- सात आदिवासी नेताओं के नामों की खूब हो रही है चर्चा
- दिनेश, सुभाऊ, रुपसिंह, लखीधर, बनवासी, महेश और लच्छू संभावितों में शामिल
-अर्जुन झा- - जगदलपुर कांग्रेस, भाजपा समेत सभी राजनैतिक दल जहां पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के पचड़े में पड़े हैं, वहीं भाजपा ने लोकसभा चुनावों के लिए तैयारी भी शुरू कर दी है। बस्तर लोकसभा सीट के संभावित उम्मीदवार की तलाश भाजपा ने शुरू कर दी है। लोकसभा क्षेत्र के पार्टी कार्यकर्त्ता और आमजन भी उम्मीदवार को लेकर कयास लगाने में व्यस्त हैं। सात नेताओं के नाम इन दिनों सामने आ रहे हैं।
विधानसभा चुनावों के नतीजे आने के पहले ही बस्तर जिला भारतीय जनता पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव के लिए अभी से कमर कस चुकी है। छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, राजस्थान आदि राज्यों में विधानसभा चुनाव हाल ही में निपटे हैं। तेलंगाना में भी मतदान प्रक्रिया चल रही है। इन चुनावों के परिणाम 3 दिसंबर को आने हैं। इन चुनावों को देश की राजनीति के खेल का सेमी फाइनल माना जा रहा है। सेमी फाइनल के नतीजों पर ही फाइनल का परिणाम निर्भर है। कहा जा रहा है कि जो दल सेमी फाइनल जीत लेगा, वही दल भी फाइनल का विजेता बनेगा। इसका लब्बोलुआब यही है कि विधानसभा चुनावों के नतीजों पर ही कांग्रेस और भाजपा का भविष्य टिका हुआ है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ही दलों के बड़े नेता आत्मविश्वास से भरे दिख रहे हैं और पांचो राज्यों में बड़ी जीत के दावे कर रहे हैं।भाजपा 2024 के लोकसभा चुनावों में भी प्रचंड बहुमत के साथ केंद्र में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में फिर से एकबार कमल खिलाने आतुर लग रही है। - सन 2019 के लोकसभा चुनावों के नतीजों और बीते नौ सालों के दौरान मोदी सरकार की कथित उपलब्धियों को देखते हुए बस्तर लोकसभा क्षेत्र के कार्यकर्ता अभी से अगले लोकसभा चुनाव के लिए कमर कस चुके हैं। क्षेत्र के बड़े भाजपा नेता भी संभावित प्रत्याशी की टोह लेने में लग गए हैं। लोकसभा के पिछले चुनाव में मिली हार को देखते हुए भाजपा नेतृत्व इस बार रिस्क न लेते हुए दमदार और वजनदार चेहरे को बस्तर की जंग में उतारेगी, ऐसा माना जा रहा है। इस दफे के लोकसभा चुनाव में बस्तर क्षेत्र से संभावित उम्मीदवार के रूप में पूर्व सांसद दिनेश कश्यप, बस्तर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक सुभाऊ राम कश्यप, बस्तर भाजपा जिला अध्यक्ष रूपसिंह मांडवी, विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष लखीधर बघेल, प्रदेश कार्य समिति सदस्य बनवासी मौर्य, अजजा मोर्चा के बस्तर जिला अध्यक्ष महेश कश्यप और चित्रकोट के पूर्व विधायक लच्छूराम कश्यप के नामों को लेकर खूब चर्चा हो रही है। ये सभी नेता बस्तर की राजनीति में लंबे समय से सक्रिय हैं और खासा अनुभव भी रखते हैं। फिर भी भाजपा नेतृत्व इन नेताओं की क्षमता, दक्षता, नेतृत्वशीलता, और जनता के बीच पकड़ का आंकलन करने के बाद इन्हीं सात नामों में से ही उम्मीदवार का चयन करेगी। ऐसी चर्चा बस्तर के सियासी गालियारे में चल रही है। बस्तर लोकसभा क्षेत्र में चार जिले बस्तर, दंतेवाड़ा, बीजापुर और सुकमा पूरी तरह समाहित हैं। जबकि नारायणपुर जिले का भी बड़ा भाग इस लोकसभा क्षेत्र में स्थित है। इतने विशाल लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने के लिए बड़ा जिगरा चाहिए। ऐसे बड़े जिगरा वाला चेहरा तलाशने में सावधानी बरतना जरूरी भी है। लिहाजा भाजपा बस्तर लोकसभा सीट के लिए प्रत्याशी चयन में फूंक फूंक कर कदम रख रही है।
