आज राहुल गांधी जी एक दिवसीय छत्तीसगढ़ प्रवास में विभिन्न कार्यक्रमों में शिरकत करने के बाद दिल्ली वापसी के दौरान विशेष विमान से बस्तर सांसद दीपक बैज व कोरापुट सांसद सप्तगिरी शंकर उल्का भी साथ दिल्ली रवाना हुए…यात्रा के दौरान डेढ़ घंटे के इस समय में राहुल गांधी जी के साथ दोनो आदिवासी युवा सांसदों ने बस्तर, छत्तीसगढ़ सहित राष्ट्रीय मुद्दों पे चर्चा की निश्चित रूप से आने वाले समय में बस्तर सहित छत्तीसगढ़ को इसका लाभ मिलेगा…
राहुल को परोसा गया चीला और चौसेला, जमीन पर बैठकर खाई रखिया बड़ी और बिजौरी
भूमिहीन श्रमिक, गोधन और राजीव गांधी योजना हितग्राही, गांधीवादी विचारक थे शामिल
कुल्हाड़ी घाट के बन सिंह ने राजीव गांधी जी से मिलाया था हाथ
रायपुर। सांसद राहुल गांधी ने गुरूवार को छत्तीसगढ़ शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के हितग्राहियों के साथ भोजन किया। भोजन करने वालों में मैनपुर के कुल्हाड़ी घाट के बन सिंह भी शामिल थे। उन्होंने 1985 में तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी के कुल्हाड़ी घाट प्रवास के दौरान उनसे हाथ मिलाया था और अब राहुल गांधी के बगल में बैठकर भोजन किया। राहुल गांधी को बन सिंह ने इस संबंध में बताया तो उन्होंने खुशी जतायी। राहुल ने वहां पर आए हितग्राहियों के साथ जमीन में बैठकर खाना खाया। उनकी थाली में चीला और चौसेला परोसा गया। उन्होंने रखिया बड़ी और बिजौरी का भी स्वाद लिया।
पंगत में राजीव गांधी न्याय योजना, किसान न्याय योजना, राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन किसान मजदूर योजना, गोधन न्याय योजना के हितग्राही शामिल थे। इस अवसर पर राहुल गांधी ने परम्परागत छत्तीसगढ़ी भोजन का स्वाद लिया। फर धनिया से बनी मुनगा भाठा रखिया बड़ी की सब्जी के स्वाद ने उन्हें आनंदित किया। छत्तीसगढ़ी थाली में परंपरागत रूप से स्वाद बढ़ाए जाने के लिए रखे बिजौरी का स्वाद भी उन्होंने चखा। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने उन्हें परंपरागत छत्तीसगढ़ी भोजन के बारे में बताया। राहुल गांधी की थाली में टमाटर चटनी भी परोसा गया। ठंड के दिनों में छत्तीसगढ़ में सिलबट्टे पर बनी टमाटर चटनी का भरपूर चलन है। थाली में यह भी परोसा गया। धान के कटोरे में व्यंजन भी चावल के ही लोकप्रिय हैं और इसलिए चीला भी थाली में रखा गया था। छत्तीसगढ़ में उत्सवों के अवसर पर चौसेला बनाने का चलन है। इस तरह स्वादिष्ट छत्तीसगढ़ी व्यंजनों की भरमार दिखी और उन्होंने रुचि से इसे खाया।
मुख्यमंत्री और महंत भी हुए शामिल
खाने के साथ स्वीट डिश भी परोसा गया। गुलाब जामुन और मूंग हलवा के साथ ही छत्तीसगढ़ का परंपरागत मुर्रा लड्डू भी परोसा गया। पंगत बिछी थी और पंगत में सांसद गांधी के साथ साथ मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, विधानसभा अध्यक्ष चरणदास महंत, विधायक मोहन मरकाम के साथ सचिन राव भी बैठे। गांधीवादी विचारकों ने भी उनके साथ भोजन किया।

