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अपनी ताकत पहचान कर कांग्रेस कार्यकर्ता दें भाजपा को करारा जवाब : दीपक बैज

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  •  प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने रायगढ़ और सारंगढ़ में कार्यकर्ता सम्मेलन को किया संबोधित
    -अर्जुन झा-
    जगदलपुर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद दीपक बैज ने कार्यकर्ताओं से कहा है कि आज की राजनीति में ज्यादा सीधापन ठीक नहीं है। हमारी सीधाई का नाजायज फायदा भाजपा उठाती आ रही है। अब हमें भी भाजपा के खिलाफ टेढ़ापन दिखाना होगा और भाजपा के दुष्प्रचार का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तत्पर रहना होगा।
    दीपक बैज रायगढ़ में कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान पूर्व मंत्री उमेश पटेल, पूर्व विधायक प्रकाश नायक, विधायक लालजीत राठिया, विधायक विद्यावती सिदार, जिला अध्यक्ष द्वय रजनीश तिवारी, अनिल शुक्ला, अरूण मालाकार, राजू मिश्रा, साखा यादव, विनोद कपूर समेत सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे।बैज ने कहा कि भाजपा के लोग झूठ, फरेब, बरगलाने और हवा हवाई बातें करने में माहिर हैं। लोकसभा में सत्तापक्ष की ओर से ऐसा ऐसा झूठ बोला जाता है कि हमें शर्मिंदगी होती है। बैज ने कहा कि भाजपा की ईमारत झूठ की बुनियाद पर ही टिकी हुई है। हम कांग्रेसियों का ऐसा चरित्र नहीं है। हम सच्चाई की राजनीति में विश्वास करने वाले लोग हैं।  बैज ने कहा कि भाजपा के लोग जनता के बीच अपनी बात रखने में माहिर हैं|

वे बड़बोले भी हैं। मगर हमें बड़बोलेपन से दूर रहकर अपनी बात दमदारी के साथ जनता के सामने रखने की आदत डालनी चाहिए। आप सभी में प्रतिभा और क्षमता है। हमारे एक कार्यकर्ता के सामने भाजपा के दस कार्यकर्ता भी नहीं टिक सकते। इसलिए अपनी क्षमता और प्रतिभा को पहचानें और जनता के बीच जाकर भाजपा के झूठ, फरेब का पर्दाफाश करें। अगर पूरे प्रदेश के कार्यकर्ताओं ने विधानसभा चुनाव में जनता के बीच जाकर भाजपा की असलियत लोगों को बताई होती तो प्रदेश में हमारी सरकार बननी तय थी। खैर जो हुआ सो हुआ, अब हम सभी को लोकसभा चुनाव के लिए अभी से कमर कसते हुए मैदान में उतर जाना चाहिए। दीपक बैज ने कहा कि आप सभी ठान लें, तो छत्तीसगढ़ की सभी 11 लोकसभा सीटों पर कांग्रेस को जीतने से कोई नहीं रोक सकता। उन्होंने अपने रायगढ़ प्रवास का कारण बताते हुए कहा कि एक कारण है लोकसभा चुनाव की तैयारी और दूसरा हमारे नेता राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा। हम सभी को मिलकर इस यात्रा को छत्तीसगढ़ में ऐतिहासिक बनाना है। पीसीसी चीफ दीपक बैज ने सारंगढ़ में कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से लोकसभा चुनाव और कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा निकाली गई भारत जोड़ो न्याय यात्रा की तैयारी में जुट जाने का आह्वान किया।इस दौरान सारंगढ़ विधायक उत्तरी गणपत जांगडे, बिलाईगढ़ विधायक कविता प्राण लहरे सहित मोर्चा संगठन के पदाधिकारी उपस्थित थे।

