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लोहा चोरी, ट्रक मालिक व चालक को फरार बताकर सेटिंग का खेल

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  •  ट्रक मालिक के साथ दो दिन चली पुलिस की गुप्त बैठक
  • आयरन लोड करने नहीं गया था, अंदर से आया चालक

जगदलपुर नगरनार स्टील प्लांट से एक ही नंबर के दो ट्रकों के जरिए पिग आयरन चोरी मामले में जिस ट्रक ड्राईवर को पुलिस अधिकारी फरार बता रहे हैं उस ड्राईवर और ट्रक मालिक के साथ नगरनार पुलिस की चोकावाड़ा इलाके में गोपनीय बैठक होने की खबर है। बैठक में बात नहीं बनने पर पुलिस ड्राईवर की गिरफ्तारी के लिए दूसरे राज्यों में टीम भेजे जाने की थ्योरी गढ़ रही है।

खबर है कि जिस ट्रक क्रमांक सीजी 04 एमके 9383 पर पिग आयरन लोड कराया गया था। इस ट्रक और चालक को प्लांट के मुख्य गेट पर ही रोक लिया गया था। प्लांट से ड्राईवर मुख्य द्वार पर पहुंचा और ट्रक को कच्चा लोड साईट के पास लोडिंग कराकर ट्रक को बाहर निकालने की तैयारी में था। सीआईएसएफ के जवानों ने लोहा चोरी की इस योजना पर पानी फेर दिया। खबर है कि राजधानी के लोहा कारोबारी एवं एनएमडीसी के कर्मचारी की सांठगांठ पर दो माह से पिग आयरन चोरी का खेल चल रहा था। खबर है कि चामुंडा ट्रांसपोर्ट के संचालक ने पूछताछ में कई राज खोले हैं। इस खुलासे से कई लोहा कारोबारी और प्लांट के कर्मी बेनकाब हो सकते हैं। मामला हाई प्रोफाईल होने के कारण पुलिस सावधानी तो बरत रही है, लेकिन पड़ताल की दिशा बदलने के भी फेर में है।नगरनार स्टील प्लांट से विगत दो तीन माह में राजधानी के लोहा कारोबारी करोड़ों के पिग आयरन को पार करवा चुके हैं। प्लांट के कर्मचारियों एवं लोहा कारोबारी की सांठगांठ से यह गोलमाल चल रहा है। पता चला है कि प्लांट से अब तक 60 – 70 हजार टन पिग आयरन की बिक्री की जा चुकी है। चामुंडा ट्रांसपोर्ट के बयान अनुसार 3 माह से परिवहन का कार्य चल रहा था, लेकिन पुलिस पहली बार परिवहन किये जाने का हवाला दे रही है। ट्रांसपोर्टर एवं पुलिस के परसपर विरोधाभासी बयान यह इशारा कर रहे हैं कि राजधानी का वह कौन कारोबारी है जिसे बचाने का प्रयास किया जा रहा है। सूत्रों से जानकारी मिली है कि पिग आयरन चोरी के मामले में जिस ट्रक चालक को फरार बताया जा रहा है वह पुलिस के संपर्क में है। करीम अहमद एवं अन्य दो व्यक्तियों के साथ पुलिस की चोकावाड़ा के पास एक मकान में गुपचुप वार्ता होने की खबर है। मगर वार्ता असफल हो गई। वहीं राजधानी का लोहा कारोबारी मामले को रफादफा कराने के लिए लगातार पुलिस के संपर्क में है।

गेट पर ही रोका था वाहन चालक को

खबर है कि उक्त ट्रक चालक को प्लांट के मेन गेट पर ही यह कहकर रोक दिया गया था कि बाहर के चालक को प्लांट में प्रवेश वर्जित है। उसे मुख्य द्वार पर ही उतार दिया गया और प्लांट का ड्राईवर वाहन को लोडिंग साईट तक ले गया। अब यह प्रश्र उठने लगा है कि प्लांट के अंदर वह कौन चालक था जो मुख्य गेट से ट्रक को अंदर की ओर ले गया और नंबर प्लेट बदल दिया। इसका राज सीसीटीवी फुटेज से ही खुल सकता है, जिसकी पड़ताल अब तक नहीं की गई है। इधर पुलिस चामुंडा ट्रांसपोर्ट रायपुर के संचालक का बयान दर्ज कर चुकी है। उसने रायपुर के लोहा कारोबारी के लिए विगत 3 माह से लोहा परिवहन करने की बात स्वीकार की है।