भोजन के बाद चला चर्चा का दौर
भोजन के पश्चात सांसद गांधी ने हितग्राहियों से चर्चा भी की। गोधन न्याय योजना की हितग्राही धरसींवा से आई शकुन वर्मा ने भी गांधी के साथ भोजन किया। उन्होंने बताया कि योजना के फलस्वरूप गोबर बेचकर उन्होंने 60 हजार रुपये की राशि कमाई और इस बचत से अपने सपनों को पूरा किया। खेती के अलावा गोबर बेचने से मिली आय से अब बचत काफी बढ़ गई है। राजीव गांधी ग्रामीण भूमिहीन किसान मजदूर योजना के हितग्राही नवागांव के तोरण यादव ने बताया कि पहली बार ऐसी सरकार आई है जिसने भूमिहीनों के बारे में कोई योजना बनाई है। राजीव गांधी किसान न्याय योजना से लाभान्वित भागवत साहू ने भी सांसद राहुल गांधी के साथ भोजन किया।
दल्ली राजहरा से ट्रेन का तीसरा फेरा एवं एक्सप्रेस सेवा पुनः प्रारंभ, जाने कब से
दल्ली राजहरा से ट्रेन का तीसरा फेरा एवं एक्सप्रेस सेवा प्रारंभ किया जा रहा है दिनांक 11/02/2022 से प्रतिदिन गाड़ी संख्या 07823 दल्ली राजहरा से केवटी सुबह 4:00 बजे केवटी से वापस सुबह 4:50 को। गाड़ी संख्या 07825 दल्ली से दुर्ग शाम 6:30 दल्ली से निकलेगी।दुर्ग पहुंचेगी 8:30 रात को। गाड़ी संख्या 07817दुर्ग से वापसी रात 9:00 बजे दल्ली पहुंचने का समय 10:55 रात एवं दिनांक 14/02/2022 से सप्ताह में 3 दिन एक्सप्रेस सेवा फिर से शुरू हो रही है गाड़ी संख्या 07826 दल्ली से दुर्ग सुबह 6:25 को निकलेगी दुर्ग पहुंचने का समय सुबह 8:25 को।गाड़ी संख्या 07827 दुर्ग से दल्ली सुबह 8:35 दुर्ग से निकलेगी दल्ली पहुंचने का समय 10:35 सुबह। यह एक्सप्रेस सेवा सप्ताह में 3 दिन सोमवार,मंगलवार,बुधवार को रहेगी।



घर बैठे Amazon के साथ ऑनलाइन शॉपिंग करें, स्पेशल ऑफर के साथ लिंक क्लिक करें
https://36bestonlinesale.com/home

खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के उप संचालक कार्यालय में साढ़े 10 बजे तक लटका रहा ताला
सहायक आयुक्त, महिला बाल विकास,खनिज शाखा सहित अन्य विभागों में निर्धारित समय पर अधिकांश कर्मचारी नहीं पहुंच दफ्तर
मुख्य वन संरक्षक टायगर रिजर्व कार्यालय में चपरासी को छोड़ अधिकांश कार्यालय सवा 10 बजे तक नहीं पहुंचे दफ्तर
जगदलपुर – प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के द्वारा 26 जनवरी को सप्ताह में पांच दिन शासकीय दफ्तर संचालित करने की घोषणा किया गया था जिसे आज दिनांक 3 फरवरी से लागू कर दिया गया है। घोषणा के आज पहले दिन ही औषधि प्रशासन विभाग के उप संचालक कार्यालय में 10.25 बजे तक ताला लटका रहा वहीं कलेक्टर दफ्तर जिला पंचायत इंद्रावती टाईगर रिजर्व दफ्तर में कुछ कर्मचारियों को छोड़ दे तो अधिकांश कर्मचारी आज निधारित समय पर दफ्तर नहीं पहुंचे। जबकि आज कार्यालय समय 10 से 5.30 बजे तक निर्धारित किया गया है।
प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश की जनता के लिए जो भी घोषणा करते है उसे अमलीजामा पहनाने में सफल रहे है चाहे वह टाटा से जमीन वापसी की बात हो या किसानों का धान खरीदने या अन्य घोषणा सभी को पूरा करने में सफल रहे है जो आज प्रदेश की जनता ही देश भर में अपना बेहतर नेता का दर्जा हासिल करने से सफल रहे है।
आज से पांच दिन कार्यालय का संचालन
मुख्यमंत्री बघेल की घोषणा के अनुरूप आज से सभी शासकीय कार्यालय सप्ताह में 5 दिन संचालित किया जायेगा जिसका समय सुबह 10 बजे से साढ़े 5 बजे तक निधारित होगा। पहले दो शनिवार को अवकाश होता था अब सभी शनिवार को अवकाश रहेगा।
लटका ताला कर्मचारी समय पर नहीं पहुंचे
कलेक्टोरेट परिसर के संयुक्त भवन में संचालित औषधि प्रशासन विभाग के उप संचालक कार्यालय के जिम्मेदार अधिकारी ही निर्धारित समय पर कार्यालय नहीं पहुंचे। उक्त कार्यालय में 10.25 बजे तक ताला लटका रहा। इसके अलाव सहायक आयुक्त कार्यालय, खनिज शाखा, राजस्व विभाग, महिला बाल विकास सहित अन्य विभागों में कुछ कर्मचारी को छोड़ दे तो अधिकांश निर्धारित समय पर आज दफ्तर नहीं पहुंचे।
चपरासी को छोड़ सभी गायब
जब मुख्य व संरक्षक दफ्तर पहुंचे तो यह देखा गया कि जिम्मेदार अधिकारी सहित विभाग के सभी कर्मचारी निर्धारित समय पर दफ्तर नहीं पहुंचे थे वहां चपरासी पहुंचकर साफ सफाई के कार्य करते नजर आये अन्य कर्मचारियों की कुर्सियां खाली देखी गई। यही हालात जिला पंचायत कार्यालय में भी देखा गया।
समय पर नहीं आने वालों पर होगी कार्रवाई
एसडीएम अरविंद एका ने बताया कि जैसे ही शासन से आदेश प्राप्त हुआ सभी विभाग प्रमुखों को वाट्सअप के माध्यम से सूचना दे दी गई है। यह निर्देशित किया गया है कि विभाग प्रमुख सहित सभी कर्मचारी शासन के आदेशों का पालन करते हुए समय पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि कार्यालय में ताला लटका होने पर वह विभाग की लापरवाही होगी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को समझाईश दी जायेगी और समय पर नहीं पहुंचने वाले कर्मचारी-अधिकारी को अनुपस्थित माना जायेगा और उस दिन का वेतन में कटौती की बात कही |

