आप सब को सूचित किया जाता है भगवान श्री राम जी की कृपा से दिनांक 16/01/2021 दिन शनिवार, दोपहर को चिखलाकसा कला मंच से श्री राम जन्म भूमि निधि समर्पण अभियान हेतु भव्य शोभायात्रा नगर भ्रमण के लिए निकलेगा…
अतः आप सभी धर्म प्रेमी सनातन धर्मी भाई बहनो से निवेदन है की शोभायात्रा में अधिक से अधिक संख्या में सम्मिलित होकर अभियान को सफल बनाये….
विनीत श्रीराम जन्मभूमि निधि समर्पण अभियान दल्ली राजहरा
पाटेश्वर धाम के संत राम बालक दास जी द्वारा संचालित ऑनलाइन सत्संग को आज पूरे 9 माह पूर्ण हो गए बाबाजी ने सभी भक्तजनों को इसके लिए कोटि-कोटि धन्यवाद तो प्रेषित किया ही एवं उन्हें ढेरों सारी बधाई भी दी गई प्रतिदिन की भांति ऑनलाइन सत्संग का आयोजन सीता रसोई संचालन ग्रुप में किया गया जिसमें सभी भक्तगण वर्तमान में राम बालक दास जी के श्री मुख से उद्धृत गीता का श्रवण आनंद प्राप्त कर रहे हैं, एवं अपने आप को पावन पवित्र भी कर रहे हैं |
आज की गीता चर्चा में बाबा जी ने बताया कि गीता में भगवान श्रीकृष्ण ने हमें अपनी शरण में आने को प्रेरित किया है चौथे अध्याय के 36 श्लोक में श्री कृष्ण जी कहते हैं कि संपूर्ण पापियों से भी अधिक पाप करने वाला व्यक्ति भी ज्ञान रूपी नौका से निः संदेह पार हो जाएगा, पर यह समझना जरूरी है भगवान श्री कृष्ण जी किस पाप से मुक्त होने को कह रहे हैं |
इसके लिए हमें गीता को पूरे ध्यान से पढ़ना आवश्यक है भगवान श्री कृष्ण गीता में अपने वचन से प्रत्येक वाक्य में आकाशवाणी कर रहे हैं, की हम किस प्रकार अपना उद्धार कर सकते हैं, वर्तमान में तो यही हो रहा है कि जो जितना ज्ञानी है उसे उतना ही अधिक अहंकार हो रहा है ऐसा नहीं होना चाहिए ज्ञान अपने जीवन में धारण करने की चीज है ज्ञान अर्थात पाना जिसे पाकर जीवन में परिवर्तन वैराग्य आता है लोभ लालच नहीं समर्पण त्याग आता, तो ही आपका गीता ज्ञान भी पूर्ण होगा
इस श्लोक में श्रीकृष्ण जी ने स्पष्ट किया है कि तू मेरी शरण में आ जा इस में संकोच नहीं होना चाहिए, भगवान की शरण में जाने पर यह कभी नहीं सोचना चाहिए कि हमने तो पाप किए हैं भगवान हमें अपनी शरण में कैसे लेंगे, यह वही परमात्मा है जो हमारे पापों से भी हमें मुक्ति दिलवा देंगे और हमारा उद्धार करेंगे अतः निसंकोच श्री कृष्ण जी की शरण में आपको अपने पापों को धोने हेतु जाना चाहिए एवं इस गीता ज्ञान का श्रवण एवं पठन अवश्य रूप से करना चाहिए
मकर सक्रांति पर्व पर पाठक परदेसी जी ने, जिज्ञासा रखते हुए बाबा जी से प्रश्न किया कि मकर संक्रांति पर तिल गुड़ का दान क्यों किया जाता है, विषय को स्पष्ट करते हुए बाबा जी ने बताया कि यहां पर भगवान शनिदेव की कथा आती है जिसमें भगवान शनिदेव अपने रुष्ट पिता सूर्य को मनाने हेतु उनको तिल और तिल के तेल से पूजन करते हैं तभी से भगवान शनि देव को भी तेल अति प्रिय है और क्योंकि मकर सक्रांति के दिन ही सूर्यनारायण मकर राशि में आते हैं और मौसम भी अपनी करवट बदलता है और यह परिवर्तन का समय होता है इसीलिए इस तरह का टिल डामन का विधान रखा गया है |