बैज के बिना फीकी रहेगी जंग
बस्तर में इस बात की भी चर्चा है कि इस बार दीपक बैज के लोकसभा चुनाव में मैदान पर न रहने से क्या भाजपा की राह आसान हो जाएगी? दीपक बैज बस्तर के मौजूदा सांसद हैं। उनके कंधों पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष का भी दायित्व है। इसके अलावा कांग्रेस ने दीपक बैज को इस बार चित्रकोट सीट से विधानसभा चुनाव भी लड़वा दिया है। श्री बैज की जीत तय मानी जा रही है। अगर वे जीत गए तो विधानसभा में चले जाएंगे और बस्तर लोकसभा सीट के लिए कांग्रेस के पास कोई दमदार चेहरा नहीं रह जाएगा। ऐसे में इस सीट के कांग्रेस के हाथ से फिसल जाने का बड़ा खतरा है। वहीं भाजपाई इसे लेकर उत्साहित हैं। लोगों का मानना है कि दीपक बैज के बिना बस्तर लोकसभा क्षेत्र के चुनावी रण में ज्यादा रोमांच नहीं रह जाएगा।
लोकसभा प्रत्याशी पर चल रहा है बस्तर में कयासों का दौर
तेलंगाना में भी बन रही है कांग्रेस की सरकार : दीपक बैज
- छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज का दावा
- बीआरएस सरकार के प्रति राज्य के लोगों में आक्रोश
जगदलपुर छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद एवं कांग्रेस के स्टार प्रचारक दीपक बैज ने दावा किया है कि तेलंगाना में कांग्रेस की आंधी चल रही है। इस राज्य के लोगों में यहां की बीआरएस सरकार के प्रति गहरी नाराजगी है और लोग पूरी तरह कांग्रेस के साथ हैं। तेलंगाना में भी प्रचंड बहुमत के साथ कांग्रेस की सरकार बनने जा रही है।
चुनाव प्रचार के लिए तेलंगाना गए छत्तीसगढ़ पीसीसी के चीफ एवं आदिवासी कांग्रेस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दीपक बैज ने मंगलवार को वहां पालवंचा में प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया। पत्रकारों से मुखातिब दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व के निर्देश पर मैंने तेलंगाना के अनेक विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस प्रत्याशियों के पक्ष में चुनाव प्रचार, रोड शो किया है और जन सभाएं ली हैं। हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल तथा मैं भी यहां कई चुनावी सभाओं को संबोधित कर चुके हैं। हमारे नेताओं की रैलियों, सभाओं और रोड शो में स्वस्फूर्त उमड़ी भीड़ का उत्साह बताता है कि तेलंगाना के लोग यहां की बीआरएस सरकार से पूरी तरह तंग आ चुके हैं, सरकार के कामकाज से उनमें भारी गुस्सा है। तेलंगाना के लोग उम्मीद भरी नजरों से कांग्रेस की ओर देख रहे हैं। तेलंगाना के लोगों की टूट चुकी उम्मीदों को सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस ही कायम रख सकती है। इस भरोसे के साथ यहां के लोग खुले दिल से कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ के कांग्रेस लीडर दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, राजस्थान के साथ ही तेलंगाना में भी भारी बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है। उन्होंने कहा कि तेलंगाना के लोगों में कांग्रेस के प्रति काफी उत्साह है और हम 80 प्लस सीटें जीत रहे हैं। यहां भाजपा तीसरे नंबर पर रहेगी।