नाराज़ केदार कश्यप ने जिला प्रशासन को चेताया, देश के प्रधानमंत्री का अपमान किसी भी कीमत में बर्दाश्त नही किया जायेगा – केदार कश्यप
प्रदेश की भूपेश सरकार की छोटी सोच उजागर
जगदलपुर – पूर्व मंत्री व प्रदेश प्रवक्ता भाजपा केदार कश्यप ने आज जगदलपुर के निकट ग्राम बालीकोंटा में मिशन अमृत योजना के तहत निर्मित सीवरेज़ प्लांट का निरीक्षण किया।भाजयुमो जिलाध्यक्ष अविनाश श्रीवास्तव व प्रदेश कार्यसमिति सदस्य मनीष पारेख सहित युवा मोर्चा के कार्यकर्ता भी उनके साथ थे।
नव निर्मित सीवरेज़ प्लांट में केंद्र सरकार की मिशन अमृत योजना का बोर्ड और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का नाम अंकित न होने पर पूर्व मंत्री केदार कश्यप ने कडी़ आपत्ति दर्ज की। कश्यप ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कड़े शब्दों में जिला प्रशासन को चेताया व कहा कि जिला प्रशासन राज्य की भूपेश बघेल सरकार की कठपुतली ना बने। देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी देश के साथ छत्तीसगढ़ प्रदेश के भी प्रधानमंत्री है।

पूर्व मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि जगदलपुर शहर की जनता को मिशन अमृत योजना के अंतर्गत 100 करोड़ से अधिक की सौगात वर्ष 2016 में उस वक़्त के तत्कालीन मुख्यमंत्री रमन सींग व जिला बस्तर के भाजपा के विधायक व सांसद के प्रयासों से प्राप्त हुआ था। किन्तु विगत दिनों राज्य के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने 25 जनवरी को इस करोड़ों के सीवरेज प्लांट के उद्घाटन समारोह पर इस केंद्र की योजना पर किसी भी जगह देश के प्रधानमंत्री का ना तो नाम अंकित करना उचित समझा और ना ही केंद्र सरकार की इस जनकल्याणकारी योजना को प्रदर्शित किया और ना ही धन्यवाद ज्ञापित दिया। जो मौजूदा कांग्रेस सरकार की छोटी सोच को दर्शाता है।
केदार कश्यप ने कहा कि आज केंद्र की योजनाओं के पैसों से ही राज्य सरकार की गाड़ी चल रही है। चाहे वो प्रधानमंत्री आवास हो या प्रधानमंत्री सड़क योजना या फिर ग्रामीण क्षेत्रों में चल रहे जल जीवन मिशन योजना का कार्य। यह सभी केंद्र सरकार की योजना हैं किन्तु छत्तीसगढ़ राज्य के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सहित कांग्रेस के जनप्रतिनिधि इस योजना को राज्य सरकार की योजना बता कर अपनी झूठी वाह वाही लेने से बाज नही आ रहे हैं।
कश्यप ने आगे अपने व्यक्तव्य में कहा कि जिला प्रशासन अगर जल्द ही देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद प्रेषित करते हुए केन्द्र सरकार की योजनाओं व प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम को सम्मान जनक पूर्वक बोर्ड अंकित नही करता है तो आने वाले निकट दिनों में भारतीय जनता पार्टी उग्र आंदोलन करने हेतु बाध्य होगी। देश के लोकप्रिय प्रधानमंत्री का अपमान किसी भी कीमत पर नही सहा जायेगा आगे हर आंदोलन की जिम्मेदार जिला प्रशासन ही होगा।
इस दौरान लक्ष्मण झा, मनोज पटेल, रोहित खत्री, शेखर शर्मा, श्रीश मिश्रा, अनिमेष चौहान, सूरज मिश्रा सहित अन्य युवा मोर्चा के पदाधिकारी मौजूद थे।