पहले रायगढ़ आएगी न्याय यात्रा
रायगढ़ और सारंगढ़ में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने जानकारी दी के कांग्रेस पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा 14 जनवरी को मणिपुर से शुरू की गई भारत जोड़ो न्याय यात्रा ओड़िशा से रायगढ़ के रास्ते छत्तीसगढ़ में प्रवेश करेगी। यात्रा पांच दिनों तक छत्तीसगढ़ के सात जिलों का भ्रमण करेगी। बैज ने यात्रा का भव्य स्वागत करने की अपील कार्यकर्ताओं से की। उन्होंने कहा कि असम में भारत जोड़ो न्याय यात्रा को वहां की भाजपा सरकार ने रोकने के लिए तरह तरह के हठकंडे अपनाए। राहुल जी के काफिले पर हमले किए गए। राहुल गांधी को कॉलेज स्टूडेंट्स से मिलने नहीं दिया गया। राहुल जी का कॉलेज में संबोधन प्रस्तावित था। असम सरकार ने भले ही राहुल गांधी को कॉलेज जाने से रोक दिया, मगर कॉलेज के विद्यार्थी स्वयं राहुल गांधी के पास पहुंच गए। इससे स्पष्ट हो गया है कि युवाओं में भाजपा के प्रति भारी आक्रोश है। दीपक बैज ने कहा कि छत्तीसगढ़ में भी भाजपा की सरकार है और यहां भी राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा में असम जैसी बाधा पहुंचाई जा सकती है, इसलिए आप सभी को सचेत रहना है।

भंगाराम मंदिर में भंडारा

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जगदलपुर भंगाराम शिव मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा का अयोजन 20 से 23 जनवरी तक विधि विधान के साथ बड़े धूमधाम एवं हर्षोल्लास के साथ किया गया। अयोजन के चौथे दिन विशाल भंडारा का अयोजन हुआ। भंडारा में हलवा पुरियां, सब्जी, आदि तैयार कर भगवान को भोग लगाने के पश्चात प्रसाद वितरण हुआ। भक्तों ने शिवजी के दर्शन के पश्चात भोग लगाया। भंडारा में सैकड़ों भक्तों ने कतारबद्ध होकर प्रसाद ग्रहण किया।

कॉप ऑफ द मंथ के तहत जिले के 05 अधिकारी कर्मचारी हुए सम्मानित

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  •  कानून-व्यवस्था एवं महत्वपूर्ण कार्य करने के फलस्वरुप पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा सभी को नकद पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र के साथ शुभकामनाएं दी।

दिनांक 23.01.2024 को पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र कुमार यादव एवं अति. पुलिस अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक  सुशील कुमार नायक व डीएसपी सुश्री नवनीत कौर के द्वारा जिला बालोद में कार्यरत अधिकारी कर्मचारियों को कानून व्यवस्था एवं सौंपे गये महत्वपूर्ण कार्यों का निर्वहन लगन व मेहनत से किये जाने के फलस्वरूप कॉप ऑफ द मंथ दिसंबर 2023 के तहत नगद पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र से सम्मानित कर बधाई एवं शुभकामनाएं दी गई। इस मौके पर रक्षित निरीक्षक श्रीमती रेवती वर्मा एवं ऑफ़िस स्टाफ भी उपस्थित हुए।

सम्मानित हुए अधि/कर्मचारी:-

सउनि. सुन्दर सिंह मंडावी यातायात बालोद
आर. 352 ईश्वर भण्डारी थाना-राजहरा
आर. 80 सुनील कुमार थाना-बालोद
आर. 193 संजय चेलक याना-डौण्डी
आर. 435 गिवेन्द्र नेताम याना-गुरूर

नेताजी बोस की जयंती पर मेगा रैली

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  •  नगर के सैकड़ों स्कूली विद्यार्थी शामिल हुए रैली में
    जगदलपुर नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर शहर में स्कूली बच्चों ने विशाल रैली निकालकर नेताजी को याद किया। रैली में अधिकांश स्कूलों के विद्यार्थी शामिल हुए।
    नेताजी अमर रहे, भारत माता कि जय, जब तक सूरज चांद रहेगा नेताजी का नाम रहेगा, वंदे मातरम् के नारों से शहर गुंजायमान होता रहा। इस दौरान आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि भारत की आजादी में नेताजी सुभाष चंद्र बोस का महत्त्वपूर्ण योगदान रहा है। उन्होंने आजाद हिंद फौज की स्थापना की थी। नेताजी ने तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा, जयहिंद का नारा दिया था। अंग्रेजों की गुलामी से भारत को आजाद कराने के लिए नेताजी -ने कई आंदोलन किए। सुभाष चंद्र बोस का जन्म 23 जनवरी 1897 में ओडिशा के कटक में हुआ था। उनके पिता का नाम जानकीनाथ बोस और माता का प्रभावती देवी था। वह बचपन से ही कुशाग्र बुद्धि के थे और पढ़ाई में तेज थे। उन्होंने इंग्लैंड की कैंब्रिज यूनिवर्सिटी से सिविल परीक्षा पास की।