छ्ग प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने यह दावा भी किया कि 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा का डब्बा गोल होने जा रहा है और इंडी गठबंधन की सरकार बनने वाली है। उन्होंने कहा कि पूरे देश में केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ माहौल है। लोग महंगाई, बेरोजगारी, बढ़ते आपसी विद्वेष, पूंजीपति उद्योगपतियों के हित संवर्धन वाली मोदी सरकार की नीतियों से त्रस्त हो चले हैं। दीपक बैज ने कहा कि लोगों के सामने कांग्रेस ही एकमात्र विकल्प है। इसलिए तेलंगाना के लोग कांग्रेस के साथ हो लिए हैं। दीपक बैज ने संवाददाताओं के सवाल पर कहा कि छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में हमारी कांग्रेस सरकार ने बीते पांच साल के दौरान बेहतरीन काम किया है। वहां आदिवासियों, अनुसूचित जाति, ओबीसी, अल्पसंख्यकों, बेरोजगार युवाओं, किसानों, महिलाओं समेत सभी वर्गों के कल्याण के लिए योजनाएं चलाई गईं। इनके चलते राज्य में खुशहाली और आर्थिक उन्नति आई है। किसान समृद्ध हुए हैं, क्योंकि छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार किसानों का धान पिछले खरीफ सीजन तक 2640 रु. प्रति क्विंटल की दर से खरीदती आई है। छत्तीसगढ़ एकमात्र राज्य है, जहां किसानों को धान की सर्वाधिक कीमत दी जाती है। उन्होंने कहा कि फिर से सत्ता में आने पर छत्तीसगढ़ की कांग्रेस की सरकार 32 सौ रुपए क्विंटल की दर से और प्रति एकड़ 20 क्विंटल के मान से धान खरीदेगी। इस बात का ऐलान हमारे नेताओं ने विधानसभा चुनाव के दौरान किया है। दीपक बैज ने कहा कि यह ऐलान मात्र नहीं है, बल्कि कांग्रेस का कमिटमेंट है। कांग्रेस जो कहती है, उसे पूरा भी करती है। हमने तेलंगाना के लोगों के लिए जो कमिटमेंट किया, उसे जरूर निभाएंगे।
कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर रहे हैं लखेश्वर बघेल
- करपावंड ब्लॉक के सैकड़ों कार्यकर्ताओं से मिले =
बकावंड चुनाव निपटने के बाद अधिकतर उम्मीदवार या तो घरों में रहकर थकान मिटा रहे हैं, या फिर सैर सपाटे में व्यस्त हैं। वहीं बस्तर विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस प्रत्याशी और बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष लखेश्वर बघेल पार्टी कार्यकर्ताओं और मतदाताओं से मेल मुलाकात में मशगूल हैं।
लखेश्वर बघेल से मंगलवार को करपावंड विकासखंड के पचासों जनप्रतिनिधियों एवं सरपंचों और कार्यकर्ताओं ने उनके जगदलपुर स्थित निवास पहुंचकर में मुलाकात की। इन लोगों ने अपने नेता लखेश्वर बघेल को जीत की शुभकामनाएं दी और अपने अपने इलाके में कांग्रेस को मिल रही लीड के अनुमानित आंकड़े उनके समक्ष रखे। श्री बघेल ने जनप्रतिनिधियों, सरपंचों और पार्टी कार्यकर्ताओं को चुनाव के दौरान उनके द्वारा की गई मेहनत के लिए धन्यवाद देते हुए उनके प्रति आभार व्यक्त किया। लखेश्वर बघेल ने कहा कि आप सभी ने खूब परिश्रम किया है। आपकी मेहनत और भूपेश बघेल सरकार द्वारा चलाई गई लोक कल्याणकारी योजनाओं के दम पर छत्तीसगढ़ में कांग्रेस भारी बहुमत के साथ फिर से सरकार बनाने जा रही है। हमारी कांग्रेस पार्टी पर सभी जाति समुदायों और वर्गों के मतदाताओं ने भरोसा जताया है। उल्लेखनीय है कि ग्रामीण क्षेत्र में युवा से लेकर बुजुर्ग तक इस बात की चर्चा करते नजर आ रहे हैं कि धान कटाई के जोर पकड़ते ही उम्मीदवारों की भागदौड़ थोड़ी कम हो गई है। चुनाव निपटने के बाद सारे प्रत्याशी थकान मिटा रहे हैं, मगर लखेश्वर बघेल लोगों से मिलने जुलने का सिलसिला पूर्ववत जारी रखे हुए हैं। इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेस नेता जानकीराम सेठिया, गणेश बघेल, सोनाधार, सुखनाथ, टोपीराम कश्यप, गणेश राम, नवल, सोनाधार बघेल, मनीराम, शरद बघेल, भोलेनाथ कश्यप, नेताम, मंगल कश्यप, रामप्रसाद मरकाम, बृजलाल श्रीवास्तव, नीलम कश्यप, राजेश कुमार, मनीष कश्यप, हरदास, थॉमस, पुरवेंद्र, कार्यकर्ता व ग्रामवासी उपस्थित थे।
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली के द्वारा संचालित योजनाओं के कियान्वयन एवं प्रचार प्रसार