भाजपा का पार्षद के विरोध में धरना प्रदर्शन अब नगर बंद की ओर हुआ अग्रसर
जगदलपुर – शहर के संजय गांधी वार्ड की कांग्रेस पार्षद कोमल सेना पर वार्ड के 40 से अधिक पीड़ित परिवारों से प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत मकान दिलाने के नाम पर 25-25 हजार उगाही की थी. भारतीय जनता पार्टी ने नगर के 09 स्थलों पर कुछ दिन पूर्व धरना प्रदर्शन किया गया था एवं 22 जनवरी से लगातार अनिश्चितकालीन धरना बोधघाट थाने के सामने किया जा रहा है.
भाजपा जिला अध्यक्ष रूप सिंह मंडावी ने कहा बस्तर जिले के समस्त 10 मंडलों पर शुक्रवार को अलग-अलग स्थानों पर धरना प्रदर्शन किया जाएगा. जिसमें बस्तर, बकावंड, तोकापाल, लोहंडीगुड़ा, दरभा, बस्तानार, भानपुरी, करपावंड नगरनार व नानगुर शामिल हैं. दोपहर 1:00 से 4:00 तक कोविड के नियमों का पालन करते हुए धरना प्रदर्शन किया जाएगा.
नेता प्रतिपक्ष संजय पांडे ने कहा दोषी पार्षद को बचाने के लिए कांग्रेस के जनप्रतिनिधि और कांग्रेस संगठन पुलिस पर दबाव बनाकर एफआईआर दर्ज नहीं करवा रही है. महापौर ने सिवाय बयानबाज़ी के कुछ नहीं किया. भ्रष्टों के साथ मिलीभगत होने से इंकार नहीं किया जा सकता. महापौर सफीरा साहू को पीड़ितों का दर्द समझ कर आगे आना चाहिए.
प्रदेश महामंत्री किरण देव ने कहा कि सत्ता पक्ष के दबाव में पुलिस पार्षद के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है. पुलिस शिकायत की जांच के नाम पर मामले को लंबा खींच रही है.
नगर अध्यक्ष सुरेश गुप्ता ने कहा पार्षद कोमल सेना पर एफआईआर दर्ज न होने को लेकर आने वाले समय मे नगर बंद किया जायेगा. पीड़ितों को न्याय दिलाने का काम भाजपा संगठन कर रही है.

बस्तर काफी का स्वाद भाया राहुल गांधी को, प्रशंसा करते हुए कहा – अंतरराष्ट्रीय कॉफी ब्रांड्स के साथ बस्तरिया कॉफी का हो एमओयू
रायपुर, 03 फरवरी /सांसद राहुल गांधी आज अपने छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान राजधानी रायपुर के साईंस कॉलेज में लगाए गए बस्तर कॉफी के स्टॉल पर पहुंचकर कॉफी का स्वाद लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी उनके साथ थे। राहुल गांधी ने बस्तर में हो रहे कॉफी उत्पादन के नवाचार और उसके स्वाद की प्रशंसा की। उन्होंने मुख्यमंत्री बघेल को अंतरराष्ट्रीय कॉफी ब्रांड्स (बड़ी कंपनियों) के साथ बस्तरिया कॉफी का एमओयू करने का सुझाव भी दिया।
गौरतलब है कि बस्तर के दरभा ब्लॉक के दरभा, ककालगुर और डिलमिली गाँव के क्षेत्र अंतर्गत हजारों एकड़ में कॉफी की खेती की जा रही है। इससे वहां के वनवासी-कृषकों को लाखों का मुनाफा हो रहा है। कॉफी की खेती से एक साल में प्रति एकड़ में लगभग 30 से 40 हजार रुपए का फायदा हो रहा है। बस्तर में जलवायु की अनुकूलता को देखते हुए लगभग 3 हजार एकड़ में कॉफी की खेती प्रारंभ की गई हैं। बस्तर काफ़ी की गूंज अब विदेशों में भी हो रही है। वर्तमान में इसका 8 देशों में निर्यात हो रहा है। आने वाले 60 सालों की कार्ययोजना से किसानो को इसका वृहद स्तर पर लाभ मिलेगा।