पार हो चुका करोड़ों का लोहा

सूत्रों से जानकारी मिली है कि तीन माह के भीतर एक ही नंबर प्लेट का उपयोग कर एक ही पर्ची एवं बिल्टी के जरिए उसी वाहन नंबर से कई ट्रक कच्चा लोहा पर किया जा चुका है। ऐसी जानकारी है कि प्लांट के कर्मचारी एवं लोहा कारोबारी शासन को करोड़ों की चपत लगा चुके हैं। इसके परिणाम स्वरूप शुरूआती दौर में ही नगरनार स्टील प्लांट के घाटे में चले जाने की खबर है। इसे लेकर प्रबंधन भी चुप्पी साधे हुए है।

विधायक किरण देव आए सामने

लोहा चोरी के मामले को लेकर अब विधायक किरण देव सिंह और झाड़ेश्वर परिवहन समिति के के लोग भी सामने आ गए हैं। समिति के अध्यक्ष एवं पदाधिकारियों ने एनएमडीसी के अधिकारियों के संरक्षण में लोहा चोरी का आरोप लगाया है। समिति ने प्लांट प्रबंधन पर लोहा कारोबारी से सांठगांठ का आरोप लगाते हुए मामले की एसआईटी जांच की मांग की है। सप्ताह भर में दोषियों पर कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दीगई है। इधर जगदलपुर के नव निर्वाचित विधायक किरण देव ने कहा है कि नगरनार स्टील प्लांट से लोहा चोरी के मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। मामले में जो भी दोषी होंगे, जिनकी भी संलिप्तता होगी, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दोषी कोई भी हो, उसे बख्शा नही जाएगा।

छ्ग को आदिवासी सीएम मिलने से खुश हैं अरविंद नेताम

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  • आदिवासी नेता एवं पूर्व मंत्री ने केंद्रीय नेतृव को सराहा
  • मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और भाजपा को दी बधाई

जगदलपुर राज्य को आदिवासी समुदाय का मुख्यमंत्री मिलने से छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ आदिवासी नेता, पूर्व केंद्रीय मंत्री और सर्व आदिवासी समाज के प्रदेश अध्यक्ष अरविंद नेताम बहुत ही खुश हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री चुने जाने पर बधाई दी है। नेताम ने खास तौर पर देश के केंद्रीय नेतृत्व को बधाई देते हुए कहा है कि जनजाति क्षेत्र से मुख्यमंत्री चुने जाने से वह आदिवासी इलाके की चुनौतियों, परिस्थितियों और मनोभाव को समझेंगे। उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री साय जनजाति समाजों से बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के विकास को नई गति देंगे।

एक बयान में नेताम ने कहा कि जनजाति समाज से द्रोपदी मुर्मू का राष्ट्रपति बनना और छत्तीसगढ़ में जनजाति समाज से विष्णुदेव साय को मुख्यमंत्री बनने का अवसर मिलना समाज के लिए बड़े गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि जनजाति वर्ग के लोग कहते कम हैं और करते अधिक हैं। इसी तरह नए मुख्यमंत्री साय भी काम करेंगे। वे जनजाति समाज से होने के कारण समाज के मनोभावों को समझेंगे। नेताम ने बताया कि उन्हें छत्तीसगढ़ के नए मुख्यमंत्री और मंत्रिमंडल के सदस्यों के शपथ ग्रहण समारोह का आमंत्रण मिला है, जिसमें वे जरूर शामिल होंगे। नेताम ने कहा कि आदिवासी इलाके के विकास के लिए उन इलाकों को अन्य क्षेत्रों से अलग देखना आवश्यक है। सामान्य तौर पर विकास को औद्योगीकीकरण से मापा जाता है। अवधारणा है कि औद्योगीकीकरण होगा, तो विकास होगा। उन्होंने कहा कि औद्योगीकीकरण आवश्यक है, लेकिन प्राकृतिक संसाधनों का विनाश नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई है कि नए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जनजाति समाज की भावना को गहराई से समझेंगे और उनसे बातचीत कर आदिवासी क्षेत्रों के लिए विकास की नई राह गढे़ंगे। नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ में पिछले सालों में जनजाति समाज के विकास को लेकर उनका अनुभव अच्छा नहीं रहा। सरकार और जनजाति समाज के बीच संवादहीनता रही है।  विष्णुदेव साय के मुख्यमंत्री बनने से उम्मीद है कि यह संवादहीनता खत्म होगी।

लंबे समय से फरार लुट के 02 आरोपियों को डौण्डी पुलिस के द्वारा लुट के समान के साथ किया गिरफ्तार