बालोद, राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली के द्वारा संचालित योजनाओं के कियान्वयन एवं प्रचार प्रसार तथा छ०म० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के द्वारा जारी एक्शन प्लान के अनुसार शासकीय नवीन महाविद्यालय बेलौदी में विधिक जागरूकता का कार्यकम आयोजित किया गया। उक्त शिविर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बालोद के सचिव श्रीमती सुमन सिंह के द्वारा छात्र छात्राओं को संविधान की प्रस्तावना, मौलिक अधिकार एवं मौलिक कर्तव्य, पॉक्सो एक्ट, मोटरयान अधिनियम, एफ०आई०आर० के संबंध में, घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, नालसा के द्वारा संचालित योजनाएं, रैगिंग कानून के संबंध, निःशुल्क विधिक सहायता व सलाह, नेशनल लोक अदालत, सायबर काईम, नालसा का टोल फी नंबर 15100, सालसा का यूट्यूब चैनल” जनचेतना” आदि के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दिया गया। इस अवसर पर उक्त कार्यकम में कॉलेज के प्राचार्य सी०एल० ठाकुर, कॉलेज के प्राध्यापकगण व स्टॉफ, छात्र छात्रायें एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पैरालिगल वालिटियर्स उपस्थित रहें।
जगदलपुर में अवैध कब्जों पर चलने लगा बुलडोजर
- शहर को सुंदर बनाने अवैध कब्जों पर एक्शन शुरू
- दुकानों के बाहर सामान रखने वालों पर भी होगी कार्रवाई : आयुक्त मंडावी
जगदलपुर शहर में अरसे बाद बुलडोजर की दहाड़ सुनाई देने लगी है। जगदलपुर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए नगर निगम प्रशासन द्वारा आयुक्त हरेश मंडावी के निर्देश पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क किनारे किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई लगातार की जा रही है। विगत दिनों संजय मार्केट के निरीक्षण के दौरान आयुक्त हरेश मंडावी ने निगम राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं अतिक्रमण विरोधी दस्ते को शहर के विभिन्न मार्गो पर कब्जा कर खोली गई दुकानों पर कार्रवाई करना के निर्देश दिए थे। सड़क किनारे अवैध कब्जों से शहर की सुंदरता के अलावा यातायात व्यवस्था पर भी बहुत बुरा असर पड़ता है।सड़क किनारे कब्जे से लोगों व वाहन चालकों को काफी असुविधा होती है।

सड़क किनारे वाहन पार्किंग से यातायात व्यवस्था बाधित होने की समस्या आए दिन होती रहती है। अवैध कब्जों की वजह से अन्य समस्याएं भी उत्पन्न होती हैं। इन अवैध कब्जों पर कार्रवाई बहुत जरूरी थी। नगर निगम आयुक्त मंडावी के निर्देश का परिपालन करते निगम अमले ने करवाई प्रारंभ कर दी है। अतिक्रमणों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। सोमवार को शहर के चांदनी चौक रोड, चांदनी चौक से जिला ग्रंथालय तक सड़क किनारे अतिक्रमण कर संचालित किए जा रहे ठेले, खोमचों एवं गुमटियों को हटाने की कारवाई की गई। मंगलवार को शहर के धरमपुरा मार्ग में सड़क किनारे से दस्ते द्वारा अतिक्रमण हटाए गए। साथ ही सड़क किनारे से ठेले एवं गुमठियों को हटाने के अलावा दुकानदारों द्वारा सड़कों पर किए गए अवैध कब्जों को भी हटाने के कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। दुकानदारों को अवैध कब्जा स्वतः हटा लेने की हिदायत दी गई है। इस कार्रवाई से पूरे शहर में अतिक्रमणकारी दुकानदारों में हड़कंप मच गया है। यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। इस कार्रवाई में धर्मेंद्र मिश्रा, राकेश यादव, मुन्ना नायक, इंद्रनील यदु व अन्य कर्मचारी लगे हुए हैं।
विशेष सफाई अभियान से खुश हो उठे हैं शहर के लोग
- डोर टू डोर कचरा संग्रहण वाहन में लोग दे रहे गीले व सूखे कचरे को अलग अलग