लेकिन वर्ष 1921 में जब उन्होंने अंग्रेजों द्वारा भारत में किए जाने शोषण के बारे पढ़ा तो उसी वक्त भारत को आजाद कराने का प्रण ले लिया और इंग्लैंड में प्रशासनिक सेवा की प्रतिष्ठित नौकरी छोड़ अपने देश वापस आकर आजादी की मुहिम में जुट गए। माना जाता है कि जर्मन के तानाशाह अडोल्फ हिटलर ने ने सुभाष चंद बोस को पहली बार नेताजी कहकर बुलाया था। नेताजी के साथ ही सुभाष चंद्र बोस को देश नायक भी कहा जाता है। वर्ष 1919 में बोस ने भारतीय सिविल सेवा परीक्षा पास की, हालांकि कुछ समय बाद उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। नेताजी को 1921 से 1941 के बीच 11 बार देश के अलग- अलग जेल में कैद रखा गया। सुभाष चंद्र बोस को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस में दो बार अध्यक्ष चुना गया था। जलियांवाला बाग हत्याकांड के हृदय विदारक दृश्य से सुभाष चंद्र बोस काफी विचलित हुए थे। इसके बाद ही वे भारत की आजादी के संग्राम से जुड़ गए थे। प्रतिवर्ष 23 जनवरी को उनकी जयंती को पराक्रम दिवस के रूप में मनाते हैं। इसकी शुरुआत 2021 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की। नेताजी का संपूर्ण जीवन हर भारतीय के लिए आदर्श है। उन्होंने आजाद भारत की मांग करते हुए आजाद हिंद फौज का गठन किया। उन्होंने आजाद हिंद बैंक भी स्थापित किया, जिसे 10 देशों का समर्थन मिला। उन्होंने भारत की आजादी की जंग विदेशों तक पहुंचा दी।

शहर जिला कांग्रेस ने किया सुभाषचंद्र बोस को नमन

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जगदलपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी जगदलपुर बस्तर ने राजीव भवन में शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य के नेतृत्व में नेताजी सुभाषचंद्र बोस की जयंती मनायी। इस अवसर पर सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर पुष्प अर्पित कर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने श्रद्धा सुमन अर्पित किए तथा उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि सुभाषचंद्र बोस स्वतंत्रता संग्राम के महान सेनानी थे। मातृभूमि की रक्षा के लिए उन्होंने हंसते हंसते अपने प्राण न्यौछावर कर दिए। देश को आजादी दिलाने के लिए उन्होंने आजाद हिंद फौज की स्थापना की और तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा का नारा देकर लोगों में देशभक्ति का जज्बा पैदा किया। उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं। उनके सिद्धांतों को अपनाकर देश को सुदृढ़ व उन्नतिशील बनाया जा सकता है। इस दौरान पार्षद कमलेश पाठक, जावेद खान, रंजीत सिंह बख्शी, महामंत्री ज़ाहिद हुसैन, महेश द्विवेदी,असीम सुता, अनुराग महतो, अल्ताफ उल्ला खान, विक्रांत सिंह, उपेंद्र बांधे, अभिषेक डेविड, अंकित सिंह, नीलम कश्यप, एम. ज्योति राव, विमल बिसाई, गीता नाग, लोकेश नंदा, राजू सोढ़ी, अरुण गुप्ता, गुरमेल सिंह, लोकेश चौधरी, अनफाज खान, राजबीर सिंह आदि मौजूद थे।