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डौण्डी पुलिस अधीक्षक जिला बालोद डॉ. जितेन्द्र कुमार यादव से फरार आरोपियों की पतासाजी कर गिरफ्तारी करने का आदेश प्राप्त हुआ था थाना डौण्डी के अपराध कमांक 67 / 2022 धारा 341, 392, 506 भादवि 25, 27 आर्म्स एक्ट के फरार आरोपीगण 01. अमन खान उर्फ अमन रक्सेल पिता मजनु अहमद खान उम्र 20 साल साकिन कातुलबोड़ शिव मंदिर के पास नेपाली मोहल्ला चौकी स्मृति नगर थाना सुपेला जिला दुर्ग एवं 02. आरोपी नवीन सोनी उर्फ आशु सोनी उर्फ नेपाली पिता कार्तिक सोनी उम्र 19 साल निवासी खुर्सीपार वार्ड क. 48 एकता नगर थाना खुर्सीपार जिला दुर्ग का पतासाजी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जिला बालोद सुशील कुमार नायक एवं नगर पुलिस अधीक्षक दल्लीराजहरा राजेश बांगड़े के मार्गदर्शन में तकनीकी साक्ष्य से लगातार पतासाजी की जा रही थी तकनीकी साक्ष्य के आधार पर पता चला कि उक्त दोनों फरार आरोपीगण अपने अपने सकुनत भिलाई कुर्सीपार में है तत्काल मौके टीम गठित का गिरफ्तारी हेतु रवाना किया गया ।

आरोपीगणों को हिरासत में लेकर पुछताछ करने पर अपराध करना स्वीकर करते हुए बताये कि दिनांक 24.05.22 के रात्रि करीब 11:00-12:00 के मध्य रात्रि करीबन आरोपीगण अपने दोस्तो (01 ) सुरज पासवान पिता स्व. रामबसावन उम्र 21 साल साकिन पुराना बाजार राजहरा थाना राजहरा जिला बालोद (02) अरसद अली पिता कुरबान अली उम्र 21 साल साकिन राजाबाड़ा मंच वार्ड पुराना बाजार राजहरा थाना राजहरा जिला बालोद के साथ मिलकर प्रार्थी व राहगीरों के पास रखे 05 नग मोबाईल किमती 34,000 रू. एवं नगदी रकम 1500 रू. को चाकु दिखाकर, लुटकर ले गये थे। आरोपियों द्वारा राहगीरों से लुटे हुए 02 नग मोबाईल को आरोपी 01 अमन खान उर्फ अमन रक्सेल 02. नवीन सोनी उर्फ आशु सोनी उर्फ नेपाली से बरामद किया गया है एवं आरोपीगणों को दिनांक 11.12.23 को गिर० कर न्यायिक रिमाण्ड पर जेल दाखिल किया गया है। पूर्व में 02 आरोपीगण सुरज पासवान और अरसद अली की गिरफ्तारी हो चुकी है।

प्रकरण को सुलझाने में निरीक्षक सुनील तिर्की, उपनिरीक्षक धनेश्वर साहू, आर. 318 खिलावन, आर. 231 रवि निर्मलकर का विशेष योगदान रहा है।

मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में प्रसूता से अमानवीय बर्ताव

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  •  सिजेरियन के बाद वार्ड में शिफ्ट करते समय कर्मियों ने दिखाई संवेदनहीनता
  • ऑपरेशन से हुई डिलवरी, दर्द से तड़पती रही महिला

जगदलपुर डिमरापाल स्थित शासकीय मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल में में एक प्रसूता महिला के साथ अमानवीय बर्ताव किए जाने की घटना सामने आई है। ऑपरेशन से डिलवरी कराने के बाद दर्द से तड़पती महिला को दूसरे वार्ड में शिफ्ट करने के दौरान स्टाफ नर्स और वार्ड आया ने गंभीर लापरवाही बरती। पीड़ा से बेहाल महिला को बेड उपलब्ध कराने के बजाय घंटों व्हील चेयर पर बिठाए रखा गया।