जगदलपुर कलेक्टर के निर्देश पर नगर निगम द्वारा 25 नवंबर से शहर में चलाए जा रहे विशेष अभियान से लोग खुश हो उठे हैं और सहयोग कर रहे हैं। नागरिक अपने घरों से निकलने वाले सूखे व गीले कचरे को अलग अलग डस्टबिन में रखकर नगर निगम के कचरा संग्रहण वाहनों के हवाले कर रहे हैं।
विशेष सफाई अभियान के तहत सुभाष वार्ड में होंडा शोरूम के पीछे गैंग के लगाकर नालियों की सफाई की जा रही है। वार्ड के रहवासी वीरेंद्र यादव एवं अलीम ने कहा कि निगम द्वारा गैंग के माध्यम से की जा रही नालियों की सफाई सराहनीय कार्य है। अब हम भी संकल्प लेते हैं कि नालियों एव सड़कों पर कचरा न खुद डालेंगे न किसी और को डालने देंगे। बरसों से जाम पड़ी नाली की आज सफाई की जा रही है, जिसके लिए हम निगम प्रशासन को साधुवाद देते हैं। वही कोर्ट चौक से गुरु गोविंद सिंह चौक तक व रमैया वार्ड में नाली सफाई पर वहां के रहवासी योगेंद्र ध्रुव, सरिता यादव एवं शशि कुमार ने निगम प्रशासन के सफाई अभियान पर कहा कि निगम प्रशासन साफ सफाई को लेकर सजगता के साथ काम कर रहा है। इसमें नागरिकों का भी सहयोग जरूरी है। हमें भी अपने कर्तव्य का पालन करना चाहिए और कचरे को नालियों एवं सड़कों पर ना फेंककर
सूखे एवं गीले कचरे को अलग अलग रखकर कचरा गाड़ियों को देना चाहिए। आज शहर के सुभाष वार्ड, रमैया वार्ड, कोर्ट चौक से गुरु गोविंद सिंह चौक, शहीद पार्क मार्ग पर सफाई अभियान चलाया गया। गैंग लगाकर जोनवार नालियों की सफाई की जा रही है।
कचरामुक्त शहर बनेगा जगदलपुर
नगर निगम आयुक्त हरेश मंडावी ने बताया कि शहर की जनता में स्वच्छता को लेकर आई जागरूकता के दम पर हम जगदलपुर को कचरामुक्त शहर बनाने की ओर तेजी से अग्रसर होंगे। हमारे शहर को स्वच्छ सुंदर बनाने में सभी की सहभागिता जरूरी है। सभी के सहयोग से हम शहर को स्वच्छ सुंदर बनाएंगे। नागरिक नालियों एवं सड़कों पर कचरा ना डालने का संकल्प लेने के साथ निगम प्रशासन का पूरा सहयोग करने की बात कर रहे हैं। कलेक्टर के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान का आयुक्त स्वयं स्थल पर जाकर निरीक्षण कर रहे हैं। आयुक्त ने स्वच्छता विभाग के अधिकारी कर्मचारियों को वार्ड सुपरवाइजरों, सफाई कर्मियों एवं स्वच्छता दीदियों को निर्देश दिया है कि वार्ड एवं दुकानों का कचरा नालियों एवं सड़कों पर न फेंकने दें, अपने क्षेत्र में सतत निगरानी रखें और कचरा फेंकने वालों पर सख्ती से कार्रवाई करें।
तेलंगाना में छ्ग पीसीसी चीफ दीपक बैज का मेगा रोड शो
- सम्हालना मुश्किल हो गया था उमड़ी बेतहाशा भीड़ को
- मेडक व येलेंदु विधानसभा क्षेत्रों में विशाल जनसभाओं को संबोधित किया बैज ने
-अर्जुन झा-
जगदलपुर। छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के दीपक की रौशनी से पडोसी राज्य तेलंगाना के अंगने में भी कांग्रेस जगमग हो रही है। तेलंगाना विधानसभा के चुनाव में कांग्रेस के स्टार प्रचारक, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और बस्तर लोकसभा क्षेत्र के ऊर्जावान युवा एवं ओजस्वी सांसद दीपक का जादू चल रहा है। उनके रोड शो और जनसभाओं में उमड़ रही भीड़ को सम्हालने के लिए पुलिस को कड़ी मशकत करनी पड़ रही है।
कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष और बस्तर लोकसभा क्षेत्र के सांसद दीपक बैज को तेलंगाना विधानसभा के चुनावों में पार्टी प्रत्याशियों के पक्ष में प्रचार की जिम्मेदारी सौंपी है।