HDFC BANK PARIVARTAN व वृत्ति संस्था द्वारा बकरी के बच्चे देकर महिलाओं को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया
HDFC BANK PARIVARTAN व वृत्ति संस्था द्वारा 2 फ़रवरी को डौंडी ब्लॉक के ग्राम लिमाऊडीह के नयापारा मोहल्ले में बकरी पालन गतिविधि के अंतर्गत 5 महिलाओं को 25 बकरी के बच्चे दिए गए जिससे उनको खेती के साथ मिश्रित खेती की तरफ़ आकर्षित करते हुये खेती के साथ कैसे हम आय का एक नया स्रोत उत्पन कर सकते है बकरी पालन गतिविधि के अंतर्गत महिलाओं को बकरी पालन का प्रशिक्षण दिया गया और फिर हर महिला को 5 बकरी के बच्चे दिए गये जिससे वे अपनी आय का एक नया स्रोत उत्पन कर सकते है और अपनी आजीविका में सुधार ला सकते है जिसमे मुख्य रूप से वृत्ति संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर ज्ञान दास जी , एग्रीकल्चर विशेषज्ञ राहुल राजपूत जी, एग्रीबिजनेस मैनेजर स्वाधीन स्वाई जी,MIS प्रवीण साहू जी, व विलेज कॉर्डिनेटर गोमती नगवंशी,खिलेंद्रा व किसान भाई बहन उपस्थित थे।

घर बैठे Amazon के साथ ऑनलाइन शॉपिंग करें, स्पेशल ऑफर के साथ लिंक क्लिक करें
https://36bestonlinesale.com/home

प्रश्न पत्र लीक हुआ, अभाविप ने घेरा विश्वविद्यालय, जांच कमेटी बनाकर दोषियों को बर्खास्त की मांग, राज्यपाल से हुई शिकायत
जगदलपुर – बस्तर विश्विद्यालय का का प्रश्न पत्र समय से पूर्व सार्वजनिक हो गया मामले में आभाविप ने विश्वविद्यालय को घेरा और कुलपति से जवाब मांगा आक्रोशित अभाविप कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल से शिकायत की गई।
अभाविप नगर मंत्री यश ध्रुव ने बताया कि बस्तर विश्वविद्यालय की सेमेस्टर परीक्षाएं 2 फरवरी से प्रारंभ हो रही है लेकिन बस्तर विश्वविद्यालय की लापरवाही के कारण एंथ्रोपोलॉजी की हस्तलिखित प्रतियां परीक्षा से पहले ही सार्वजनिक हो गई जो कि एक प्रतिष्ठित अखबार में भी प्रकाशित हुई इस तरह की लापरवाही घोर लापरवाही है और विश्वविद्यालय की गोपनीयता पर गंभीर सवाल है अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने मांग की है कि इस मामले को संज्ञान में लेकर तत्काल दोषियों पर कार्रवाई हो ताकि भविष्य में छात्रों के साथ खिलवाड़ ना हो सके।

अभाविप जिला संयोजक कमलेश दीवान ने कहा कि विश्वविद्यालय का विवादों का पुराना नाता है छात्रहितो के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नही होगा दोषियों को जांच कर तत्काल बर्खास्त किया जाए ।
आंदोलन के दौरान विभाग संयोजक अर्पित मिश्रा,मनीष वर्मा, कमलेश दीवान,वरुण साहनी ,यश ध्रुव ,सोनू कश्यप,कार्तिक जैन,लखेश्वर बैध, अच्युत सामन्त,शुभम बघेल,टिकेश नाग,तेजेश्वर पाणीग्राही,संजय शार्दूल समेत अभाविप कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

राहुल गांधी ने चाक पर बनाया मिट्टी का दीया
छत्तीसगढ़ दौरे पर रायपुर आये कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने चाक पर बनाया मिट्टी का दीया |