बीते 8 दिसंबर को बस्तर जिले के अति संवेदनशील क्षेत्र कोलेंग निवासी सीतावती नाग को डिलवरी हेतु मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में एडमिट किया गया। उसका जटिल ऑपरेशन के बाद प्रसव हुआ। महिला को दूसरे दिन लेबर वार्ड से प्रसूति वार्ड में शिफ्ट करने के दौरान परिजनों से ही कह दिया गया कि मरीज को बेड से उठाकर व्हील चेयर पर बिठाओ। मौजूद कर्मियों ने महिला को स्ट्रेचर से ले जाने की जरूरत नहीं समझी। जबकि उस समय महिला की स्थिति काफी नाजुक थी और दर्द से कराह भी रही थी। परिजनों के आपत्ति करने पर नर्स और आया उनसे बदसलूकी पर उतर आए। जब दूसरे वार्ड में प्रसूता महिला को पहुंचाय गया, तो वहां कोई स्टाफ नर्स उपलब्ध नहीं थी। वार्ड आया मरीज को उसी हालात में व्हील चेयर पर छोड़कर मरीज़ के परिजनों से यह कहते हुए चलती बनी कि तुम लोग बेड पर अपनी चादर बिछाओ और मरीज को उठाकर खुद ही बेड पर रखो, यहां चादर नहीं मिलेगी। इस प्रकार लगभग 10 मिनट तक डिलवरी मरीज व्हील चैयर में दर्द से परेशान होती बैठी रही। पीड़िता के परिजनों ने स्टाफ नर्स के वार्ड में नहीं होने से हताश होकर मोबाइल फोन से वीडियो बनाकर सामाजिक कार्यकर्ताओं के माध्यम से मेडिकल कॉलेज के डीन को भेज दी। इसी बीच पहुंची स्टाफ नर्स परिजनों को डांटते हुए कहने लगी कि इस वक्त रात 8 बजे मरीज को तुम लोग वार्ड में लाओगे, तो कोई नहीं देखेगा। जब मामला डीन तक पहुंचा तो स्टॉफ नर्स एक दूसरे पर दोषारोपण करने लगीं। ड्यूटी पर तैनात नर्स, आया, वार्डबॉय में तालमेल का अभाव भी देखा गया। वार्ड में तैनात नर्स ने 10 दिसंबर को सुबह 7 बजे ट्रीटमेंट के दौरान महिला के परिजनों से दुर्व्यवहार करते हुए कहा कि तुम लोग वीडियो बनाकर शिकायत करते हो, अभी दवाई दे रही हूं, फिर से वीडियो बनाकर भेजो।

दूसरे राज्यों से भी जुड़े हैं स्टील प्लांट से लोहा चोरी के तार

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  •  पुलिस ने दर्ज किए पांच कर्मचारियों के बयान
  • ट्रक ड्राईवरों की तलाश चल रही है अनेक प्रदेशों में

अर्जुन झा

जगदलपुर नगरनार स्टील प्लांट से लोहा चोरी के तार अन्य राज्यों से भी जुड़े होने की खबर है। प्लांट के कुछ अधिकारी -कर्मचारियों, सीआईएसएफ जवानों और ठेकेदारों की संलिप्तता पर भी पुलिस की नजर है। पुलिस ने प्लांट प्रबंधन से लोहा निकासी के दस्तावेज मंगाए हैं। फरार ट्रक ड्राईवरों की तलाश के लिए कुछ प्रदेशों में बस्तर जिला पुलिस की टीमें भेजी गई हैं।

राष्ट्रीय खनिज विकास निगम (एनएमडीसी) के नगरनार स्टील प्लांट से बीते दिनों हुई लगभग 25 लाख रु. मूल्य के पिग आयरन चोरी के मामले में फिलहाल पुलिस के हाथ खाली हैं। खबर है कि प्लांट की लोडिंग साईट के सुपरवाईजर सहित वहां ड्यूटी करने वाले 5 कर्मचारियों के बयान पुलिस ने दर्ज कर लिए हैं। अब तक इस मामले में पुलिस को कोई खास सफलता नहीं मिली है। खबर है कि ट्रक चालक की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम दीगर राज्य रवाना की गई है। वाहन चालक के पकड़े जाने के बाद ही रहस्य से पर्दा उठ सकता है। विशेष सूत्रों से जानकारी मिली है कि एनएमडीसी के कुछ कर्मचारी लोहा माफिया से सांठगांठ कर लोहा चोरी को अंजाम दिलाते आ रहे थे। गिरोह के जरिए विगत दो माह से कच्चा लोहा चोरी का कारोबार चल रहा है। इससे सुरक्षा में तैनात सीआईएसएफ के जवानों की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। ज्ञात हो कि नगरनार स्टील प्लांट से 8 दिसंबर को एक ही नंबर सीजी 04 एमके 9383 के दो ट्रकों को पिग आयरन की निकासी करते पकड़ कर सीआईएसएफ ने नगरनार पुलिस के हवाले किया था। दोनों टूक अभी पुलिस की अभिरक्षा में हैं और मामले की जांच नगरनार पुलिस कर रही है। पुलिस प्लांट के दस्तावेजों को भी खंगालने में भी जुटी है। प्लांट के कई कर्मचारियों से पूछताछ की जा चुकी है।