बैज आदिवासी कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हैं और तेलंगाना आदिवासी बहुल राज्य है। इस राज्य की सीमाएं बस्तर संभाग से जुड़ी हुई हैं। लिहाजा बस्तर निवासी और छत्तीसगढ़ के बेहद लोकप्रिय युवा आदिवासी नेता दीपक बैज की सेवाएं तेलंगाना में लेना कांग्रेस के लिए बड़े ही फायदे का सौदा साबित हो रहा है। दीपक बैज को देखने, सुनने और उनकी एक झलक पाने के लिए तेलंगाना निवासी आदिवासी समुदाय व दूसरे समुदायों के लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है। दीपक बैज अपनी धारदार और वजनदार बातों से लोगों का दिल जीत ले रहे हैं। आदिवासी समुदाय के लोग तो उनकी बातों से इस कदर प्रभावित हो रहे हैं कि अब कांग्रेस के पक्ष में ही मतदान करने संकपित हो उठते हैं। दीपक बैज चुनावी सभाओं के दौरान छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की भूपेश बघेल सरकार द्वारा महिलाओं, युवाओं, आदिवासियों, अनुसूचित जाति, ओबीसी वर्ग के उत्थान के लिए चलाई जा रही योजनाओं और उनके अच्छे परिणामों का जिक्र करते हुए तेलंगाना के लोगों से कांग्रेस की सरकार बनाने का आह्वान कर रहे हैं। सोमवार की शाम दीपक बैज ने तेलंगाना के मेडक व येलेंदु विधानसभा क्षेत्रों में मेगा रोड शो कर समां बांध दिया।

रोड शो में ऐसी भीड़ उमड़ पड़ी थी कि पुलिस के हाथ पांव फूलने लगे थे। छत्तीसगढ़ में जेड श्रेणी की सुरक्षा प्राप्त दीपक बैज की सुरक्षा और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए तेलंगाना पुलिस के जवानों को ठंड के इस मौसम में भी जमकर पसीना बहाना पड़ा। रोड शो के बाद आयोजित ऐतिहासिक भीड़ वाली जनसभा को छत्तीसगढ़ पीसीसी चीफ दीपक बैज ने संबोधित किया और अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पूरे भारत देश में आदिवासियों, अनुसूचित जाति के लोगों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों, युवाओं और महिलाओं के हितों की रक्षा एकमात्र कांग्रेस पार्टी ही कर सकती है। हमारी कांग्रेस पार्टी संविधान निर्माता बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर के सिद्धांतों पर चलते हुए और उनकी भावनाओं के अनुरूप इन वर्गों के लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का काम कर रही है। कांग्रेस सरकारों वाले छत्तीसगढ़, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश आदि राज्यों में इन वर्गों के लोग ऐतिहासिक रूप से तरक्की कर रहे हैं। हमारे नेता मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशा है कि तेलंगाना के भी वंचित तबके को वैसा ही अधिकारी मिले। इसलिए यहां कांग्रेस की सरकार बनाने के वास्ते आप सभी कांग्रेस के प्रत्याशियों के पक्ष में दिल खोलकर मतदान करें।
हद हो गई, नक्सलियों की दखल अब शिक्षण संस्थाओं में भी!
- कॉलेज के अंदरूनी मामलों में करने लगे हैं हस्तक्षेप
- महाविद्यालय के मसलों को लेकर संघर्ष का आह्वान =
अर्जुन झा
जगदलपुर बस्तर संभाग के बीजापुर जिले से एक बड़ी चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यह मामला ऐसा है, जिस पर यकीन कर पाना मुश्किल है, लेकिन हुआ कुछ ऐसा है कि उस पर यकीन करना ही होगा। नक्सलियों ने पहली बार शिक्षण संस्थाओं के अंदरूनी मामलों में दखल देने की कोशिश की है, वह भी बाकायदा लिखित फरमान जारी कर।