इस प्रकार आज का ज्ञान पूर्ण सत्संग पूर्ण हुआ जय गौ माता जय गोपाल जय सियाराम
23 जनवरी 2021 को जिला स्तरीय पारिवारिक मिलन समारोह व 110 सदस्यों का होगा सम्मान: शंकर साहू जिलाध्यक्ष
फेडरेशन समाचार-मानपुर//- “”””””””””””””””””””””””””””””””” छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक की फेडरेशन के राजनांदगांव जिलाध्यक्ष- शंकर साहू व मानपुर के ब्लॉक अध्यक्ष- यशवंत देशमुख ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि विकासखंड शिक्षा अधिकारी-मानपुर को 09 सूत्रीय समस्याओं को हल कर ब्लॉक अध्यक्ष मानपुर को 03 दिवस के भीतर सत्यापित प्रतिलिपि के साथ संपूर्ण जानकारी देने की बात विकासखंड शिक्षाधिकारी व प्रतिनिधिमंडल के बीच सहमति बनी।
फेडरेशन के राजनांदगांव जिलाध्यक्ष-शंकर साहू,जिला उपाध्यक्ष-कुशल हदगिया व ब्लॉक अध्यक्ष-यशवंत देशमुख ने बताया कि 09 सूत्रीय मांग निम्नानुसार है-
➡️01. सेवा पुस्तिका का संधारण व द्वितीय प्रति का संधारण अविलंब शिविर लगाकर किया जावे।
➡️02. सी. पी.एफ. कटौती की पासबुक का संधारण किया जावे।
➡️03. बैंक लोन संबंधी प्रकरणों का अविलंब कार्यालय से निपटान किया जावे,ताकि लोन लेने में होने वाली दिक्कतों से निजात मिल सकें।
➡️04. सर्व शिक्षा अभियान की 2011 से लंबित एरियर्स तथा डी.ए. एरियर्स राशि की भुगतान किया जावे।
➡️05. समान पद से समान पद व निम्न पद से उच्च पद की एरियर्स राशि का भुगतान अविलंब किया जावे।
➡️06. अनुकंपा नियुक्ति के साथ अन्य प्रकार की समस्त देय राशि की प्रकरणो को तत्काल जिला कार्यालय भेजकर हल किया जावे,जिस पर विकासखंड शिक्षाधिकारी ने जानकारी दिया कि समस्त अनुकंपा नियुक्ति वालों को नियुक्ति प्रदान किया जा चुका है।
➡️07. मेडिकल व प्रसूति अवकाश की भुगतान की बात पर सभी प्रकरणों का हल हो जाना विकासखंड शिक्षाधिकारी द्वारा बताया गया।
➡️08. उच्च परीक्षा/कार्योत्तर अनुमति जिला कार्यालय से लंबित होना बताया गया।
➡️09. समयमान वेतनमान की एरियर्स की भुगतान अविलंब किया जावे।
➡️10. प्रत्येक माह वेतन पर्ची संकुल के माध्यम से वितरित किया जावे।
जिलाध्यक्ष-शंकर साहू व ब्लॉक उपाध्यक्ष-नवीन ठाकुर ने आगामी 23 जनवरी 2021 को बालाजी ड्रीम सिटी-सोमनी,राजनांदगांव में भव्य पारिवारिक मिलन समारोह तथा 110 फेडरेशन के सक्रिय कर्मयोध्दा सम्मान किया जाना है जिसकी जानकारी दिया गया तथा उक्त कार्यक्रम में मानपुर ब्लॉक से शत प्रतिशत उपस्थिति पर सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया।
छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक फेडरेशन ब्लॉक इकाई-मानपुर के ब्लॉक स्तरीय बैठक व विकासखंड शिक्षाधिकारी से बातचीत करने के दौरान प्रतिनिधि मंडल में प्रमुख रूप से राजनांदगांव फेडरेशन के जिलाध्यक्ष- शंकर साहू, ब्लॉक अध्यक्ष-मानपुर यशवंत देशमुख, जिला उपाध्यक्ष-कुशल कुमार हदगिया,जिला मीडिया प्रभारी-किशोर साहू,ब्लॉक उपाध्यक्ष-नवीन कुमार ठाकुर,ब्लॉक अध्यक्ष मोहला-सुनील शर्मा,जिला कार्यकारिणी सदस्य-संजीव कुमार साहू,ब्लॉक कोषाध्यक्ष-नरेंद्र कुमार मानिकपुरी,ब्लॉक उपाध्यक्ष मोहला-श्रवण कुमार डहरे,संकुल प्रभारी-अश्वनी कुमार देशलहरे,ब्लॉक मानपुर के महामंत्री-तुकाराम साहू,ब्लॉक सदस्य-चुरामन साहू आदि उपस्थित थे।
उपरोक्त जानकारी मीडिया में नवीन ठाकुर ब्लॉक उपाध्यक्ष- मानपुर छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक फेडरेशन जिला-राजनांदगांव
रायपुर। अविभाजित बस्तर जिले के जंगलों में दबे माओवादियों की धमक राजधानी रायपुर सहिंत भिलाई-दुर्ग जैसे पॉश इलाकों तक कैसे पहुंचे।इसका जवाब तत्कालीन गृहमंत्री बृजमोहन अग्रवाल को जनता को देना चाहिए और यह बताना भी जरूरी है कि भाजपाईयों के सांठ-गांठ नक्सलियों से उजागर हुए उसके लिए रमनसिंह सरकार ने क्या किया उसका उत्तर भी जनता को मिलना चाहिए ?उक्त आरोप छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी आईटी सेल व सोशल मीडिया प्रदेश महासचिव योगेश पानीग्राही ने लगाते हुए सवाल दागे हैं।
आईटी सेल प्रदेश महासचिव योगेश पानीग्राही ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कभी भी नक्सलियों से बातचीत करने की बात नहीं कही है। उन्होंने मीडिया को स्पष्ट रूप से कहा है कि नक्सलियों के समाधान के लिए जनता के बीच पहुंचकर चर्चा करेंगे।इसी तर्ज पर भूपेश बघेल सरकार व गृह मंत्री ताम्रध्वज साहू के निर्देश बस्तर की पुलिस सुरक्षा,विश्वास व विकास की त्रिवेणी के माध्यम से जनता का दिल जीत रही है जबकि पंद्रह वर्षों में खासकर बृजमोहन अग्रवाल के गृहमंत्रीत्व कार्यकाल में माओवादियों की धमक राजधानी रायपुर तक हो गई थी जिसके कारण वह नक्सलियों से लड़ने की बजाय पद छोड़ कर भागे थे इसलिए उन्हें इस मसले पर प्रतिक्रिया देने के हकदार भी नहीं हैं।
मौके से 05 मोटर सायकल, 07 मोबाईल एवं ताश के पत्ते बरामद
जप्त सम्पत्ति की कुल कीमत 2,50,000/- रूपये (मोटर सायकल, मोबाईल, नगद)
थाना सिटी कोतवाली जगदलपुर को आसना जंगल में चल रहे जुआ के फड़ पर रेड कार्यवाही कर 07 आरोपियों को पकड़ने में सफलता हासिल की गई है । ज्ञात हो कि सूचना प्राप्त हुई थी कि आसना जंगल में कुछ जुआड़ी ताश के पत्तो पर रूपये पैसे का दांव लगाकर जुआ खेल रहे है सूचना पर पुलिस अधीक्षक श्री दीपक कुमार झा, अति. पुलिस अधीक्षक श्री ओम प्रकाश शर्मा के मार्गदर्शन एवं नगर पुलिस अधीक्षक श्री हेमसागर सिदार के पर्यवेक्षण में रेड कार्यवाही हेतु थाना प्रभारी कोतवाली एमन साहू के नेतृत्व में टीम तैयार कर दर्शित स्थल पर रेड कार्यवाही किया गया । रेड कार्यवाही के दौरान 07 जुआड़ी जुआ खेलते रंगे हाथ पकड़े गये जिनके फड़ एवं पास से 42,690/-रूपये नगद, 07 नग मोबाईल, 05 नग मोटर सायकल, ताश के पत्ते बरामद किया गया । उक्त 07 आरोपियों के विरूद्ध धारा 13 जुआ एक्ट के तहत अपराधिक प्रकरण पंजीबद्ध कर गिरफ्तार कर कार्यवाही किया गया है । उक्त जप्त सम्पत्ति की सम्पूर्ण अनुमानित कीमत – 2,50,000/- रूपये ऑकी गई है।