धोखाधड़ी का मामला दर्ज

स्टील प्लांट के शुरू होने के कुछ दिन बाद से ही लोहा माफिया सक्रिय हो गए थे। चर्चा है कि छत्तीसगढ़, ओड़िशा, प. बंगाल और महाराष्ट्र के लोहा कारोबारियों से प्लांट के एक अधिकारी के अच्छे संबंध हैं। प्लांट के कर्मचारियों की मदद से लोहा माफिया कच्चे लोहे की चोरी को अंजाम देने लगे थे। इसमें सीआईएसएफ के जवानों के भी लिप्त होने की चर्चा है। खबर है कि अब तक कई ट्रक पिग आयरन पार किया जा चुका है। इससे नगरनार स्टील प्लांट को अब तक करोड़ों का चूना लगाया जा चुका है। नगरनार थाने से मिली जानकारी के अनुसार पिग आयरन लदे दोनों ट्रक अभी पुलिस अभिरक्षा में हैं। मामले में धारा 420, 468, 471 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना की जा रही है। ट्रक चालकों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें कुछ राज्यों की ओर कूच कर चुकी हैं। चालकों की गिरफ्तारी से मामले का राजफाश हो जाएगा।

वर्सन

मंगाए गए हैं दस्तावेज

नगर पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि पिग आयरन चोरी मामले में लोडिंग साईट के सुपरवाईजर सहित 5 कर्मचारियों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। प्लांट के अधिकारियों से दस्तावेजों की मांग की गई है। दस्तावेजों की भी पड़ताल होगी।

विकास कुमार, सीएसपी, जगदलपुर

परीक्षा दे रहे बच्चों पर गिरा स्कूल की छत का प्लास्टर

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  • मिडिल स्कूल के 6 विद्यार्थी हुए मामूली रूप से घायल

कोंडागांव मिडिल स्कूल बनियागांव में परीक्षा देते बैठे बच्चों पर भवन की छत का प्लास्टर भरभरा कर गिर पड़ा। हादसे में कई बच्चों को मामूली चोटें आई हैं। घायल बच्चों को उपचार के लिए प्राचार्य ने अपने वाहन से तत्काल जिला चिकित्सालय भेजा।

शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बनियागांव की प्राचार्य ज्योति एक्का के मुताबिक विद्यालय में अर्ध वार्षिक परीक्षाएं चल रही हैं। परीक्षा के दौरान कक्षा छठवीं, सातवीं और आठवीं के विद्यार्थियों को भवन के एक कमरे में बिठाया गया था। इसी बीच दोपहर करीब 1 बजे उसी कमरे की छत का प्लास्टर उखड़कर बच्चों पर आ गिरा। इससे 6 बच्चों को मामूली चोट आई है। उन्हें प्राचार्य की कार से कोंडागांव अस्पताल भेजकर उनका प्राथमिक उपचार कराया गया। सभी बच्चे स्वस्थ हैं। विद्यालय में कक्षा छठवीं से आठवीं तक कुल 182 बच्चे अध्यनरत हैं। ग्रामीणों ने बताया कि इस शाला भवन का निर्माण सन 2000 में हुआ था। इन 23 वर्षों में भवन की हालत खस्ता हो गई है। छत काफी कमजोर हो चली है। छत और दीवारों से सीपेज की समस्या बनी रहती है। आएदिन छत के किसी न किसी हिस्से का प्लास्टर गिरते रहता है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि शाला भवन में कभी भी गंभीर दुर्घटना हो सकती है। उन्होंने मिडिल और हायर सेकंडरी स्कूल के लिए नए भवन बनवाने की मांग की है।

अधिकारियों की गर्दन पर अभी भी कसा है नेताओं का ‘पंजा’

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  •  राजनैतिक दबाव में पंचायत सचिव को कर दिया बर्खास्त
  • सुकमा जिले के अधिकारी कर रहे हैं दबाव में काम

अर्जुन झा

जगदलपुर बस्तर संभाग के अधिकारियों की गर्दन पर अभी भी नेताओं का ‘पंजा’ कसा हुआ है। अधिकारियों पर दबाव डालकर पूर्व सत्ताधारी दल के नेता अपनी मर्जी के मुताबिक काम करा रहे हैं।पंचायत स्तर के जो कर्मचारी नेताओं के मनमाफिक काम नहीं करते, सरकारी कार्यों की रकम में धांधली कर हिस्सा नहीं देते उन्हें बर्खास्त करा दिया जाता है या फिर अधिकारियों के जरिए प्रताड़ित किया जाता है। पंजे का ऐसा ही खेल सुकमा जिले में भी चल रहा है। इस जिले में एक पंचायत सचिव को इसलिए बर्खास्त करा दिया गया क्योंकि उसने जनपद के अधिकारियों और नेताओं के कहे अनुसार निर्माण एवं विकास कार्यों की राशि में गड़बड़ी नहीं की और नेताओं व अफसरों को हिस्सा नहीं मिल पाया।