03 गांजा तस्करों को अवैध मादक पदार्थ गांजा के साथ गिरफ्तार

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  • राजनांदगांव, डौण्डीलोहारा के तीनो तस्करों से 1.300 किलोग्राम गांजा व प्रयुक्त वाहन को किया गया जप्त।
  • आरोपियों के कब्जे से गांजा मादक पदार्थ कीमती 13,000 रुपये व मोटर सायकल को किया गया जप्त।

बालोद जिले में  पुलिस अधीक्षक बालोद जितेन्द्र कुमार यादव के आदेशानुसार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बालोद सुशील कुमार नायक के निर्देशन में एवं पुलिस अनुविभागीय अधिकारी बालोद  प्रतीक चतुर्वेदी पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी बालोद निरीक्षक रविशंकर पाण्डेय के नेतृत्व में अवैध मादक पदार्थ गांजा के तस्करों पर कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में दिनांक 22.01.2024 को थाना बालोद में सहायक उप निरीक्षक धरम भुआर्य को मुखबीर सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम तरोद के पास 03 व्यक्ति अपने मोटर सायकल की डिक्की में गांजा जैसे वस्तु को छुपा कर रखे है और बेचने के लिए ग्राहक तलाश कर रहे है।

सूचना से वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराने बाद गांजा तस्करों के भाग जाने की आशंका पर बालोद पुलिस के द्वारा तुरंत कार्यवाही करते हुए मौके पर जाकर घेराबंदी कर उक्त गांजा तस्करों को धर दबोचा गया, जिनका नाम 01. चेविल कुमार माझी पिता बसंत कुमार माझी उम्र 23 साल निवासी राजनांदगांव 02. सन्नी कांत सोनी पिता मनोज सोनी उम्र 22 साल निवासी राजनांदगांव 03. टिकेश कुमार भरतद्वाज पिता कोमल राम भरतद्वाज उम्र 26 साल निवासी संबलपुर डौण्डीलोहरा जिला बालोद। आरोपियों के पास से मोटर सायकल के डिक्की से पारदर्शी झिल्ली में कुल 1.300 किलो ग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा बरामद कर जप्त किया गया। मामले में धारा 20बी नारकोटिक्स एक्ट की कार्यवाही कर आरोपियों को न्यायिक रिमाण्ड पर जेल भेजा गया है।

उक्त अवैध मादक पदार्थ गांजा की रेड कार्यवाही में थाना बालोद के सहायक उपनिरीक्षक धरम भुआर्य आरक्षक 486 लवन राजपूत, 441 भागीरथी उईके, 309 विवेक आनंद, 51 नागेश साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

राजहरा खदान समूह के सुरक्षा गार्डों को अब मिलेगा केन्द्रीय वेतनमान, भारतीय मजदूर संघ