भारतीय जनता पार्टी पंद्रह साल तक सत्ता सुख भोगने के कारण छत्तीसगढ़ में अपने संघर्ष काल के पुराने तेवर भूल गई है। राज्यव्यापी किसान आंदोलन के नाम पर उसने विधानसभा क्षेत्रों में जो आंदोलन किया गया, उसमें भाजपाई राजनीति वह दमखम नहीं दिखा पाई, जो विपक्ष में बैठे दल से अपेक्षित होता है। छत्तीसगढ़ की राजनीति में पंद्रह वर्षों तक सत्ता सुख भोगने वाली राष्ट्रीय पार्टी के नेताओं को कांग्रेस के विरोध के दौरान असहज महसूस किया गया। कुछ नेता अपने प्रभार क्षेत्र को छोड़कर अपनी राजनीति चमकाने में भी कसरत करते देखे गए।
ट्रेक्टर व बैलगाड़ी में सवार होकर फोटो बाजी करते नजर आने वाले नेताओं ने भविष्य की चुनावी तैयारियों की झलक पेश की। लेकिन उन्हें बस्तर में ऐसा भाव कहीं नहीं मिला, जैसी कि वे उम्मीद कर रहे थे। भारतीय जनता पार्टी ने किसानों के जो मुद्दे उठाए, उसमें केंद्रीय मुद्दे थे जिसके कारण धरना- प्रदर्शन स्थलों पर भाषणबाजी के दौरान नेता कई बार बगले भी झांकते नजर आए। किसानों के मुद्दे पर आंदोलन में किसानों की दूरी अपने आप में चर्चा का विषय है। जितने भी शहरी क्षेत्र के नेतागण थे, वह सिर्फ और सिर्फ फोटोबाजी में मशगूल थे और दूसरे क्षेत्र के प्रभारी अपनी सियासी फसल उगाने की फिराक में लगे रहे। बस्तर में भाजपा पूरी तरह उजड़ चुकी है। यहां अंचल की सभी बारह सीटों पर कांग्रेस काबिज है तो लोकसभा चुनाव में पूरे राज्य में शानदार प्रदर्शन के बावजूद बस्तर में कमल नहीं खिल सका। वैसे तो कांग्रेस ने भाजपा से कोरबा लोकसभा सीट भी छीनी है लेकिन बस्तर की बात अलग है।
दोनों जगह परिणाम के कारण अलग अलग हैं। कोरबा में कांग्रेस की जीत के कारण अलग हैं तो बस्तर में यहां जो माहौल विधानसभा चुनाव के दौरान बना, वह लोकसभा चुनाव में भी बरकरार रहा। इसकी वजह है कि बस्तर का भाजपा से मोहभंग हो गया। इसके पीछे भाजपा नेताओं का ही हाथ रहा है। अन्यथा बस्तर तो भाजपा का लगातार साथ दे रहा था। भाजपा जब तक बस्तर में तरती रही, तब तक वह राज्य में सरकार बनाती रही। जब बस्तर में भाजपा विरोधी आंधी चली तो पूरे राज्य में भाजपा विरोधी लहर ने असर दिखा दिया। बस्तर में उजड़ने के बाद भाजपा का मनोबल टूट गया है। यदि लोकसभा चुनाव में उसने बाजी मार ली होती तो भविष्य में उसके लिए उम्मीद पैदा हो सकती थी। मगर विधानसभा चुनाव में सफाए के बाद भाजपा ने संघर्ष नहीं किया। जबकि पंद्रह साल तक हर पल भाजपा से लोहा लेती रही कांग्रेस ने अपने जुझारू तेवर राज्य की सत्ता में काबिज होने के बाद भी कायम रखे, जिसका फायदा उसे मिल रहा है। कहते हैं कि गुजरा हुआ जमाना, आता नहीं दोबारा! अगर भाजपा को इस स्थिति को बदलना है तो अपने पुराने तेवर वापस हासिल करने होंगे। अन्यथा जीतने साल कांग्रेस को इंतजार करना पड़ा, वैसे ही भाजपा को भी बस्तर के कांग्रेस से मोहभंग होने की प्रतीक्षा करनी होगी।
अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति और संयुक्त किसान मोर्चा के देशव्यापी आह्वान पर छत्तीसगढ़ किसान सभा ने भी गांव-गांव में लोहड़ी और मकर संक्रांति के पर्व पर संकल्प सभाएं आयोजित की और किसान विरोधी काले कानूनों के प्रमुख पहलुओं को सामने रखा और कृषि कानूनों की प्रतियां व मोदी-अडानी-अंबानी के पुतले जलाए गए।किसान सभा कार्यकर्ताओं और ग्रामीण जनों ने अंतिम सांस तक खेती-किसानी को बर्बाद करने वाले इन कॉर्पोरेटपरस्त कानूनों के खिलाफ संघर्ष करने की शपथ ली। सरगुजा, सूरजपुर, बिलासपुर, कोरबा, मरवाही, बस्तर सहित 12 से ज्यादा जिलों में ये कार्यक्रम आयोजित किये गए। रायगढ़ में किसान संघर्ष समन्वय समिति के बैनर पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया गया है। छत्तीसगढ़ किसान सभा ने दूसरे संगठनों के साथ मिलकर 26 जनवरी को ब्लॉक स्तर पर किसान गणतंत्र परेड आयोजित करने की भी घोषणा की है।
छग किसान सभा के अध्यक्ष संजय पराते और महासचिव ऋषि गुप्ता ने बताया कि हमारे देश के किसान न केवल अपने जीवन-अस्तित्व और खेती-किसानी को बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं, बल्कि वे देश की खाद्यान्न सुरक्षा, सार्वजनिक वितरण प्रणाली तथा संप्रभुता की रक्षा के लिए भी लड़ रहे हैं। उनका संघर्ष उस समूची अर्थव्यवस्था के कारपोरेटीकरण के खिलाफ भी हैं, जो नागरिकों के अधिकारों और उनकी आजीविका को तबाह कर देगा। इसीलिए देश का किसान आंदोलन इन काले कानूनों की वापसी के लिए खंदक की लड़ाई लड़ रहा है और अपनी अटूट एकता के बल पर इस आंदोलन को तोड़ने की सरकार की सजिशों को मात दे रहा है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार को यह समझना होगा कि देश की संप्रभुता किसी सरकार या सुप्रीम कोर्ट में नहीं, बल्कि आम जनता में निहित है, जिसे संविधान में ‘हम भारत के लोग’ के जरिये अभिव्यक्त किया गया है।
किसान सभा नेताओं ने बताया कि 23 जनवरी को जगह-जगह अधिकारियों को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपे जाएंगे। इस ज्ञापन में इन किसान विरोधी काले कानूनों को वापस लेने के साथ ही सी-2 लागत का डेढ़ गुना न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित करने का कानून बनाने, इस मूल्य पर सभी फसलों का खरीदना सुनिश्चित करने व इसका उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्ति को जेल भेजने की मांग की जाएगी।