सुकमा जिले के कोंटा विकासखंड की तीन ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों की शिकायत पर सुकमा जिला पंचायत सीईओ देवनारायण कश्यप ने दो सदस्यीय टीम गठित कर पंचायत सचिवों से जुड़े मामले की जांच कराई थी। जांच में कथित रूप से आर्थिक अनियमितता पाए जाने पर पंचायत सचिव उदय भास्कर को बर्खास्त कर दिया गया। जिला पंचायत सीईओ की यह तत्परता सुुकमा जिले में चर्चा का विषय बन गई है। वहीं विगत चार वर्षों से एलमपल्ली पंचायत की जांच वाली फाईल सीईओ के दफ्तर के मेे धूल खाते पड़ी है। इस पंचायत के मामले की निष्पक्ष जांच कराने को लेकर साहब के हाथ पांव फूल जाते हैं। इसका मुख्य कारण राजनीतिक दबाव को बताया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं के एजेंट बनकर काम करने वाले पंचायत सचिव पर जिले के अफसर भी मेहरबान हैं। सत्ता परिवर्तन होते ही भाजपा नेता अब पेंडिंग मामले की फाईल खुलवाने के लिए मंत्रिमंडल गठन का इंतजार कर रहे हैं। कोंटा ब्लाक की कामाराम, कोडासांवली एवं दुलेड ग्राम पंचायतों में विभिन्न विकास व निर्माण कार्यों में कथित अनियमितता की शिकायत ग्रामीणों द्वारा जिला पंचायत सीईओ से की गई थी। शिकायत की जांच के लिए जिला पंचायत सीईओ के आदेश पर दो सदस्यीय दल गठित किया गया था। जांच दल में सहायक परियोजना अधिकारी बलवंत सिंह मार्को एवं एक अन्य अधिकारी शामिल थे। जांच रिपोर्ट के आधार पर शासकीय राशि की गड़बड़ी आरोप में सीईओ श्री कश्यप ने पंचायत सचिव को बर्खास्त करने की कार्रवाई 30 नवम्बर 2023 को की है।

दबाव में बदला जांच अधिकारी

पहले मामले की जांच सुकमा जिले से सहायक जिला पंचायत सीईओ द्वारा निष्पक्ष रूप से की जा रही थी। खबर है कि कांग्रेस नेताओं की मर्जी के अनुसार जांच प्रतिवेदन न बनने पर आनन फानन में सहायक जिला पंचायत सीईओ को जांच प्रक्रिया से हटाकर जांच की जिम्मेदारी एक जूनियर कर्मचारी को सौंप दी गई थी। जूनियर कर्मचारी ने नेताओं के इशारे पर जांच रिपोर्ट आनन- फानन में तैयार कर अपने चहेते अफसर को सौंप दी। इसके बाद सचिव के खिलाफ बर्खास्तगी की कार्रवाई कर दी गई।

नहीं हुई निष्पक्ष जांच

बर्खास्त पंचायत सचिव उदय भास्कर ने आरोप लगाया है कि उनके साथ नाइंसाफी हुई है। राजनीतिक दबाव में निष्पक्ष जांच नहीं हुई और एकपक्षीय कार्रवाई कर दी गई। उदय भास्कर का कहना है कि जांच के दौरान उनका पक्ष तक नहीं लिया गया और न ही किसी प्रकार नोटिस दिया गया है। उन्होंने कहा कि तालाब निर्माण सहित अन्य कार्यों की मजदूरी राशि सरपंच, उप सरपंच एवं जनपद सदस्य की उपस्थित में प्रदान की गई है। राशि वितरण की पावती भी दी गई थी। श्री भास्कर ने आरोप लगाया है कि पंचायत के कुछ अधिकारी उन पर नियम विरूद्ध कार्य करने के लिए दबाव बनाते रहे हैं। ऐसा नहीं करने पर राजनीतिक दबाव में भेदभाव पूर्ण तरीके से जांच कर षड़यंत्र के तहत कार्रवाई की गई है। उन्होने कहा कि पूर्व सचिव द्वारा गबन की गई राशि का दोष उन पर मढ़ दिया गया है। उन्होने जांच दल पर आरोप लगाया है कि बदले की भावना से उन्हें फंसाया गया है।

तो खुल जाएगी कोंडागांव की फाईल

जिला पंचायत सीईओ ग्रामीणों की शिकायत पर जन भावना के अनुसार कार्य किया करते हैं, लेकिन राजनीतिक दबाव में आकर कई बार वे ग्रामीणों के भावना के विपरीत कदम उठाने के लिए भी मजबूर हो जाते हैं। कोंटा ब्लाक की एलमपल्ली ग्राम पंचायत से जुड़ी शिकायत पर भी ऐसा ही हुआ है। इस पंचायत के पूर्व सचिव द्वारा की गई गड़बड़ियों की जांच में भारी गड़बड़ी की गई है। अनियमितता उजागर होने के बाद भी मामला फाईलों में बंद है। खबर है कि एक राजनेता ने अधिकारी पर सचिव की अनियमितता की फाईल बंद करने का दबाव डाला है। अधिकारी को धमकाया गया कि अगर एलमपल्ली के पंचायत सचिव की फाईल खुली, तो कोंडागांव जिले में रहते तुम्हारे द्वारा की गई गड़बड़ी की फाईल भी खुलवा दी जाएगी। इस धमकी से अधिकारी के हाथ पांव फूल गए और उन्होंने पंचायत सचिव का मामला ही बंद कर दिया। वर्तमान में यह सचिव पूर्व मंत्री के गृह क्षेत्र में पदस्थ है।