नक्सली संगठन अब तक शासन, प्रशासन, पुलिस, सुरक्षा बलों, ठेकेदारों, निजी माल वाहक गाड़ियों, यात्री बसों, रेलवे लाईनों, निर्माण एजेंसियों आदि को ही टारगेट करते रहे हैं। वनवासियों और आदिवासियों के अधिकारों और जल, जंगल, जमीन की तथाकथित रक्षा की बात करते रहे हैं। इन सबकी आड़ लेकर वे सैकड़ों दफे खून की होली खेल चुके और अरबों खरबों की संपत्ति को नुकसान पहुंचा चुके हैं। छत्तीसगढ़ में इस तरह की घटनाएं अब नई बात नहीं रह गई हैं। यहां के लोग इन सबके अभ्यस्त भी हो चुके हैं। मगर इस सोमवार को नक्सलियों ने एक नया और अप्रत्याशित फरमान जारी कर दिया, जो बस्तर संभाग के साथ ही समूचे छत्तीसगढ़ और देश में भी खलबली मचाने वाला है। दरअसल यह मामला बस्तर संभाग के जिला मुख्यालय बीजापुर केएक कॉलेज से जुड़ा हुआ है। बीजापुर में संचालित शहीद वेंकट शासकीय स्नात्तकोत्तर महाविद्यालय बीजापुर से जुड़े कुछ तथाकथित मसलों को लेकर माओवादी संगठन भारत की काम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) की पश्चिम बस्तर डिवीजन कमेटी के सचिव मोहन ने संगठन के लेटरहेड में कंप्यूटर से प्रिंटेड पत्र जारी किया है। इस पत्र में लिखा है कि बीजापुर महाविद्यालय में छात्रों से ली जाने वाली मेस राशि की वसूली बंद कर शासन से मिलने वाली राशि मेस राशि से पीजी कालेज का मेस चलाया जाए, कॉलेज के रूल्स के नाम पर छात्र छात्राओं को प्रताड़ित करना, घोटालेबाजी करना बंद किया जाए। कहने को तो यह नक्सली संगठन की प्रेस विज्ञप्ति है, लेकिन उसमें जिस भाषा का इस्तेमाल किया गया है, उसे देखते हुए यह एक कड़ा फरमान लगता है। कथित विज्ञप्ति में कहा गया है कि शहीद वेंकट पीजी कालेज बीजापुर जिले में पिछले कई सालों से संचालित है। इस कालेज के हास्टल में हायर सेकंडरी स्कूल की 11वीं व 12वीं के छात्रों की सीट 20 है, एमएससी छात्रों के लिए 30 सीट स्वीकृत है। इस कालेज के लिए जिला प्रशासन द्वारा छात्रों के लिए मेस की सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसके चलते कॉलेज के छात्र नायक राकेश ताती पालनार गांव व मद्देड़ क्षेत्र के अंगनपल्ली गांव के रहने वाले उप छात्र नायक अर्जुन अंगनपल्ली पीजी कॉलेज में अध्ययनरत छात्र- छात्राओं पर अपनी मर्जी थोपते हुए बेजा हरकतें कर रहे हैं। इस कॉलेज में रेगिंग की जाती है, मेस चलाने हर छात्र से 1000 रू. की वसूली प्रतिमाह की जा रही है, अनुपस्थिति टैक्स के नाम से पैसा वसूला जा रहा है और व डरा – धमकाकर छात्रों को पीजी कॉलेज से भगाया जा रहा है। इस हरकत से परेशान होकर कई छात्रों को स्कूल कॉलेज छोड़ना पड़ा है। पीजी कॉलेज के प्रोफेसरों को भी धमकी दी जाती है और उन्हें दबाकर रखा जाता है। घोटालेबाजी करना, डराना धमकाना, पीजी कालेज के रूल के नाम से प्रताड़ना बंद किया जाए, छात्रा नायक और उप छात्र नायक से इस्तीफा लिया जाए, हायर सेकंडरी, बीएससी, एमएससी के छात्रों के लिए अलग-अलग हास्टल, मेस की सुविधा को मांग लेकर संघर्ष के लिए सभी आगे आएं।छात्र नेताओं की जान को खतरा
नक्सली नेता मोहन ने जो पत्र जारी किया है, उससे लगता है कि उनके टारगेट पर कॉलेज के दोनों छात्र नेताओं ताती राकेश और अर्जुन अंगनपल्ली आ गए हैं। नक्सलियों से उनकी जान को खतरा पैदा हो गया है। नक्सली नेता मोहन के पत्र का मजमून इस प्रकार है – शहीद वेंकट पीजी कालेज बीजापुर में रैगिंग लेना बंद करो, हर छात्र के पीछे मेस फीस लेना बंद करो, ताती राकेश और अर्जुन अंगनपल्ली जैसे भ्रष्टाचारी छात्रों को नायक और उप नायक नहीं बनाना चाहिए, कालेज के प्रोफेसरों को दबाकर रखना बंद करो। बयान में कहा गया है कि इन दोनों छात्र नेताओं से कॉलेज प्रोफेसर भी परेशान हैं। हर छात्र से मेस चार्ज वसूली, एब्सेंट टैक्स की वसूली, रैगिंग, छात्रों को प्रताड़ित करने, प्राध्यापकों पर दबाव डालने जैसे सारे आरोप छात्र नेता ताती राकेश और अर्जुन अंगनपल्ली पर ही मढ़े गए हैं। लिहाजा इन दोनों छात्र नेताओं को नक्सलियों से गंभीर खतरा पैदा हो गया है। उनकी सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन को कदम उठाना होगा।नक्सलियों का मुखबिर कौन?