जिला प्रशासन इंडियन रेडक्रास सोसायटी बालोद द्वारा नगर पालिका परिषद बालोद के स्वच्छता मित्र महिला स्व सहायता समूह को साबुन एवं माक्स वितरण नगर पालिका अध्यक्ष बालोद विकास चोपडा,व रेडक्रॉस उपाध्यक्ष डाँ. प्रदीप जैन के कर कमलो से किया गया। इस
अवसर पर डां.प्रदीप जैन जी ने स्वच्छता मित्रो से कहा कि आप लोग स्वस्थ्य रहेगे तभी पूरा शहर स्वास्थ्य रहेगा ,क्योंकि सफाई की जिम्मेदारी आप लोगों पर है।एवं अध्यक्ष विकास चोपड़ा जी ने भी अपने उद्बोधन मे कहा कि हमे सावधानी के साथ कोरोना से लडना है साबुन
और मास्क का उपयोग अनिवार्यतः करना है। इस अवसर पर मुख्य रुप से सभापति निर्देश पटेल, रेडक्रॉस जिला संगठक चन्द्रशेखर पवार, ब्लाक प्रभारी सीमा सुशील जामवन्ते,कमला वर्मा, राकेश सोनटेके, रोहित देशमुख ,आर्य जी के साथ स्वच्छता मित्रो की उपस्थिति रही।
चिखलाकसा – प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत चिखलाकसा से कुरुर्भाट, अड़जाल तक की लंबाई 10, 05 कि.मी. की कार्य ठेकेदार- मेसर्स रत्ना खनिज उद्योग को पैकेज क्रमांक CG-21-104, 5 करोड़ की लागत की राशि से रोड़ बना जा रहा है। जो कि निर्माण दिनांक से 5 दिन भी नहीं टिका रोड़ डामर रोड 5 दिन में ही उखड़ गया व रोड में दरार आ गयी है।
चिखलाकसा एवं आस पास के ग्रामीणों द्वारा लगातार शिकायत नगर पंचायत में की जा रही थी। शिकायत पश्चात् सांसद प्रतिनिधि विक्रम धुर्वे एवं नगर पंचायत अध्यक्ष भिखी मसिया, उपाध्यक्ष अब्दुल इब्राहिम सैययद व पार्षदगण सड़क निरीक्षण में पहुंचे कार्यपालन अभियंता
सुनील नामदेव से इस संबंध में निरीक्षण स्थल में पहुंच कर चर्चा की कार्यपालन अभियंता द्वारा कहां गया कि सड़क खराब होगी तो फिर बन जाएंगी आप लोगो को परेशानी है तो काम को बंद करवा देता हूं। पांच वर्ष की अवधि तक रोड के मरम्मत की जवाबदेही ठेकेदार की है। किन्तु यह सोचकर आज के समय खराब सड़क निर्माण कहां तक उचित है।
इन सब कारणों को देखते हुए मंत्री जी से हस्तक्षेप हेतु आग्रह किया गया |
बालोद – सप्ताह भर पहले सिटी मीडिया द्वारा राजहरा माइंस के क्षेत्रों में एवं चिखलाकसा कौओं के मारने पर बर्ड फ्लू की आशंका व्यक्त की गई थी जो कि सच साबित हुई और साथ ही लोगों से सावधान रहने की अपील की गई थी | प्राप्त जानकारी के अनुसार डौंडी लोहारा क्षेत्र के अंतर्गत एक पोल्ट्री फॉर्म में 210 मुर्गियों की मौत हो गई थी जिसके बाद पशु चिकित्सा विभाग द्वारा भोपाल लैब टेस्ट के लिए भेजा गया था जहाँ से 05 मुर्गियों की रिपोर्ट में H5N8 पॉजिटिव अर्थात बर्ड फ्लू की वजह से मौत हुई |
जिले में बर्ड फ्लू की पुष्टि होने के बाद हडकंप मच गया है | H5N8ये वायरस बहुत ज्यादा खतरनाक है,ये अपनी चपेट में आए इंसानों और पक्षियों को बहुत अधिक प्रभावित करता है। बर्ड फ्लू इंफेक्शन चिकन और बत्तख की प्रजाति जैसे पक्षियों को सबसे ज्यादा प्रभावित करता है। इससे इंसान और पक्षियों की मौत तक हो सकती है इसलिए इसके प्रति काफी सावधान रहने की जरूरत है।