पेंशनरों का नही लिया बयान

पेंशन भुगतान को लेकर ग्रामीणों द्वारा की गई शिकायत के आधार पर मामले की जांच कराई गई थी। जिन पेंशन धारकों को पेंशन की पात्रता है उनका बयान तक जांच के दौरान दर्ज नहीं किया गया। उन ग्रामीणों का बयान दर्ज किया गया है, जिनका पेंशन से कोई सरोकार नहीं है। यही हाल मजदूरी भुगतान मामले का भी है। जिन्हें पेंशन एवं मजदूरी का भुगतान बराबर किया गया है। इसकी पावतियां सचिव ने संभाल रखी है। निर्माण कार्यों में अनियमितता मामले में मूल्यांकन करने वाला अधिकारी एवं पंचायत इंस्पेक्टर भी संदेह के दायरे में है।

छात्र नेताओं ने किया विधायक लखेश्वर बघेल का स्वागत

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  •  इच्छापुर जोन के कार्यकर्ता और छात्र नेता पहुंचे निवास

जगदलपुर इच्छापुर जोन एवं पीजी कॉलेज छात्र संघठन के पदाधिकारी आज बस्तर विधायक लखेश्वर बघेल को बधाई देने उनके जगदलपुर निवास में पहुंचे।

आए लोगों ने विधायक लखेश्वर बघेल को बुके भेंटकर उनका अभिनंदन किया। बघेल ने कहा कि तीसरी बार फिर मुझे बस्तर विधानसभा क्षेत्र के मतदाताओं ने आशीर्वाद दिया है। समस्त क्षेत्र वासियों, एवं समस्त संगठनों को नमन करते हुए उनके प्रति आभार प्रकट करता हूं। मैं यह जीत बस्तर विधानसभा क्षेत्र की जनता और कार्यकर्ताओं को समर्पित करता हूं। आप सबके सहयोग से बस्तर में विकास की गति लगातार जारी रहेगी। बस्तर विधान सभा क्षेत्र से पुनः विधायक निर्वाचित होने पर विधानसभा स्तरीय कार्यकर्तााओं का दिल से आभार। यह जनता का प्रेम और आशीर्वाद है कि उन्होंने मुझे तीसरी बार विधायक के रूप में चुना है। यह जीत क्षेत्र की जनता और कांग्रेस के कर्मठ कार्यकर्ताओं की जीत है। इस दौरान लखेश्वर मंडावी, चैतराम कश्यप, सुलोकश्यप, सोनू कश्यप, सोनसाय कश्यप, सुकमन कुंजाम, हरि मंडावी, अयनेश्वर, तुलाराम, भोलाराम, लक्की, कुबेर, बिसु कश्यप, मंगल राम, सुकलाल मरकाम, माखन मरकाम,राहुल ध्रुव, भयरम कश्यप, लक्ष्मण कश्यप, राजू मुड़मा, कमलेश नाग, कांग्रेस कार्यकर्ता व ग्रामवासी उपस्थित थे।

विशेष सफाई अभियान में वार्डों की हो रही सफाई

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शहर को स्वच्छ व सुंदर बनाने के उद्देश्य से निगम प्रशासन लगातार सफाई अभियान चलाकर स्वच्छ व सुंदर बनाने में प्रयासरत है ,इस मुहिम को अग्रसर करते आयुक्त श्री हरेश मंडावी सतत निगरानी करते हुए स्वयं सुबह इस सफाई अभियान का निरीक्षण करते अधिकारियों एवं कर्मचारियों से चर्चा कर इसे सफल बनाने के योजना बनाकर सफाई व्यवस्था को व्यवस्थित करने का प्रयास कर रहे हैं । नगर निगम के द्वारा कलेक्टर के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष सफाई अभियान लगातार चलाए जाकर सफाई कर्मचारियों की गैंग बनाकर शहर के वार्डो में सफाई किया जा रहा है । जिससे वार्ड के नालियों की पूरी तरह सफाई की जा रही है । इस अभियान का वार्ड के लोगों के द्वारा काफी सराहना की किया जा रहा है ।