नक्सली संगठन के पत्र को पढ़ने और दोनों छात्र नेताओं का उनके पद व नाम सहित उल्लेख किए जाने से यह सवाल उठने लगा है कि अगर कॉलेज में सचमुच इस तरह के क्रियाकलाप हो रहे हैं, तो यह बात नक्सलियों तक आखिर कैसे पहुंची? तब जेहन में यही बात उठती है कि कॉलेज की तमाम गतिविधियों की खबर पीड़ित छात्रों या किसी पीड़ित प्राध्यापक ने नक्सलियों तक पहुंचाई होगी। या फिर ऐसा भी संभव है कि पीड़ित छात्रों ने अपने पालकों को कॉलेज की बातें बताई होगी। उसके बाद किसी पालक ने सारी बातें नक्सली संगठन तक पहुंचा दी होगी। नक्सलियों तक कॉलेज की बातें चाहे जिस भी स्त्रोत से पहुंची हो, मसला बड़ा गंभीर है। हो सकता है कुछ विद्यार्थी, कोई प्रोफेसर या कॉलेज का कोई कर्मचारी नक्सलियों से मिले हुए हों। इस बात की भी तस्दीक पुलिस को करनी होगी। अन्यथा बीजापुर शहर के अंदर कभी भी अनचाही और अप्रिय वारदात हो सकती है। बीजापुर के पुलिस टीआई संजय सिंह ठाकुर ने कहा है कि कॉलेज की गतिविधियों के संबंध में नक्सली संगठन द्वारा जारी किए गए पत्र की जानकारी उन्हें मिली है। वैसे यह कॉलेज का प्रशासनिक मामला है। फिर भी अपने स्तर पर पूछताछ करेंगे।
वर्सन
उठाएंगे जरूरी कदम
माओवादी संगठन द्वारा जारी विज्ञप्ति अथवा पत्र के बारे में पूरी जानकारी ली जाएगी और हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
-चंद्रकांत गवर्ना
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, बीजापुर
मलकीत सिंह गैदू जी को उनके शादी की सालगिरह निवास स्थान पँहुचकर बधाई व शुभकामनाएं
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रभारी महामंत्री प्रशासनिक/संगठन मलकीत सिंह गैदू जी को उनके शादी की सालगिरह पर बस्तर जिला कॉंग्रेस कमेटी के शहर अध्यक्ष सुशील मौर्य एवं साथीगण द्वारा गैदु जी के निवास स्थान पँहुचकर बधाई व शुभकामनाएं दी गई ….
इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेसी नेता रोजविन दास,शहर जिला महामंत्री ज़ाहिद हुसैन,अनुराग महतो,महेश द्विवेदी,सेमियल नाथ,अल्ताफ खान,अभिषेक नायडू,सन्दीप दास,अभिषेक नायडू,साहिल हियाल आदि मौजूद रहे….|
नाली निर्माण के नाम पर की जा रही है खानापूर्ति
- ठेकेदार की मर्जी से निर्माण कार्य, कोई मॉनिटरिंग नहीं
बकावंड विकासखंड बकावंड की ग्राम पंचायत तुंगापाल में कराए जा रहे नाली निर्माण में मापदंड का ध्यान नहीं रखा जा रहा है। ठेकेदार और सरपंच सचिव मिलकर रकम हड़पने के चक्कर में घटिया दर्जे का काम करवा रहे हैं। कार्य की मॉनिटरिंग करने वाला कोई नहीं है।
तुंगापाल ग्राम पंचायत में इन दिनों में 300 मीटर लंबी नाली का निर्माण कराया जा रहा है। ग्राम पंचायत ने इस निर्माण कार्य की जिम्मेदारी ठेकेदार को सौप कर निर्माण से किनारा कर लिया है। कार्य पूरी तरह ठेकेदार के भरोसे छोड़ दिया गया है और ठेकेदार अपनी मर्जी अनुसार काम को अंजाम दे रहा है। नाली निर्माण में उपयोग में लाई जा रही सामग्री घटिया स्तर की है।नाली मात्र आधा फीट गहरी ही बनाई जा रही है। नींव भी मजबूत नहीं है। पानी और गंदगी के दबाव में नाली ज्यादा दिनों तक टिक नहीं पाएगी। वहीं गहराई कम होने से बारिश के दौरान नाली ओवर फ्लो होने लगेगी और सड़कों पर एवं बस्ती की गलियों में गंदगी फैल जाएगी। निर्माण स्थल पर कार्य से संबंधित सूचना पटेल भी नहीं है। इससे लागत राशि एवं कार्य एजेंसी का पता भी नहीं चल पा रहा है। नाली निर्माण में पुरानी, जंग लगी और पुराने निर्माण से निकली अनुपयोगी सरिया का उपयोग किया जा रहा है। उपयोग की जा रही सीमेंट भी हल्के दर्जे की है।

अधिकारी नहीं दे रहे जवाब
नाली निर्माण के संबंध में न तो ग्राम पंचायत के सचिव कोई जवाब दे रहे हैं, न ही जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी कुछ भी कहने को तैयार हैं। इस संबंध ग्राम पंचायत तुंगापाल के सचिव लिंगोराम विश्वकर्मा से संपर्क करने पर उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। जनपद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एसएस मांडवी से भी संपर्क किया गया लेकिन उन्होंने नाली निर्माण पर कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया। बार -बार कुरेदने पर उन्होंने देखता हूं, दिखवाता हूं, जैसी बात कहकर टाल दिया।

वर्सन
पता करवाऊंगा
तुंगापाल में जारी नाली निर्माण के बारे में पता करवाऊंगा। अगर गड़बड़ी पाई गई, तो कार्रवाई होगी।
एसएस मंडावी
सीईओ, जनपद पंचायत बकावंड