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दल्लीराजहरा भारतीय मजदूर संघ के जिला मंत्री मुश्ताक अहमद ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि राजहरा खदान समूह में चल रहे सुरक्षा गार्ड के ठेके में कार्यरत सुरक्षा गार्डो को बीएसपी प्रबंधन एवं ठेकेदार द्वारा राज्य सरकार द्वारा तय न्यूनतम वेतन दिया जा रहा था जबकि वे केन्द्र सरकार द्वारा सुरक्षा गार्ड के लिए तय न्यूनतम वेतन के हकदार हैं। ईस मामले पर भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध खदान मजदूर संघ भिलाई के केन्द्रीय अध्यक्ष एम पी सिंग ने डी एल सी केन्द्रीय रायपुर के समक्ष जनवरी 2022 में आई डी लगाया था जिसपर जुलाई 2022 में फैसले देते हुए डीएलसी केन्द्रीय नने भारतीय मजदूर संघ को 16 सुरक्षा गार्ड के लिए न्यूनतम वेतन अधिनियम 1948 के तहत आर एल सी केन्द्रीय रायपुर के न्यालय में अपील करने को कहा जिसपर भारतीय मजदूर संघ ने जुलाई 2022 में ही अपील की जिसमें निदेशक प्रभारी भिलाई इस्पात संयंत्र और ठेकेदार सी डी ओ सिक्योरिटी सर्विसेस भिलाई को पार्टी बनाया। लगभग 20 माह के लंबे अंतराल के बाद 17-01-2024 को आर एल सी केन्द्रीय ने भारतीय मजदूर संघ के पक्ष को सही मानते हुए अप्रैल 2020 से लेकर अगस्त 2023 तक की अवधि के लिए भारतीय मजदूर संघ द्वारा नामित 16 सुरक्षा गार्ड को न्यूनतम वेतन अधिनियम 1948 के तहत 3397729 का क्लेम और 16000 क्षतिपूर्ति भुगतान करने का आदेश निदेशक प्रभारी भिलाई इस्पात संयंत्र और ठेकेदार सी डी ओ सिक्योरिटी सर्विसेस भिलाई को दिया। भारतीय मजदूर संघ ने ईस आदेश के तहत बीएसपी प्रबंधन से तत्काल ईस आदेश का पालन करते हुए क्लेम और क्षतिपूर्ति की राशि पीड़ितों को भुगतन करने की मांग की साथ ही ईस आदेश के प्रकाश में भारतीय मजदूर संघ बीएसपी प्रबंधन से अपेक्षा करता है कि आने नये ठेके में सुरक्षा गार्डों को केंद्र सरकार द्वारा तय न्यूनतम वेतन और यूनियन के साथ हुए समझौते के तहत खदान भत्ता और रात्रि कालीन भत्ता का भुगतान किया जावे। भारतीय मजदूर संघ सभी सुरक्षा गार्डों को संघ पर विश्वास बनायें रखने और संयम बनायें रखने के लिए धन्यवाद देती है और सभी सुरक्षा गार्डों को ईस विजय के लिए बधाई देती है। और ईस अवसर पर को सभी सुरक्षा गार्डों और संघ के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने नगर प्रशासन विभाग और मांईस आफिस के सामने फटाके फोडकर, मिठाईयां बांटकर अपनी जीत की खुशियां मनाई। ईस अवसर पर संघ के कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित थे।

मुश्ताक अहमद जिला मंत्री भारतीय मजदूर संघ

पीसीसी चीफ बैज निकल पड़े मिशन इलेक्शन और न्याय यात्रा को सफल बनाने

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  • बिलासपुर, सरगुजा के दौरे से कांग्रेस होगी मजबूत
  • हसदेव अरण्य पर और तेज होगी आंदोलन की धार
  • राहुल की न्याय यात्रा को छ्ग में मिलेगा नया आयाम

अर्जुन झा

जगदलपुर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद दीपक बैज जब कोई जिम्मेदारी उठाते हैं, तो उसे बखूबी निभाते हैं। उनका हर कदम बहुआयामी होता है। एक तीर से कई निशाने साधने की कला उनमें गजब की है। उनके बिलासपुर और सरगुजा दौरे के भी अनेक निहितार्थ हैं। एक तो यह कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस के परफॉरमेंस को और बेहतर बनाना, दूसरा हसदेव अरण्य के मसले को भाजपा के खिलाफ धारदार हथियार बनाना और तीसरा राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा को छत्तीसगढ़ में ऐतिहासिक रूप से सफल बनाना।

छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एवं बस्तर के सांसद दीपक बैज आज 23 जनवरी से सारंगढ़, सक्ती, जंजगीर एवं बिलासपुर जिलों के दौरे पर निकल पड़े हैं।

