन्द्र नाग ने आगे कहा जिला प्रशासन डीएमएफ और सीएसआर मद की राशि का दुरूपयोग करने मे पीछे नही है आम आदमी पार्टी ने हमेशा से ग्रामीणों के लिए आवाज उठाते आयी है जल्द ही सरकार इन कामों मे सुधार नहीं लाती है तो ग्रामीणों के साथ जमीनी लड़ाई लड़ेंगे
आज वन विभाग द्वारा घर पहुंच “नि:शुल्क पौधा वितरण” कार्यक्रम की शुरुआत किया गया। जिला मुख्यालय स्थित वन मंडल अधिकारी कार्यालय में संसदीय सचिव छत्तीसगढ़ शासन एवं गुंडरदेही विधायक कुंवर सिंह निषाद एवं जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सोनादेवी देशलहरा जी घर पहुंच नि:शुल्क पौधा वितरण वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
इस अवसर पर माननीय संसदीय सचिव जी ने कहा कि पिछले वर्ष भी ढाई लाख पौधा रोपित करने का लक्ष्य रखा गया था इस वर्ष भी ढाई लाख पौधा नि:शुल्क वितरण कर रोपित करने का लक्ष्य रखा गया है कोरोना के इस संक्रमण काल में हमें ऑक्सीजन की जरूरत पड़ी है यह हम सभी जानते हैं पर्यावरण को संतुलन करने के लिए पौधा व वृक्ष का कितना महत्व होता है आज इसे हमने समझा और जाना है हर एक व्यक्ति को जिम्मेदार और जागरूक होना पड़ेगा |
इस दौरान बालोद रेंजर रियाज खान, डिप्टी रेंजर डामन लाल ठाकुर सहित वन विभाग के अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे!
जगदलपुर । अंतर्राज्यीय बस स्टैंड में अव्यवस्थित वाहनों के कारण आवागमन प्रभावित होने एवं परिसर में साफ-सफाई कराने में आ रही दिक्कतों को देखते हुए निगम आयुक्त जगदलपुर ने पिछले दिनों एक आदेश जारी कर बस स्टंैड परिसर में खराब एवं लावारिस हालत में पड़े वाहनों को 24 घंटे के भीतर हटा लेने का आदेश संबंधित बस संचालकों को जारी किया है।
अन्यथा नगरपालिका निगम अधीनियम 1956 की धारा 322 के तहत उनपर बाधा दंड शुल्क वसूली के तहत प्रतिदिन 2000 रूपए के हिसाब से वसूली की जायेगी, अगर इसके बावजूद भी ऐसे संचालकों द्वारा अपने वाहन वहां से नहीं हटाते हैं तो उनके वाहन की राजसात करने की प्रक्रिया की जायेगी। यहां विदित हो कि नए बस स्टैंड में प्रतिदिन सैकड़ों बसों का आना-जाना लगा रहता है इस कारण हजारों यात्री इस बस स्टैंड परिसर में यात्रा करने हेतु आवागमन करते हैं, लेकिन बस स्टैंड परिसर में विभिन्न बस कंपनियों के कई वाहन यहां वहां लावारिस की हालत में खड़े रहते हैं। कई बार निगम द्वारा उनके संचालकों को सूचना दिए जाने के बावजूद आज तक ऐसे बस संचालकों द्वारा अपने खराब अथवा लावारिस रूप से खड़े बसों को हटाने की प्रक्रिया शुरू नहीं की गई। नगर निगम को बस स्टैंड परिसर के कई व्यापारी एवं आसपास के कई सभ्रांत लोगों ने शिकायत भी की कि ऐसे लावारिस खड़े बसों में कई बार अनैतिक कार्य भी किए जाते हैं। खड़ी बसों में रात्रि पहर शराब खोरी के अलावा परिसर में रात्रि पहर घुमने वाले आवारा किस्म के लोगों द्वारा मजमा लगाया जाता है। जिस कारण बस स्टैंड परिसर में आने-जाने वाले यात्रियों में हमेशा भय का माहौल रहता है। कई बार शिकायत के पश्चात भी जब किसी प्रकार की कार्यवाही नहीं हुई तो नये बस स्टैंड परिसर के चौकी प्रभारी से इस बाबत बस स्टैंड स्थित कुछ व्यापारियों ने इस मामले की जानकारी दी। इस मामले को तत्काल संज्ञान में लेते हुए चौकी प्रभारी कांतोपानी द्वारा निगम आयुक्त एवं निगम के राजस्व अधिकारी से चर्चा कर इस मामले को सुलझाने हेतु निवेदन किया गया। चूंकि मामला यात्री हित एवं बस स्टैंड परिसर के व्यापारियों के व्यवसाय से जुड़ा था अत: निगम आयुक्त के आदेश पर राजस्व अधिकारी निगम जगदलपुर ने तत्काल ऐसे ही एक बस संचालक जय भवानी टे्रवल्स को नगर निगम अधिनियम के तहत हटाने हेतु नोटिस जारी किया है। बस स्टैंड परिसर स्थित कुछ व्यापारी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नगर निगम इस बार परिसर में स्थित विभिन्न कंपनियों के वाहनों के खिलाफ कार्यवाही करने के लिए संकल्पित दिख रही है क्योंकि सुरक्षागत मामलों से इस अंतर्राज्यीय बस स्टैंड में अगर किसी प्रकार की बड़ी दुर्घटना घटती है तो प्रथम दृष्टया इस मामले में निगर प्रशासन को दोषी माना जायेगा। अत: पुलिस चौकी बस स्टैंड के प्रभारी अधिकारी एवं निगम प्रशासन इस बार अगर ऐसे बस संचालकों पर कार्यवाही कर परिसर को अगर मुक्त करा लेती है तो निगम प्रशासन द्वारा परिसर की बेहतर साफ-सफाई के अलावा वहां से यात्रियों एवं वाहनों का सुचारू रूप से आवागमन होता रहेगा वहीं चौकी पुलिस के कर्मचारियों को बस स्टैंड परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में काफी सहुलियत मिलेगी।