साथ ही सफाई कर्मचारी ,स्वच्छता दीदी ,एन यु एल एम की टीम सफाई करने के साथ वहां के रहवासियों एवं दुकानदारों को मुहिम से जोड़कर शहर को स्वच्छ सुंदर बनाने के लिए नालियों एवं सड़कों पर कचरा ना डालने का संकल्प दिलाया जा रहा है । इस सफाई अभियान से शहर की जनता का पूरा सहयोग मिलने के साथ अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है । आज इस अभियान को मोतीलाल नेहरू ,अटल बिहारी वाजपेई ,राजेंद्र नगर ,मदर टेरेसा ,व अन्य वार्डो में नालियों एवं पुलियों का सफाई कर्मचारियों से सफाई कर अभियान चलाया गया । स्वच्छता विभाग के हेमंत श्रीवास ,अजय बनिक ,दामोदर ,सुशील कर्मा व अन्य अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे ।

नारायणपुर जिले में चार नक्सली चढ़े पुलिस के हत्थे

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  • हत्या, आईईडी ब्लास्ट, मार्ग अवरुद्ध करने की वारदातों में रहे हैं लिप्त

जगदलपुर हत्या, आईईडी विस्फोट, मार्ग बाधित करने समेत अन्य गंभीर वारदातों में शामिल रहे चार नक्सलियों को गिरफ्तार करने में नारायणपुर जिला पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है।

पुलिस अधीक्षक पुष्कर शर्मा के नेतृत्व में नारायणपुर पुलिस लगातार नक्सल विरोधी अभियान चला रही है। इसी कड़ी में 4 संदेहियों को पकड़ा गया है। इनमें समलू कोर्राम निवासी हितुलवाड़, शंकर कश्यप निवासी गुमटेर, लखमा कोर्राम निवासी गुदाड़ी एवं धनसिंग कोर्राम निवासी बड़ेनहोड़ पारा कोंगेरा शामिल हैं। पूछताछ करने पर समलू कोर्राम और शंकर कश्यप ने इसी साल 7 एवं 9 अप्रैल को पेरमापाल व बाहकेर के मध्य ग्रामीणों तथा सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने के इरादे से किए गए आईईडी विस्फोट में शामिल होना स्वीकार किया है। इन दोनों घटनाओं पर थाना छोटेडोंगर में अलग अलग अपराध पंजीबद्व हैं।

लखमा कोर्राम ने 20 मार्च 2023 को मुख्य मार्ग पर धनोरा और ओरछा के मध्य पत्थर एवं लकड़ी रखकर आवागमन अवरूद्व करने की घटना में शामिल होना स्वीकार किया है। जिस पर थाना ओरछा में अपराध पंजीबद्व किया गया था। धनिसिंग कोर्राम ने बताया है कि उसने गत 4 नवंबर को कौशलनार साप्ताहिक बाजार में अन्य माओवादियों के साथ मिलकर रतन दुबे की हत्या की वारदात को अंजाम दिया था। इस मामले में थाना झारा में अपराध पंजीबद्व है। आरोपी समलू कोर्राम एवं शंकर कश्यप को थाना छोटेडोंगर एवं आरोपी लखमा कोर्राम को थाना ओरछा के अपराध एवं आरोपी धनसिंग कोर्राम को थाना झारा के अपराधिक प्रकरण में गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर न्यायालय पेश किया गया है। छोटेडोंगर थाने में समलू कोर्राम पिता पाण्डे कोर्राम उम्र 28 वर्ष निवासी हितुलवाड़ एवं शंकर कश्यप पिता सिंगलू कश्यप उम्र 25 वर्ष निवासी ग्राम गुमटेर के खिलाफ धारा 147, 148, 149, 307, 120 बी भादवि. 3, 5 वि.प.अधिनियम 10, 13, 16, 20, 23, 38, 39 यूएपीए के तहत जुर्म पंजीबद्ध है। लखमा कोर्राम पिता चैतूराम कोर्राम उम्र 42 वर्ष निवासी गुदाड़ी थाना ओरछा के खिलाफ धारा 147, 148, 149, 341, 431, 120 बी भादवि. 25 आए 3(2) लो.स.क्ष.नि.अधिनियम 8 (1)(3) (5) छग जन सुरक्षा अधिनियम के तहत मामला दर्ज है। वहीं धनसिंह कोर्राम पिता मुंगाराम कोर्राम उम्र 40 वर्ष निवासी बड़ेनहोड़पारा कोंगेरा थाना झारा के खिलाफ धारा 302, 34 भादवि, 25, 27 आर्म्स एक्ट 10, 13, 16, 20, 38, 39 यूएपीए का मामला दर्ज है।

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