प्रदेश कांग्रेस कार्यालय के मीडिया विभाग के मुताबिक दीपक बैज ने 23 जनवरी को सुबह रायपुर से सारंगढ़ के लिए प्रस्थान किया। वे सारंगढ़ के लेंदरा में रामनामी समाज के मेले में शिरकत करेंगे। 24 जनवरी को श्री बैज सक्ती विधानभसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं से एवं दोपहर बाद जंजगीर जिला मुख्यालय में कार्यकर्ताओं से चर्चा करेंगे। दीपक बैज 25 जनवरी को बिलासपुर जिला मुख्यालय में कार्यकर्ताओं से चर्चा एवं दोपहर बाद मुंगेली जिला मुख्यालय में कार्यकर्ताओं से चर्चा करेंगे। कहने को तो वे विशुद्ध रूप से पार्टीगत कार्यक्रमों के सिलसिले में दौरे पर निकले हैं, मगर दीपक बैज के अब तक के दौरों के जो अनुभव रहे हैं, वे कुछ और ही कहानी बयां करते हैं। श्री बैज एक सांसद के तौर पर अथवा पीसीसी चीफ के नाते जब कहीं भी जाते हैं, तो उनका उद्देश्य बहुआयामी होता है। वे एक तीर से कई निशाने साधने में भरोसा रखते हैं और उनका निशाना अचूक भी होता है। लोकसभा सत्रों के सिलसिले में जब दीपक बैज नई दिल्ली प्रवास पर रहते हैं, तब समय निकालकर पार्टी के शीर्ष पदाधिकारियों से मिलने भी पहुंच जाते हैं। उनसे छत्तीसगढ़ में पार्टी की स्थिति को मजबूत बनाने के लिए मार्गदर्शन लेते हैं और गृहराज्य लौटकर उस मार्गदर्शन के अनुरूप काम करने में जुट जाते हैं। यही नहीं दिल्ली में पार्टी नेतृत्व और संयुक्त विपक्ष द्वारा केंद्र सरकार के खिलाफ किए जाने वाले प्रदर्शन व आंदोलनों में भी दीपक बैज बढ़ चढ़कर सहभागिता देते आए हैं। इसी तरह दिल्ली प्रवास के दौरान वे केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रियों से मिलकर छत्तीसगढ़ से जुड़ी परियोजनाओं और विकास कार्यों को आगे बढ़ाने बाबत उनसे आग्रह करते हैं। इसमें उन्हें आशातीत सफलता भी मिलती है। जगदलपुर – रायपुर हाईवे के चौड़ीकरण, बस्तर की अंदरूनी सड़कों को स्टेट हाईवे और नेशनल हाईवे से जुड़वाने, रेल और वायुयान सेवाओं के विस्तार, रावघाट – जगदलपुर रेल लाईन के काम को गति दिलाने सरीखे कई अहम कार्यों में एक विपक्षी सांसद होने के बावजूद दीपक बैज को अच्छी कामयाबी मिली है। माहरा, महार जाति को अनुसूचित जाति का दर्जा दिलाने में दीपक बैज के योगदान को कभी नहीं भुलाया जा सकता। केंद्र सरकार के सभी मंत्री सांसद दीपक बैज को पूरा सम्मान देते हैं। इसकी प्रमुख वजह है दीपक बैज की मितभाषिता और व्यवहार कुशलता। उनका यही गुण दुश्मन को भी उनका मुरीद बना देता है। एक पंथ, दो काज की रीति पर चलने वाले दीपक बैज मिनिमम इन्वेस्टमेंट में मैक्सिमम रिटर्न हासिल करने की कला में दक्ष हैं। इसीलिए उनके ताजा बिलासपुर व सरगुजा दौरे को बहुआयामी उद्देश्यों वाला माना जा रहा है। विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को बिलासपुर संभाग में बड़ा नुकसान उठाना पड़ा है। आने वाले लोकसभा चुनाव में इसकी भरपाई के लिए बैज ने अभी से कमर कस ली है। बिलासपुर, सारंगढ़, जांजगीर, चांपा, सक्ती के पार्टी कार्यकर्ताओं को हताशा से उबारकर लोकसभा चुनाव के लिए रिचार्ज करने के वास्ते दीपक बैज दौरे पर हैं। उनकी नजर बिलासपुर, सारंगढ़, जांजगीर चांपा, रायगढ़, सरगुजा आदि लोकसभा सीटों पर फतह हासिल करने के नजरिए से दीपक बैज के इस दौरे को बेहद अहम माना जा रहा है।

नहीं होने देंगे असम जैसा अन्याय

दीपक बैज के बिलासपुर, सरगुजा दौरे को कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय राहुल गांधी द्वारा निकाली गई भारत जोड़ो न्याय यात्रा से भी जोड़कर देखा जा रहा है। न्याय यात्रा सरगुजा, अंबिकापुर के रास्ते छत्तीसगढ़ में प्रवेश करने वाली है। यह यात्रा पांच दिनों में छत्तीसगढ़ के सात जिलों को कवर करते हुए गुजरेगी। इनमें ज्यादातर वही जिले शामिल हैं, जहां अभी श्री बैज प्रवास पर हैं। राज्य में राहुल गांधी की इस यात्रा को ऐतिहासिक बनाने के लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज विशेष रणनीति के तहत काम कर रहे हैं। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए वे सरगुजा और बिलासपुर गए हुए हैं। राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा के काफिले पर भाजपा शासित राज्य असम में जिस तरह से हमले हुए हैं, उसकी पुनरावृति छत्तीसगढ़ में न हो इस बात का विशेष ध्यान दीपक बैज रख रहे हैं। छत्तीसगढ़ में भी भाजपा की सरकार है। इसे देखते हुए न्याय यात्रा के साथ किसी तरह का अन्याय न हो इसकी पूरी तैयारी में दीपक बैज लग गए हैं।

हसदेव न छूटने पाए हाथ से

आसन्न लोकसभा चुनाव में हसदेव अरण्य का मामला छत्तीसगढ़ के साथ ही झारखंड, बिहार और ओड़िशा में कांग्रेस के लिए बड़ा चुनावी हथियार बन सकता है। छ्ग के सरगुजा जिले में स्थित हसदेव के जंगलों से पेड़ों की बेतहाशा कटाई और वहां कोल खनन की अनुमति दी जाने का मुद्दा बहुत ही गरमाया हुआ है। पेड़ों की कटाई और कोल ब्लॉक आवंटन से वहां के आदिवासी बहुत ज्यादा प्रभावित हुए हैं। वन्यप्राणी भी जंगलों से बेदखल होकर मानव आबादी के बीच पहुंच रहे हैं और ग्रामीणों पर हमले कर रहे हैं। इस मुद्दे पर दीपक बैज शुरू से मुखर होकर आवाज उठाते आए हैं। कुछ दिनों पूर्व ही उन्होंने हसदेव के एक गांव में बड़ी सभा को संबोधित भी किया था। श्री बैज स्वयं आदिवासी समुदाय से हैं और कांग्रेस के आदिवासी विभाग के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भी हैं। इसलिए हसदेव के प्रभावित आदिवासियों के हक में आवाज उठाना उनका नैतिक दायित्व भी है। लोकसभा चुनाव करीब है लिहाजा हसदेव के मुद्दे को कांग्रेस के हाथ से न छूटने देने की भी बड़ी जिम्मेदारी दीपक बैज पर है। कहा जा रहा है कि दीपक बैज के बिलासपुर संभाग दौरे का उनका एक मकसद यह भी है।

पुलिस लाईन बीजापुर राम मंदिर में हुई प्राण प्रतिष्ठा

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बीजापुर 22 तारीख को अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के मौके पर भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ के दंडकारण्य में स्थित बीजापुर जिले की न्यू पुलिस लाईन एसटीएफ हब के राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा की गई। प्राण प्रतिष्ठा एसटीएफ के उप पुलिस अधीक्षक मारुति जगने, कंपनी कमांडर सुबोध सिंह, पीसी सामनाथ यादव, सीजी -1 प्रभारी एपीसी रामकुमार डहरिया व जुलू1 पीसी हब प्रभारी जयकरण प्रजापति एवं समस्त जवानों की उपस्थिति में हर्षोल्लास के साथ संपन्न की गई।

न भवन पूरा बनवाया और न ही मजदूरी का भुगतान किया

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  •  पंचायत सचिव ओंकार गागड़ा की एक और करतूत
  •  भवन दो साल से अधूरा, सालभर से मजदूरी अटकी
    -अर्जुन झा-
    बकावंड विकासखंड मुख्यालय बकावंड में पदस्थ ग्राम पंचायत सचिव ओंकार गागड़ा कांग्रेस शासनकाल के दौरान कांग्रेसी जनप्रतिनिधियों के संरक्षण में निर्माण कार्यों में जमकर अनियमितता करते ही रहे हैं, भाजपा के सत्ता में आने के बाद भी वे कारनामे करने से बाज नहीं आ रहे हैं। शासकीय उचित मूल्य की दुकान के लिए भवन निर्माण में पंचायत सचिव ने सरकारी धन की गफलत कर डाली है। पंद्रह लाख रुपए खर्च करने के बाद भी भवन को ढंग से बनाया नहीं गया है और इस कार्य में लगे मजदूरों को सालभर से मजदूरी का भुगतान भी नहीं किया गया है।
    ग्राम पंचायत बकावंड में शासकीय उचित मूल्य की दुकान के भवन निर्माण के लिए दो साल पहले राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना मद से 10 लाख रुपए और जिला खनिज निधि न्यास मद से 5 लाख रुपए की मंजूरी मिली थी। निर्माण कार्य पंचायत सचिव ओंकार गागड़ा ने अपने हाथों में ले रखा था। निर्माण कार्य में शुरू से ही जमकर अनियमितता बरती गई। नींव भराई से लेकर छत ढलाई तक सारे कार्य काम चलाऊ ढंग से कराए गए। घटिया सीमेंट, छड़, ईंट, रेत का उपयोग किया गया। प्लास्टर का काम भी आधा अधूरा ही कराया गया है। भवन के सामने वाले हिस्से की दीवारों का ही प्लास्टर कराया गया है। अगल बगल व पीछे की दीवारों तथा दीवारों के अंदरूनी भाग का प्लास्टर दो साल बीत जाने के बाद भी नहीं कराया जा सका है। बगैर प्लास्टर कराए ही दीवारों की पोताई करवा दी गई है। वहीं दीवारों की मोटाई भी कम रखी गई है। छत ढलाई में भी गंभीर लापरवाही बरती गई है। छत निर्माण में रॉड व छड़ों का उपयोग बहुत ही कम मात्रा में किया गया है। गारे में रेत ज्यादा और सीमेंट की मात्रा कम रखी गई थी। इससे छत मजबूत नहीं बन पाई है। सिपेज और पानी टपकने की समस्या पैदा होने लगी है। भवन के अंदर रखे गए अनाज, शक्कर, गुड़ आदि के बरसात के मौसम में भीगकर खराब होने का खतरा है। 2 वर्ष से दुकान भवन अधूरा पड़ा है। पंचायत सचिव ओंकार गागड़ा द्वारा मजदूरों को उनकी मजदूरी का भुगतान 1साल बीत जाने के बावजूद आज तक नहीं किया गया है। दुकान भवन के निर्माण में पसीना बहाने वाले मजदूर अपने पसीने की कमाई को हासिल करने के लिए रोज चक्कर लगा लगाकर परेशान हो चले हैं। पंचायत सचिव कोई न कोई बहाना बनाकर उन्हें टालते आ रहे हैं। सरपंच भी मजदूरों को मेहनताना राशि दिला पाने में असहाय साबित हो रहे हैं।विवादों से घिरे रहे हैं सचिव
    पंचायत सचिव का विवादों और अनियमितताओं से पुराना नाता रहा है। बताया जाता है कि सचिव ओंकार गागड़ा जिस भी ग्राम पंचायत में पदस्थ रहे हैं, वहां ऐसी ही गफलतबाजी की गई है। हर निर्माण कार्य में घालमेल कर जेब भरना उनकी फितरत रही है। जानकारी के मुताबिक उनके पास बकावंड के अलावा एक और ग्राम पंचायत का प्रभार है। अतिरिक्त प्रभार वाली ग्राम पंचायत में भी ऐसे ही कारनामों को अंजाम दिया जा रहा। सूत्र बताते हैं कि पंचायत सचिव कांग्रेस शासन काल के दौरान खुलकर खेलते रहे हैं और अब भी खेल रहे हैं। उन्हें किसी अदृश्य कांग्रेसी शक्ति का वरदहस्त प्राप्त होने की चर्चा है। इस अदृश्य शक्ति के दबाव में जनपद पंचायत बकावंड के सीईओ भी सचिव पर एक्शन नहीं ले पा रहे हैं। वैसे भी ऐसे ही भ्रष्ट पंचायत सचिवों के जरिए बीते विधानसभा चुनाव में किसी कांग्रेस नेता के लिए फंड जुटाने जनपद के सभी पंचायत सचिवों से लाखों रुपयों की उगाही की गई थी। फिर भला सीईओ इस सचिव की गिरेबान पर हाथ कैसे डाल पाएंगे?

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